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फिर बिहार में पुल पर बड़ा सवाल! #BiharNews #Aurai #Muzaffarpur #ViralVideo #GroundReport
BIHAR NEWS NOW
फिर बिहार में पुल पर बड़ा सवाल! #BiharNews #Aurai #Muzaffarpur #ViralVideo #GroundReport
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- फिर बिहार में पुल पर बड़ा सवाल! #BiharNews #Aurai #Muzaffarpur #ViralVideo #GroundReport1
- इन्भटर-बैट्री चोर गिरोह को कुढ़नी थानाध्यक्ष पुनित कुमार ने पकड़ा, एसडीपीओ पश्चिमी-2 एसी ज्ञानी ने प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी दी2
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- काॅंटी हाट-बाजार में मोबाइल चोरी करने वाले कई चोरों को पुलिस नीदर दबोचा इंसाफ तक न्यूज़ खबर का असर। काॅंटी हाट-बाजार में लगातार मोबाइल की चोरी को देखते हुए इंसाफ तक न्यूज़, ने मोबाइल,मोटरसाइकिल, बाइक,पर्स चोरी की खबर को विस्तार से दिखाए। मुजफ्फरपुर पश्चिमी एसडीपीओ और काॅंटी पुलिस नेकरवाई कर,कई मोबाइल चोरों को धार दबोचा। काॅंटी हाट-बाजार में मोबाइल चोरी करने वाले कई चोरों को पुलिस नीदर दबोचा इंसाफ तक न्यूज़ खबर का असर। काॅंटी हाट-बाजार में लगातार मोबाइल की चोरी को देखते हुए इंसाफ तक न्यूज़, ने मोबाइल,मोटरसाइकिल, बाइक,पर्स चोरी की खबर को विस्तार से दिखाए। मुजफ्फरपुर पश्चिमी एसडीपीओ और काॅंटी पुलिस नेकरवाई कर,कई मोबाइल चोरों को धार दबोचा।1
- विशुनपुर अड़रा पंचायत भवन में प्रधानमंत्री आवास योजना को लेकर आयोजित ग्रामसभा सर्वे ड्राफ्ट सूची की प्राथमिकता की मिली मंजूरी प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण सर्वे 2.0 के तहत तैयार की गई ड्राफ्ट प्राथमिकता सूची के अनुमोदन को लेकर मंगलवार को ग्राम पंचायत राज विशुनपुर अड़रा स्थित पंचायत भवन के प्रांगण में ग्राम सभा का आयोजन किया गया। ग्राम सभा में सर्वे 2.0 से संबंधित ड्राफ्ट प्राथमिकता सूची को प्रस्तुत कर सदस्यों एवं ग्रामीणों से चर्चा के बाद अनुमोदन की प्रक्रिया पूरी की गई। ग्राम सभा में पंचायत के सचिव, मुखिया, सरपंच विभिन्न वार्डों से बड़ी संख्या में ग्रामीणों के साथ वार्ड सदस्य एवं पंचायत समिति सदस्य उपस्थित रहे। बैठक के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण सर्वे 2.0 के तहत पात्र लाभुकों से संबंधित तैयार की गई प्राथमिकता सूची पर चर्चा की गई। पंचायत स्तर पर निर्धारित दिशा-निर्देशों के आलोक में आयोजित ग्राम सभा में ग्रामीणों को योजना से संबंधित प्रक्रिया एवं प्राथमिकता सूची के बारे में जानकारी दी गई। इसके बाद ड्राफ्ट प्राथमिकता सूची का ग्राम सभा से अनुमोदन कराया गया। मुखिया पंपी कुमारी, सरपंच रिंकू कुमारी, उप मुखिया देव प्रसाद यादव, उप सरपंच फुल बाबू राय, आवास सहायक संजीत कुमार, पंचायत सचिव सनोज कुमार, रोजगार सेवक सुशील कुमार, न्याय मित्र प्रभा कुमारी, कचहरी सचिव कुमारी मीरा, स्वच्छता पर्वेक्षक अमोद कुमार पूर्व पक्ष अध्यक्ष रविंद्र कुमार यादव, पूर्व पंचायत समिति सदस्य अशोक सहनी, मुखिया प्रतिनिधि हिमाचल कुमार, सरपंच प्रतिनिधि पवन कुमार चौरसिया शामिल थे।1
- महुआ गोला रोड पर ट्रैफिक व्यवस्था ध्वस्त हैं,प्रशासन,वैशाली महुआ गोला रोड पर ट्रैफिक व्यवस्था ध्वस्त हैं,प्रशासन,वैशाली1
- करोड़ों का खर्च, कीचड़-पानी में सड़क की ढलाई! आखिर कैसी बन रही है ये सड़क? #BiharNews #Muzaffarpur #Aurai #RoadConstruction #GroundReality #ViralVideo1
- ब्रेकिंग न्यूज़ | बरुराज में दो छात्रों पर ब्लेड से हमला, पुलिस के खंडन के बाद FIR को लेकर उठे सवाल मुजफ्फरपुर | 23 सितंबर 2026 बरुराज थाना क्षेत्र में विद्यालय जा रहे दो छात्रों पर ब्लेड से हमला किए जाने के मामले में पुलिस ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर स्पष्ट किया है कि घटना में ब्लेड का इस्तेमाल हुआ था, जबकि कुछ खबरों में इसे चाकू से हमला बताया गया था। पुलिस के अनुसार मामले में बरुराज थाना कांड संख्या 179/26 दर्ज किया गया है। लेकिन बिहार पुलिस के SCRB के ऑनलाइन रिकॉर्ड में इसी 179/26 के साथ FIR तारीख 20 सितंबर 2026, घटना की तारीख 18 सितंबर 2026, आरोपी UNKNOWN और धारा 137(2) BNS दिखाई दे रही है। वहीं पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति में घटना की तारीख 21 सितंबर 2026 बताई गई है। ऐसे में सवाल उठता है कि 179/26 की मूल FIR किस घटना से संबंधित है और ऑनलाइन रिकॉर्ड में दर्ज विवरण तथा पुलिस के प्रेस विज्ञप्ति के विवरण में अंतर क्यों है? ❓ पुलिस से मुख्य सवाल 🔹 क्या SCRB पोर्टल पर दर्ज 179/26 इसी ब्लेड हमले की FIR है? 🔹 FIR में धारा 137(2) BNS क्यों दिखाई दे रही है? 🔹 घटना की तारीख 18 सितंबर, 21 सितंबर या कोई अन्य है? 🔹 आरोपी की पहचान हुई है या अभी भी UNKNOWN है? 🔹 पहचान हो गई है तो गिरफ्तारी क्यों नहीं हुई? 🔹 दोनों छात्रों की मेडिकल रिपोर्ट में चोट की प्रकृति क्या है? 🔹 क्या पुलिस मूल FIR की प्रमाणित प्रति और जांच की वर्तमान स्थिति सार्वजनिक करेगी? महत्वपूर्ण: SCRB का ऑनलाइन रिकॉर्ड अपने आप में प्रमाणित FIR की प्रति नहीं है। इसलिए इन अंतरों को “फर्जी FIR” कहना अभी उचित नहीं होगा। पुलिस से मूल FIR और दस्तावेजी स्पष्टीकरण की मांग करना ही उचित सवाल है। 👉 सत्यम ग्राम न्यूज़ का सवाल किसी पक्ष को दोषी ठहराना नहीं, बल्कि उपलब्ध सरकारी रिकॉर्ड और पुलिस के आधिकारिक बयान के बीच दिख रहे अंतर पर स्पष्ट जवाब मगा।1