कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) का नया डिजिटल अपडेट, EPFO 3.0, जारी हो चुका है, जिससे अब PF का पैसा UPI और ATM के माध्यम से सेकंडों में निकाला जा सकेगा। इस बड़े अपडेट के तहत, ₹5 लाख तक का ऑटो क्लेम करने की सुविधा मिलेगी, जिसमें एंप्लॉयर अप्रूवल की कोई आवश्यकता नहीं होगी, और KYC अपडेट के साथ प्रक्रिया को और भी आसान बनाया गया है। नए अपडेट में यह भी बताया गया है कि UPI से PF कैसे निकालें, EPFO ATM कार्ड क्या है, तथा ₹5 लाख तक ऑटो क्लेम की सुविधा कैसे काम करेगी। इसके अतिरिक्त, KYC और फेस ऑथेंटिकेशन अपडेट भी लाए गए हैं और यह भी स्पष्ट किया गया है कि इन सुविधाओं का लाभ किन लोगों को मिलेगा। यह जानकारी विभिन्न समाचार रिपोर्टों और उपलब्ध अपडेट पर आधारित है। आधिकारिक और सटीक जानकारी के लिए EPFO की वेबसाइट और उसके नोटिफिकेशन की जांच करना आवश्यक है।
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) का नया डिजिटल अपडेट, EPFO 3.0, जारी हो चुका है, जिससे अब PF का पैसा UPI और ATM के माध्यम से सेकंडों में निकाला जा सकेगा। इस बड़े अपडेट के तहत, ₹5 लाख तक का ऑटो क्लेम करने की सुविधा मिलेगी, जिसमें एंप्लॉयर अप्रूवल की कोई आवश्यकता नहीं होगी, और KYC अपडेट के साथ प्रक्रिया को और भी आसान बनाया गया है। नए अपडेट में यह भी बताया गया है कि UPI से PF कैसे निकालें, EPFO ATM कार्ड क्या है, तथा ₹5 लाख तक ऑटो क्लेम की सुविधा कैसे काम करेगी। इसके अतिरिक्त, KYC और फेस ऑथेंटिकेशन अपडेट भी लाए गए हैं और यह भी स्पष्ट किया गया है कि इन सुविधाओं का लाभ किन लोगों को मिलेगा। यह जानकारी विभिन्न समाचार रिपोर्टों और उपलब्ध अपडेट पर आधारित है। आधिकारिक और सटीक जानकारी के लिए EPFO की वेबसाइट और उसके नोटिफिकेशन की जांच करना आवश्यक है।
- छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग 24 जून को मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (एमसीबी) जिले में महिला उत्पीड़न से जुड़े लंबित मामलों के त्वरित निराकरण के लिए एक विशेष सुनवाई का आयोजन करेगा। जनपद पंचायत एमसीबी के अमृत सभाकक्ष में सुबह 11 बजे से आयोग की अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक और सदस्य प्रियम्बदा सिंह जूदेव की न्यायपीठ कुल 9 प्रकरणों पर सुनवाई करेगी। आयोग ने एमसीबी, कोरिया, सरगुजा और सूरजपुर के पुलिस अधीक्षकों को संबंधित पक्षों को नोटिस तामील कराने के निर्देश दिए हैं। सुनवाई के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी। आयोग का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को स्थानीय स्तर पर त्वरित और सुलभ न्याय उपलब्ध कराना तथा लंबित मामलों का प्रभावी ढंग से निराकरण करना है।1
- कोरबा जिले के कटघोरा क्षेत्र में मंगलवार को एक पटाखा गोदाम में भीषण आग लग गई। आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया, जिसके बाद गोदाम में रखे पटाखों तक पहुंचते ही लगातार जोरदार धमाके होने शुरू हो गए। इन धमाकों की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी, जिससे पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई।1
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेंगलुरु में आयोजित ध्याण मंदिर उद्घाटन कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने ध्याण मंदिर का लोकार्पण भी किया।1
- सूरजपुर ज़िले के सलका क्षेत्र में भीषण गर्मी के बीच लोगों ने 9 सूत्रीय मांगों को लेकर Adani के खिलाफ रेल रोको आंदोलन शुरू कर दिया। सैकड़ों की संख्या में इकट्ठा हुई भीड़ ने Adani के प्रति अपना गहरा आक्रोश जताया, जहाँ आदिवासी समुदाय विशेष रूप से परेशान दिखाई दे रहा है और उनका गुस्सा लगातार जारी है।1
- मनेन्द्रगढ़ जिले के मुसरा पंचायत से एक महिला अपनी विधवा पेंशन संबंधी समस्या लेकर कलेक्टर जनदर्शन में पहुंची।1
- छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। यह घटना अर्जुनी थाना क्षेत्र की बताई जा रही है, जहाँ एक युवक ने अपनी पत्नी और बच्चों के सामने बीच सड़क पर पुलिसकर्मियों द्वारा मारपीट और गाली-गलौज किए जाने का गंभीर आरोप लगाया है। वायरल वीडियो में, पीड़ित युवक को हाथ में सिनेमा शो का टिकट दिखाते हुए सुना जा सकता है। उसने बताया कि वह रात 10 बजे से 1 बजे के शो के बाद अपनी पत्नी और बच्चों के साथ घर लौट रहा था। इसी दौरान अर्जुनी थाने के थाना प्रभारी (SHO) चंद्रकांत साहू और उनके साथ मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों ने उनकी गाड़ी को जबरन रुकवा लिया। युवक का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने उसकी गाड़ी की चाबी निकाल ली और बिना किसी उकसावे के उसके साथ मारपीट की। वीडियो में उसे यह कहते सुना गया: "आपने मुझे थप्पड़ क्यों मारा? बीच रोड पर हमारी गाड़ी की चाबी निकाल दी, पीछे से ट्रक आ रहा था, अगर मेरे बच्चों को कुछ हो जाता तो इसका जिम्मेदार कौन होता?" उसकी पत्नी भी डरी-सहमी हुई दिख रही थी और पुलिसकर्मियों से उन्हें जाने देने की गुहार लगा रही थी। युवक जब पुलिस अधिकारी से पूछता है कि क्या वे अब घर जा सकते हैं, तो कथित तौर पर पुलिसकर्मी ने उन्हें जाने से मना कर दिया। वीडियो पर मौजूद टेक्स्ट के अनुसार, परिवार को रात में करीब 2 घंटे तक सड़क पर ही रोके रखा गया। इस घटना के दौरान, युवक ने सड़क से गुजर रहे ट्रक चालकों और पास के एक मकान में रहने वाले लोगों से भी मदद की अपील की, चिल्ला-चिल्ला कर कह रहा था कि "भैया! ये पुलिस वाले रात के समय हमें जबरन रोककर मार रहे हैं, प्लीज हमारी मदद करो।" वीडियो सामने आने के बाद, स्थानीय लोगों और सोशल मीडिया यूजर्स में पुलिस के इस आचरण को लेकर भारी आक्रोश है। लोगों का मानना है कि अगर कानून के रखवाले आम नागरिकों, खासकर सपरिवार यात्रा कर रहे लोगों के साथ ऐसा हिंसक और असंवेदनशील व्यवहार करेंगे, तो जनता का पुलिस पर से विश्वास खत्म हो जाएगा। फिलहाल, इस पूरे मामले पर पुलिस प्रशासन के आला अधिकारियों का कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। पीड़ित परिवार अब इस मामले में उच्च अधिकारियों से न्याय और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहा है।2
- राजधानी पटना के मुसल्लहपुर हाट स्थित खान ग्लोबल स्टडीज में हुई फायरिंग के मामले में जेल में बंद यूट्यूबर और कोचिंग संचालक रोशन आनंद को बड़ा झटका लगा है। प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी अनुराग वर्मा की अदालत ने मंगलवार को उनकी नियमित जमानत याचिका को खारिज कर दिया। यह मामला 2 जून की रात को फैजल खान उर्फ खान सर की कोचिंग संस्था के बाहर हुई फायरिंग और हंगामे से जुड़ा है। रोशन आनंद पर इस घटना में साजिश रचने और हमले से संबंधित आरोप लगाए गए हैं। एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने रोशन आनंद समेत उनके सहयोगियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा था। मामले की जांच के दौरान एक वीडियो सामने आने और खान सर के सुरक्षा कर्मियों के बयान के आधार पर पुलिस ने एफआईआर में खान सर का नाम भी जोड़ा था। हालांकि, खान सर को पटना सिविल कोर्ट से 20 जून तक गिरफ्तारी पर अंतरिम राहत मिली हुई है। इस बीच, प्रशासन ने रोशन आनंद के कोचिंग संस्थान और अस्पताल में फायर सेफ्टी नियमों की अनदेखी पाई जाने पर नोटिस जारी किया है। इन संबंधित संस्थानों को एक सप्ताह के भीतर आवश्यक सुधार करने का निर्देश दिया गया है, और ऐसा न करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। रोशन आनंद की गिरफ्तारी के विरोध में पटना में कैंडल मार्च भी निकाला गया था। हालांकि, अदालत के इस नवीनतम फैसले के बाद उनकी कानूनी मुश्किलें बढ़ती हुई नजर आ रही हैं। मामले की अगली सुनवाई और आगामी जांच पर अब सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।1
- एमसीबी के खड़गवां में कृषिविकास एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा "खेत बचाओ अभियान" के तहत एक जिला स्तरीय कृषक सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जिन्होंने किसानों को जैविक एवं प्राकृतिक खेती को अपनाने का महत्वपूर्ण संदेश दिया। मंत्री जायसवाल ने जोर देकर कहा कि रासायनिक खादों के बढ़ते उपयोग से स्वास्थ्य और पर्यावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है, जिसके कारण जैविक खेती आज की आवश्यकता बन गई है। उन्होंने उपस्थित किसानों को नैनो डीएपी, जैविक खाद और सनई की खेती से होने वाले लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की। सम्मेलन में कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों और प्राकृतिक खेती के तरीकों पर भी मार्गदर्शन दिया। इस अवसर पर कृषि विभाग के अधिकारी, जनप्रतिनिधि और जिले भर से आए 300 से अधिक किसान उपस्थित रहे। साथ ही, किसानों को कृषि महाविद्यालयों से मिलने वाले विभिन्न लाभों के बारे में भी अवगत कराया गया।1
- यह पोस्ट इस विचार को उजागर करती है कि सभी हाथ केवल चालान काटने के लिए नहीं होते, बल्कि कुछ हाथ लोगों की सहायता करने के लिए भी आगे आते हैं। इसमें दर्शकों को एक वीडियो देखने के लिए आमंत्रित किया गया है, जो संभवतः इस मददगार भावना को दर्शाता है।1