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नौ हज़ार का नुकसान, कौन भरेगा EMI? 😭 | डिलीवरी कंपनियों का अंधा कानून! आजकल डिलीवरी कंपनियां खुद को अदालत का 'जज' समझने लगी हैं! जब कस्टमर खुद कह रहा है कि मामला सुलझ गया है और रिफंड मिल चुका है, फिर भी बंद कमरों में बैठे 'अंधे सिस्टम' ने बिना डिलीवरी पार्टनर भाई से पूछे आईडी तीन दिन के लिए सस्पेंड कर दी। गाड़ियों की किश्त (EMI) चार और सात तारीख को सिर पर खड़ी है। तीन दिन आईडी बंद होने का मतलब है सीधे नौ हज़ार रुपये का फटका! ये अंधा सिस्टम क्या जाने कि एक कमर्शियल वाहन चालक लोन की किश्त कैसे भरता है? इस वीडियो में देखिए 'सिस्टम की अदालत' का एक कड़वा सच, जहाँ इंसानियत से ज्यादा अहमियत एक रोबोटिक सिस्टम को दी जाती है। अगर आप भी मानते हैं कि कंपनियों को अपना सपोर्ट सिस्टम सुधारना चाहिए और पार्टनर्स की बात सुननी चाहिए, तो इस वीडियो को हर ड्राइवर भाई तक शेयर करें! 👇 अपने हक़ के लिए और हर ग्राउंड रियलिटी के लिए अभी जुड़ें: ✅ चैनल को SUBSCRIBE करें और घंटी (🔔) दबाएं! ✅ Instagram पर फॉलो करें: [यहाँ अपना इंस्टाग्राम लिंक डालें] ✅ Facebook पेज को लाइक करें: [यहाँ फेसबुक लिंक डालें] ✅ Twitter (X) पर हमें सपोर्ट करें: [यहाँ ट्विटर लिंक डालें] #DeliveryPartner #SystemKiAdalat #ApnaCargoPartner #DriverLife #GroundReality #GigWorkers #CommercialVehicle #JusticeForDrivers ⚠️ Disclaimer (Fair Use): यह वीडियो केवल जन जागरूकता (Public Awareness), शिक्षा और डिलीवरी पार्टनर्स की ज़मीनी हकीकत व समस्याओं को उजागर करने के उद्देश्य से बनाया गया है। इसके दृश्य (Visuals) काल्पनिक और व्यंग्यात्मक (Satirical) हैं। हमारा या 'अपना कार्गो पार्टनर' का उद्देश्य किसी भी डिलीवरी कंपनी, ब्रांड या व्यक्ति विशेष की छवि खराब करना या मानहानि करना नहीं है।

15 hrs ago
user_Apna Cargo Partner
Apna Cargo Partner
Content Creator (YouTuber) गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
15 hrs ago

नौ हज़ार का नुकसान, कौन भरेगा EMI? 😭 | डिलीवरी कंपनियों का अंधा कानून! आजकल डिलीवरी कंपनियां खुद को अदालत का 'जज' समझने लगी हैं! जब कस्टमर खुद कह रहा है कि मामला सुलझ गया है और रिफंड मिल चुका है, फिर भी बंद कमरों में बैठे 'अंधे सिस्टम' ने बिना डिलीवरी पार्टनर भाई से पूछे आईडी तीन दिन के लिए सस्पेंड कर दी। गाड़ियों की किश्त (EMI) चार और सात तारीख को सिर पर खड़ी है। तीन दिन आईडी बंद होने का मतलब है सीधे नौ हज़ार रुपये का फटका! ये अंधा सिस्टम क्या जाने कि एक कमर्शियल वाहन चालक लोन की किश्त कैसे भरता है? इस वीडियो में देखिए 'सिस्टम की अदालत' का एक कड़वा सच, जहाँ इंसानियत से ज्यादा अहमियत एक रोबोटिक सिस्टम को दी जाती है। अगर आप भी मानते हैं कि कंपनियों को अपना सपोर्ट सिस्टम सुधारना चाहिए और पार्टनर्स की बात सुननी चाहिए, तो इस वीडियो को हर ड्राइवर भाई तक शेयर करें! 👇 अपने हक़ के लिए और हर ग्राउंड रियलिटी के लिए अभी जुड़ें: ✅ चैनल को SUBSCRIBE करें और घंटी (🔔) दबाएं! ✅ Instagram पर फॉलो करें: [यहाँ अपना इंस्टाग्राम लिंक डालें] ✅ Facebook पेज को लाइक करें: [यहाँ फेसबुक लिंक डालें] ✅ Twitter (X) पर हमें सपोर्ट करें: [यहाँ ट्विटर लिंक डालें] #DeliveryPartner #SystemKiAdalat #ApnaCargoPartner #DriverLife #GroundReality #GigWorkers #CommercialVehicle #JusticeForDrivers ⚠️ Disclaimer (Fair Use): यह वीडियो केवल जन जागरूकता (Public Awareness), शिक्षा और डिलीवरी पार्टनर्स की ज़मीनी हकीकत व समस्याओं को उजागर करने के उद्देश्य से बनाया गया है। इसके दृश्य (Visuals) काल्पनिक और व्यंग्यात्मक (Satirical) हैं। हमारा या 'अपना कार्गो पार्टनर' का उद्देश्य किसी भी डिलीवरी कंपनी, ब्रांड या व्यक्ति विशेष की छवि खराब करना या मानहानि करना नहीं है।

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  • नौ हज़ार का नुकसान, कौन भरेगा EMI? 😭 | डिलीवरी कंपनियों का अंधा कानून! आजकल डिलीवरी कंपनियां खुद को अदालत का 'जज' समझने लगी हैं! जब कस्टमर खुद कह रहा है कि मामला सुलझ गया है और रिफंड मिल चुका है, फिर भी बंद कमरों में बैठे 'अंधे सिस्टम' ने बिना डिलीवरी पार्टनर भाई से पूछे आईडी तीन दिन के लिए सस्पेंड कर दी। गाड़ियों की किश्त (EMI) चार और सात तारीख को सिर पर खड़ी है। तीन दिन आईडी बंद होने का मतलब है सीधे नौ हज़ार रुपये का फटका! ये अंधा सिस्टम क्या जाने कि एक कमर्शियल वाहन चालक लोन की किश्त कैसे भरता है? इस वीडियो में देखिए 'सिस्टम की अदालत' का एक कड़वा सच, जहाँ इंसानियत से ज्यादा अहमियत एक रोबोटिक सिस्टम को दी जाती है। अगर आप भी मानते हैं कि कंपनियों को अपना सपोर्ट सिस्टम सुधारना चाहिए और पार्टनर्स की बात सुननी चाहिए, तो इस वीडियो को हर ड्राइवर भाई तक शेयर करें! 👇 अपने हक़ के लिए और हर ग्राउंड रियलिटी के लिए अभी जुड़ें: ✅ चैनल को SUBSCRIBE करें और घंटी (🔔) दबाएं! ✅ Instagram पर फॉलो करें: [यहाँ अपना इंस्टाग्राम लिंक डालें] ✅ Facebook पेज को लाइक करें: [यहाँ फेसबुक लिंक डालें] ✅ Twitter (X) पर हमें सपोर्ट करें: [यहाँ ट्विटर लिंक डालें] #DeliveryPartner #SystemKiAdalat #ApnaCargoPartner #DriverLife #GroundReality #GigWorkers #CommercialVehicle #JusticeForDrivers ⚠️ Disclaimer (Fair Use): यह वीडियो केवल जन जागरूकता (Public Awareness), शिक्षा और डिलीवरी पार्टनर्स की ज़मीनी हकीकत व समस्याओं को उजागर करने के उद्देश्य से बनाया गया है। इसके दृश्य (Visuals) काल्पनिक और व्यंग्यात्मक (Satirical) हैं। हमारा या 'अपना कार्गो पार्टनर' का उद्देश्य किसी भी डिलीवरी कंपनी, ब्रांड या व्यक्ति विशेष की छवि खराब करना या मानहानि करना नहीं है।
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    नौ हज़ार का नुकसान, कौन भरेगा EMI? 😭 | डिलीवरी कंपनियों का अंधा कानून!
आजकल डिलीवरी कंपनियां खुद को अदालत का 'जज' समझने लगी हैं! जब कस्टमर खुद कह रहा है कि मामला सुलझ गया है और रिफंड मिल चुका है, फिर भी बंद कमरों में बैठे 'अंधे सिस्टम' ने बिना डिलीवरी पार्टनर भाई से पूछे आईडी तीन दिन के लिए सस्पेंड कर दी।
गाड़ियों की किश्त (EMI) चार और सात तारीख को सिर पर खड़ी है। तीन दिन आईडी बंद होने का मतलब है सीधे नौ हज़ार रुपये का फटका! ये अंधा सिस्टम क्या जाने कि एक कमर्शियल वाहन चालक लोन की किश्त कैसे भरता है?
इस वीडियो में देखिए 'सिस्टम की अदालत' का एक कड़वा सच, जहाँ इंसानियत से ज्यादा अहमियत एक रोबोटिक सिस्टम को दी जाती है। अगर आप भी मानते हैं कि कंपनियों को अपना सपोर्ट सिस्टम सुधारना चाहिए और पार्टनर्स की बात सुननी चाहिए, तो इस वीडियो को हर ड्राइवर भाई तक शेयर करें!
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⚠️ Disclaimer (Fair Use):
यह वीडियो केवल जन जागरूकता (Public Awareness), शिक्षा और डिलीवरी पार्टनर्स की ज़मीनी हकीकत व समस्याओं को उजागर करने के उद्देश्य से बनाया गया है। इसके दृश्य (Visuals) काल्पनिक और व्यंग्यात्मक (Satirical) हैं। हमारा या 'अपना कार्गो पार्टनर' का उद्देश्य किसी भी डिलीवरी कंपनी, ब्रांड या व्यक्ति विशेष की छवि खराब करना या मानहानि करना नहीं है।
    user_Apna Cargo Partner
    Apna Cargo Partner
    Content Creator (YouTuber) गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    15 hrs ago
  • कनावनी किसानों का धरना 25 वें दिन भी जारी, अब इंदिरापुरम विस्तार में प्लॉट आवंटन के खिलाफ मोर्चा किसानों ने जिलाधिकारी गाजियाबाद को सौंपा ज्ञापन, सकारात्मक कार्रवाई का मिला आश्वासन दिनांक: 7 सितम्बर 2026 स्थान: ग्राम मोहिउद्दीनपुर कनावनी, गाजियाबाद ग्राम कनावनी के किसानों का अपनी मांगों को लेकर चल रहा धरना आज 25 वें दिन भी लगातार जारी रहा किसान अपनी जमीन और अधिकारों की लड़ाई को लेकर धरना स्थल पर मजबूती से डटे हुए हैं किसानों ने अब अपनी मांग को और तेज करते हुए इंदिरापुरम विस्तार के लिए प्राधिकरण द्वारा दिए जा रहे प्लॉटों के खिलाफ भी आवाज बुलंद कर दी है। कनावनी किसानों का कहना है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा इंदिरापुरम विस्तार के लिए कनावनी गांव की जमीन के संबंध में जो समय-सीमा निर्धारित की गई थी, वह समाप्त हो चुकी है। ऐसे में किसान अब किसी भी कीमत पर अपनी जमीन गाजियाबाद विकास प्राधिकरण को देने के लिए तैयार नहीं हैं। इसी मांग को लेकर आज किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी गाजियाबाद महोदय से मिला और उन्हें अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। किसानों के अनुसार जिलाधिकारी महोदय ने उनकी बात को गंभीरता से सुना और सकारात्मक रुख अपनाते हुए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। किसान कैलाश नागर ने बताया कि किसानों की सबसे बड़ी मांग अब यह है कि जिन किसानों के नाम खतौनी से काट दिए गए हैं और प्राधिकरण द्वारा अपनी प्रविष्टि दर्ज करा ली गई है, उन राजस्व अभिलेखों में किसानों के नाम पुनः दर्ज किए जाएं। उन्होंने कहा कि किसान अपनी जमीन और अधिकारों की बहाली तक शांत नहीं बैठेंगे किसानों ने कहा कि जब जमीन के अधिग्रहण की निर्धारित प्रक्रिया और समय-सीमा समाप्त हो चुकी है, तो किसानों के अधिकारों को समाप्त नहीं किया जा सकता। किसानों ने ऐलान किया कि जब तक उनकी जमीन और राजस्व अभिलेखों में उनके अधिकार बहाल नहीं किए जाते, तब तक उनका आंदोलन लगातार जारी रहेगा। किसानों ने प्रशासन से मामले का शीघ्र समाधान करने की मांग की है। आज के धरने में प्रमुख रूप से मौजूद रहे: महेंद्र नागर, श्रीचंद नागर, लखीराम शर्मा, , राजेंद्र नागर, अजब सिंह, प्रमोद, श्याम सिंह अधाना, धर्म सिंह, जयपाल नागर, करण सिंह नागर, पृथ्वी कसाना, विजय नागर, जिले नागर, अमित कसाना, बिजेंद्र सिंह आदि किसान मौजूद रहे। #kanawani #gda #dmghaziabad #indirapuramvistar
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    कनावनी किसानों का धरना 25 वें दिन भी जारी, अब इंदिरापुरम विस्तार में प्लॉट आवंटन के खिलाफ मोर्चा
किसानों ने जिलाधिकारी गाजियाबाद को सौंपा ज्ञापन, सकारात्मक कार्रवाई का मिला आश्वासन

दिनांक: 7 सितम्बर 2026
स्थान: ग्राम मोहिउद्दीनपुर कनावनी, गाजियाबाद
ग्राम कनावनी के किसानों का अपनी मांगों को लेकर चल रहा धरना आज 25 वें दिन भी लगातार जारी रहा किसान अपनी जमीन और अधिकारों की लड़ाई को लेकर धरना स्थल पर मजबूती से डटे हुए हैं किसानों ने अब अपनी मांग को और तेज करते हुए इंदिरापुरम विस्तार के लिए प्राधिकरण द्वारा दिए जा रहे प्लॉटों के खिलाफ भी आवाज बुलंद कर दी है।
कनावनी किसानों का कहना है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा इंदिरापुरम विस्तार के लिए कनावनी गांव की जमीन के संबंध में जो समय-सीमा निर्धारित की गई थी, वह समाप्त हो चुकी है। ऐसे में किसान अब किसी भी कीमत पर अपनी जमीन गाजियाबाद विकास प्राधिकरण को देने के लिए तैयार नहीं हैं।
इसी मांग को लेकर आज किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी गाजियाबाद महोदय से मिला और उन्हें अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। किसानों के अनुसार जिलाधिकारी महोदय ने उनकी बात को गंभीरता से सुना और सकारात्मक रुख अपनाते हुए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
किसान कैलाश नागर ने बताया कि किसानों की सबसे बड़ी मांग अब यह है कि जिन किसानों के नाम खतौनी से काट दिए गए हैं और प्राधिकरण द्वारा अपनी प्रविष्टि दर्ज करा ली गई है, उन राजस्व अभिलेखों में किसानों के नाम पुनः दर्ज किए जाएं। उन्होंने कहा कि किसान अपनी जमीन और अधिकारों की बहाली तक शांत नहीं बैठेंगे 
किसानों ने कहा कि जब जमीन के अधिग्रहण की निर्धारित प्रक्रिया और समय-सीमा समाप्त हो चुकी है, तो किसानों के अधिकारों को समाप्त नहीं किया जा सकता। किसानों ने ऐलान किया कि जब तक उनकी जमीन और राजस्व अभिलेखों में उनके अधिकार बहाल नहीं किए जाते, तब तक उनका आंदोलन लगातार जारी रहेगा।
किसानों ने प्रशासन से मामले का शीघ्र समाधान करने की मांग की है।
आज के धरने में प्रमुख रूप से मौजूद रहे: महेंद्र नागर, श्रीचंद नागर, लखीराम शर्मा,  , राजेंद्र नागर, अजब सिंह, प्रमोद, श्याम सिंह अधाना, धर्म सिंह, जयपाल नागर, करण सिंह नागर, पृथ्वी कसाना, विजय नागर, जिले नागर, अमित कसाना, बिजेंद्र सिंह आदि किसान मौजूद रहे।
#kanawani #gda #dmghaziabad 
#indirapuramvistar
    user_अशोक कसाना
    अशोक कसाना
    गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    22 hrs ago
  • चोरी के डर से छत के ऊपर चढ़ाई स्कॉर्पियो कार, क्रेन बुलाकर दो मंजिला छत पर चढ़ाया। वीडियो वायरल। कार का मालिक रहता है विदेश में,इंडिया में उसके पास घर और कार सब है लेकिन उसे डर था कि उसके बाद मालिक को कार चोरी का डर सताने लगा,तभी मालिक ने आइडिया लगाया कि कार को ऐसी जगह पार्क किया जो कोई चोरी नहीं कर सके,तभी मालिक ने दिमाग लगाया और कार को छत पर लोड करा दिया !
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    चोरी के डर से छत के ऊपर चढ़ाई स्कॉर्पियो कार, क्रेन बुलाकर दो मंजिला छत पर चढ़ाया। वीडियो वायरल।
कार का मालिक रहता है विदेश में,इंडिया में उसके पास घर और कार सब है लेकिन उसे डर था कि उसके बाद मालिक को कार चोरी का डर सताने लगा,तभी मालिक ने आइडिया लगाया कि कार को ऐसी जगह पार्क किया जो कोई चोरी नहीं कर सके,तभी मालिक ने दिमाग लगाया और कार को छत पर लोड करा दिया !
    user_आदर्श भारत TV
    आदर्श भारत TV
    TV News Anchor Ghaziabad, Uttar Pradesh•
    22 hrs ago
  • गाजियाबाद में वेतन भुगतान का बड़ा आदेश, लोमास इलेक्ट्रीकल को श्रमिक को ₹3,04,108 देने का निर्देश, ​वेतन भुगतान अधिनियम 1936 के तहत प्राधिकारी एवं सहायक श्रमायुक्त, गाजियाबाद ने एक अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने सुनवाई के दौरान प्रतिवादी प्रबंधन, मेसर्स लोमास इलेक्ट्रीकल इंजीनियरिंग प्रा०लि० (राजनगर, गाजियाबाद) को श्रमिक दीपक शर्मा के बकाये का दोषी पाया। ​अदालत ने निर्णय में 01 गुना क्षतिपूर्ति जोड़ते हुए वादी दीपक शर्मा के पक्ष में कुल ₹3,04,108 (तीन लाख चार हजार एक सौ आठ रुपये) की धनराशि तय की है। ​प्राधिकारी वीरेन्द्र कुमार द्वारा जारी आदेश के अनुसार, कंपनी प्रबंधन को यह पूरी राशि प्राधिकारी वेतन भुगतान अधिनियम 1936 / उप श्रमायुक्त, उ०प्र०, गाजियाबाद के नाम से बैंक ड्राफ्ट के जरिए 30 दिनों के भीतर जमा करानी होगी। निर्धारित समय में भुगतान न करने पर प्रशासन की ओर से नियमानुसार वसूली प्रमाण-पत्र जारी कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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    गाजियाबाद में वेतन भुगतान का बड़ा आदेश, लोमास इलेक्ट्रीकल को  श्रमिक को ₹3,04,108 देने का निर्देश,
​वेतन भुगतान अधिनियम 1936 के तहत प्राधिकारी एवं सहायक श्रमायुक्त,
गाजियाबाद ने एक अहम फैसला सुनाया है। 
अदालत ने सुनवाई के दौरान प्रतिवादी प्रबंधन, मेसर्स लोमास इलेक्ट्रीकल इंजीनियरिंग प्रा०लि० (राजनगर, गाजियाबाद) को श्रमिक दीपक शर्मा के बकाये का दोषी पाया।
​अदालत ने निर्णय में 01 गुना क्षतिपूर्ति जोड़ते हुए वादी दीपक शर्मा के पक्ष में कुल ₹3,04,108 (तीन लाख चार हजार एक सौ आठ रुपये) की धनराशि तय की है।
​प्राधिकारी वीरेन्द्र कुमार द्वारा जारी आदेश के अनुसार, कंपनी प्रबंधन को यह पूरी राशि प्राधिकारी वेतन भुगतान अधिनियम 1936 / उप श्रमायुक्त, उ०प्र०, गाजियाबाद के नाम से बैंक ड्राफ्ट के जरिए 30 दिनों के भीतर जमा करानी होगी। निर्धारित समय में भुगतान न करने पर प्रशासन की ओर से नियमानुसार वसूली प्रमाण-पत्र जारी कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
    user_पत्रकार जितेन्द्र ठाकुर
    पत्रकार जितेन्द्र ठाकुर
    Media house गाज़ियाबाद, गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश•
    23 hrs ago
  • "बदतमीज़ी की हद होती है, फंड क्या जेब में जा रहा है?" अफसरों पर बुरी तरह भड़कीं सीएम रेखा गुप्ता
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    "बदतमीज़ी की हद होती है, फंड क्या जेब में जा रहा है?"

अफसरों पर बुरी तरह भड़कीं सीएम रेखा गुप्ता
    user_Pro hindustan tv
    Pro hindustan tv
    प्रीत विहार, पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    3 hrs ago
  • दिल्ली में इमारत गिरने के बाद सड़क पर उतरे छात्र,ऑटो रिक्शा ड्राइवर भी समर्थन देने पहुंचे ! सत्य निकेतन हादसे को लेकर छात्रों का प्रोटेस्ट, ऑटो ड्राइवरों ने भी दिया समर्थन दिल्ली के सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने की घटना को लेकर छात्र संगठनों ने प्रोटेस्ट किया. इस दौरान ऑटो रिक्शा ड्राइवर भी छात्रों के समर्थन में पहुंचे. प्रदर्शनकारियों ने हादसे में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और छात्रों की सुरक्षा को लेकर अपनी मांगें रखीं.
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    दिल्ली में इमारत गिरने के बाद सड़क पर उतरे छात्र,ऑटो रिक्शा ड्राइवर भी समर्थन देने पहुंचे !
सत्य निकेतन हादसे को लेकर छात्रों का प्रोटेस्ट, ऑटो ड्राइवरों ने भी दिया समर्थन
दिल्ली के सत्य निकेतन में बिल्डिंग गिरने की घटना को लेकर छात्र संगठनों ने प्रोटेस्ट किया. इस दौरान ऑटो रिक्शा ड्राइवर भी छात्रों के समर्थन में पहुंचे. प्रदर्शनकारियों ने हादसे में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और छात्रों की सुरक्षा को लेकर अपनी मांगें रखीं.
    user_आदर्श भारत TV
    आदर्श भारत TV
    TV News Anchor Ghaziabad, Uttar Pradesh•
    22 hrs ago
  • सियाराम जी की गिलहरी देखिए कितना आनंद ले रही है बाबा हरिदास जी की बगीची में
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    सियाराम जी की गिलहरी देखिए कितना आनंद ले रही है बाबा हरिदास जी की बगीची में
    user_Baba Hari Das
    Baba Hari Das
    Astrologer गांधी नगर, पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    3 hrs ago
  • मणिपुर के एक संगीत शिक्षक को साउथ दिल्ली के किलोकरी में पीट-पीटकर मार डाला चोंगथम विक्रम अपने बेटे और पत्नी के साथ 10 सालों से इस क्षेत्र में रह रहे थे उन्होंने अपने घर के सामने होने वाले तेज शोर और उपद्रव पर आपत्ति जताई थी जिसके बाद 7-8 लोगों ने उन्हें
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    मणिपुर के एक संगीत शिक्षक को साउथ दिल्ली के किलोकरी में पीट-पीटकर मार डाला

चोंगथम विक्रम अपने बेटे और पत्नी के साथ 10 सालों से इस क्षेत्र में रह रहे थे
उन्होंने अपने घर के सामने होने वाले तेज शोर और उपद्रव पर आपत्ति जताई थी
जिसके बाद 7-8 लोगों ने उन्हें
    user_Inder Jeet
    Inder Jeet
    Appliance repair service मयूर विहार, पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    32 min ago
  • जाफराबाद थाने की टीम में 4 घंटे के अंदर एक नाबालिक सहित दो आरोपियों को हिरासत बलिया हत्या के मामले में उत्तर पूर्वी दिल्ली जिला के जफराबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत चौहान बांगर में 6 सितंबर की रात को 19 साल की साहिल की चाकू मारकर हत्या की थी इसमें हत्या के तहत मामला दर्ज किया और 4 घंटे के अंदर ही एक 15 साल का नाबालिक और 21 साल का एक आरोपी को गिरफ्तार किया करने वाला और आरोपी दोनों के नाम एक ही है साहिल 21 साल का आरोपी का नाम साहिल तो 19 साल का करने वाला साहिल है करने वाला उत्तर प्रदेश का रहने वाला है और करने वाला दिल्ली के गौतमपुरी का ही रहने वाला है
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    जाफराबाद थाने की टीम में 4 घंटे के अंदर एक नाबालिक सहित दो आरोपियों को हिरासत बलिया हत्या के मामले में
उत्तर पूर्वी दिल्ली जिला के जफराबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत चौहान बांगर में 6 सितंबर की रात को 19 साल की साहिल की चाकू मारकर हत्या की थी इसमें हत्या के तहत मामला दर्ज किया और 4 घंटे के अंदर ही एक 15 साल का नाबालिक और 21 साल का एक आरोपी को गिरफ्तार किया करने वाला और आरोपी दोनों के नाम एक ही है साहिल 21 साल का आरोपी का नाम साहिल तो 19 साल का करने वाला साहिल है करने वाला उत्तर प्रदेश का रहने वाला है और करने वाला दिल्ली के गौतमपुरी का ही रहने वाला है
    user_Sanjay Khan
    Sanjay Khan
    शाहदरा, शाहदरा, दिल्ली•
    5 hrs ago
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