Shuru
Apke Nagar Ki App…
duniya Se wafadari dhokebaj ladki bahut jyada
Rajkumar maravi राजकुमार अहिरव
duniya Se wafadari dhokebaj ladki bahut jyada
More news from राजस्थान and nearby areas
- अजमेर से बड़ी खबर सामने आई है, जहां सिविल लाइंस थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 2 देशी पिस्टल और 15 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। जानकारी के अनुसार पुलिस को इन संदिग्धों की गतिविधियों की सूचना मिली थी, जिसके बाद सिविल लाइंस थाना पुलिस, स्पेशल टीम और साइबर सेल ने संयुक्त ऑपरेशन चलाया। इस पूरी कार्रवाई को एडिशनल एसपी हिमांशु सिय्योन के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। गिरफ्तार आरोपियों में अजय उर्फ बंटी, अमजद खान और सुमित शामिल हैं। पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। पुलिस अब तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और संभावना जताई जा रही है कि इस मामले में और भी खुलासे हो सकते हैं। साथ ही इनके आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।1
- अजमेर में चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 कर्मचारियों ने वेतन व अधिकारों को लेकर कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन अजमेर। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा संचालित मिशन वात्सल्य योजना के अंतर्गत संचालित चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 अजमेर के कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि वर्ष 2026 के लिए 1,47,000 रुपये की स्वीकृत राशि में से केंद्र सरकार द्वारा गाइडलाइन में बदलाव कर राशि में कटौती कर दी गई है। पूर्व में जहां जिले स्तर की संस्थाओं को लगभग 1,71,000 रुपये मिलते थे, वहीं अब कम राशि मिलने से चाइल्ड हेल्पलाइन के संचालन पर असर पड़ रहा है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि पिछले 24 घंटों से लगातार कार्य करने के बावजूद उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल रहा है। साथ ही कई बार कर्मचारियों को आर्थिक संकट और मानसिक दबाव का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि कई बार अपनी जेब से खर्च कर कार्य करना पड़ता है, जिसके कारण उनकी स्थिति और भी कठिन हो गई है। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के तहत बच्चों से संबंधित संवेदनशील मामलों में कार्य किया जाता है, लेकिन इसके बावजूद कर्मचारियों को पर्याप्त सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। अंत में कर्मचारियों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि बाल संरक्षण इकाई अजमेर को निर्देशित कर कर्मचारियों की आर्थिक व मानसिक समस्याओं का समाधान किया जाए, ताकि वे निर्बाध रूप से बच्चों के हित में कार्य कर सकें।1
- तेरी गुज़री बातों को जब भी हमें याद करते… दिल फिर से टूट जाता है 💔🎶 #SadSong #Emotional यादों में खो जाते हैं हम… तेरी गुज़री बातों के साथ 🎧🥀 #SadReels #BrokenHeart हर याद में बस तू ही तू… तेरी बातें आज भी सताती हैं 😢🎶 #LovePain #SadMusic तेरी बातों का असर आज भी बाकी है… 💔🎧 #HeartTouching #SadVibes जब भी याद करते हैं तुझे… आंखें खुद ही भर आती हैं 🥺🎶 #EmotionalReels तेरी यादें ही अब मेरी दुनिया हैं… 💔🎧 #Alone #SadLife गुज़री बातें… अधूरी कहानी बन गई 💔🥀 #SadStatus #LoveStory तेरी यादों के साथ जीना सीख लिया… 🎶😔 #BrokenButStrong हर रात तेरी बातें याद आती हैं… नींद भी साथ छोड़ देती है 🌙💔 #SadNights तेरी बातें आज भी दिल में गूंजती हैं… 🎧🥀 #HeartBroken #SadSong1
- खतरा हर जगह हो सकता हे1
- Post by आपकी आवाज न्यूज़ राजस्थान2
- चेन्नई। हनुमान जयंती के पावन अवसर पर राजपुरोहित समाज ट्रस्ट द्वारा 2 अप्रैल 2026 को भव्य भजन संध्या का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम अम्मन कोइल स्ट्रीट स्थित ट्रस्ट परिसर में रात 9:15 बजे से शुरू होगा, जहां श्रद्धालु भक्ति संगीत का आनंद ले सकेंगे।1
- Post by Kailash Fulwari1
- Teri yadon mein Ji lunga1
- अजमेर, 28 मार्च 2026 राजस्थान के हॉकी खिलाड़ियों और खेल व्यवस्था के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। राजस्थान उच्च न्यायालय, जोधपुर ने एक अहम फैसले में राजस्थान हॉकी संघ को बड़ी राहत प्रदान की है। न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि हॉकी इंडिया अब राजस्थान हॉकी संघ के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने से नहीं रोक सकता। इस फैसले से प्रदेश के खिलाड़ियों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर खेलने का रास्ता साफ हो गया है। मामले की सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता पुरूषोत्तम माहेश्वरी ने पक्ष रखते हुए बताया कि राज्य के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को एक अपंजीकृत संस्था के कारण राष्ट्रीय स्तर पर भागीदारी से वंचित किया जा रहा था, जो उनके संवैधानिक एवं खेल अधिकारों का उल्लंघन है। उनके तर्कों को अदालत ने गंभीरता से लेते हुए इस मुद्दे को महत्वपूर्ण माना। सुनवाई में यह भी सामने आया कि हॉकी इंडिया द्वारा “हॉकी राजस्थान” नामक अपंजीकृत संस्था को राज्य का प्रतिनिधित्व दिया जा रहा था, जो नियमों के विरुद्ध होने के साथ-साथ खिलाड़ियों के हितों के खिलाफ भी है। इस पर अदालत ने संज्ञान लेते हुए नोटिस जारी किया और अंतरिम राहत प्रदान की। अदालत ने अपने आदेश में यह भी कहा कि राजस्थान हॉकी संघ से जुड़े खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेने दिया जाए। साथ ही हॉकी इंडिया को निर्देशित किया गया है कि वह अपने आधिकारिक लेटर और रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर राजस्थान हॉकी संघ का नाम प्रदर्शित करे। इस ऐतिहासिक फैसले से राजस्थान के हॉकी खिलाड़ियों में खुशी की लहर है और उन्हें अब अपने खेल कौशल को राष्ट्रीय मंच पर दिखाने का अवसर मिलेगा।1