अजमेर जिले के सावर उपखंड क्षेत्र स्थित गंधेर गांव के निवासी पवन धाकड़ का सोमवार को अपने गांव लौटने पर ग्रामीणों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। पवन धाकड़ ने अग्निवीर के रूप में अपना प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण किया है, जिसके बाद उनके गांव में उत्साह का माहौल देखा गया। इस अवसर पर, गंधेर के पूर्व सरपंच अरविंद मीणा ने पवन धाकड़ का माला पहनाकर और साफा बंधवाकर सम्मान किया, साथ ही उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। ग्रामीणों ने चयनित अग्निवीर के सम्मान में पूरे गांव में एक भव्य जुलूस निकाला, जिसमें बड़ी संख्या में युवा और अन्य ग्रामीण शामिल हुए। इस जुलूस के दौरान पूरा वातावरण देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। ग्रामीणों ने पवन धाकड़ की इस उपलब्धि को क्षेत्र के युवाओं के लिए एक प्रेरणास्रोत बताया, जिससे अन्य युवाओं को भी सेना में भर्ती होकर देश सेवा करने की प्रेरणा मिलेगी।
अजमेर जिले के सावर उपखंड क्षेत्र स्थित गंधेर गांव के निवासी पवन धाकड़ का सोमवार को अपने गांव लौटने पर ग्रामीणों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। पवन धाकड़ ने अग्निवीर के रूप में अपना प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण किया है, जिसके बाद उनके गांव में उत्साह का माहौल देखा गया। इस अवसर पर, गंधेर के पूर्व सरपंच अरविंद मीणा ने पवन धाकड़ का माला पहनाकर और साफा बंधवाकर सम्मान किया, साथ ही उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। ग्रामीणों ने चयनित अग्निवीर के सम्मान में पूरे गांव में एक भव्य जुलूस निकाला, जिसमें बड़ी संख्या में युवा और अन्य ग्रामीण शामिल हुए। इस जुलूस के दौरान पूरा वातावरण देशभक्ति के नारों से गूंज उठा। ग्रामीणों ने पवन धाकड़ की इस उपलब्धि को क्षेत्र के युवाओं के लिए एक प्रेरणास्रोत बताया, जिससे अन्य युवाओं को भी सेना में भर्ती होकर देश सेवा करने की प्रेरणा मिलेगी।
- केकड़ी के यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ़ होमियोपैथी के सर्जरी एवं प्रैक्टिस ऑफ़ मेडिसिन विभाग द्वारा 22 जून 2026 को गुरु नानक आई हॉस्पिटल केकड़ी के संयुक्त तत्वाधान में एक निःशुल्क नेत्र जांच शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में महाविद्यालय के 200 से अधिक छात्र-छात्राओं और लगभग 98 आम नागरिकों सहित कुल 298 से अधिक लोगों का सफलतापूर्वक नेत्र जांच किया गया, जिससे वे लाभान्वित हुए। शिविर के दौरान, मुख्य रूप से मोबाइल और कंप्यूटर का लंबे समय तक उपयोग करने के कारण आँखों में शुष्कता की समस्या वाले मरीज सामने आए। गुरु नानक आई हॉस्पिटल केकड़ी के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. गोविंद सेवानी ने अपनी टीम के साथ इस शिविर में अपनी सेवाएँ प्रदान कीं। होम्योपैथिक महाविद्यालय की चिकित्सकीय टीम में सर्जरी विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. नीता शर्मा, प्रैक्टिस ऑफ़ मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अंशुल चाहर, सहायक आचार्य सर्जरी विभाग डॉ. स्वाति शर्मा और सहायक आचार्य प्रैक्टिस ऑफ़ मेडिसिन विभाग डॉ. साक्षी शर्मा ने भी अपनी महत्वपूर्ण सेवाएँ दीं। अंत में, महाविद्यालय के प्राचार्य एवं चिकित्सालय अधीक्षक डॉ. पुनीत आर शाह ने गुरु नानक आई हॉस्पिटल की टीम का धन्यवाद ज्ञापित किया और भविष्य में भी इसी तरह के नेत्र जांच शिविरों के आयोजन हेतु अनुरोध किया।4
- राजस्थान के अजमेर में एक छात्रा को नीट की परीक्षा में बैठने से रोक दिया गया। यह घटना बुर्का विवाद से जुड़ी बताई जा रही है, जिसमें छात्रा को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं मिली।1
- शाहपुरा स्थित जाट छात्रावास के निर्विरोध अध्यक्ष के रूप में राजकुमार खीखड़ेल को चुना गया है। जाट छात्रावास अध्यक्ष चुनाव संचालन समिति ने एक लंबे सदस्यता अभियान के बाद लोकतांत्रिक प्रक्रिया का पालन करते हुए इस चुनाव को संपन्न कराया। जाट छात्रावास के विधिक सलाहकार और प्रवक्ता एडवोकेट रामप्रसाद जाट के अनुसार, अध्यक्ष पद को लेकर वरिष्ठ और युवा दोनों वर्गों में अत्यधिक उत्साह देखा गया। नामांकन प्रक्रिया से पहले, सर्वसम्मति से चुनाव कराने का प्रयास किया गया था। हालांकि, निर्विरोध निर्वाचन की मांग उठने के बाद इच्छुक व्यक्तियों से विधिवत नामांकन पत्र जमा कराए गए। इसमें कार्यकारी अध्यक्ष रामधन थरोदा, एडवोकेट रामलाल जाट, एडवोकेट रामेश्वर लाल जाट और पूर्व सरपंच ठिठोडी राजकुमार जाट ने अपना नामांकन दाखिल किया था। बाद में, रामधन जाट, रामेश्वर जाट और रामलाल जाट ने अपना नामांकन वापस ले लिया, जिसके परिणामस्वरूप चुनाव संचालन समिति ने राजकुमार जाट को दो साल के कार्यकाल के लिए जाट छात्रावास का निर्विरोध अध्यक्ष घोषित कर दिया। निर्वाचन के बाद की योजना के अनुसार, आगामी 28 जून को राजकुमार जाट समाज के वरिष्ठ जनों से राय-मशविरा करने के बाद अपनी कार्यकारिणी की घोषणा करेंगे। इसके बाद, 5 जुलाई 2026 को वे नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के साथ औपचारिक रूप से अध्यक्ष पद का कार्यभार संभालेंगे। राजकुमार जाट के निर्विरोध अध्यक्ष चुने जाने पर जाट समाज के सभी लोगों ने गहरी खुशी व्यक्त की है। इस अवसर पर चुनाव संचालन समिति के जगदीश जाट, रतनलाल जाट, ओम प्रकाश जाट, सुवालाल जाट, बेनाथ जाट, चांदमल जाट और मोती जाट सहित कई प्रमुख व्यक्ति उपस्थित थे। उपस्थित वरिष्ठ जनों में जहाजपुर से रतनलाल जाट, अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी रामनिवास जाट, शिवराज जाट, शोकरण जाट, रामप्रसाद गोरा, जिला परिषद सदस्य सीताराम जाट, विवाह सम्मेलन के महामंत्री शंकर लाल कुड़ी और शोभाराम तोगड़ा शामिल रहे। वहीं, युवा समाज जनों में प्रधान चड्ढा राजाराम जाट, कैलाश गोरा, अर्जुन गोरा, अनिल गोरा, सरपंच सत्यनारायण जाट, सांवरलाल गोरा, रामदयाल जाट, गजराज जाट, शंकर लाल जाट, नारायण जाट, सुखपाल जाट और शंकर लाल नागा सहित सैकड़ों वरिष्ठ और युवा समाज के सदस्य मौजूद रहे।3
- केन्द्रीय श्रम संगठनों के देशव्यापी आह्वान पर सोमवार दोपहर करीब 12 बजे भारतीय ट्रेड यूनियन सीटू (CITU) सहित अन्य श्रमिक संगठनों के नेतृत्व में श्रमिकों ने मुखर्जी पार्क से एक विशाल रैली निकाली। यह रैली कलेक्ट्रेट पहुंची, जहाँ श्रमिकों ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान केंद्र सरकार की श्रम नीतियों, निजीकरण और लगातार बढ़ती महंगाई के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई, जिसके बाद प्रशासन के माध्यम से केंद्र सरकार को 12 सूत्रीय मांगों का एक ज्ञापन सौंपा गया। सभा को संबोधित करते हुए श्रमिक नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने 44 श्रम कानूनों को समाप्त कर चार श्रम संहिताएं (लेबर कोड) लागू की हैं, जो मजदूरों के हितों के बजाय बड़े पूंजीपतियों को लाभ पहुंचा रही हैं। वक्ताओं ने इस बात पर भी जोर दिया कि बैंक, बीमा, रेलवे, एयरलाइंस, कोयला और स्टील जैसे सार्वजनिक उपक्रमों का निजीकरण कर उन्हें देशी-विदेशी कॉर्पोरेट घरानों के हवाले किया जा रहा है, जिसका देशभर के मजदूर और कर्मचारी संगठन लगातार विरोध कर रहे हैं। श्रमिक नेताओं ने कहा कि संगठित संघर्षों के कारण केंद्र सरकार को कई बार अपने फैसलों पर पुनर्विचार करना पड़ा है, और वे आगे भी अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेंगे। ज्ञापन में रखी गई 12 प्रमुख मांगों में मजदूर विरोधी बताए जा रहे चारों लेबर कोड को तत्काल वापस लेना, सरकारी संपत्तियों के निजीकरण पर रोक लगाना तथा नई पेंशन योजना (NPS) को समाप्त करना शामिल है। श्रमिकों ने संयुक्त किसान मोर्चा के छह सूत्रीय मांग पत्र को स्वीकार करने और कृषि उपज के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की कानूनी गारंटी देने की भी मांग की। इसके अतिरिक्त, सभी श्रमिकों, जिनमें योजना कर्मी भी शामिल हैं, के लिए न्यूनतम वेतन 26 हजार रुपये प्रतिमाह निर्धारित करने, सभी को रोजगार की गारंटी देने और बेरोजगारों को 5 हजार रुपये प्रतिमाह बेरोजगारी भत्ता देने की अपील की गई। मनरेगा में 200 दिन रोजगार और 600 रुपये प्रतिदिन मजदूरी सुनिश्चित करने के साथ-साथ शहरी बेरोजगारों को भी इस योजना के दायरे में लाने की मांग रखी गई। पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण तथा उत्पाद शुल्क में कटौती की भी बात कही गई। ज्ञापन में ठेका एवं योजना कर्मियों को स्थायी करने, समान काम के लिए समान वेतन लागू करने, तथा वृद्धजन, विधवा एवं दिव्यांगजन पेंशन बढ़ाकर 5 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग की गई। मजदूर आंदोलनों में पुलिस-प्रशासन के हस्तक्षेप पर रोक लगाने और आठ घंटे कार्य दिवस को सख्ती से लागू कर ओवरटाइम का दोगुना भुगतान व सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई। इस प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में श्रमिक, कर्मचारी और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी मौजूद रहे। श्रमिक नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और अधिक व्यापक रूप दिया जाएगा।1
- मांडल में योग दिवस का आयोजन किया गया, जिसमें विधायक उदयलाल भड़ाना, तहसीलदार, एसडीएम और अन्य गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया।1
- मध्यप्रदेश की RE-NEET परीक्षा से जुड़ा एक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक छात्रा को परीक्षा केंद्र पर देर से पहुंचने के कारण नियमों के अनुसार प्रवेश नहीं दिया गया। इस घटना के बाद परीक्षा केंद्र के बाहर ही छात्रा और उसके पिता फूट-फूटकर रोने लगे। वीडियो में दिख रहा है कि पिता, जिसने अपनी बेटी के भविष्य के लिए कथित तौर पर जमीन-जायदाद तक बेचकर उसकी पढ़ाई की तैयारी करवाई थी, बेटी को अंदर न मिलने देने के कारण सड़क पर टूटकर रोने लगता है। अपने पिता की यह हालत देखकर बेटी भी खुद को संभाल नहीं पाती और वहीं जोर-जोर से रोने लगती है। यह घटना इस बात की एक बड़ी सीख देती है कि परीक्षा के दिन समय का एक-एक मिनट कितना कीमती होता है। ऐसे में हमेशा समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचना चाहिए, ताकि ऐसी दुखद स्थिति का सामना न करना पड़े।1
- केकड़ी में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर भारत विकास परिषद शाखा ने देवगांव गेट स्थित गौशाला परिसर में एक सामूहिक योग कार्यक्रम का उत्साहपूर्ण और आध्यात्मिक वातावरण में आयोजन किया। इस कार्यक्रम में परिषद के सदस्यों, योग साधकों और नगर के जागरूक नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर योग के प्रति अपनी आस्था और प्रतिबद्धता व्यक्त की। परिषद के शाखा सचिव रामनिवास जैन ने बताया कि योग शिक्षक राजेंद्र विजय ने उपस्थित साधकों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम, सूक्ष्म व्यायाम, अनुलोम-विलोम, कपालभाति और सूर्य नमस्कार सहित अनेक योग क्रियाओं का अभ्यास करवाया। उन्होंने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमित योगाभ्यास न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाता है, बल्कि मानसिक शांति, सकारात्मक सोच एवं आत्मिक ऊर्जा का भी संचार करता है। शिक्षक ने सभी को योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। योग शिविर में लगभग 34 से अधिक साधकों ने सहभागिता करते हुए पूरे उत्साह और अनुशासन के साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान उपस्थित लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और योग के प्रति विशेष उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागियों को स्वास्थ्यवर्धक जूस वितरित किया गया, और साधकों ने योगाभ्यास के साथ-साथ स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प भी लिया। भारत विकास परिषद शाखा के पदाधिकारियों ने बताया कि योग भारत की प्राचीन और अमूल्य विरासत है, जिसे आज पूरा विश्व अपना रहा है, और ऐसे आयोजनों का उद्देश्य समाज में स्वास्थ्य, संतुलन और सकारात्मक जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न होने पर उपस्थित साधकों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया गया, और इस आयोजन को स्वास्थ्य, अनुशासन एवं सामूहिक सहभागिता का एक प्रेरणादायी उदाहरण बताया गया।4
- नसीराबाद-ब्यावर मार्ग पर बना नया रेलवेओवरब्रिज अपनी खराब गुणवत्ता के कारण चर्चा में है, क्योंकि यह खोखला पाया गया है। पुल की सड़क पर परतें उखड़ रही हैं, जो एक गंभीर समस्या है। सड़क की यह खस्ता हालत बड़े हादसों को खुला निमंत्रण दे रही है।1