उनियारा में बाबूलाल खींची ने अपनी पुत्रवधू और पोते की दुखद स्मृति में एक प्रेरणादायक कदम उठाते हुए शमशान भूमि पर 21 पौधे लगाए हैं। यह भावुक निर्णय निवाई में हुई एक सड़क दुर्घटना के बाद लिया गया, जिसमें बाबूलाल खींची की पुत्रवधू दयावती पहाड़िया और पोते मिताश की मृत्यु हो गई थी। इस हादसे में उनके पुत्र संजय खींची घायल हो गए थे, जिनका जयपुर में इलाज चल रहा है। बाबूलाल खींची ने केवल पौधे लगाकर ही अपने प्रियजनों को याद नहीं किया, बल्कि उन्होंने इन पौधों की सेवा और देखरेख के साथ-साथ शमशान भूमि को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाए रखने की भी जिम्मेदारी ली है। इस पुनीत कार्य में रूपचंद खींची, शिवप्रसाद खींची, रामेश्वर खींची, सुरेश खींची, राकेश खींची, पूर्व कृषि अधिकारी ओमप्रकाश खींची, पूर्व पार्षद पुष्कर दत्त खींची, किशन जी खींची, महावीर, लोकेश, विष्णु, बृजेश, संजय, शुभम, रवि, अविनाश सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। समाज के लोगों ने बाबूलाल खींची के इस समर्पण और सेवा भाव की व्यापक सराहना करते हुए इसे दूसरों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बताया है।
उनियारा में बाबूलाल खींची ने अपनी पुत्रवधू और पोते की दुखद स्मृति में एक प्रेरणादायक कदम उठाते हुए शमशान भूमि पर 21 पौधे लगाए हैं। यह भावुक निर्णय निवाई में हुई एक सड़क दुर्घटना के बाद लिया गया, जिसमें बाबूलाल खींची की पुत्रवधू दयावती
पहाड़िया और पोते मिताश की मृत्यु हो गई थी। इस हादसे में उनके पुत्र संजय खींची घायल हो गए थे, जिनका जयपुर में इलाज चल रहा है। बाबूलाल खींची ने केवल पौधे लगाकर ही अपने प्रियजनों को याद नहीं किया, बल्कि उन्होंने इन पौधों की
सेवा और देखरेख के साथ-साथ शमशान भूमि को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाए रखने की भी जिम्मेदारी ली है। इस पुनीत कार्य में रूपचंद खींची, शिवप्रसाद खींची, रामेश्वर खींची, सुरेश खींची, राकेश खींची, पूर्व कृषि अधिकारी ओमप्रकाश खींची, पूर्व पार्षद पुष्कर दत्त खींची, किशन जी
खींची, महावीर, लोकेश, विष्णु, बृजेश, संजय, शुभम, रवि, अविनाश सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। समाज के लोगों ने बाबूलाल खींची के इस समर्पण और सेवा भाव की व्यापक सराहना करते हुए इसे दूसरों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बताया है।
- लाखेरी उपखंड क्षेत्र के भाण्ड गवार गांव में चल रहे ठाकुर जी महाराज के पंचदिवसीय मेले के अंतर्गत शनिवार को एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इस दौरान श्रद्धा, भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहाँ ठाकुर जी महाराज के जयकारों से पूरा गांव गूंज उठा। जैसे ही शोभायात्रा गांव के प्रमुख मार्गों से गुजरी, श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर ठाकुर जी महाराज का भव्य स्वागत किया, जिससे सड़कों के दोनों ओर श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। महिलाओं, युवाओं, बुजुर्गों और बच्चों सहित समाज के हर वर्ग के लोगों ने इस शोभायात्रा में बड़ी श्रद्धा और उत्साह के साथ भाग लिया। शोभायात्रा के दौरान, पारंपरिक परिधान पहने घोड़ों पर सवार युवाओं ने आकर्षक करतब दिखाए, जिसने दर्शकों का मन मोह लिया। भक्ति गीतों, ढोल-नगाड़ों और जयघोषों के बीच पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया, और श्रद्धालु नाचते-गाते हुए ठाकुर जी महाराज की महिमा का गुणगान करते नजर आए। इस पूरे मार्ग पर श्रद्धालुओं ने जलपान एवं स्वागत की व्यवस्थाएं कर अतिथियों का अभिनंदन किया। भाण्ड गवार की धरती पर निकली यह भव्य शोभायात्रा सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि क्षेत्र की संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता का भी प्रतीक बनी। श्रद्धा और भक्ति से सराबोर इस आयोजन ने पूरे क्षेत्र को आध्यात्मिक ऊर्जा से ओतप्रोत कर दिया। देर शाम तक ठाकुर जी महाराज के जयकारों से गांव का वातावरण गुंजायमान रहा, और श्रद्धालुओं के चेहरों पर भक्ति एवं उल्लास साफ झलकता रहा।3
- सवाई माधोपुर कलेक्ट्रेट के गेट पर एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई, जहाँ नशे में धुत एक कार ड्राइवर अपनी ही कार में अचेत अवस्था में पड़ा मिला। उसकी सेंट्रो कार कलेक्ट्रेट के सामने लगे सीसीटीवी कैमरे के पोल से टकराकर मौके पर रुक गई थी। जिला मुख्यालय कलेक्ट्रेट के सामने सबके सामने हुई इस घटना को देखकर कुछ पुलिसकर्मी भी मौके से चले गए, लेकिन किसी ने भी अचेत पड़े कार चालक को उठाने का प्रयास नहीं किया। कुछ देर बाद मीडियाकर्मियों ने मानटाउन थाना प्रभारी सुनील गुप्ता को घटना की सूचना दी। मानटाउन थाना पुलिस मौके पर पहुँची और अचेत पड़े व्यक्ति को कार से बाहर निकालकर उसके बारे में जानकारी जुटाई। पूछताछ में कार चालक की पहचान सूरवाल थाना क्षेत्र के बनोटा गाँव के दामाद दिनेश मीणा के रूप में हुई। दिनेश मीणा ने पुलिस को बताया कि वह मध्य प्रदेश में कंपाउंडर की पोस्ट पर कार्यरत है। मानटाउन थाना पुलिस ने तुरंत परिजनों को घटना की सूचना दी और आवश्यक कार्यवाही पूरी करने के बाद शराबी ड्राइवर दिनेश मीणा को उनके परिजनों को सुपुर्द कर दिया। इस घटना में गनीमत यह रही कि जब वह व्यक्ति नशे की हालत में कार चला रहा था और कलेक्ट्रेट तक पहुँचा, उस दौरान उसने कितने लोगों को चोटिल किया, इसकी कोई खबर नहीं है। ऐसी स्थिति में यदि कोई व्यक्ति, बच्चा, महिला या पुरुष उसकी कार के सामने आ जाता तो निश्चित तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को रोका नहीं जा सकता था।1
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर चौथ का बरवाड़ा उपखंड मुख्यालय सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में विभिन्न स्थानों पर योग कार्यक्रम आयोजित किए गए। सुबह आयोजित इन सामूहिक योग सत्रों में लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विभिन्न योगासन तथा प्राणायाम का अभ्यास किया। कार्यक्रम के दौरान योग के महत्व पर प्रकाश डाला गया और लोगों को इसे अपनी नियमित दिनचर्या में शामिल करने के लिए प्रेरित किया गया। वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य दोनों के लिए अत्यंत लाभकारी है। इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने नियमित रूप से योग का अभ्यास कर एक स्वस्थ और निरोगी जीवन जीने का दृढ़ संकल्प लिया।1
- टोंक जिले के दूनी स्थित पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में रविवार को 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर तहसील स्तरीय कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों, शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का आयोजन शहरी संकुल शिक्षा अधिकारी एवं प्रधानाचार्य कैलाश वर्मा तथा आयुर्वेद अधिकारी प्रेमराज मीणा के निर्देशन में हुआ, जिसमें अतिरिक्त मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी, देवली ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। वरिष्ठ शारीरिक शिक्षक शिवजी लाल जाट ने बताया कि योग प्रशिक्षक खुशीराम गुर्जर एवं दिव्यांशी जैन ने आयुष मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार उपस्थित जनसमूह को कपालभाति, अनुलोम-विलोम, शीतली प्राणायाम तथा ध्यान सहित विभिन्न योग, प्राणायाम और योगासनों का अभ्यास करवाया। मुख्य अतिथि और अन्य वक्ताओं ने इस दौरान योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए अष्टांग योग, प्राणायाम तथा विभिन्न आसनों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने नियमित योग को स्वस्थ एवं संतुलित जीवन का आधार बताया। कार्यक्रम का सफल संचालन सुरेन्द्र सिंह नरूका एवं अशोक शर्मा ने किया। इस अवसर पर देहात अध्यक्ष अतुल पाराशर, उपाध्यक्ष ओमप्रकाश रोझ, समाजसेवी पदम अजमेरा, एसएमसी सदस्य सत्यनारायण तिवारी, रामलक्ष्मण गुप्ता, गणपत सिंह चौहान, अवधेश झंवर, श्यामसुंदर शर्मा, संतोष शर्मा, सीमा शेर, महावीर प्रसाद बड़गुर्जर, राकेश तिवारी सहित अनेक गणमान्य नागरिक, शिक्षक, कर्मचारी, छात्र-छात्राएँ एवं आमजन मौजूद रहे। सभी ने मिलकर उत्साहपूर्वक योगाभ्यास कर इस भव्य कार्यक्रम को सफल बनाया।1
- 30,000 रुपये में NEET का पेपर उपलब्ध कराने के वादे से जुड़ा एक मामला सामने आया है। इस संबंध में पुलिस ने विस्तृत जांच शुरू कर दी है।1
- सवाई माधोपुर जिले में 21 जून 2026 को आयोजित होने वाली री-नीट यूजी-2026 परीक्षा के लिए जिला प्रशासन ने पूरी सख्ती बरतने का ऐलान किया है। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई गई है और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिले के 6 परीक्षा केंद्रों पर कुल 2,222 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं, जिनके लिए प्रत्येक केंद्र के 300 मीटर के दायरे में नो-एंट्री जोन लागू रहेगा, जहाँ अनाधिकृत व्यक्तियों की आवाजाही तथा भीड़ जुटाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। जिला नोडल अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर संजय शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी के निर्देशानुसार सभी परीक्षा केंद्रों पर एक-एक ड्यूटी मजिस्ट्रेट और एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तैनात किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, जिला कलक्टर डॉ. काना राम ने परीक्षा के सफल, निष्पक्ष, सुचारु और सुरक्षित संचालन को सुनिश्चित करने के लिए फ्लाइंग स्क्वॉड और सतर्कता दलों का गठन किया है, जो परीक्षा दिवस पर लगातार निगरानी रखेंगे। परीक्षा के दौरान फोटोस्टेट और साइबर कैफे की दुकानें भी बंद रहेंगी। परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर सुबह 11 बजे से दोपहर 1:30 बजे के बीच एडमिट कार्ड, मूल फोटो पहचान पत्र और पोस्टकार्ड आकार का फोटो साथ लेकर उपस्थित होना अनिवार्य है। दोपहर 1:30 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। सभी परीक्षार्थियों को सलाह दी गई है कि वे परीक्षा दिवस पर असुविधा से बचने के लिए समय से पहले परीक्षा केंद्र का भौतिक सत्यापन कर लें। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगी, जिसमें 720 अंकों के लिए कुल 180 प्रश्न पूछे जाएंगे। जिले के जिन छह संस्थानों को परीक्षा केंद्र बनाया गया है, उनमें शहीद कैप्टन रिपुदमन सिंह राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय (दक्षिण ब्लॉक), राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय सिटी, राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय मानटाउन, महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय साहूनगर, पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय सवाई माधोपुर और पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय, सवाई माधोपुर शामिल हैं।1
- सवाई माधोपुर के रणथंभौर टाइगर रिजर्व में जंगल सफारी पर गए पर्यटकों को वन्यजीवन का एक दुर्लभ और रोमांचकारी नज़ारा देखने को मिला। रणथंभौर के ज़ोन नंबर-5 में सफारी कर रहे पर्यटकों ने बाघिन टी-111 'शक्ति' के एक शावक को सांभर का सफलतापूर्वक शिकार करते हुए देखा। इस अद्भुत घटना के बाद, बाघिन शक्ति और उसके दोनों शावक शिकार का आनंद लेते नज़र आए, जिससे पर्यटक बेहद रोमांचित हो उठे और उन्होंने पूरे घटनाक्रम को अपने कैमरों में कैद कर लिया। सफारी के दौरान, बाघिन शक्ति अपने दोनों शावकों के साथ पहले दिखाई दी थी, जिसके कुछ ही देर बाद उसके एक शावक ने सांभर पर हमला कर उसका शिकार कर लिया। शिकार की इस प्रक्रिया के दौरान, बाघिन शक्ति अपने शावकों के साथ ही मौजूद रही और उन्हें शिकार से जुड़े व्यवहार के साथ-साथ जंगल में जीवित रहने की महत्वपूर्ण बारीकियां सिखाती हुई दिखी। वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, लगभग आठ वर्षीय बाघिन टी-111 शक्ति इन दिनों अपने करीब एक वर्ष के शावकों को शिकार करने और जंगल में आत्मनिर्भर बनने का प्रशिक्षण दे रही है। रणथंभौर की प्रसिद्ध बाघिनों में शामिल शक्ति अपने शावकों को प्राकृतिक वातावरण में जीवन के महत्वपूर्ण कौशल सिखाने के लिए जानी जाती है। जंगल सफारी के दौरान इस तरह के दुर्लभ दृश्य पर्यटकों के लिए एक यादगार अनुभव साबित होते हैं, और बाघिन शक्ति तथा उसके शावकों की इस गतिविधि ने एक बार फिर रणथंभौर की समृद्ध वन्यजीव विरासत और प्राकृतिक आकर्षण को उजागर किया है।1
- सवाई माधोपुर जिला मुख्यालय के चौथ का बरवाड़ा मार्ग पर स्थित इटावा बालाजी रोड पर शनिवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक युवती की जान चली गई, जबकि उसका भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। मिली जानकारी के अनुसार, पुराने शहर निवासी 18 वर्षीय पलक अग्रवाल अपने 24 वर्षीय भाई प्रियांशु अग्रवाल के साथ इटावा बालाजी के दर्शन कर स्कूटी से घर लौट रही थी। तभी सामने से आ रही एक तेज रफ्तार स्विफ्ट कार ने उनकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि पलक अग्रवाल की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, वहीं उनके भाई प्रियांशु को गंभीर चोटें आईं। हादसे के तुरंत बाद घटनास्थल पर राहगीरों और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस और 108 एम्बुलेंस मौके पर पहुंची और दोनों भाई-बहन को सवाई माधोपुर के जिला अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने पलक को मृत घोषित कर दिया, जबकि गंभीर रूप से घायल प्रियांशु का उपचार जारी है। इस दर्दनाक हादसे की खबर मिलते ही पलक के परिजन और परिचित बड़ी संख्या में जिला अस्पताल पहुंच गए। युवती की असमय मृत्यु से परिवार में गहरा कोहराम मच गया है, और पूरे इलाके में गमगीन माहौल छा गया है। रविवार को मानटाउन थाना पुलिस ने आवश्यक पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने हादसे के बाद फरार हुए कार चालक की तलाश शुरू कर दी है। इसके लिए पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और दुर्घटना के कारणों की गहनता से जांच कर रही है।1