खूनी वारदात: बख्तियारपुर फोरलेन पर अपराधियों का दुस्साहस, फायरिंग। पटना/बख्तियारपुर में अपराधियों के हौसले किस कदर बुलंद हैं, इसकी बानगी सोमवार रात करीब 8:30 बजे देखने को मिली। बख्तियारपुर-हरनौत फोरलेन पर मानसरोवर पंप के पास अज्ञात बाइक सवार अपराधियों ने दो युवकों, सैना कुमार और प्रकाश कुमार पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सैना कुमार के सीने के पास तीन गोलियां लगी हैं। जैसे ही गोलियों की गूँज सुनाई दी, इलाके में अफरा-तफरी मच गई। बख्तियारपुर थानाध्यक्ष देवानंद शर्मा ने खुद मौके पर पहुँचकर घायलों को PMCH भिजवाने की व्यवस्था की। शुरुआती चर्चाओं में इसे आपसी रंजिश बताया जा रहा है, लेकिन मुख्य सड़क पर इस तरह की गोलीबारी ने पुलिस की गश्ती और सुरक्षा दावों पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। हम इस खबर पर पल-पल की अपडेट आप तक पहुँचाते रहेंगे।"
खूनी वारदात: बख्तियारपुर फोरलेन पर अपराधियों का दुस्साहस, फायरिंग। पटना/बख्तियारपुर में अपराधियों के हौसले किस कदर बुलंद हैं, इसकी बानगी सोमवार रात करीब 8:30 बजे देखने को मिली। बख्तियारपुर-हरनौत फोरलेन पर मानसरोवर पंप के पास अज्ञात बाइक सवार अपराधियों ने दो युवकों, सैना कुमार और प्रकाश कुमार पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सैना कुमार के सीने के पास तीन गोलियां लगी हैं। जैसे ही गोलियों की गूँज सुनाई दी, इलाके में अफरा-तफरी मच गई। बख्तियारपुर थानाध्यक्ष देवानंद शर्मा ने खुद मौके पर पहुँचकर घायलों को PMCH भिजवाने की व्यवस्था की। शुरुआती चर्चाओं में इसे आपसी रंजिश बताया जा रहा है, लेकिन मुख्य सड़क पर इस तरह की गोलीबारी ने पुलिस की गश्ती और सुरक्षा दावों पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। हम इस खबर पर पल-पल की अपडेट आप तक पहुँचाते रहेंगे।"
- User1256Bakhtiarpur, Patna🤝19 hrs ago
- पटना/बख्तियारपुर : "मिसी गांव की प्राचीन कुटिया आज एक दिव्य धाम के रूप में जगमगा उठी है। मंगलवार की सुबह यहाँ अखंड कीर्तन के अवसर पर भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें भारी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। महंत सागर दास जी महाराज के नेतृत्व में मिसी की इस ऐतिहासिक धरोहर को अब पर्यटन स्थल के रूप में सवारा जा रहा है। महाराज जी ने सभी ग्रामीणों का अभिवादन करते हुए इस विकास कार्य में सहयोग की अपील की है। श्रद्धा और उल्लास का यह संगम देखने लायक है। बने रहिए हमारे साथ ऐसी ही धार्मिक और सकारात्मक खबरों के लिए। खबर जंक्शन के लिए1
- पटना से एक चौंकाने वाला वीडियो सामने आया है, जिसने स्वास्थ्य व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। राजधानी के Paras Hospitals से जुड़ा यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कुछ लोग डॉक्टर के भेष में नजर आ रहे हैं, जिन पर आरोप है कि वे मरीजों के साथ गलत व्यवहार कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि अस्पताल के अंदर इस तरह की हरकत से मरीजों और उनके परिजनों में दहशत और आक्रोश का माहौल बन गया है। #PatnaNews #ParasHospital #ViralVideo #HospitalScam #HealthSystem #BiharNews #BreakingNews #पटना_न्यूज #वायरल_वीडियो #हॉस्पिटल_सच #JusticeForPatients #TrendingNow1
- बिहार में अप्रैल 2016 से लागू शराबबंदी को अब 10 साल पूरे होने को हैं। सरकार के ताज़ा आंकड़ों (मार्च 2026 तक) और विभिन्न रिपोर्ट्स के अनुसार, इस कानून का प्रभाव और इसकी चुनौतियां दोनों ही काफी व्यापक रही हैं। 1. 10 साल का लेखा-जोखा: गिरफ्तारी और मुकदमे हाल ही में बिहार सरकार द्वारा जारी आंकड़ों और न्यायिक समीक्षा के अनुसार स्थिति कुछ इस प्रकार है: गिरफ्तारियां: पिछले 10 वर्षों में लगभग 17 लाख से अधिक लोगों को शराबबंदी कानून के उल्लंघन के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। दर्ज केस (FIR): अब तक कुल 11.37 लाख से ज्यादा मामले दर्ज किए जा चुके हैं। इनमें से लगभग 5.77 लाख केस पुलिस ने और 5.60 लाख केस उत्पाद विभाग ने दर्ज किए हैं। पेंडिंग केस और बोझ: न्यायपालिका पर इस कानून का भारी दबाव है। मार्च 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, लगभग 5.70 लाख मामलों का निपटारा किया जा चुका है, जिसका अर्थ है कि अभी भी करीब 5.67 लाख केस अदालतों में लंबित (Pending) हैं। जब्ती: 10 सालों में लगभग 4.83 करोड़ लीटर अवैध शराब जब्त की गई है, जिसमें विदेशी और देसी शराब की मात्रा लगभग बराबर है। इसके अलावा 1.67 लाख वाहन भी जब्त किए गए हैं। 2. सिस्टम की नाकामियां: एक गंभीर विश्लेषण पटना हाई कोर्ट और विभिन्न सामाजिक अध्ययनों ने शराबबंदी को लागू करने वाले सिस्टम की कई खामियों को उजागर किया है: भ्रष्टाचार और पुलिस-माफिया साठगांठ हाई कोर्ट ने कई बार टिप्पणी की है कि राज्य की मशीनरी इस कानून को पूरी तरह लागू करने में विफल रही है। आरोप है कि स्थानीय पुलिस और उत्पाद विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से शराब की होम डिलीवरी एक "समानांतर अर्थव्यवस्था" बन गई है। गरीबों पर गाज, माफिया 'आजाद' विपक्ष और सामाजिक कार्यकर्ताओं का तर्क है कि जेल जाने वाले 17 लाख लोगों में से 50% से अधिक लोग समाज के अत्यंत पिछड़े या गरीब तबके से आते हैं, जो अक्सर "कैरियर" (ढोने वाले) के रूप में इस्तेमाल होते हैं। बड़े शराब माफिया और किंगपिन अक्सर कानून के शिकंजे से बाहर रहते हैं। न्यायपालिका पर अतिरिक्त बोझ इतनी बड़ी संख्या में मुकदमों के कारण निचली अदालतों में सामान्य आपराधिक मामलों की सुनवाई प्रभावित हुई है। हालांकि सरकार ने विशेष 'एक्साइज कोर्ट' बनाए हैं, लेकिन केस पेंडेंसी की दर अभी भी बहुत ऊंची है। जहरीली शराब की त्रासदी (Hooch Tragedy) पूर्ण शराबबंदी के बावजूद, अवैध रूप से निर्मित जहरीली शराब के कारण बिहार में समय-समय पर बड़ी मौतें होती रही हैं। यह सिस्टम की विफलता का सबसे काला पक्ष है, जहाँ लोग सरकारी नियंत्रण न होने के कारण असुरक्षित रसायनों का सेवन कर लेते हैं। प्रमुख असर और वर्तमान स्थिति (2026) सकारात्मक पक्ष: महिलाओं के खिलाफ घरेलू हिंसा में कमी और ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार (शिक्षा और भोजन पर खर्च बढ़ना) दर्ज किया गया है। आर्थिक नुकसान: बिहार को सालाना लगभग 5,000 करोड़ से 8,000 करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है, जिसकी कुल भरपाई अब तक 30,000 करोड़ रुपये से अधिक मानी जा रही है। नया मोड़: 2026 के अप्रैल माह में बिहार की राजनीति में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं, जहाँ कुछ गठबंधन सहयोगी शराबबंदी कानून में ढील देने या इसे चरणबद्ध तरीके से वापस लेने पर चर्चा कर रहे हैं। Liquor Ban Impact in Bihar: A 10-Year Report 1
- Post by JMBNEWS1
- Har Har Mahadev! 🙏 कashi Vishwanath Temple में सुबह का दर्शन अत्यंत पवित्र और ऊर्जा से भर देने वाला अनुभव होता है। बाबा विश्वनाथ की कृपा आप पर बनी रहे, शांति, सुख और समृद्धि1
- Post by Vaanishree News1
- हरनौत प्रखंड के गोनावां पंचायत सरकार भवन के पास करीब नौ करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन पावर सब स्टेशन का कार्य जारी है। परियोजना पूरी होने के बाद क्षेत्र में बिजली आपूर्ति व्यवस्था मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।1
- पटना/बख्तियारपुर में अपराधियों के हौसले किस कदर बुलंद हैं, इसकी बानगी सोमवार रात करीब 8:30 बजे देखने को मिली। बख्तियारपुर-हरनौत फोरलेन पर मानसरोवर पंप के पास अज्ञात बाइक सवार अपराधियों ने दो युवकों, सैना कुमार और प्रकाश कुमार पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि सैना कुमार के सीने के पास तीन गोलियां लगी हैं। जैसे ही गोलियों की गूँज सुनाई दी, इलाके में अफरा-तफरी मच गई। बख्तियारपुर थानाध्यक्ष देवानंद शर्मा ने खुद मौके पर पहुँचकर घायलों को PMCH भिजवाने की व्यवस्था की। शुरुआती चर्चाओं में इसे आपसी रंजिश बताया जा रहा है, लेकिन मुख्य सड़क पर इस तरह की गोलीबारी ने पुलिस की गश्ती और सुरक्षा दावों पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। हम इस खबर पर पल-पल की अपडेट आप तक पहुँचाते रहेंगे।"1