कांग्रेस का एक ही शख्स था — बदरुद्दीन शेख — जो विपक्ष में रहकर भी जनता के लिए लड़ता था। बाकी बड़े-बड़े नेता तो सिर्फ़ वादे करते हैं। साथियों, इन बड़े-बड़े माफिया और शोषकों के झूठे वादों में मत आइए। ये पाँच साल के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा शोषण और सत्ता की भूख है। वे आपको खाना खिलाएंगे, मीटिंग में बुलाएंगे, लेकिन वोट के समय आपको सोचना है — आपके बच्चों का भविष्य कैसा होना चाहिए? दोस्तों और साथ साहब स्कूल बनाने का दावा करते हैं, अहसान भाई कहते हैं कि हमने बनवाया। लेकिन सच्चाई यह है कि न अमजद ने बनाया, न अहसान ने बनाया। यह स्कूल भारत सरकार और विपक्ष में बैठी कांग्रेस पार्टी की तरफ से बदरुद्दीन शेख ने अपनी पूरी ताकत लगाकर बनवाया था। उन्होंने सरकार को मजबूर किया, झुकाया और कहा कि गोमतीपुर के बच्चों को अच्छा स्कूल मिलना चाहिए। यह उनका किया हुआ काम है। मगर आज ये लोग आपस में ही लड़ रहे हैं और अपना-अपना नाम चमकाने की कोशिश कर रहे हैं। दोनों तरफ स्कूल की दीवारों पर काले रंग के बोर्ड लगे हुए हैं, जिनमें उन मेहमानों के नाम लिखे हैं जिन्होंने उद्घाटन किया था। गोमतीपुर की आवाज़, खासकर सुंदरम नगर की जनता से मेरा निवेदन है — जाकर खुद स्कूल की दीवार पर लगे उस बोर्ड को पढ़िए। सच्चाई आपके सामने आ जाएगी। मैंने सबूत के तौर पर रखा है, आप स्वयं जाकर देख लीजिए। कांग्रेस का एक ही शख्स था — बदरुद्दीन शेख — जो विपक्ष में रहकर भी जनता के लिए लड़ता था। बाकी बड़े-बड़े नेता तो सिर्फ़ वादे करते हैं। साथियों, इन बड़े-बड़े माफिया और शोषकों के झूठे वादों में मत आइए। ये पाँच साल के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा शोषण और सत्ता की भूख है। वे आपको खाना खिलाएंगे, मीटिंग में बुलाएंगे, लेकिन वोट के समय आपको सोचना है — आपके बच्चों का भविष्य कैसा होना चाहिए? 30 साल बाद भी गोमतीपुर में कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) — जिसे लाल झंडे वाली पार्टी कहा जाता है — मजबूती से खड़ी है। हम पूँजीवादी और साम्प्रदायिक ताकतों के खिलाफ निरंतर संघर्ष करते आए हैं। अब समय आ गया है कि हम एकजुट होकर कम्युनिस्ट उम्मीदवार को जिताएँ। ताकि हम एक बड़ी ताकत बनकर अपने इलाके का विस्तार कर सकें, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार की असली लड़ाई लड़ सकें। हम सबका एक ही नारा है — शिक्षा सबका अधिकार है, शोषण का अंत करो! जनता की एकता ज़िंदाबाद! कम्युनिस्ट पार्टी ज़िंदाबाद! आपकी उम्मीद और विश्वास पर खरा उतरने का हक हम सबको हासिल है। एक बेहतर जीवन, एक बेहतर गोमतीपुर के लिए — एकजुट रहिए, संगठित रहिए, संघर्ष कीजिए। फैसल अली सिद्दीकी CPI(M) उम्मीदवार, गोमतीपुर वार्ड
कांग्रेस का एक ही शख्स था — बदरुद्दीन शेख — जो विपक्ष में रहकर भी जनता के लिए लड़ता था। बाकी बड़े-बड़े नेता तो सिर्फ़ वादे करते हैं। साथियों, इन बड़े-बड़े माफिया और शोषकों के झूठे वादों में मत आइए। ये पाँच साल के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा शोषण और सत्ता की भूख है। वे आपको खाना खिलाएंगे, मीटिंग में बुलाएंगे, लेकिन वोट के समय आपको सोचना है — आपके बच्चों का भविष्य कैसा होना चाहिए? दोस्तों और साथ साहब स्कूल बनाने का दावा करते हैं, अहसान भाई कहते हैं कि हमने बनवाया। लेकिन सच्चाई यह है कि न अमजद ने बनाया, न अहसान ने बनाया। यह स्कूल भारत सरकार और विपक्ष में बैठी कांग्रेस पार्टी की तरफ से बदरुद्दीन शेख ने अपनी पूरी ताकत लगाकर बनवाया था। उन्होंने सरकार को मजबूर किया, झुकाया और कहा कि गोमतीपुर के बच्चों को अच्छा स्कूल मिलना चाहिए। यह उनका किया हुआ काम है। मगर आज ये लोग आपस में ही लड़ रहे हैं और अपना-अपना नाम चमकाने की कोशिश कर रहे हैं। दोनों तरफ स्कूल की दीवारों पर काले रंग के बोर्ड लगे हुए हैं, जिनमें उन मेहमानों के नाम लिखे हैं जिन्होंने उद्घाटन किया था। गोमतीपुर की आवाज़, खासकर सुंदरम नगर की जनता से मेरा निवेदन है — जाकर खुद स्कूल की दीवार पर लगे उस बोर्ड को पढ़िए। सच्चाई आपके सामने आ जाएगी। मैंने सबूत के तौर पर रखा है, आप स्वयं जाकर देख लीजिए। कांग्रेस का एक ही शख्स था — बदरुद्दीन शेख — जो विपक्ष में रहकर भी जनता के लिए लड़ता था। बाकी बड़े-बड़े नेता तो सिर्फ़ वादे करते हैं। साथियों, इन बड़े-बड़े माफिया और शोषकों के झूठे वादों में मत आइए। ये पाँच साल के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा शोषण और सत्ता की भूख है। वे आपको खाना खिलाएंगे, मीटिंग में बुलाएंगे, लेकिन वोट के समय आपको सोचना है — आपके बच्चों का भविष्य कैसा होना चाहिए? 30 साल बाद भी गोमतीपुर में कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) — जिसे लाल झंडे वाली पार्टी कहा जाता है — मजबूती से खड़ी है। हम पूँजीवादी और साम्प्रदायिक ताकतों के खिलाफ निरंतर संघर्ष करते आए हैं। अब समय आ गया है कि हम एकजुट होकर कम्युनिस्ट उम्मीदवार को जिताएँ। ताकि हम एक बड़ी ताकत बनकर अपने इलाके का विस्तार कर सकें, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार की असली लड़ाई लड़ सकें। हम सबका एक ही नारा है — शिक्षा सबका अधिकार है, शोषण का अंत करो! जनता की एकता ज़िंदाबाद! कम्युनिस्ट पार्टी ज़िंदाबाद! आपकी उम्मीद और विश्वास पर खरा उतरने का हक हम सबको हासिल है। एक बेहतर जीवन, एक बेहतर गोमतीपुर के लिए — एकजुट रहिए, संगठित रहिए, संघर्ष कीजिए। फैसल अली सिद्दीकी CPI(M) उम्मीदवार, गोमतीपुर वार्ड
- दोस्तों और साथ साहब स्कूल बनाने का दावा करते हैं, अहसान भाई कहते हैं कि हमने बनवाया। लेकिन सच्चाई यह है कि न अमजद ने बनाया, न अहसान ने बनाया। यह स्कूल भारत सरकार और विपक्ष में बैठी कांग्रेस पार्टी की तरफ से बदरुद्दीन शेख ने अपनी पूरी ताकत लगाकर बनवाया था। उन्होंने सरकार को मजबूर किया, झुकाया और कहा कि गोमतीपुर के बच्चों को अच्छा स्कूल मिलना चाहिए। यह उनका किया हुआ काम है। मगर आज ये लोग आपस में ही लड़ रहे हैं और अपना-अपना नाम चमकाने की कोशिश कर रहे हैं। दोनों तरफ स्कूल की दीवारों पर काले रंग के बोर्ड लगे हुए हैं, जिनमें उन मेहमानों के नाम लिखे हैं जिन्होंने उद्घाटन किया था। गोमतीपुर की आवाज़, खासकर सुंदरम नगर की जनता से मेरा निवेदन है — जाकर खुद स्कूल की दीवार पर लगे उस बोर्ड को पढ़िए। सच्चाई आपके सामने आ जाएगी। मैंने सबूत के तौर पर रखा है, आप स्वयं जाकर देख लीजिए। कांग्रेस का एक ही शख्स था — बदरुद्दीन शेख — जो विपक्ष में रहकर भी जनता के लिए लड़ता था। बाकी बड़े-बड़े नेता तो सिर्फ़ वादे करते हैं। साथियों, इन बड़े-बड़े माफिया और शोषकों के झूठे वादों में मत आइए। ये पाँच साल के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन उनका असली चेहरा शोषण और सत्ता की भूख है। वे आपको खाना खिलाएंगे, मीटिंग में बुलाएंगे, लेकिन वोट के समय आपको सोचना है — आपके बच्चों का भविष्य कैसा होना चाहिए? 30 साल बाद भी गोमतीपुर में कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) — जिसे लाल झंडे वाली पार्टी कहा जाता है — मजबूती से खड़ी है। हम पूँजीवादी और साम्प्रदायिक ताकतों के खिलाफ निरंतर संघर्ष करते आए हैं। अब समय आ गया है कि हम एकजुट होकर कम्युनिस्ट उम्मीदवार को जिताएँ। ताकि हम एक बड़ी ताकत बनकर अपने इलाके का विस्तार कर सकें, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार की असली लड़ाई लड़ सकें। हम सबका एक ही नारा है — शिक्षा सबका अधिकार है, शोषण का अंत करो! जनता की एकता ज़िंदाबाद! कम्युनिस्ट पार्टी ज़िंदाबाद! आपकी उम्मीद और विश्वास पर खरा उतरने का हक हम सबको हासिल है। एक बेहतर जीवन, एक बेहतर गोमतीपुर के लिए — एकजुट रहिए, संगठित रहिए, संघर्ष कीजिए। फैसल अली सिद्दीकी CPI(M) उम्मीदवार, गोमतीपुर वार्ड1
- आज प्रशासन का पुतला बनाकर अर्थी निकालकर एसडीएम कार्यालय के सामने किया जाएगा दाह संस्कार, अपराधियों की गिरफ्तारी को लेकर एसडीएम कार्यालय के सामने धरना आज चौथे दिन भी रहेगा जारी, धरने में आज सैकड़ो लोग होंगे शामिल, जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी तब तक अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा, मारोठ: मारोठ थाना क्षेत्र के भीवपुरा गांव के पास हुए जानलेवा हमले के मामले में 19 दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। 20 अप्रैल को नावां उपखंड कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना और प्रदर्शन शुरू किया गया। जिसको लेकर बुधवार को उपखंड कार्यालय के सामने आमजन द्वारा अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन में अपने अपने उद्बोधन में कहा कि तीन दिन से शांति और शालीनता से धरने में बैठे हुए है पर प्रशाशन के जू तक नहीं रेंग रही जिसको लेकर गुरुवार को उग्र आंदोलन करते हुए प्रशासन का पुतला बनाकर अर्थी शहर में निकाली जाएगी ओर उपखंड कार्यालय के सामने दाहसंस्कार किया जाएगा आज गुरुवार को कई संगठन व राजनीतिक लोग धरने में शामिल होंगे। सैकड़ो महिला व पुरुष पुलिस प्रशासन हाय हाय ,मुर्दाबाद के नारे लगा रहे थे प्रशासन की ओर से धरने के तीसरे दिन ग्रामीणों से कोई समझाइश नहीं गई पर ग्रामीणों ने आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही धरना समाप्त करने की बात कही जा रही है1
- Post by સરદાર સંદેશ ન્યુઝ1
- Post by मानव सेवा केंद्र अहमदाबाद1
- ગાંધીનગરના સેક્ટર-2Cમાં તસ્કરોએ ઠંડા કલેજે એક મોટો હાથ માર્યો છે. આફ્રિકામાં સ્થાયી થયેલા બિઝનેસમેનના બંધ બંગલાને નિશાન બનાવી તસ્કરો અંદાજે 50 લાખથી વધુની મત્તા ચોરી કરી ફરાર થઈ ગયા છે. આશ્ચર્યની વાત એ છે કે, સાયબર ફ્રોડના વધતા કિસ્સાઓથી ડરીને વેપારીએ બેંક લોકર ખાલી કરી તમામ દાગીના અને રોકડ ઘરે રાખ્યા હતા જે હવે તસ્કરોના હાથમાં ચડી ગયા છે. ગાંધીનગરના સેક્ટર-2Cમાં પ્લોટ નંબર 877/1 માં મકાન ધરાવતા અને હાલ આફ્રિકા સ્થાયી થયેલા પરેશભાઈ શર્મા ગત જાન્યુઆરી મહિનામાં ગાંધીનગર આવ્યા હતા. ડિજિટલ યુગમાં બેંકિંગ વ્યવહાર અને લોકર પણ સુરક્ષિત નથી તેવી ભીતિ હેઠળ તેમણે પોતાની જીવનભરની કમાણી જેવી કે સોના-ચાંદીના દાગીના અને રોકડ રકમ બેંક લોકરમાંથી ઉપાડી લીધી હતી.1
- Post by Gautam Patel1
- બ્રેકિંગ....... અમરેલી શહેરમાં સિવિલ હોસ્પિટલના ચાલતા અન્નક્ષેત્રના સંચાલકો દ્વારા દલિત યુવકને માર્યો મારનો મામલો...... ધારી તાલુકાના ગોપાલગ્રામ ગામે દલિત યુવકને પ્લાસ્ટીકની પાઇપ વડે 7 શખ્સોએ માર્યો ઢોરમાર ...... 17 એપ્રિલે બનેલ ઘટના બાદ યુવકનું સારવાર દરમ્યાન થયું મોત નિપજ્યું ....... મહેશ પ્રેમજી રાઠોડ નામના દલિત યુવકનું થયું મોત..... પરિવારજનો દ્વારા હત્યાની કલમ ઉમેરવાની માગ કરવામાં આવી ... પોલીસે જૂની આઇપીસી ની કલમ 302 ઉમેરો કરવા સેશન કોર્ટમાં રિપોર્ટ રજૂ કર્યો .... નામદાર કોર્ટમાં ફાસ્ટ હિરિંગ સમયે કોર્ટ પરિસરમાં મોટી સંખ્યામાં સમાજના લોકો રહ્યા હાજર...... પરિવાર અને સમાજની એક જ માંગણી 302 હત્યાનો ઉમેરો કરવામાં આવે..... બાઈટ 1 નવચેતન પરમાર (અગ્રણી દલિત સમાજ અમરેલી) અશોક મણવર અમરેલી..1
- ધારી તાલુકાના ચલાલા નજીક આવેલા દાના ભગત ગામે સ્થિત બખડસા પીરની દરગાહ ખાતે મલીદો કાર્યક્રમનું ભવ્ય આયોજન કરવામાં આવ્યું હતું. છેલ્લા અંદાજે 50 વર્ષથી માલધારી સમાજ દ્વારા આ પરંપરા સતત જળવાઈ રહી છે, જે ધાર્મિક આસ્થા અને સંસ્કૃતિનું સુંદર પ્રતિબિંબ રજૂ કરે છે. આ પ્રસંગે વિવિધ સમાજોના આગેવાનો ઉપસ્થિત રહ્યા હતા અને કાર્યક્રમના અંતે સૌએ એકતા અને ભાઈચારા નો સંદેશ આપ્યો હતો. ખાસ કરીને હિન્દુ અને મુસ્લિમ સમાજના આગેવાનોની ઉપસ્થિતિએ આ કાર્યક્રમને વિશેષ મહત્વ આપ્યું હતું. દરગાહ ખાતે આજે એકતા, શ્રદ્ધા અને સામાજિક સુમેળનું જીવંત દ્રશ્ય જોવા મળ્યું હતું, જ્યાં બંને સમાજના લોકો ભાઈચારાની ભાવના સાથે જોડાયા હતા. આ કાર્યક્રમ એ સાબિત કરે છે કે ધાર્મિક ભિન્નતા હોવા છતાં માનવતા અને એકતા સર્વોપરી છે. રિપોર્ટર પ્રતાપભાઈ વાળા ધારી અમરેલી4