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भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा

10 hrs ago
user_Lalit kumar maheshwari
Lalit kumar maheshwari
Media house कोलार, भोपाल, मध्य प्रदेश•
10 hrs ago
31977153-9a51-4d66-ab41-39888bb7f187

भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा भैंसों

के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा

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  • लालबाग के राजा पहुंचे बाल कलाकार सात्विक शर्मा भोपाल के बीमा कुंज, कोलार रोड स्थित लालबाग के राजा के दरबार में फिल्म हनुमान अंश के बाल कलाकार सात्विक शर्मा पहुंचे। इस दौरान उन्होंने गणपति बप्पा के दर्शन किए और आशीर्वाद लिया। सात्विक शर्मा फिल्म हनुमान अंश में शुभंकर की भूमिका में नजर आए हैं। उनके पहुंचने पर आयोजन स्थल पर मौजूद लोगों में भी उत्साह देखने को मिला।
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    लालबाग के राजा पहुंचे बाल कलाकार सात्विक शर्मा

भोपाल के बीमा कुंज, कोलार रोड स्थित लालबाग के राजा के दरबार में फिल्म हनुमान अंश के बाल कलाकार सात्विक शर्मा पहुंचे। 
इस दौरान उन्होंने गणपति बप्पा के दर्शन किए और आशीर्वाद लिया। सात्विक शर्मा फिल्म हनुमान अंश में शुभंकर की भूमिका में नजर आए हैं। उनके पहुंचने पर आयोजन स्थल पर मौजूद लोगों में भी उत्साह देखने को मिला।
    user_Kolar ki nazar
    Kolar ki nazar
    कोलार, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।” किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है। किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने एफ आई आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई। किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा
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    भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी
सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर  एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी 
सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।”

किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है।
किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने  एफ आई  आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह
किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई।

किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए।

किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा
भैंसों के आगे न्याय की गुहार, पार्वती नदी में किसानों का जल सत्याग्रह जारी
सीहोर विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री कार्यपालन यंत्री सहायक यंत्री श्यामपुर पर  एफ आई आर करने को लेकर जल सत्याग्रह जारी 
सीहोर/शाजापुर। विद्युत मंडल की कथित लापरवाही और झूलती बिजली लाइनों की समस्या को लेकर सीहोर एवं शाजापुर जिले के किसानों का पार्वती नदी में तीसरे दिन भी जल सत्याग्रह जारी रहा। किसानों ने गहरे पानी में भैंसों को खड़ा कर उनके आगे नारे लगाते हुए कहा—“सरकार हमारी आवाज नहीं सुन रही, अब भैंसों के आगे अपनी आवाज सुना रहे हैं।”
किसानों का आरोप है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों और घरों के ऊपर 11 केवी एवं एलटी बिजली लाइनें झूल रही हैं, जिससे करंट की चपेट में आकर किसान घायल हुए हैं तथा कई स्थानों पर पशुओं की मौत भी हुई है। वहीं ग्रामीण उपभोक्ताओं को अधिक बिजली बिल आने की शिकायत भी किसानों ने उठाई है।
किसानों ने विद्युत मंडल सीहोर के अधीक्षण यंत्री के कार्यपालन यंत्री के सहायक यंत्री श्यामपुर पर मुकदमा कायम करने  एफ आई  आर करने की मांग को लेकर किया जा रहा जल सत्याग्रह
किसान एवं समाजसेवी एमएस मेवाड़ा के नेतृत्व में सीहोर जिले के 25 से अधिक गांवों तथा शाजापुर जिले के कुछ गांवों के 500 से अधिक किसान पिछले करीब दो माह से अलग-अलग तरीके से आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, सीहोर जिले की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर, विद्युत मंडल के अधिकारियों, मानव अधिकार आयोग, महिला आयोग सहित संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दे चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी प्रमुख मांग पर कार्रवाई नहीं हुई।
किसानों की मुख्य मांग है कि झूलती विद्युत लाइनों से हुई मौतों, चोटों और पशुहानि के लिए जिम्मेदार विद्युत मंडल के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए।
किसानों ने स्पष्ट किया कि जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर मुकदमा दर्ज नहीं होता और उन्हें न्याय नहीं मिलता, जल सत्याग्रह एवं आंदोलन जारी रहेगा। पार्वती नदी में गहरे पानी के बीच चल रहा यह आंदोलन शासन-प्रशासन के लिए किसानों की समस्या पर तत्काल ध्यान देने की मांग कर रहा
    user_Lalit kumar maheshwari
    Lalit kumar maheshwari
    Media house कोलार, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    10 hrs ago
  • भोपाल में वकील से पिटाई का मामला: एफआइआर की मांग कर रहे अधिवक्ताओं की जीत, मारपीट करने वाले टीआई और दो आरक्षकों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध भोपाल भोपाल के जहांगीराबाद थाने में वकील से मारपीट का मामला अधिवक्ता राकेश रावल की शिकायत पर टीआई और दो आरक्षकों के खिलाफ एफआइआर दर्ज टीआई राजन अहिरवार और 2 आरक्षकों पर हुई जहांगीराबाद थाने मे एफआईआर मारपीट के बाद वकीलों ने किया था थाने का घेराव बुधवार को सुबह से देर रात तक कर रखा था कोर्ट चौराहे पर चक्काजाम मारपीट मामले में कर रहे थे वकील एफआईआर की मांग जहांगीराबाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज की मांग पूरी होने के बाद प्रदर्शन हुआ खत्म वकीलों ने कोर्ट चौराहे पर नाचते गाते करते मनाया जश्न अधिवक्ता राकेश रावल पर भी दर्ज हुआ है मामला ट्रैफिक सिपाही की शिकायत पर जहांगीराबाद थाने में दर्ज हुआ है मामला
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    भोपाल में वकील से पिटाई  का मामला: एफआइआर की मांग कर रहे अधिवक्ताओं की जीत, मारपीट करने वाले टीआई और दो आरक्षकों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध
भोपाल 
भोपाल के जहांगीराबाद थाने में वकील से मारपीट का मामला 
अधिवक्ता राकेश रावल की शिकायत पर टीआई और दो आरक्षकों के खिलाफ एफआइआर दर्ज
टीआई राजन अहिरवार और 2 आरक्षकों पर हुई जहांगीराबाद थाने मे एफआईआर 
मारपीट के बाद वकीलों ने किया था थाने का घेराव
बुधवार को सुबह से देर रात तक कर रखा था कोर्ट चौराहे पर चक्काजाम 
मारपीट मामले में कर रहे थे वकील एफआईआर की मांग
जहांगीराबाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज की
मांग पूरी होने के बाद प्रदर्शन हुआ खत्म
वकीलों ने कोर्ट चौराहे पर नाचते गाते करते मनाया जश्न
अधिवक्ता राकेश रावल पर भी दर्ज हुआ है मामला
ट्रैफिक सिपाही की शिकायत पर जहांगीराबाद थाने में दर्ज हुआ है मामला
    user_Madeeha khan
    Madeeha khan
    Local News Reporter हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • 23.9.2026.पुराने भोपाल मै स्मार्ट मीटर के बिलो पर जेब पर डाका डाला जा रहा है,गरीब वर्ग बिल नहीं भर पा रहा,बिजली की कटौती हो रही है,उत्तर विधानसभा मै फैज़ान खान फैंस क्लब ने महान यादव मुख्यमंत्री से मांग की बिलो को माफ़ किया जाए,ओर जो वादे किए थे उनपर ध्यान दे,अगर बिलो को कम नहीं किए गए तो ,केंडल मार्च निकाला जाएगा,, फैज़ान खान कांग्रेस उत्तर विधानसभा भोपाल मप्र
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    23.9.2026.पुराने भोपाल मै स्मार्ट मीटर के बिलो पर जेब पर डाका डाला जा रहा है,गरीब वर्ग बिल नहीं भर पा रहा,बिजली की कटौती हो रही है,उत्तर विधानसभा मै फैज़ान खान फैंस क्लब ने महान यादव मुख्यमंत्री से मांग की बिलो को माफ़ किया जाए,ओर जो वादे किए थे उनपर ध्यान दे,अगर बिलो को कम नहीं किए गए तो ,केंडल मार्च निकाला जाएगा,, फैज़ान खान कांग्रेस उत्तर विधानसभा भोपाल मप्र
    user_Faizan Khan
    Faizan Khan
    Voice of people Huzur, Bhopal•
    5 hrs ago
  • *BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला* मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा -राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है। मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है। राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें। *BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला* मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा -राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है। मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है। राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें।
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    *BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला*

मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग 

राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं

मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा

राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा


-राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है।

मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है।

राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें।
*BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला*
मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग 
राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं
मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा
राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा
-राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है।
मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है।
राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें।
    user_Aamir Khan
    Aamir Khan
    Local News Reporter हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • *BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला* मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा -राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है। मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है। राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें।
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    *BIG BREAKING - राहुल गांधी की चिट्ठी पर मंत्री विश्वास सारंग का बड़ा हमला*

मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस की कमलनाथ सरकार ने किया - मंत्री सारंग 

राहुल गांधी को इतिहास-वर्तमान की कोई जानकारी नहीं, जो लिख दिया जाता है उस पर साइन कर देते हैं

मंत्री सारंग की राहुल को खुली चुनौती - हिंदी में लिखा अपना ही पत्र अक्षरशः पढ़कर दिखाएं, मैं इनाम दूंगा

राहुल गांधी की चिट्ठी पर भड़के मंत्री सारंग ! बोले - अपने ही पत्र को पढ़कर दिखा दें राहुल, मैं इनाम दूंगा


-राहुल गांधी द्वारा MP में 27% OBC आरक्षण को लेकर लिखी चिट्ठी पर मंत्री ने तीखा पलटवार किया है।

मंत्री सारंग ने कहा कि मध्यप्रदेश में OBC आरक्षण को रोकने का पाप कांग्रेस और कमलनाथ सरकार ने किया था, कोर्ट में ठीक से पक्ष नहीं रखा गया। हमारी सरकार तो पहले से 27% आरक्षण देने के लिए प्रतिबद्ध है।

राहुल गांधी को किसी मुद्दे की जानकारी नहीं है, उन्हें झांसेबाजी और जनता को गुमराह करने की आदत है। मैं चुनौती देता हूँ कि वो अपनी ही हिंदी में लिखी चिट्ठी को पढ़कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दें।
    user_शाहिद खान रिपोर्टर
    शाहिद खान रिपोर्टर
    Journalist हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • हिंदू-मुस्लिम के नाम पर नफरत? Bhopal के युवाओं ने कहा—बस बहुत हुआ! 🔥 हिंदू-मुस्लिम नहीं, इंसानियत की बात करो। 🫶🇮🇳 हिंदू-मुस्लिम के नाम पर नफरत? भोपाल के युवाओं ने कहा—बस बहुत हुआ! 🔥 हिंदू-मुस्लिम नहीं, इंसानियत की बात करो। #Bhopal #HinduMuslim #NafratKiRajneeti #BhopalNews #YouthVoice #Hindustan #ViralReel
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    हिंदू-मुस्लिम के नाम पर नफरत? Bhopal के युवाओं ने कहा—बस बहुत हुआ! 🔥 हिंदू-मुस्लिम नहीं, इंसानियत की बात करो। 🫶🇮🇳
हिंदू-मुस्लिम के नाम पर नफरत? भोपाल के युवाओं ने कहा—बस बहुत हुआ! 🔥 हिंदू-मुस्लिम नहीं, इंसानियत की बात करो।
#Bhopal #HinduMuslim #NafratKiRajneeti #BhopalNews #YouthVoice #Hindustan #ViralReel
    user_HIGH NEWS LIVE
    HIGH NEWS LIVE
    Media house हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • लालटेन ले कर मध्यप्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी के कार्यालय पहुचें कांग्रेसी, पूछा सरकार का दावा प्रदेश में सरप्लस बिजली, तो ये बिजली जा कहा रही भोपाल। मध्यप्रदेश में बिजली व्यवस्था में लगातार कमिय सामने आरही है हालत ये है, की प्रदेश की राजधानी भोपाल के अरेरा कॉलोनी सहित कई क्षेत्रो में बार-बार अघोषित बिजली गुल और वोल्टेज फ्लक्चुएशन से जनता परेशान है| प्रदेश सरकार एक तरफ दावा कर रही है की प्रदेश में सरप्लस बिजली उपलब्ध है, वही दूसरी तरफ महंगी बिजली खरीदने को मजबूर जनता पूछ रही है ये सरप्लस बिजली जा कहा रही है ? क्यों की जनता के घरो के स्मार्ट मीटर में सिर्फ भारी भरकम बिल आ रहा है बिजली नहीं हालत ये है की बिना किसी पूर्व सूचना के रत हो या दिन बार-बार बिजली गुल हो रही है, लो-वोल्टेज और वोल्टेज फ्लक्चुएशन की समस्या बनी हुई है तथा बिजली के आने-जाने का कोई निश्चित समय नहीं है। प्रदेशव्यापी विसंगतियों को लेकर कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी आज मध्यप्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी के कार्यलय लालटेन ले कर पहुचें और MD विशेष गढ़पाले को शिकायत पत्र भेजकर प्रदेश में लगातार हो रही अघोषित विद्युत कटौती और बदहाल विद्युत व्यवस्था पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। विवेक त्रिपाठी ने कहा कि सरकार बड़े-बड़े दावे बिजली व्यवस्था को लेकर करती है, लेकिन राजधानी भोपाल में ही बिजली व्यवस्था इतनी चरमराई हुई है तो बाकि प्रदेश में क्या ही हाल होंगे ? प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार ने कहा कि जब उपभोक्ता हर महीने समय पर बिजली का बिल भर रहा है तो उसे निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली क्यों नहीं मिल रही? बिजली कंपनियों की लापरवाही का खामियाजा आखिर आम जनता क्यों भुगते? सम्पूर्ण प्रदेश में बिजली उपभोक्ता परेशान जिला अध्यक्ष अक्षय तोमर ने कहा कि अरेरा कॉलोनी में आवासीय क्षेत्रों में विद्युत भार और कनेक्शनों की स्थिति की भी तकनीकी जांच आवश्यक है। क्षेत्र में नियमों के विपरीत चल रही व्यावसायिक गतिविधियों और व्यावसायिक विद्युत कनेक्शनों के कारण घरेलू उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले अतिरिक्त विद्युत भार की भी जांच की जानी चाहिए। स्थानीय रहवासी राजवीर सिंह ने कहा कि 10 नंबर मार्केट सहित आसपास के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, दुकानदारों और हजारों रहवासियों को बार-बार बिजली कटौती से आर्थिक और दैनिक जीवन से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बुजुर्ग, बच्चे, विद्यार्थी और महिलाएं भीषण गर्मी में परेशान हैं तथा बार-बार बिजली आने-जाने से घरेलू और व्यावसायिक विद्युत उपकरणों के खराब होने का खतरा बना हुआ है। निरंतर शिकायतों के बाद भी स्थायी समाधान क्यों नहीं ? हरीश चौबे ने आरोप लगाया कि बार-बार शिकायतों के बावजूद विद्युत व्यवस्था में स्थायी सुधार नहीं किया जा रहा है। यदि तकनीकी खराबी, मेंटेनेंस अथवा किसी अन्य कारण से बिजली बंद की जानी है तो उपभोक्ताओं को पूर्व सूचना देना विद्युत कंपनी की जिम्मेदारी है। विवेक त्रिपाठी ने मांग की 1. भोपाल की विद्युत व्यवस्था की तत्काल तकनीकी एवं स्वतंत्र जांच कराई जाए। 2. प्रदेश में बार-बार हो रही अघोषित विद्युत कटौती पर तत्काल रोक लगाई जाए। 3. शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में खराब तथा ओवरलोडेड ट्रांसफार्मर, केबल, फीडर एवं अन्य विद्युत उपकरणों की जांच कर आवश्यकतानुसार उनकी क्षमता बढ़ाई जाए। 4. लो-वोल्टेज एवं वोल्टेज फ्लक्चुएशन की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए। 5. तकनीकी खराबी एवं मेंटेनेंस के कारण होने वाली कटौती की स्थिति में उपभोक्ताओं को पूर्व सूचना देना अनिवार्य किया जाए। 6. पूरे प्रदेश में विद्युत व्यवस्था की स्थिति की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय जांच दल गठित किया जाए और उसकी निगरानी में विशेष विद्युत सुधार अभियान चलाया जाए। “जनता बिल देती है, सरकार सेवा देने की जिम्मेदारी निभाए” विवेक त्रिपाठी ने कहा कि मध्यप्रदेश का उपभोक्ता नियमित रूप से बिजली के बिलों का भुगतान करता है। इसके बावजूद यदि उसे अघोषित कटौती, लो-वोल्टेज और खराब विद्युत व्यवस्था का सामना करना पड़ता है तो यह केवल तकनीकी समस्या नहीं बल्कि विद्युत कंपनियों की जवाबदेही और सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भोपाल सहित प्रदेश के अन्य जिलों की विद्युत व्यवस्था में तत्काल सुधार नहीं किया गया और अघोषित कटौती जारी रही तो कांग्रेस जनता के साथ सड़क पर उतरकर बिजली विभाग के खिलाफ प्रदेशव्यपी आंदोलन करेगी।
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    लालटेन ले कर मध्यप्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी के कार्यालय पहुचें कांग्रेसी, पूछा सरकार का दावा प्रदेश में सरप्लस बिजली, तो ये बिजली  जा कहा रही
भोपाल। मध्यप्रदेश में बिजली व्यवस्था में लगातार कमिय सामने आरही है हालत ये है, की प्रदेश की राजधानी भोपाल के अरेरा कॉलोनी सहित कई क्षेत्रो में बार-बार अघोषित बिजली गुल और वोल्टेज फ्लक्चुएशन से जनता परेशान है| प्रदेश सरकार एक तरफ दावा कर रही है की प्रदेश में सरप्लस बिजली उपलब्ध है, वही दूसरी तरफ महंगी बिजली खरीदने को मजबूर जनता पूछ रही है ये सरप्लस बिजली जा कहा रही है ? क्यों की जनता के घरो के स्मार्ट मीटर में सिर्फ भारी भरकम बिल आ रहा है बिजली नहीं हालत ये है की बिना किसी पूर्व सूचना के रत हो या दिन बार-बार बिजली गुल हो रही है, लो-वोल्टेज और वोल्टेज फ्लक्चुएशन की समस्या बनी हुई है तथा बिजली के आने-जाने का कोई निश्चित समय नहीं है। प्रदेशव्यापी  विसंगतियों को लेकर कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी आज मध्यप्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी के कार्यलय लालटेन ले कर पहुचें और MD  विशेष गढ़पाले को शिकायत पत्र भेजकर प्रदेश में लगातार हो रही अघोषित विद्युत कटौती और बदहाल विद्युत व्यवस्था पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। विवेक त्रिपाठी ने कहा कि सरकार बड़े-बड़े दावे बिजली व्यवस्था को लेकर करती है, लेकिन राजधानी भोपाल में ही बिजली व्यवस्था इतनी चरमराई हुई है तो बाकि प्रदेश में क्या ही हाल होंगे ?
प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार ने कहा कि जब उपभोक्ता हर महीने समय पर बिजली का बिल भर रहा है तो उसे निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली क्यों नहीं मिल रही? बिजली कंपनियों की लापरवाही का खामियाजा आखिर आम जनता क्यों भुगते?
सम्पूर्ण प्रदेश में बिजली उपभोक्ता परेशान
जिला अध्यक्ष अक्षय तोमर ने कहा कि अरेरा कॉलोनी में आवासीय क्षेत्रों में विद्युत भार और कनेक्शनों की स्थिति की भी तकनीकी जांच आवश्यक है। क्षेत्र में नियमों के विपरीत चल रही व्यावसायिक गतिविधियों और व्यावसायिक विद्युत कनेक्शनों के कारण घरेलू उपभोक्ताओं पर पड़ने वाले अतिरिक्त विद्युत भार की भी जांच की जानी चाहिए।
स्थानीय रहवासी राजवीर सिंह ने कहा कि 10 नंबर मार्केट सहित आसपास के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, दुकानदारों और हजारों रहवासियों को बार-बार बिजली कटौती से आर्थिक और दैनिक जीवन से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बुजुर्ग, बच्चे, विद्यार्थी और महिलाएं भीषण गर्मी में परेशान हैं तथा बार-बार बिजली आने-जाने से घरेलू और व्यावसायिक विद्युत उपकरणों के खराब होने का खतरा बना हुआ है।
निरंतर शिकायतों के बाद भी स्थायी समाधान क्यों नहीं ?
हरीश चौबे ने आरोप लगाया कि बार-बार शिकायतों के बावजूद विद्युत व्यवस्था में स्थायी सुधार नहीं किया जा रहा है। यदि तकनीकी खराबी, मेंटेनेंस अथवा किसी अन्य कारण से बिजली बंद की जानी है तो उपभोक्ताओं को पूर्व सूचना देना विद्युत कंपनी की जिम्मेदारी है।
विवेक त्रिपाठी ने मांग की
1. भोपाल की विद्युत व्यवस्था की तत्काल तकनीकी एवं स्वतंत्र जांच कराई जाए।
2. प्रदेश में बार-बार हो रही अघोषित विद्युत कटौती पर तत्काल रोक लगाई जाए।
3. शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में खराब तथा ओवरलोडेड ट्रांसफार्मर, केबल, फीडर एवं अन्य विद्युत उपकरणों की जांच कर आवश्यकतानुसार उनकी क्षमता बढ़ाई जाए।
4. लो-वोल्टेज एवं वोल्टेज फ्लक्चुएशन की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए।
5. तकनीकी खराबी एवं मेंटेनेंस के कारण होने वाली कटौती की स्थिति में उपभोक्ताओं को पूर्व सूचना देना अनिवार्य किया जाए।
6. पूरे प्रदेश में विद्युत व्यवस्था की स्थिति की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय जांच दल गठित किया जाए और उसकी निगरानी में विशेष विद्युत सुधार अभियान चलाया जाए।
“जनता बिल देती है, सरकार सेवा देने की जिम्मेदारी निभाए”
विवेक त्रिपाठी ने कहा कि मध्यप्रदेश का उपभोक्ता नियमित रूप से बिजली के बिलों का भुगतान करता है। इसके बावजूद यदि उसे अघोषित कटौती, लो-वोल्टेज और खराब विद्युत व्यवस्था का सामना करना पड़ता है तो यह केवल तकनीकी समस्या नहीं बल्कि विद्युत कंपनियों की जवाबदेही और सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि भोपाल सहित प्रदेश के अन्य जिलों की विद्युत व्यवस्था में तत्काल सुधार नहीं किया गया और अघोषित कटौती जारी रही तो कांग्रेस जनता के साथ सड़क पर उतरकर बिजली विभाग के खिलाफ प्रदेशव्यपी आंदोलन करेगी।
    user_Madeeha khan
    Madeeha khan
    Local News Reporter हुजूर, भोपाल, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
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