टीकमगढ़ जिले में 30 मई को एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय आया, जहाँ चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश कमलेश भरकुंदिया की अदालत ने रास्ते की ज़मीन को लेकर हुए विवाद में अपने ही चचेरे भाई की हत्या करने वाले सात आरोपियों को दोषी ठहराया है। इन सभी दोषियों को आजीवन सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई गई है और उन पर अर्थदंड भी लगाया गया है। यह घटना दिगौड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम नादिया सकरया खिरक में 23 जून 2020 को हुई थी। शिकायतकर्ता भगवानदास लोधी के अनुसार, गाँव में रास्ते के विवाद को सुलझाने के लिए जब हल्का पटवारी मौके का निरीक्षण करने पहुँचे, तभी आरोपी पक्ष के लोग हथियारों से लैस होकर वहाँ आ गए। विवाद बढ़ने पर उन्होंने भगवानदास और उनके भाई नारायणदास पर हमला कर दिया। आरोपियों ने लाठी और लोहे की लुहांगी से दोनों भाइयों की बेरहमी से पिटाई की, जिसके परिणामस्वरूप नारायणदास गंभीर रूप से घायल हो गए और टीकमगढ़ जिला अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई, जबकि भगवानदास घायल हुए। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जाँच शुरू की और विवेचना के दौरान घटना में प्रयुक्त हथियार जब्त किए। आवश्यक साक्ष्य एकत्रित कर पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। विचारण के दौरान, अपर लोक अभियोजक जटाशंकर श्रोती ने प्रभावी पैरवी करते हुए अभियोजन पक्ष की ओर से प्रत्यक्षदर्शी गवाहों, दस्तावेजी साक्ष्यों और वैज्ञानिक प्रमाणों के आधार पर आरोपों को सिद्ध किया। न्यायालय ने वृगभान लोधी, नथुआ लोधी, केहर सिंह लोधी, सूरज अहिरवार, देशराज लोधी, राजू उर्फ राजेंद्र लोधी और केशवदास लोधी को हत्या, हत्या के प्रयास और बलवा सहित विभिन्न धाराओं में दोषी ठहराया। सभी सात दोषियों को धारा 302/149 के तहत आजीवन सश्रम कारावास और अर्थदंड की सज़ा दी गई है, साथ ही अन्य धाराओं में भी कारावास और जुर्माने से दंडित किया गया है। इसी प्रकरण में, न्यायालय ने साक्ष्यों के अभाव में तीन अन्य आरोपियों — काशीराम लोधी, आशाराम लोधी और बेबीराजा लोधी — को दोषमुक्त कर दिया है।
टीकमगढ़ जिले में 30 मई को एक महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय आया, जहाँ चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश कमलेश भरकुंदिया की अदालत ने रास्ते की ज़मीन को लेकर हुए विवाद में अपने ही चचेरे भाई की हत्या करने वाले सात आरोपियों को दोषी ठहराया है। इन सभी दोषियों को आजीवन सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई गई है और उन पर अर्थदंड भी लगाया गया है। यह घटना दिगौड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम नादिया सकरया खिरक में 23 जून 2020 को हुई थी। शिकायतकर्ता भगवानदास लोधी के अनुसार, गाँव में रास्ते के विवाद को सुलझाने के लिए जब हल्का पटवारी मौके का निरीक्षण करने पहुँचे, तभी आरोपी पक्ष के लोग हथियारों से लैस होकर वहाँ आ गए। विवाद बढ़ने पर उन्होंने भगवानदास और उनके भाई नारायणदास पर हमला कर दिया। आरोपियों ने लाठी और लोहे की लुहांगी से दोनों भाइयों की बेरहमी से पिटाई की, जिसके परिणामस्वरूप नारायणदास गंभीर रूप से घायल हो गए और टीकमगढ़ जिला अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई, जबकि भगवानदास घायल हुए। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जाँच शुरू की और विवेचना के दौरान घटना में प्रयुक्त हथियार जब्त किए। आवश्यक साक्ष्य एकत्रित कर पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। विचारण के दौरान, अपर लोक अभियोजक जटाशंकर श्रोती ने प्रभावी पैरवी करते हुए अभियोजन पक्ष की ओर से प्रत्यक्षदर्शी गवाहों, दस्तावेजी साक्ष्यों और वैज्ञानिक प्रमाणों के आधार पर आरोपों को सिद्ध किया। न्यायालय ने वृगभान लोधी, नथुआ लोधी, केहर सिंह लोधी, सूरज अहिरवार, देशराज लोधी, राजू उर्फ राजेंद्र लोधी और केशवदास लोधी को हत्या, हत्या के प्रयास और बलवा सहित विभिन्न धाराओं में दोषी ठहराया। सभी सात दोषियों को धारा 302/149 के तहत आजीवन सश्रम कारावास और अर्थदंड की सज़ा दी गई है, साथ ही अन्य धाराओं में भी कारावास और जुर्माने से दंडित किया गया है। इसी प्रकरण में, न्यायालय ने साक्ष्यों के अभाव में तीन अन्य आरोपियों — काशीराम लोधी, आशाराम लोधी और बेबीराजा लोधी — को दोषमुक्त कर दिया है।
- टीकमगढ़ शहर के विकास और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में स्थानीय प्रशासन और नगर पालिका ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। शहर के चहुंमुखी विकास और जनहित के कार्यों को गति देने के उद्देश्य से 34 करोड़ रुपये की एक वृहद विकास योजना प्रस्तावित की गई थी, जिसे सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया है। इस बड़ी सौगात से टीकमगढ़ के विकास को एक नया आयाम मिलने की उम्मीद है। इस कदम के लिए एक पूर्व विधायक ने प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है।1
- आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के नगिना सांसद चंद्रशेखर आजाद टीकमगढ़ के काशीराम अस्पताल पहुँचे। उन्होंने अस्पताल में पहुँचकर प्रभावितों को मुआवजा प्रदान किया।1
- टीकमगढ़ जिले के कुड़ियाला गाँव में अवैध शराब की बिक्री के विरोध में ग्रामीणों ने उग्र प्रदर्शन किया, जिसके तहत पलेरा जतारा मार्ग को जाम कर दिया गया। इस प्रदर्शन में महिलाएँ भी सड़क पर उतरकर शामिल हुईं, जिसके परिणामस्वरूप मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। यह मामला कनेरा चौकी क्षेत्र का बताया जा रहा है। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने अवैध शराब पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।1
- अंतर्राष्ट्रीय तम्बाकू निषेध दिवस के अवसर पर 31 मई को जतारा की सबजेल में सुबह 7 बजे 'ऋषियुग्म' के दिव्य संरक्षण में एक संगोष्ठी आयोजित की गई। इस कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सहायक जेल अधीक्षक राजकिशोर गुर्जर और कार्यक्रम संयोजक बृजकिशोर तिवारी आचार्य ने दीप प्रज्वलन और भारत माता पूजन के साथ किया। पूजन के उपरांत किशोरकुमार नामदेव और दीनदयाल साहू ने 'प्रज्ञागीत मनुज देवता बने' प्रस्तुत किया, जिसके बाद संतोषकुमार साहू ने सामूहिक जप एवं ध्यान साधना कराई। साधना के पश्चात, बृजकिशोर तिवारी आचार्य ने सभी बंदीजनों को व्यसनों की लत, जैसे बीड़ी, सिगरेट, तम्बाकू और मदिरा से व्यक्ति, परिवार और समाज को होने वाली हानियों के बारे में संबोधित किया, और उनके त्याग पर जोर दिया। सहायक जेल अधीक्षक राजकिशोर गुर्जर ने जेल को अनुशासन, चिंतन और सुधार का केंद्र बताते हुए बंदीजनों से 'बदला नहीं, स्वयं बदलने की भावना' अपनाने का आग्रह किया। कार्यक्रम के अंत में एक टोली द्वारा नशा निवारण गीत प्रस्तुत किया गया, जिसके पश्चात सभी को व्यसन मुक्ति का संकल्प दिलाया गया। इस आयोजन में जेल स्टाफ, बंदीगण और कर्मचारी गण उपस्थित रहे।1
- सीएम डॉ मोहन यादव ने हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर सभी पत्रकार बंधुओं को हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं।1
- टीकमगढ़ जिले के कुड़ियाला गांव में शनिवार को महिलाओं और ग्रामीणों ने अवैध शराब की बिक्री के विरोध में जतारा पलेरा मार्ग को करीब दो घंटे तक जाम कर दिया। इस विरोध प्रदर्शन के कारण आवागमन पूरी तरह से बाधित हो गया था, जिसे पुलिस के आश्वासन के बाद खोला गया। जानकारी के अनुसार, ग्रामीणों और महिलाओं का आरोप था कि कुड़ियाला गांव में अवैध तरीके से शराब बेची जा रही है, जिससे गांव का माहौल खराब हो रहा है। उनकी प्रमुख मांग थी कि गांव में अवैध शराब की बिक्री पर तत्काल रोक लगाई जाए। जाम की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और थाना प्रभारी ने ग्रामीणों को गांव में अवैध शराब न बिकने का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों ने सड़क से जाम हटा लिया।1
- टीकमगढ़ जिले के देहात थाना क्षेत्र के बजरंग खेड़ा गांव में रविवार को एक महिला के साथ चार लोगों ने लाठी-डंडों से बेरहमी से मारपीट की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। सूचना मिलने पर कोतवाली थाने से एफआरवी 11 वाहन मौके पर पहुंचा और घायल महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पीड़ित महिला दीपा रैकवार, जो बजरंग खेड़ा की निवासी हैं, के मकान के सामने मुरम का ढेर लगा था। इसी बात को लेकर मोहल्ले में उनका विवाद हो गया। इस विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और चार लोगों ने मिलकर उनके साथ लाठी-डंडों से मारपीट की, जिससे उनके दोनों पैरों में गंभीर चोटें आईं। मौके पर पहुंचे एफआरवी 11 वाहन के आरक्षक सुनील कुमार और पायलेट शैलेंद्र कुमार घोष ने घायल महिला को 112 वाहन की सहायता से जिला अस्पताल पहुंचाया।1