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बिहार के सहरसा जिले के सौर बाजार स्थित निजी विद्यालयों में नाबालिग ई-रिक्शा चालक बच्चों को स्कूल लाते-ले जाते हैं। यह बच्चों की ज़िंदगी के साथ सीधा खिलवाड़ है, जिससे उनकी सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
मिथिलेश कुमार
बिहार के सहरसा जिले के सौर बाजार स्थित निजी विद्यालयों में नाबालिग ई-रिक्शा चालक बच्चों को स्कूल लाते-ले जाते हैं। यह बच्चों की ज़िंदगी के साथ सीधा खिलवाड़ है, जिससे उनकी सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
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- मधेपुरा के उदाकिशुनगंज में एक निजी डिलीवरी कंपनी की शाखा में बड़ी चोरी हुई है। चोर 31 हजार नकद, 16 हजार का शिपमेंट और 15 हजार का डीवीआर लेकर फरार हो गए, जिनकी करतूत सीसीटीवी में कैद है। चौंकाने वाली बात यह है कि शाखा इंचार्ज के आवेदन देने के बावजूद पुलिस ने शिकायत मिलने से इनकार किया है।4
- नौहट्टा पुलिस का बड़ा प्रहार: दुष्कर्म के आरोपियों के घर ढोल-नगाड़ों के साथ चिपकाया इश्तिहार, कुर्की की चेतावनी सहरसा। महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के प्रति अपनी कटिबद्धता दोहराते हुए सहरसा पुलिस ने एक बार फिर अपराधियों को कड़ा संदेश दिया है। जिले के नौहट्टा थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की से दुष्कर्म के मामले में फरार चल रहे तीन नामजद अभियुक्तों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के घरों पर इश्तिहार चस्पा कर उन्हें आत्मसमर्पण करने की अंतिम चेतावनी दी है ढोल-नगाड़ों के साथ गांव में मुनादी शनिवार को नौहट्टा थाना अध्यक्ष राहुल कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल ने फरार आरोपी संतोष यादव, सरवन यादव और धनी यादव के पैतृक आवास पर दबिश दी। इस दौरान पुलिस ने गांव में ढोल-नगाड़े बजवाकर मुनादी करवाई, ताकि समाज में अपराधियों का डर खत्म हो और कानून का इकबाल बुलंद हो। पुलिस की इस कार्रवाई को देखने के लिए ग्रामीणों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। थाना अध्यक्ष ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि तीनों आरोपी तय समय सीमा के भीतर न्यायालय या थाने में आत्मसमर्पण नहीं करते हैं, तो उनके घरों की कुर्की-जप्ती (Property Attachment) की जाएगी। पुलिस प्रशासन उनकी चल-अचल संपत्ति को जब्त करने की प्रक्रिया शुरू कर देगा। इस महत्वपूर्ण कार्रवाई में नौहट्टा पुलिस की टीम पूरी तरह मुस्तैद दिखी। नौहट्टा पुलिस की इस त्वरित और सख्त कार्रवाई की आम जनता जमकर सराहना कर रही है। लोगों का कहना है कि पुलिस के इस कड़े रुख से न केवल पीड़ित परिवार को न्याय की उम्मीद जगी है, बल्कि इलाके के असामाजिक तत्वों और अपराधियों में भी भारी दहशत का माहौल है। सहरसा पुलिस की यह कार्रवाई जिले में 'जीरो टॉलरेंस' नीति का जीवंत उदाहरण पेश करती है।1
- gwalpara . Gram Post Shyam ward number 13 main nal ki problem hai jismein 1 sal se Pani nahin a Raha Hai peene Wale1
- “एकमुश्त यातायात चालान निपटान योजना–2026” समाचार लिखे जाने तक लगभग 163 चालानों का निष्पादन, करीब 3,46,500/- रुपये हुए जमा राष्ट्रीय लोक अदालत में उमड़ी भारी भीड़ टाउन हॉल, सुपौल में सुबह से देर शाम तक चालान निष्पादन को लेकर जुटे रहे वाहन स्वामी सुपौल। जिले के टाउन हॉल, सुपौल में शनिवार को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में ट्रैफिक एवं परिवहन विभाग से संबंधित लंबित चालानों के निष्पादन हेतु सुबह से ही भारी भीड़ देखने को मिली। बड़ी संख्या में वाहन स्वामी अपने लंबित ट्रैफिक ई-चालानों के निष्पादन के लिए आयोजन स्थल पर पहुंचे और परिवहन विभाग द्वारा बनाए गए विभिन्न सहायता एवं भुगतान काउंटरों पर देर तक डटे रहे। बिहार सरकार के परिवहन विभाग द्वारा लागू “एकमुश्त यातायात चालान निपटान योजना–2026” के तहत आयोजित इस विशेष अभियान में वाहन स्वामियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से 90 दिनों से अधिक समय से लंबित ट्रैफिक चालानों का सरल एवं त्वरित निष्पादन किया गया। योजना के अंतर्गत शमन राशि में 50 प्रतिशत तक राहत मिलने के कारण आम लोगों में विशेष उत्साह देखा गया। सुबह से ही टाउन हॉल परिसर में वाहन स्वामियों की लंबी कतारें लगी रहीं। कई लोग अपने परिवार एवं आवश्यक दस्तावेजों के साथ पहुंचे थे। परिवहन विभाग द्वारा चालान सत्यापन, भुगतान, तकनीकी सहायता एवं मार्गदर्शन के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए गए थे, जहां अधिकारियों एवं कर्मियों द्वारा लोगों की सहायता की जा रही थी। ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से भुगतान की सुविधा उपलब्ध रहने के कारण लोगों को काफी सहूलियत हुई। समाचार लिखे जाने तक लगभग 163 चालानों का निष्पादन किया जा चुका था, जबकि करीब साढ़े तीन लाख रुपये की शमन राशि जमा की जा चुकी थी। अधिकारियों के अनुसार देर शाम तक यह संख्या और बढ़ने की संभावना है। राष्ट्रीय लोक अदालत के दौरान व्यवस्था एवं निष्पादन कार्य का निरीक्षण माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सुपौल द्वारा किया गया। उन्होंने मौके पर उपस्थित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए तथा आम नागरिकों की सुविधा के लिए की गई व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत त्वरित न्याय एवं जनसुविधा उपलब्ध कराने का प्रभावी माध्यम है और इससे आम लोगों को काफी राहत मिल रही है। वहीं जिला पदाधिकारी, सुपौल द्वारा भी आयोजन स्थल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न काउंटरों पर जाकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को निष्पादन प्रक्रिया को और सुगम एवं व्यवस्थित बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का प्रयास है कि लोक अदालत में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति का कार्य सरल एवं पारदर्शी तरीके से निष्पादित हो। जिला प्रशासन एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा वाहन स्वामियों की सुविधा के लिए पेयजल, बैठने की व्यवस्था, सहायता डेस्क एवं तकनीकी सहयोग की समुचित व्यवस्था की गई थी। आयोजन स्थल पर लोगों को चालान संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने के लिए विशेष कर्मियों की प्रतिनियुक्ति भी की गई थी। अधिकारियों ने बताया कि इस विशेष अभियान का उद्देश्य आम लोगों को पुराने लंबित ट्रैफिक चालानों एवं भारी जुर्माने से राहत देना, न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम करना तथा लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक बनाना है। जिला प्रशासन ने वाहन स्वामियों से अपील की है कि जिनके ट्रैफिक चालान अब भी लंबित हैं, वे भविष्य में भी परिवहन विभाग द्वारा संचालित योजनाओं एवं विशेष अभियानों का लाभ उठाकर अपने मामलों का समय पर निष्पादन कराएं।1
- Post by Purushottam Yadav @1211
- सुपौल के त्रिवेणीगंज में एक नया गीत आजकल खूब पसंद किया जा रहा है। इसके बोल 'कब हो दाएँ बाएँ देखे ले संगतिया रे...' स्थानीय लोगों की जुबान पर चढ़ गए हैं। लोग इसके अर्थ और धुन को लेकर उत्सुक हैं, जिससे यह चर्चा का विषय बन गया है।1
- नौहट्टा में डिग्री कॉलेज की मांग को लेकर युवाओं ने भरी हुंकार, आंदोलन की दी चेतावनी नौहट्टा क्षेत्र के युवाओं ने नौहट्टा में डिग्री कॉलेज की स्थापना की मांग को लेकर अपनी आवाज बुलंद करनी शुरू कर दी है। शनिवार, 9 मई 2026 को संध्या करीब 5 बजे नौहट्टा दुर्गा स्थान परिसर में स्थानीय युवा साथियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य डिग्री कॉलेज से संबंधित अड़चनों को दूर करना और भविष्य की रणनीति तैयार करना था। बैठक में सर्वसम्मति से निम्नलिखित प्रस्ताव पारित किए गए और अपनी मांगों को प्रशासन के समक्ष रखने का संकल्प लिया गया युवाओं ने मांग की है कि पूर्व में नौहट्टा मुख्यालय में डिग्री कॉलेज के लिए अंचलाधिकारी (C.O.) द्वारा जो अनुशंसा की गई थी, उससे संबंधित सभी आवश्यक कागजात सार्वजनिक किए जाएं और उपलब्ध कराए जाएं। बैठक में मौजूद युवाओं ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि यदि नौहट्टा में डिग्री कॉलेज की अनुमति नहीं दी जाती है, तो वे चुप नहीं बैठेंगे। इसके लिए व्यापक धरना-प्रदर्शन और उग्र आंदोलन करने के लिए सभी युवा पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं रणनीति के तहत, आगामी 11 मई 2026 को युवाओं का एक प्रतिनिधिमंडल अंचलाधिकारी से मुलाकात करेगा और कॉलेज की वर्तमान स्थिति के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त करेगा।बैठक में उपस्थित वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा के अधिकार और क्षेत्र के विकास के लिए डिग्री कॉलेज का होना अनिवार्य है। इस अवसर पर भारी संख्या में युवा उपस्थित थे, जिन्होंने इस मुहिम को सफल बनाने के लिए हस्ताक्षर अभियान और अन्य माध्यमों से समर्थन जताया।1
- मधेपुरा के बिहारिगंज वार्ड नंबर 7 में जल-विकास का काम रुका हुआ है। घरों तक पानी पहुंचने के बावजूद, अन्य आवश्यक योजनाएं पूरी नहीं हो पा रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों में चिंता है।3
- बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को नया स्वास्थ्य मंत्री बनाने के लिए भाजपा सरकार का धन्यवाद किया गया है। यह कदम राज्य की राजनीति में नई चर्चा और अटकलों को जन्म दे रहा है।1