स्कुल मे छात्राएं कर रही है साफ सफाई शिक्षा विभाग बेखबर.... सूरजपुर :- स्कूल में साफ सफाई सिखाया जाता है वह नैतिक शिक्षा के रूप में लिया जाना चाहिए क्योंकि पलक हर एक शिक्षा घर पर नहीं दे सकता और स्कूल में जो शिक्षा दी जाती है वह बच्चों को के मस्तिष्क पर छप जाता है परंतु यह भी देखा जाना चाहिए की स्कूल में कहीं जोर जबरदस्ती में कार्य तो नहीं कराया जा रहा है साफ सफाई का कार्य नैतिक जिम्मेदारी होती है ना की जबरदस्ती यदि यह कार्य रोज-रोज जबरदस्ती कराई जा रही होगी तो करवाई बनती है अन्यथा यह नैतिक शिक्षा का एक अंश है मेरा छोटा सा विचार है और जरूरी भी है । इससे जुड़ा पुरा मामला रामानुजनगर विकासखंड अंतर्गत पूर्व माध्यमिक शाला, पण्डरी पानी (तिवरागुडी) का है। विद्यालय का भवन वर्तमान में उपयोग में दिखाई दे रहा है। मिली जानकारी के अनुसार, विद्यालय में बच्चों से प्रधान पाठक द्वारा साफ-सफाई कराई जाती पाई गई। यदि यह जानकारी सही है, तो यह बच्चों के अधिकारों और शिक्षा के उद्देश्य के विरुद्ध है। बच्चों का मुख्य कार्य शिक्षा प्राप्त करना है, न कि साफ-सफाई जैसे कार्य करना। यह मामला शिक्षा अधिकार अधिनियम (RTE) और बाल अधिकारों से जुड़ा गंभीर विषय है। प्रशासन एवं शिक्षा विभाग को इस विषय में शीघ्र जांच कर आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए। अभिभावकों को भी स्कुली बच्चों से कराई जा रही श्रम को लेकर आवाज उठानी चाहिए ।
स्कुल मे छात्राएं कर रही है साफ सफाई शिक्षा विभाग बेखबर.... सूरजपुर :- स्कूल में साफ सफाई सिखाया जाता है वह नैतिक शिक्षा के रूप में लिया जाना चाहिए क्योंकि पलक हर एक शिक्षा घर पर नहीं दे सकता और स्कूल में जो शिक्षा दी जाती है वह बच्चों को के मस्तिष्क पर छप जाता है परंतु यह भी
देखा जाना चाहिए की स्कूल में कहीं जोर जबरदस्ती में कार्य तो नहीं कराया जा रहा है साफ सफाई का कार्य नैतिक जिम्मेदारी होती है ना की जबरदस्ती यदि यह कार्य रोज-रोज जबरदस्ती कराई जा रही होगी तो करवाई बनती है अन्यथा यह नैतिक शिक्षा का एक अंश है मेरा छोटा सा विचार है और जरूरी भी
है । इससे जुड़ा पुरा मामला रामानुजनगर विकासखंड अंतर्गत पूर्व माध्यमिक शाला, पण्डरी पानी (तिवरागुडी) का है। विद्यालय का भवन वर्तमान में उपयोग में दिखाई दे रहा है। मिली जानकारी के अनुसार, विद्यालय में बच्चों से प्रधान पाठक द्वारा साफ-सफाई कराई जाती पाई गई। यदि यह जानकारी सही है, तो यह बच्चों के अधिकारों और शिक्षा के उद्देश्य के विरुद्ध है। बच्चों
का मुख्य कार्य शिक्षा प्राप्त करना है, न कि साफ-सफाई जैसे कार्य करना। यह मामला शिक्षा अधिकार अधिनियम (RTE) और बाल अधिकारों से जुड़ा गंभीर विषय है। प्रशासन एवं शिक्षा विभाग को इस विषय में शीघ्र जांच कर आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए। अभिभावकों को भी स्कुली बच्चों से कराई जा रही श्रम को लेकर आवाज उठानी चाहिए ।
- ambikapur nager nigam chetr antergat ward kramank-24 ki mahilaye apne ward ki samshya media k samachh batate.khas report himanshu raj patrjtar ambikapur cg.7805838076.4
- 🔴 ब्रेकिंग न्यूज़ | अंबिकापुर मर्डर केस 🔴 डेयरी फॉर्म के पास मजदूर की निर्मम हत्या, युवती हिरासत में – दो आरोपी फरार सरगुजा/अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर शहर से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। गांधीनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत डेयरी फॉर्म के पास शनिवार सुबह 48 वर्षीय मजदूर बबलू मंडल का खून से लथपथ शव मिलने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक के गले और छाती पर चाकू के कई गहरे वार पाए गए हैं, जिससे साफ है कि उसकी बेहद नृशंस तरीके से हत्या की गई है। बबलू मंडल सुभाष नगर वार्ड क्रमांक 2 का निवासी था और शुक्रवार रात करीब 10:30 बजे घर से निकला था, लेकिन फिर कभी लौटकर नहीं आया। 🩸 रात में हुआ विवाद, सुबह मिली लाश परिजनों के अनुसार, शुक्रवार रात बबलू मंडल का एक युवती और दो युवकों के साथ जोरदार विवाद हुआ था। मृतक के बेटे ने बताया कि ये लोग अक्सर उसके पिता से झगड़ा करते थे। परिवार को आशंका है कि इसी विवाद के बाद हत्या की साजिश रची गई। 🎥 CCTV में दिखी संदिग्ध युवती घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में एक संदिग्ध युवती फुटेज में कैद हुई है। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है, जबकि दो अन्य आरोपी युवक फरार बताए जा रहे हैं। उनकी तलाश में पुलिस की कई टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। 👮♂️ मौके पर CSP और फॉरेंसिक टीम घटना की सूचना मिलते ही CSP, गांधीनगर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस मोबाइल कॉल डिटेल्स और पुराने CCTV फुटेज खंगाल रही है ताकि फरार आरोपियों तक जल्द पहुंचा जा सके।2
- चिरमिरी पुलिस ने 20 लीटर कच्ची महुआ शराब के साथ युवक को पकड़ा2
- धोखे से ‘गोद’ लिया या ममता का सौदा ? मैनपाट के मजदूर दंपति ने पड़ोसी व कोलकाता के अग्रवाल परिवार पर लगाया बच्चा छीनने का आरोप, सरगुजा एसपी से शिकायत… ₹100 के स्टांप पर दस्तखत कराकर 2 माह के मासूम को ले जाने का दावा; 1 लाख रुपये के लेनदेन की भी चर्चा सरगुजा जिले के मैनपाट क्षेत्र के जामढ़ोढ़ी निवासी एक मजदूर दंपत्ति ने पुलिस अधीक्षक (SP) और पुलिस महानिरीक्षक (IG) को लिखित शिकायत सौंपकर अपने दो माह के मासूम बच्चे को साज़िश के तहत ‘गायब’ करने का संगीन आरोप लगाया है। पीड़ितों का दावा है कि उनकी गरीबी और अशिक्षा का लाभ उठाकर पड़ोसी और कोलकाता के एक दंपत्ति ने मिलकर उनके बच्चे को उनसे दूर कर दिया है। हालांकि, सच्चाई क्या है यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। शिकायत के अनुसार: भविष्य का झांसा देकर विश्वास में लिया प्रार्थी विजय कुमार और उनकी पत्नी बसंती मरावी ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि वे मजदूरी कर अपने पांच बच्चों का भरण-पोषण करते हैं। उनके पड़ोसी दालू ने उन्हें विश्वास दिलाया कि कोलकाता निवासी गौतम कुमार अग्रवाल और उनकी पत्नी श्वेता दीवान बहुत संपन्न परिवार से हैं। प्रार्थी का आरोप है कि पड़ोसी ने उन्हें लालच दिया कि यदि वे अपने सबसे छोटे बच्चे ‘अयांश’ को उक्त दंपत्ति को सौंप देते हैं, तो वे उसका पालन-पोषण अपने पुत्र की तरह करेंगे। बच्चे के बेहतर भविष्य की उम्मीद में माता-पिता इस प्रस्ताव पर चर्चा के लिए तैयार हो गए। न्यायालय परिसर में गोदनामे का खेल शिकायती पत्र में यह उल्लेख किया गया है कि 28 दिसंबर 2025 को आरोपियों ने पीड़ित दंपत्ति को अम्बिकापुर जिला न्यायालय परिसर बुलाया। यहाँ स्टाम्प वेंडर से 100 रुपए का स्टाम्प प्राप्त कर एक दस्तावेज तैयार कराया गया। पीड़ितों का आरोप है कि नोटरी के समक्ष उन पर विधि विरुद्ध तरीके से दबाव डाला गया और उनकी अनपढ़ता का फायदा उठाकर दस्तावेजों पर हस्ताक्षर व अंगूठे के निशान ले लिए गए। शिकायत के मुताबिक, इसी दौरान जच्चा-बच्चा कार्ड और जन्म प्रमाण पत्र भी आरोपियों ने अपने कब्जे में ले लिए। 1 लाख रुपये के लेनदेन का आरोप और मानव तस्करी की आशंका पीड़िता बसंती मरावी ने आवेदन में दावा किया है कि आरोपी गौतम कुमार अग्रवाल और श्वेता दीवान ने इस कथित समझौते के एवज में पड़ोसी दालू को 1,00,000/- (एक लाख) रुपये का भुगतान किया है। प्रार्थी ने इसे मानव तस्करी से जोड़ते हुए आशंका जताई है कि उनके बच्चे को कहीं और विक्रय कर दिया गया है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि अब उन्हें बच्चे से मिलने भी नहीं दिया जा रहा है और डराया-धमकाया जा रहा है। मामले में राउरकेला निवासी एक महिला पुष्पा अग्रवाल की भूमिका पर भी संदेह जताया गया है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगी हकीकत कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि गोद लेने की प्रक्रिया केवल ‘कारा’ (CARA) के नियमों के तहत ही मान्य होती है, स्टाम्प पेपर पर ऐसा कोई भी समझौता विधिक रूप से शून्य है। फिलहाल, यह पूरा मामला केवल पीड़ित पक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों और प्रस्तुत किए गए ₹100 के स्टांप पर हुए कथित गोदनामा पर आधारित है। सच्चाई की पुष्टि के लिए पुलिस को आरोपियों का पक्ष और दस्तावेजों की प्रमाणिकता की जांच करनी होगी। पीड़ित परिवार ने तत्काल FIR दर्ज करने और बच्चे की सुरक्षित बरामदगी की मांग की है। स्टाम्प पर बच्चा गोद लेना या देना ‘सफेद झूठ’ और दंडनीय अपराध इस मामले में ₹100 के स्टाम्प पर जिस ‘गोदनामा’ की बात सामने आई है, कानूनन उसकी कोई मान्यता नहीं है। देश में बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया बेहद सख्त है: CARA ही एकमात्र रास्ता: भारत में बच्चा गोद लेने के लिए ‘सेंट्रल एडॉप्शन रिसोर्स अथॉरिटी’ (CARA) के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण और अदालती आदेश अनिवार्य है। जेजे एक्ट का उल्लंघन: जुवेनाइल जस्टिस एक्ट (JJ Act), 2015 के अनुसार, बिना कानूनी प्रक्रिया के बच्चे का हस्तांतरण करना ‘चाइल्ड ट्रैफिकिंग’ (मानव तस्करी) की श्रेणी में आ सकता है। इसमें दोषी को कड़ी जेल और जुर्माने का प्रावधान है। नोटरी की सीमा: कोई भी नोटरी या स्टाम्प वेंडर बच्चा गोद लेने का दस्तावेज प्रमाणित करने के लिए अधिकृत नहीं है। यदि ऐसा किया गया है, तो उनकी भूमिका भी जांच के दायरे में आती है। क्यों है यह अवैध?: बच्चे कोई वस्तु नहीं हैं जिनका सौदा स्टाम्प पेपर पर किया जा सके। बिना जिला बाल संरक्षण इकाई और सीडब्ल्यूसी (CWC) की जांच के किसी को भी बच्चा सौंपना बच्चे के जीवन को खतरे में डालना माना जाता है।1
- Post by Prayas kaiwart1
- *बांकीमोंगरा क्षेत्र में युवती से दुष्कर्म – मुख्य आरोपी तरुण व एक सहयोगी हिरासत में अन्य की तलाश जारी।* बांकीमोंगरा :– प्रार्थी पीड़िता लड़की ने जिला पुलिस अधीक्षक के कार्यालय जाकर शिकायत दर्ज कराया कि बीते दिनांक 08/01/26 देर रात तरुण श्रीवास नामक युवक ने मुझे गजरा स्थित SECL के क्वार्टर में लेकर गया और जबरन संबंध बनाया फिर कुछ देर बाद युवक के कुछ दोस्त भी वहां पहुंचे और सभी ने शराब का सेवन किया फिर उस युवक के साथियों ने भी युवती के साथ जबरन दुष्कर्म किया। युवती के मना करने और नाराजगी दिखाने पर युवकों ने पीड़िता के मोबाइल छीनी और पटक के तोड़ दिया और टूटे हुए मोबाइल को वही दरवाजे के बाहर आंगन में फेक दिया और मारपीट करने लगे। पीड़िता किसी तरह वहां से देर रात सुबह में बीते दिनांक 9 जनवरी को साईं मोहल्ला तरुण श्रीवास के घर गई और तरुण के बारे में पूछा । तरुण के घरवालों ने बताया कि वो कहा है पता नहीं जिसके बाद पीड़िता अपने घर जहां वह किराए के मकान में रहती है वहां पहुंची और अपनी मकान मालकिन को सारी घटना की जानकारी दी जिसके बाद सुबह सुबह लगभग 6 और 7 बजे के बीच थाना बाँकी मोगरा पहुंच अपने साथ हुए घटना के बारे में शिकायत दर्ज कराना चाही पर उस वक्त पीड़िता को 11 बजे आना कह भेज दिया गया जिसके बाद पीड़िता ने अपनी शिकायत लेकर जिला पुलिस अधीक्षक के पास पहुंची और बताया कि तरुण श्रीवास और उसके अन्य 4 साथियों ने मेरे साथ दुष्कर्म किया और मारपीट किया है जिसके बाद घटना को गंभीरता से लेते हुए पीड़िता लड़की को उपचार के लिए चिकित्सकीय परीक्षण के लिए मेडिकल कालेज अस्पताल कोरबा में भेजा गया। यह मामला बांकीमोंगरा थाना क्षेत्र का होने के कारण आनन फानन में वहीं सिविल लाइन थाना रामपुर में इस मामले का प्रकरण जीरो में दर्ज कर संबंधित थाना बांकीमोंगरा में भेजा गया और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तुरंत जांच के आदेश देते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए । जिसके बाद बाँकी मोंगरा पुलिस विभाग हरकत में आ गई और मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच प्रारंभ की गई युवकों की पतासाजी शुरू कर दी गई जिसमें से दो युवक को हिरासत में ले लिया गया । वरिष्ठ अधिकारी सीएसपी दर्री के निगरानी में पीड़िता के शिकायत पर थाना बाकी मोगरा पुलिस के साथ मिलकर विवेचना कर अपराध दर्ज करते हुए वर्तमान में दोनों आरोपियों को माननीय न्यायालय को भेज दिया जहां से दोनों को जेल दाखिल करा दिया गया है । आरोपी – 1. तरुण श्रीवास उम्र 19 वर्ष पिता बेदी श्रीवास 2. भुवन साहू उम्र 27 वर्ष पिता रामप्रसाद साहू4
- Post by Men of jharkhand1
- nager palik nigam ambikapur ward krmank antergat 24 number ward ki badhal awastha dekhiye janab!!sadke,nali,bijali k khambhe sadk par laga diye gaye hai.kai ghar kai fit aage banaye gaye hai.khas report..himanshu raj patrkar ambikapur 7805838076.4