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15 तक बिजली बिल जमा करवा दें लंबलू के उपभोक्ता,सहायक अभियंता ज्ञान चंद भाटिया विद्युत उपमंडल लंबलू के उपभोक्ताओं को बिजली के बिल जमा करवाने के लिए 15 मार्च तक का समय दिया गया है। सहायक अभियंता ज्ञान चंद भाटिया ने कहा कि उपमंडल के जिन विद्युत उपभोक्ताओं ने अभी तक अपने बिलों का भुगतान नहीं किया है। वे इनका भुगतान 15 मार्च तक उपमंडल कार्यालय के काउंटर पर या ऑनलाइन माध्यम से कर दें। उन्होंने बताया कि इस तिथि तक बिल जमा न करवाने वाले उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन पूर्व सूचना के बगैर ही काट दिए जाएंगे। सहायक अभियंता ने उपमंडल के सभी उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।
हमीरपुरी पत्रकार
15 तक बिजली बिल जमा करवा दें लंबलू के उपभोक्ता,सहायक अभियंता ज्ञान चंद भाटिया विद्युत उपमंडल लंबलू के उपभोक्ताओं को बिजली के बिल जमा करवाने के लिए 15 मार्च तक का समय दिया गया है। सहायक अभियंता ज्ञान चंद भाटिया ने कहा कि उपमंडल के जिन विद्युत उपभोक्ताओं ने अभी तक अपने बिलों का भुगतान नहीं किया है। वे इनका भुगतान 15 मार्च तक उपमंडल कार्यालय के काउंटर पर या ऑनलाइन माध्यम से कर दें। उन्होंने बताया कि इस तिथि तक बिल जमा न करवाने वाले उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन पूर्व सूचना के बगैर ही काट दिए जाएंगे। सहायक अभियंता ने उपमंडल के सभी उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील की है।
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- Post by Dinesh Kumar1
- हमीरपुर, हमीरपुर जिला के बड़सर उपमंडल के अंतर्गत आने वाले गांव चरचेड़ी के ग्रामीण अपनी समस्या को लेकर उपायुक्त कार्यालय पहुंचे और एडीसी अभिषेक गर्ग से मुलाकात कर उन्हें अपनी परेशानी से अवगत करवाया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के लिए जाने वाली एम्बुलेंस रोड को एक व्यक्ति द्वारा बंद कर दिया गया है, जिससे गांव के लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसी समस्या को लेकर ग्रामीण हमीरपुर में एडीसी अभिषेक गर्ग से मिले और जल्द समाधान की मांग उठाई। वहीं गांव चरचेड़ी के निवासी शशि पाल ने बताया कि यह एम्बुलेंस रोड करीब 25 वर्षों से बना हुआ है और गांव के लोग लंबे समय से इसी रास्ते का उपयोग करते आ रहे हैं। लेकिन अब एक व्यक्ति ने इस सड़क को बंद कर दिया है और वह दावा कर रहा है कि यह जमीन उसकी निजी भूमि है। शशि पाल ने कहा कि सड़क बंद होने से गांव के लोगों को आने-जाने में काफी परेशानी हो रही है, खासकर आपातकालीन परिस्थितियों में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।उन्होंने बताया कि इस संबंध में एडीसी हमीरपुर अभिषेक गर्ग से मुलाकात कर उन्हें पूरे मामले से अवगत करवाया गया है। एडीसी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम बड़सर को इस संबंध में उचित दिशा-निर्देश दिए हैं, ताकि समस्या का जल्द समाधान किया जा सके और ग्रामीणों को राहत मिल सके। वहीं गांव की स्थानीय महिला सविता शर्मा ने बताया कि सड़क बंद होने से गांव के लोगों को रोजमर्रा के कामों में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि अगर किसी बीमार व्यक्ति को अस्पताल ले जाना पड़े तो बड़ी समस्या खड़ी हो जाती है। उन्होंने बताया कि इस सड़क के बंद होने से गांव के लगभग 15 परिवार सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं।ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की जल्द जांच कर सड़क को खुलवाया जाए, ताकि गांव के लोगों को राहत मिल सके और एम्बुलेंस सहित अन्य जरूरी सेवाएं सुचारू रूप से चल सकें।1
- सुजानपुर वर्ष 2023 24 में कुछ लोगों के मोबाइल खो गए थे इसके बाद इन फोन के खो जाने की शिकायत थाना सुजानपुर में दर्ज हुई सुजानपुर पुलिस ने कार्रवाई करके खोए हुए मोबाइलों के ई एम आई नंबर ट्रैकिंग पर लगाए जिसके परिणाम अब सामने आए हैं दो मोबाइल ट्रैक करके पुलिस ने अपने कब्जे में लिए हैं और दोनों मोबाइल मालिकों को लौटा दिए गए हैं सुजानपुर पुलिस की इस कार्रवाई की हर तरफ प्रशंसा हो रही है सुजानपुर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राकेश धीमान ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्ष 2023, 24 में दो फोन जिसमें एक फोन राजेश कुमार और दूसरा खुशी व्यास का है दोनो फ़ोन खो गये थे जिसके बाद इन लोगो ने संबंधित विषय पर अपनी शिकायत थाना में दर्ज करवाई थी पुलिस ने नियम अनुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फोन ट्रैक के लिए लगाए और आज उनके परिणाम सामने आए हैं दोनों फोन मिल गए हैं और जिन लोगों के पास यह फोन थे पर खुद इन्हें थाना में आकर देकर गए हैं इसके बाद पुलिस ने फोन मालिक से संपर्क करके उन्हें यह फोन लौटा दिए हैं थाना प्रभारी ने बताया कि एक फोन जो राजेश कुमार का था उसे मलिक को सौंप दिया है जबकि दूसरा फोन जो खुशी व्यास का था यह लड़की आजकल दिल्ली में रह रही है जिसके बाद इसे फोन पर संपर्क करके इस फोन आपका मिल गया है इसकी सूचना दी गई है जिसके बाद अब उसका यह फोन कोरियर करवा कर उन्हें भेजा जा रहा है सुजानपुर पुलिस की इस कार्रवाई की हर तरफ प्रशंसा हो रही है और सुजानपुर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राकेश धीमान के नेतृत्व में पुलिस शानदार कार्य कर रही है इसको लेकर यहां की जनता ने उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं1
- बंगाणा, रायंसरी गांव में हुए दर्दनाक हादसे के बाद पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के विधायक विवेक शर्मा ने सांत्वना दी। इस हादसे में सुनील कुमार की दो बेटियां बस के नीचे आ गई थीं, जिनमें से एक तीन वर्षीय मासूम की उपचार के लिए पीजीआई ले जाते समय रास्ते में ही मृत्यु हो गई। विधायक विवेक शर्मा ने रायंसरी पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा कि यह घटना बेहद दुखद और पीड़ादायक है। उन्होंने परिवार को भरोसा दिलाया कि इस कठिन समय में प्रशासन और सरकार उनके साथ खड़ी है और हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी। इसके बाद विधायक विवेक शर्मा जिला अस्पताल भी पहुंचे, जहां उपचाराधीन दूसरी बेटी का हालचाल जाना। उन्होंने अस्पताल में मौजूद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और चिकित्सकों से बच्ची के इलाज की पूरी जानकारी ली और निर्देश दिए कि उसे हर संभव और बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जाए। विधायक विवेक शर्मा ने कहा कि घायल बच्ची के इलाज में किसी भी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि बच्ची को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं और जरूरत पड़ने पर उच्च स्तरीय उपचार की व्यवस्था भी की जाए। विधायक विवेक शर्मा ने पूरे घटना क्रम की विस्तृत जानकारी भी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से हादसे के कारणों और उसके बाद उठाए गए कदमों के बारे में जान कारी प्राप्त की। विधायक विवेक शर्मा ने तीन वर्षीय मासूम की दुखद मौत पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए परिवार के प्रति अपनी संवेदना प्रकट की। उन्होंने कहा कि किसी भी परिवार के लिए अप�2
- Post by KESHAV PANDIT®1
- सोमवार को जिला मुख्यालय ऊना के रैंसरी क्षेत्र में पेश आए दर्दनाक सड़क हादसे में 3 और 5 वर्ष की दो सगी बहनें अपने ही स्कूल की बस के नीचे आकर गंभीर रूप से घायल हो गईं। घायल बच्चियों की पहचान 5 वर्षीय प्रिशा और 3 वर्षीय आश्वि पुत्रियां सुशील कुमार निवासी रैंसरी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों बच्चियां ऊना की रक्कड़ कॉलोनी स्थित माउंट कार्मल स्कूल में एलकेजी और यूकेजी की छात्राएं हैं। सोमवार को नए शैक्षणिक सत्र के पहले दिन दोनों बहनें स्कूल गई थीं। छुट्टी के बाद स्कूल बस से घर लौटने के दौरान रैंसरी में उन्हें बस से उतारा गया। इसी दौरान जब बस चालक वाहन को पीछे की ओर मोड़ रहा था, तब दोनों बच्चियां अचानक बस की चपेट में आ गईं और बस के नीचे आ गईं। हादसे में दोनों बच्चियां गंभीर रूप से घायल हो गईं। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत उपचार के लिए क्षेत्रीय अस्पताल ऊना पहुंचाया गया। बच्चियों का उपचार करने वाले चिकित्सक डॉ. अरुण कमल सिंह ने बताया कि तीन वर्षीय आश्वि की हालत बेहद नाजुक है, जिसके चलते उसे बेहतर उपचार के लिए पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है। जबकि पांच वर्षीय प्रिशा का उपचार क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में ही चल रहा है। उधर पुलिस अधीक्षक सचिन हीरेमठ ने बताया कि पुलिस ने घटना को लेकर जांच शुरू कर दी है। स्कूल बस चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जा रही2
- अगर आप युवा हैं और अपना व्यवसाय शुरू करने की इच्छा संजोये हुए हैं तो आपका इंतजार खत्म हो गया है। आप अपना व्यवसाय शुरू करने को लेकर प्री-इन्क्यूबेशन सेंटर में अपना पंजीकरण करवा सकते हैं। औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान बरठीं में इस सेंटर को स्थापित किया गया है। इस सेंटर में लाभार्थी का पंजीकरण होना अनिवार्य है। इस सेंटर को राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान बरठीं को स्थानीय युवाओं में उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए प्री-इन्क्यूबेशन सेंटर के रूप में स्थापित किया गया है। ताकि युवाओं को सरकार की योजनाओं का लाभ मिल सके। प्रदेश सरकार द्वारा रीजनल सेंटर फॉर एंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट चंडीगढ़ (आरसीइडी) के सहयोग से एक विशेष अभियान प्रारंभ किया गया है। प्रथम चरण में आरसीईडी चंडीगढ़ एवं राजकीय आईटीआई बरठीं द्वारा संयुक्त रूप से कार्यशालाएं एवं जागरूकता शिविर आयोजित किए गए। अभियान के द्वितीय चरण के अंतर्गत 15 मार्च तक राजकीय आईटीआई बरठीं परिसर में बूट कैंप आयोजित किया जा रहा है। इस बूट कैंप का उद्देश्य युवाओं को विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं, विशेषकर प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत आवेदन के नामांकित करना है। ताकि वे अपने उद्यमिता सफर की शुरुआत कर सकें। जोकि युवक-युवती विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) अथवा सेवा क्षेत्र में अपना व्यवसाय प्रारंभ करना चाहते हैं, वे 15 मार्च तक प्री-इन्क्यूबेशन सेंटर राजकीय आईटीआई बरठीं में संपर्क कर सकते हैं। उधर, प्री-इन्क्यूबेशन सेंटर बरठीं के नोडल अधिकारी अरूण शर्मा का कहना है कि इच्छुक अभ्यर्थियों को पीएमईजीपी पोर्टल पर ऋण आवेदन के लिए पंजीकरण, परियोजना प्रतिवेदन (प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने तथा आवेदन प्रक्रिया के अनुवर्ती कार्य में पूर्ण सहयोग प्रदान करेंगे। इसके लिए पात्र अभ्यर्थियों से कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। उन्होंने पात्र अभ्यर्थियों से आग्रह किया है कि निर्धारित तिथि तक अपना पंजीकरण जरूर करवाएं। उन्होंने बताया कि इच्छुक अभ्यर्थी किसी भी कार्य दिवस में प्रात: सुबह नौ बजे से सायं पांच बजे तक नोडल अधिकारी से दूरभाष के माध्यम से भी संपर्क कर सकते हैं। पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज: आधार कार्ड, दो पासपोर्ट आकार के फोटो, बैंक विवरण, शैक्षणिक प्रमाण पत्र (यदि उपलब्ध हों) उद्यमिता प्रशिक्षण प्रमाण पत्र (यदि परियोजना लागत 2 लाख से अधिक हो)। बॉक्स: ब्यूटीशियन, एल्म्यूनियम फिटिंग, साईन बोर्ड लगाने सहित अन्य स्टार्टअप शुरू करना चाहता है तो अपना पंजीकरण करवा सकता है। सरकार की ओर से स्टार्टअप योजना के तहत सरकार की ओर से 50 लाख तक ऋण की सुविधा लाभार्थी को प्रदान की जाएगी। सर्विस सैक्टर में अपना रोजगार शुरू करने वालों के लिए 20 लाख ऋण सुविधा मिलेगी। यही नहीं साथ ही इसमें 15 फीसदी से 35 फीसदी सब्सिडी मुहैया करवाई जाएगी। इस सेंटर से चयनित होने वाले अभ्यर्थियों को बाद में प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाएगा। बॉक्स: आईटीआई बरठीं में प्री-इन्क्यूबेशन सेंटर स्थापित किया गया है। इस सेंटर में लाभार्थी 15 मार्च तक अपना पंजीकरण करवा सकते हैं। अपना व्यवसाय शुरू करने वाले युवाओं के लिए एक बेहतर मौका है। इस सेंटर के माध्यम से प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थी को मुहैया करवाया जाएगा। सचिन शर्मा, प्रधानाचार्य, आईटीआई बरठीं1
- Post by Dinesh Kumar1