भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता को तीन थानों की पुलिस ने हापुड़ जाने से बमुश्किल रोका, मकान पर किया हाऊस अरेस्ट, कार्यकर्ताओं को छोड़ा। भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ शुक्रवार दोपहर थाना जमुनापार के पानीगांव से अपने सैकड़ों किसान कार्यकर्ताओं के साथ गाड़ियों के काफिले से प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले तो थाना जमुनापार, थाना वृंदावन और पानीगांव के चौकी प्रभारी कपिल वशिष्ठ ने मौके पर पहुंच कर राष्ट्रीय प्रवक्ता को बमुश्किल हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने से रोका और मकान में ही हाऊस अरेस्ट कर लिया। लेकिन पुलिस ने कार्यकर्ताओं को हापुड़ जाने से नहीं रोका और पुलिस की मौजूदगी में सभी कार्यकर्ता हापुड के गढ़मुक्तेश्वर के लिए गाड़ियों के काफिले से रवाना हो गए, जानकारी के मुताबिक भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के किसी पूर्व मंत्री ने एक उद्घाटन समारोह के कार्यक्रम के दौरान अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातें की थी। जिसको लेकर मथुरा समेत अलग-अलग जनपदों के किसानों में राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के पूर्व मंत्री द्वारा की गई अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातों से भारी आक्रोश फैल गया। जिसको लेकर आज शुक्रवार को मथुरा और अलग-अलग जनपदों से बड़ी संख्या में आक्रोशित किसान कार्यकर्ता प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले हैं, वहीं मथुरा में थाना जमुनापार के पानीगांव से राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ को तीन थानों की पुलिस ने उनके मकान पर ही हाऊस अरेस्ट कर लिया, लेकिन कार्यकर्ताओं को छोड़ दिया और हापुड़ जाने दिया। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ ने जानकारी देते हुए यह बताया
भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता को तीन थानों की पुलिस ने हापुड़ जाने से बमुश्किल रोका, मकान पर किया हाऊस अरेस्ट, कार्यकर्ताओं को छोड़ा। भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ शुक्रवार दोपहर थाना जमुनापार के पानीगांव से अपने सैकड़ों किसान कार्यकर्ताओं के साथ गाड़ियों के काफिले से प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले तो थाना जमुनापार, थाना वृंदावन और
पानीगांव के चौकी प्रभारी कपिल वशिष्ठ ने मौके पर पहुंच कर राष्ट्रीय प्रवक्ता को बमुश्किल हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने से रोका और मकान में ही हाऊस अरेस्ट कर लिया। लेकिन पुलिस ने कार्यकर्ताओं को हापुड़ जाने से नहीं रोका और पुलिस की मौजूदगी में सभी कार्यकर्ता हापुड के गढ़मुक्तेश्वर के लिए गाड़ियों के काफिले से रवाना हो गए, जानकारी के मुताबिक भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप
सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के किसी पूर्व मंत्री ने एक उद्घाटन समारोह के कार्यक्रम के दौरान अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातें की थी। जिसको लेकर मथुरा समेत अलग-अलग जनपदों के किसानों में राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के पूर्व मंत्री द्वारा की गई अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातों से भारी आक्रोश फैल गया। जिसको लेकर आज शुक्रवार को मथुरा और अलग-अलग जनपदों से बड़ी संख्या में आक्रोशित
किसान कार्यकर्ता प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले हैं, वहीं मथुरा में थाना जमुनापार के पानीगांव से राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ को तीन थानों की पुलिस ने उनके मकान पर ही हाऊस अरेस्ट कर लिया, लेकिन कार्यकर्ताओं को छोड़ दिया और हापुड़ जाने दिया। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ ने जानकारी देते हुए यह बताया
- भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ शुक्रवार दोपहर थाना जमुनापार के पानीगांव से अपने सैकड़ों किसान कार्यकर्ताओं के साथ गाड़ियों के काफिले से प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले तो थाना जमुनापार, थाना वृंदावन और पानीगांव के चौकी प्रभारी कपिल वशिष्ठ ने मौके पर पहुंच कर राष्ट्रीय प्रवक्ता को बमुश्किल हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने से रोका और मकान में ही हाऊस अरेस्ट कर लिया। लेकिन पुलिस ने कार्यकर्ताओं को हापुड़ जाने से नहीं रोका और पुलिस की मौजूदगी में सभी कार्यकर्ता हापुड के गढ़मुक्तेश्वर के लिए गाड़ियों के काफिले से रवाना हो गए, जानकारी के मुताबिक भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के किसी पूर्व मंत्री ने एक उद्घाटन समारोह के कार्यक्रम के दौरान अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातें की थी। जिसको लेकर मथुरा समेत अलग-अलग जनपदों के किसानों में राष्ट्रीय अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह से गढ़मुक्तेश्वर के पूर्व मंत्री द्वारा की गई अभद्र टिप्पणी और अपमान जनक बातों से भारी आक्रोश फैल गया। जिसको लेकर आज शुक्रवार को मथुरा और अलग-अलग जनपदों से बड़ी संख्या में आक्रोशित किसान कार्यकर्ता प्रदेश अध्यक्ष योगेश प्रताप सिंह के आह्वान पर हापुड के गढ़मुक्तेश्वर जाने को निकले हैं, वहीं मथुरा में थाना जमुनापार के पानीगांव से राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ को तीन थानों की पुलिस ने उनके मकान पर ही हाऊस अरेस्ट कर लिया, लेकिन कार्यकर्ताओं को छोड़ दिया और हापुड़ जाने दिया। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन भानु के राष्ट्रीय प्रवक्ता हरेश ठैनुआ ने जानकारी देते हुए यह बताया4
- Mathura RTI ने हिला दी MVDA की नींव, सामने आए चौंकाने वाले सच1
- Post by RPR NEWS TV1
- भीम जयंती आज महाबन मे धूम धाम से निकाली जय भीम जय भारत4
- मथुरा। वृंदावन में हुए दर्दनाक नाव हादसे में 16 लोगों की मौत के बाद शोक की लहर दौड़ गई है। इसी क्रम में आज यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मथुरा के विश्राम घाट पर कैंडल जलाकर मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित की।इस दौरान कार्यकर्ताओं ने हादसे के लिए जिला प्रशासन व नगर निगम की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने आरोप लगाया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए निर्धारित मानकों की अनदेखी की गई, जिसके चलते इतना बड़ा हादसा हुआ।कार्यकर्ताओं का कहना था कि नाव में सवार श्रद्धालुओं के लिए न तो लाइफ जैकेट की व्यवस्था थी और न ही अधिक संख्या में लोगों को नाव में बैठने से रोका गया। यदि प्रशासन समय रहते आवश्यक सुरक्षा इंतजाम करता, तो इस हादसे को टाला जा सकता था।यूथ कांग्रेस mathura ने मांग की कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। साथ ही, हादसे में जान गंवाने वाले सभी मृतकों के परिजनों को सरकार द्वारा उचित मुआवजा देने की मांग भी की गई।3
- Post by Subhash Chand1
- Post by MVPS NEWS1
- मथुरा में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने अन्नदाता की कमर तोड़ दी है। फसलें बर्बाद हो चुकी हैं और किसान दाने-दाने को मोहताज है। इसी मुद्दे को लेकर शुक्रवार दोपहर एक कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। 'योगी-मोदी मुर्दाबाद' के नारों के साथ कांग्रेसी नेताओं ने सरकार की नीतियों पर जमकर निशाना साधा और किसानों के लिए तत्काल आर्थिक मदद की गुहार लगाई। कांग्रेस का आरोप है कि प्रशासन द्वारा कराया गया सर्वे भेदभावपूर्ण है और इसमें भारी भ्रष्टाचार हुआ है। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने बीमा कंपनियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए और कहा कि कंपनियां किसानों का पैसा डकार रही हैं और सरकार खामोश है। कांग्रेस का कहना है कि जब बड़े उद्योगपतियों का कर्ज माफ किया जा सकता है, तो देश की रीढ़ कहे जाने वाले किसान के लिए खजाना क्यों खाली है1