12वें अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुजफ्फरनगर के रिजर्व पुलिस लाइन में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा के नेतृत्व में एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहित जनपद के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सामूहिक योगाभ्यास किया। इस दौरान माननीय प्रधानमंत्री जी के योग दिवस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी देखा गया, जिसके पश्चात् उपस्थित सभी ने उनके स्वस्थ एवं निरोगी जीवन के संदेश को आत्मसात करने का संकल्प लिया। योगाचार्य श्री योगेश ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया, साथ ही योग के शारीरिक एवं मानसिक लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी भी दी। उल्लेखनीय है कि योगाचार्य श्री योगेश 14 जून 2026 से पुलिस लाइन में आयोजित योग सप्ताह के अंतर्गत प्रतिदिन पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को योगाभ्यास करा रहे थे। अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर यह सप्ताहव्यापी योग कार्यक्रम आज समाप्त हुआ। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो व्यक्ति को स्वस्थ, अनुशासित एवं ऊर्जावान बनाता है। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि पुलिसकर्मियों के लिए योग तनाव प्रबंधन, मानसिक एकाग्रता और शारीरिक क्षमता को बढ़ाने का एक प्रभावी माध्यम है, और सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से नियमित रूप से योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के उपरांत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने योगाचार्य श्री योगेश को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इसके बाद, पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य का संदेश देते हुए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहित समस्त अधिकारियों ने रिजर्व पुलिस लाइन परिसर में फलदार एवं छायादार पौधों का रोपण किया और उनके संरक्षण का संकल्प लिया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने नियमित योगाभ्यास और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।
12वें अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मुजफ्फरनगर के रिजर्व पुलिस लाइन में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा के नेतृत्व में एक भव्य योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहित जनपद के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और सामूहिक योगाभ्यास किया। इस दौरान माननीय प्रधानमंत्री जी के योग दिवस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी देखा गया, जिसके पश्चात् उपस्थित सभी ने उनके स्वस्थ एवं निरोगी जीवन के संदेश को आत्मसात करने का संकल्प लिया। योगाचार्य श्री योगेश ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान की विधियों का अभ्यास कराया, साथ ही
योग के शारीरिक एवं मानसिक लाभों के बारे में विस्तृत जानकारी भी दी। उल्लेखनीय है कि योगाचार्य श्री योगेश 14 जून 2026 से पुलिस लाइन में आयोजित योग सप्ताह के अंतर्गत प्रतिदिन पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को योगाभ्यास करा रहे थे। अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर यह सप्ताहव्यापी योग कार्यक्रम आज समाप्त हुआ। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारतीय संस्कृति की एक अमूल्य धरोहर है, जो व्यक्ति को स्वस्थ, अनुशासित एवं ऊर्जावान बनाता है। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि पुलिसकर्मियों के लिए योग तनाव प्रबंधन, मानसिक एकाग्रता और
शारीरिक क्षमता को बढ़ाने का एक प्रभावी माध्यम है, और सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से नियमित रूप से योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के उपरांत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने योगाचार्य श्री योगेश को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इसके बाद, पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य का संदेश देते हुए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहित समस्त अधिकारियों ने रिजर्व पुलिस लाइन परिसर में फलदार एवं छायादार पौधों का रोपण किया और उनके संरक्षण का संकल्प लिया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने नियमित योगाभ्यास और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।
- जनपद में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने तथा सर्राफा व्यापारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुजफ्फरनगर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री संजय कुमार वर्मा ने सर्राफा व्यापारियों के साथ एक महत्वपूर्ण गोष्ठी आयोजित की। इस बैठक के दौरान, व्यापारियों से संवाद कर उनकी समस्याओं को सुना गया और सुरक्षा संबंधी आवश्यक सुझावों का आदान-प्रदान किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने व्यापारियों को अपनी दुकानों एवं प्रतिष्ठानों पर उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी कैमरे, अलार्म सिस्टम तथा अन्य सुरक्षा उपकरण लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति अथवा गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें, जिससे समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। गोष्ठी में साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों को देखते हुए, व्यापारियों को ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, संदिग्ध लिंक और ओटीपी साझा करने जैसी साइबर धोखाधड़ी से सतर्क रहने के लिए जागरूक किया गया। साथ ही, साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 सहित अन्य पुलिस हेल्पलाइन की जानकारी भी उन्हें प्रदान की गई। एसएसपी ने व्यापारियों को भरोसा दिलाया कि जनपद पुलिस उनकी सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।1
- मुजफ्फरनगर की थाना खालापार पुलिस ने अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में संलिप्त एक अंतरजनपदीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 10 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से 3 अवैध पिस्टल, 7 तमंचे, 10 जिंदा कारतूस, 10 मोबाइल फोन और एक सीबीजेड मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई मुखबिर की सूचना पर तहसील के पीछे स्थित एक खंडहरनुमा स्थान पर छापेमारी करके की गई। पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने यह स्वीकार किया कि वे मुजफ्फरनगर के अलावा शामली, सहारनपुर और गाजियाबाद समेत कई अन्य जिलों में अवैध हथियारों की सप्लाई करते थे। इस मामले में उमर और तस्लीम नामक दो आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश पुलिस द्वारा की जा रही है। इस सराहनीय कार्रवाई के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने थाना खालापार पुलिस टीम को ₹20,000 के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया है।1
- मुजफ्फरनगर के थाना खालापार पुलिस ने अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में संलिप्त एक अंतरजनपदीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 10 शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से तीन अवैध पिस्टल, सात तमंचे, दस जिंदा कारतूस, दस मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस के अनुसार, मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए तहसील के पीछे एक खंडहरनुमा स्थान पर छापेमारी की गई, जहां से आरोपी अवैध असलाहों के साथ पकड़े गए। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे मुजफ्फरनगर के अलावा शामली, सहारनपुर और गाजियाबाद सहित कई अन्य जनपदों में भी अवैध हथियारों की सप्लाई करते थे। इस मामले में दो अन्य आरोपी उमर और तस्लीम की तलाश अभी भी जारी है। पुलिस की इस सराहनीय कार्रवाई पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने खालापार पुलिस टीम को ₹20,000 के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया है।1
- मुजफ्फरनगर में जिला पंचायत सदस्य अमरकांत उर्फ चिकू ने अपर मुख्य अधिकारी योगेश कुमार पर भ्रष्टाचार और टेंडर प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताओं के सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। अमरकांत चिकू ने योगेश कुमार को 'महाभ्रष्ट अधिकारी' बताते हुए आरोप लगाया कि वह पूरे जिला पंचायत को बेचना चाहते हैं और नोट भरकर गाजियाबाद अपने घर जाना चाहते हैं। चिकू का दावा है कि उनके पास अधिकारी के खिलाफ सबूतों का अंबार है, जिसे वह जल्द सार्वजनिक करेंगे। चिकू के अनुसार, योगेश कुमार सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कार्यालय में नहीं बैठते हैं, बल्कि अपने आवास से काम करते हैं और कर्मचारियों को वहीं बुलाते हैं, साथ ही छुट्टी की फर्जी एप्लीकेशन देकर रखते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि करीब ढाई महीने पहले योगेश कुमार ने जिला पंचायत की गाड़ी को जिले से बाहर मेरठ टोल तक उपयोग किया था। लकड़ी के टेंडर में पारदर्शिता भंग करते हुए अपना 'कोड' डालने का आरोप भी लगा है, और चिकू ने टेंडर की विज्ञप्ति वाले अख़बारों की संख्या पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने अधिकारी पर ठेकेदारों और जमीन की प्लॉटिंग से कमीशन व रुपए वसूलने के लिए एक 'प्राइवेट अटैटेक' रखने का भी आरोप लगाया। मीडिया और सीडीओ को पत्र देने के बावजूद टेंडर निरस्त न होने को उन्होंने पैसों का लालच बताया, और कहा कि पहले का टेंडर मान्य अध्यक्ष जी ने निष्पक्ष तरीके से कराया था। अमरकांत चिकू ने चेतावनी दी है कि यदि योगेश कुमार 23 तारीख से स्थायी रूप से कार्यालय में नहीं बैठेंगे, तो वह अनशन और भूख हड़ताल करेंगे, और यदि इसके बाद भी स्थिति नहीं सुधरी और जनता के टैक्स के पैसे से वेतन पाने वाला अधिकारी अपनी ड्यूटी नहीं करेगा व जनता की पीड़ा नहीं सुनेगा, तो वह आत्मदाह करने का भी काम करेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से योगेश कुमार की संपत्ति की जांच कराने की भी मांग की, ताकि उनके पास इतना धन कहां से आता है, इसका पता चल सके। चिकू ने टेंडर को तुरंत निरस्त कर खुली बोली के माध्यम से पारदर्शी प्रक्रिया से कराने की भी मांग की है। उन्होंने दो-तीन दिन के भीतर कुछ अन्य कर्मचारियों की भी पोल खोलने की बात कही, जिनके खिलाफ उनके पास जांच और सबूत मौजूद हैं।4
- मुजफ्फरनगर में श्री कृष्ण कृपा जीओ गीता परिवार द्वारा एड अमर कांत गुप्ता की माता जी की पांचवीं पुण्यतिथि के अवसर पर एक छबील/शीतल पेय वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम फायर ब्रिगेड वाली गली में स्थित 202 ए दक्षिणी सिविल लाइंस, कृष्णा कांप्लेक्स पर संपन्न हुआ। परिवार के सचिव अतुल कुमार गर्ग ने इस आयोजन की जानकारी दी। कार्यक्रम का शुभारंभ ओम नमो भगवते वासुदेवाय महामंत्र के जाप और अष्टादश श्लोकी गीतापाठ के साथ हुआ, जिसमें सभी उपस्थित सम्मानित गणमान्य जनों ने भाग लिया। तत्पश्चात, वरिष्ठ सदस्य सुरेंद्र कुमार गुप्ता और श्याम लाल बंसल ने संयुक्त रूप से छबील/पेय वितरण का उद्घाटन किया। भीषण गर्मी के बावजूद, लगभग एक हजार राहगीरों, निकटवर्ती प्रतिष्ठानों के कर्मियों और श्री कृष्ण कृपा परिवार के सदस्यों ने इस छबील से शीतल पेय ग्रहण किया। इस अवसर पर अंकुर दुआ जी भी मौजूद रहे। आयोजन में सुरेंद्र गुप्ता, श्यामलाल बंसल, कमल गोयल, अतुल गर्ग, रामबीर सिंह, अजय गर्ग, सुभाष गर्ग, एड आरके मलिक, लोकेश चंद्रा, गिरीश अग्रवाल, संजीव, मौ आलम, विक्रांत, आरके गोयल, राजेश वर्मा और संजय अरोरा सहित विजयशंकर शर्मा तथा महाराज श्री के कई अन्य अनुयायियों ने सक्रिय रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।1
- मुज़फ्फरनगर जनपद के विकास खण्ड चरथावल क्षेत्र के ग्राम सिकंदरपुर में प्रस्तावित शराब की दुकान के विरोध में ग्रामीणों और भारतीय किसान यूनियन ने जोरदार आंदोलन किया, जिसके बाद प्रशासन ने आश्वासन दिया कि गांव के रकबे में शराब का ठेका नहीं खोला जाएगा। शनिवार को ग्रामीणों, जिनमें महिलाएं, युवा और बुजुर्ग भी शामिल थे, ने धरना-प्रदर्शन कर गांव को नशामुक्त रखने की मांग उठाई। भाकियू के एनसीआर अध्यक्ष विकास शर्मा ने आंदोलन का समर्थन करते हुए स्पष्ट किया कि ग्रामीण किसी भी कीमत पर शराब का ठेका नहीं खुलने देंगे। इस विरोध प्रदर्शन की सूचना मिलने पर आबकारी विभाग, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारी ग्रामीणों से बातचीत की। विस्तृत वार्ता के बाद, अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि गांव में शराब का ठेका नहीं खोला जाएगा, साथ ही उनकी आपत्तियों को उच्चाधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा। प्रशासन से यह स्पष्ट आश्वासन मिलने के उपरांत ग्रामीणों ने अपना धरना-प्रदर्शन समाप्त कर दिया। ग्रामीणों ने प्रशासन के इस निर्णय का स्वागत करते हुए जोर दिया कि गांव को नशामुक्त बनाए रखने के लिए यह आंदोलन अत्यंत आवश्यक था। भाकियू नेताओं ने भविष्य के लिए चेतावनी भी दी कि यदि कभी फिर से ठेका खोलने का प्रयास किया गया, तो वे एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।2
- रुड़की रोड स्थित इंडियन हॉस्पिटल पर गंभीर अनियमितताओं की शिकायत मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई शुरू की है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. सुनील तेवतिया के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने अस्पताल में छापेमारी कर गहन जांच की। यह कार्रवाई तहसील दिवस के दौरान मिली गुप्त सूचना पर आधारित थी। डॉ. महक सिंह और डॉ. अजय की संयुक्त टीम द्वारा की गई शुरुआती जांच में अस्पताल के संचालन, डॉक्टरों की तैनाती और अन्य व्यवस्थाओं में कई गंभीर कमियां सामने आई हैं। जांच को निष्पक्ष और गहराई से पूरा करने के लिए, टीम ने अस्पताल का डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर (DVR) और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज अपने कब्जे में लेकर उन्हें सील कर दिया है। सीएमओ डॉ. सुनील तेवतिया ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद इंडियन हॉस्पिटल प्रबंधन के खिलाफ सख्त और दंडात्मक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- मुजफ्फरनगर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र स्थित इंडियन हॉस्पिटल में उपचार के दौरान एक मासूम बच्चे की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। इस घटना की सूचना मिलते ही सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी भी मौके पर पहुँचे और तुरंत कार्रवाई की मांग की। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. सुनील तेवतिया ने बताया कि मामले की जाँच के लिए एक टीम को अस्पताल भेजा गया था। जाँच के दौरान डॉ. अजय ने अस्पताल का डीवीआर (डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर) सील कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग ने इस पूरे मामले की गहन जाँच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद एक बार फिर जिले के निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि जाँच रिपोर्ट आने के बाद इस प्रकरण में आगे की उचित कार्रवाई की जाएगी।1
- आज मुजफ्फरनगर के ग्राम सिकंदरपुर में शराब की दुकान के विरोध में ग्राम वासियों ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान भारतीय किसान यूनियन के नेता विकास शर्मा ने मौके पर अधिकारियों को बुलवाया, जहाँ उन्होंने सख्त रूप से कहा कि गांव में शराब की दुकान नहीं खुलने दी जाएगी। मौके पर पहुंचे आबकारी इंस्पेक्टर और चरथावल कोतवाल ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि ग्राम सिकंदरपुर में शराब की दुकान नहीं खोली जाएगी, क्योंकि पूरा गांव इसके विरोध में है और ऐसे में दुकान खोलने का कोई औचित्य नहीं बनता। इस प्रदर्शन में सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।1