बहराइच के खैरीघाट थाना क्षेत्र के विभिन्न गांवों और कस्बों में शुक्रवार शाम करीब सात बजे मोहर्रम का मातमी जुलूस अत्यंत शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में निकाला गया। इस जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने भाग लिया, जिन्होंने परंपरागत तरीके से ताजियों के साथ मातमी जुलूस निकालते हुए "या हुसैन" की सदाओं के बीच कर्बला के शहीदों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। यह जुलूस अपने निर्धारित मार्गों से होकर गुजरा, जहां लोगों ने अनुशासन और आपसी भाईचारे का उत्कृष्ट परिचय दिया। पूरे क्षेत्र में शांति और सौहार्द का वातावरण बना रहा और सभी कार्यक्रम परंपरागत रीति-रिवाजों के अनुसार सफलतापूर्वक संपन्न हुए। मोहर्रम के मद्देनजर, खैरीघाट पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरी सतर्कता बरती। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस बल जुलूस के मार्गों पर लगातार तैनात रहा और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई। पुलिस अधिकारियों ने जुलूस के आयोजकों और स्थानीय लोगों के साथ समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया, जिससे कार्यक्रम बिना किसी व्यवधान के सकुशल संपन्न हो सका। प्रशासन ने इस शांतिपूर्ण आयोजन में सहयोग करने के लिए क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी आपसी भाईचारा एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की।
बहराइच के खैरीघाट थाना क्षेत्र के विभिन्न गांवों और कस्बों में शुक्रवार शाम करीब सात बजे मोहर्रम का मातमी जुलूस अत्यंत शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण माहौल में निकाला गया। इस जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने भाग लिया, जिन्होंने परंपरागत तरीके से ताजियों के साथ मातमी जुलूस निकालते
हुए "या हुसैन" की सदाओं के बीच कर्बला के शहीदों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। यह जुलूस अपने निर्धारित मार्गों से होकर गुजरा, जहां लोगों ने अनुशासन और आपसी भाईचारे का उत्कृष्ट परिचय दिया। पूरे क्षेत्र में शांति और सौहार्द का वातावरण बना रहा और सभी कार्यक्रम परंपरागत रीति-रिवाजों
के अनुसार सफलतापूर्वक संपन्न हुए। मोहर्रम के मद्देनजर, खैरीघाट पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरी सतर्कता बरती। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस बल जुलूस के मार्गों पर लगातार तैनात रहा और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई। पुलिस अधिकारियों ने जुलूस के आयोजकों और स्थानीय लोगों
के साथ समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया, जिससे कार्यक्रम बिना किसी व्यवधान के सकुशल संपन्न हो सका। प्रशासन ने इस शांतिपूर्ण आयोजन में सहयोग करने के लिए क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी आपसी भाईचारा एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की।
- बहराइच जिले के खैरीघाट थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सबलपुर गांव में जमीन से जुड़ा एक विवाद सामने आया है।1
- बहराइच के सूफीपुरा (सिविल लाइंस) स्थित गायत्री बाल संस्कार शाला में 26 जून 2026 को अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ सेवन एवं तस्करी निरोधी दिवस के अवसर पर एक परिचर्चा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में अवैध नशे के क्रय-विक्रय, उपभोग और उत्पादन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सामूहिक संकल्प लिया गया। इसी दौरान जल एवं पर्यावरण संरक्षण जन जागरण अभियान को सफल बनाने हेतु गायत्री परिवार द्वारा यज्ञ एवं हवन भी संपन्न कराया गया। परिचर्चा को संबोधित करते हुए जिला समाज कल्याण अधिकारी श्रद्धा पांडेय ने इस बात पर जोर दिया कि मादक पदार्थों का दुरुपयोग किसी एक व्यक्ति की समस्या न होकर परिवार, समाज और राष्ट्र के विकास के लिए एक गंभीर चुनौती है, जो व्यक्ति की शारीरिक एवं मानसिक क्षमता को कमजोर कर उसकी ऊर्जा व प्रतिभा को गलत दिशा में मोड़ देता है। उन्होंने समाज, परिवार, शिक्षण संस्थाओं एवं स्वास्थ्य सेवाओं में युवाओं की सक्रिय भागीदारी को नशे के अवैध कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण पाने के लिए महत्वपूर्ण बताया। उप निदेशक कृषि (डीडीएजी) विनय वर्मा ने आधुनिक तकनीकों, बेहतर समन्वय, जन जागरूकता अभियानों और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से नशीले पदार्थों की समस्या पर नियंत्रण लगाने की बात कही। कार्यक्रम में जिला उद्यान एवं कृषि विभाग के संयुक्त तत्वावधान में उपस्थित लोगों को पंचवटी प्रजाति के वृक्षों के रोपण एवं संरक्षण का संकल्प दिलाया गया, साथ ही पौधों का वितरण भी किया गया। विनय वर्मा ने पर्यावरण एवं जल संरक्षण हेतु अधिक से अधिक पंचवटी प्रजाति के वृक्षों के रोपण और संरक्षण पर विशेष बल दिया, तथा स्वस्थ जीवन के लिए प्राकृतिक खेती, फल उत्पादन एवं दूध उत्पादन को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला। महामना मालवीय मिशन (अवध) के आयोजक अध्यक्ष संजीव श्रीवास्तव एडवोकेट ने बताया कि पर्यावरण एवं जल संरक्षण तथा नशा उन्मूलन के लिए लगातार जन जागरण अभियान चलाया जा रहा है और लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने पंचवटी एवं हरिशंकरी प्रजाति के वृक्षों के रोपण और संरक्षण में जन सहयोग की अपील की, जबकि पर्यावरणविद राकेश चंद्र श्रीवास्तव एडवोकेट ने लोगों से अवैध नशे से दूर रहने का आह्वान किया। कार्यक्रम का संचालन संविधान विशेषज्ञ अनिल त्रिपाठी ने किया और धन्यवाद ज्ञापन गायत्री चेतना केंद्र के प्रबंधक-प्राचार्य आरपीएन श्रीवास्तव ने किया। संस्कारशाला संचालिका रेखा श्रीवास्तव सहित गायत्री परिजन विष्णु पाठक व कांति मिश्रा ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ यज्ञ एवं हवन की प्रक्रिया पूर्ण कराई। महामना मालवीय मिशन और जिला उद्यान विभाग के संयुक्त तत्वावधान में पंचवटी प्रजाति के वृक्षों का वितरण किया गया। समापन अवसर पर नशा उन्मूलन एवं पर्यावरण-जल संरक्षण के लिए जन जागरण अभियान चलाने का सामूहिक संकल्प एक बार फिर दोहराया गया। इस मौके पर संघ विचारक अर्जुन कुमार, दिलीप, ओमप्रकाश सक्सेना, राजेंद्र अवस्थी एडवोकेट, योगाचार्य सुशील बाजपेई, शिखर श्रीवास्तव एडवोकेट, अनुज पटेल, प्रशासनिक अधिकारी समाज कल्याण किशन लाल, गायत्री परिजन पंडित जगदीश मिश्र सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।1
- बहराइच जिले के गुरुगुज पुरवा गांव में बदहाल विद्युत व्यवस्था को लेकर भारतीय किसान यूनियन किरन गुट द्वारा 3 जून 2026 को एक विशाल धरना प्रदर्शन आयोजित किया गया था। इस प्रदर्शन के बाद विद्युत विभाग के अधिकारियों ने गांव की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को सुधारने के लिए दो सप्ताह का समय माँगा था। अब, विद्युत विभाग के अवर अभियंता प्रशांत कुमार त्रिपाठी के प्रयासों से गांव में 63 KVA का ट्रांसफार्मर स्थापित कर दिया गया है। ग्रामीण पिछले लगभग चार से पाँच वर्षों से लो-वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे थे, जिससे उनकी दिनचर्या प्रभावित हो रही थी। भारतीय किसान यूनियन किरन गुट के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी विवेक सिंह के दिशा-निर्देश तथा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी पुनीत सिंह, बाराबंकी जिला अध्यक्ष सर्वजीत सिंह और बहराइच जिला अध्यक्ष ओम प्रकाश यदुवंशी के नेतृत्व में हुए इस सफल अभियान के परिणामस्वरूप ग्रामीणों का बेहतर विद्युत व्यवस्था का सपना आखिरकार साकार हो गया है।3
- उत्तर प्रदेश के बहराइच स्थित आदर्श नगर पालिका परिषद नानपारा में इन दिनों शहीदाने कर्बला की याद में मोहर्रम, जिसे 'गमी का पर्व' कहा जाता है, मनाया जा रहा है। इस दौरान नगर में जगह-जगह लोगों द्वारा शरबत पिलाया जा रहा है। नगर की राजा मस्जिद के द्वार पर पिछले कई दिनों से यह शरबत वितरण कार्य जारी है, जबकि नानपारा के अन्य स्थानों पर भी शरबत और पानी पिलाने का क्रम लगातार चल रहा है।1
- बहराइच जिले के नानपारा में 10 मोहर्रम का सीधा प्रसारण दिखाया जा रहा है, जहाँ शिया समुदाय द्वारा ताजिया जुलूस का मिलान और मातम मनाया जा रहा है। यह जुलूस मोहर्रम के अवसर पर शिया समुदाय द्वारा आग के साथ मातम और अजादारी का प्रदर्शन है। इस दौरान कर्बला और हुसैन की शहादत को याद करते हुए अजादारी और मातम किया जाता है, जिसमें अशूरा और अशरा के विशेष अनुष्ठान शामिल हैं। यह जुलूस और मातम नानपारा के साथ-साथ लखनऊ में भी अजादारी का हिस्सा है, जो भारत में शिया समुदाय द्वारा व्यापक रूप से मनाया जाता है। पोस्ट में 9 मोहर्रम, मोहर्रम 1445, मोहर्रम 2025 और मोहर्रम जुलूस 2026 / 1447 जैसे विभिन्न मुहर्रम वर्षों और तिथियों का भी उल्लेख है।1
- आगरा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पार्षद किशन नायक ने नालों की सफाई न होने से नाराज़ होकर एक अनोखे अंदाज़ में विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने बारिश का मौसम सिर पर होने के बावजूद नालों की सफाई नहीं होने पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर करते हुए नाले में खड़े होकर अपना जन्मदिन मनाया और नगर निगम की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। पार्षद नायक ने बताया कि उन्होंने नालों की सफाई के संबंध में 12 बार शिकायतें दर्ज कराई थीं, लेकिन इन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उनका स्पष्ट आरोप है कि लगातार शिकायतें मिलने के बावजूद भी अधिकारियों ने इस महत्वपूर्ण समस्या को बिल्कुल भी गंभीरता से नहीं लिया। इस विरोध प्रदर्शन के बाद अब शहर की सफाई व्यवस्था और प्रशासनिक लापरवाही को लेकर व्यापक चर्चाएं तेज़ हो गई हैं।1
- नानपारा में मोहर्रम के अवसर पर हुसैनी अकीदत और परंपराओं की एक खास झलक देखने को मिली, जहाँ अकीदतमंदों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। इस दौरान अलम, ताजिया और दुआओं का सिलसिला निरंतर जारी रहा, जिससे पूरा इलाका 'या हुसैन' की सदाओं से गूंज उठा। परंपराओं के साथ मोहर्रम का यह उत्सव पूरे समर्पण भाव से मनाया जा रहा है।1
- मेरठ के दिल्ली-देहरादून हाईवे पर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब जयपुर से हरिद्वार जा रही एक डबल डेकर एसी बस में अचानक आग लग गई। यह हादसा दौराला के पास हुआ, जहाँ देखते ही देखते बस आग के गोले में बदल गई। हालांकि, बस में सवार सभी 26 यात्रियों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। घटना के उपरांत, सभी यात्रियों को एक दूसरी बस के ज़रिए हरिद्वार के लिए रवाना किया गया। इस आग लगने के कारणों की जाँच की जा रही है।1