वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच कराने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन प्रेषित.. बलिया।। जिला-बस्ती, थाना-परशुरामपुर पर तत्कालीन थाना प्रभारी के बतौर तैनात वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड (निवासी जिला-देवरिया, थाना-कोतवाली देवरिया अन्तर्गत ग्राम-मुड़ाडीह) की गत दिनों संदिग्ध अवस्था में मौत/हत्याकाण्ड की उच्चस्तरीय जांच मा.उच्च न्यायालय के मा.न्यायाधीश की निगरानी में केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो(सी.बी.आई.) से कराने व दोषियों को कठोर से कठोर सजा दिये जाने की मांग को लेकर इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के तत्वावधान में बलिया जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि नगर मजिस्ट्रेट रामश्रय वर्मा को सौंपा गया। इस दौरान इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अरविन्द गोंडवाना ने कहा कि एसएसआई अजय कुमार गोंड की पहले गायब हो जाना तथा कुछ दिन बाद ही अयोध्या के सरयू नदी में उनके शव का मिलना प्रथम दृष्टया संदेहास्पद है। एसएसआई अजय कुमार गोंड की पत्नी व उनके छोटे भाई झांसी में अपर जिलाधिकारी के पद पर तैनात अरूण कुमार गोंड ने भी हत्या किये जाने का अंदेशा जताते हुए पूरे घटनाक्रम की सीबीआई जांच की मांग की है! इसलिए अब ऐसी स्थिति में इस गम्भीर प्रकरण हत्याकाण्ड का पर्दाफास उच्चस्तरीय जांच सीबीआई से ही सम्भव है। आईपीएस के जिलाध्यक्ष सुरेश शाह ने कहा कि आम जनता की सुरक्षा की जिम्मेदार जब पुलिस ही सुरक्षित नहीं है तो आम जनता का क्या हाल हो सकता है इसलिए अब ऐसी स्थिति में आम जनता को भी अपना सुरक्षा चक्र खुद विकसित करने हेतु संगठित होने की आवश्यकता है। एसएसआई अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच की बात को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन के दौरान आईपीएस नेता अरविन्द गोंडवाना सहित जिलाध्यक्ष सुरेश शाह, संजय गोंड, अजीत कुमार गोंड, हरिशंकर गोंड, ददन प्रसाद, ओमप्रकाश गोंड, विजय शाह, त्रिलोकी नाथ, बबलू गोंड, अनुज कुमार, जयप्रकाश, नितिश कुमार, अंकित गोंड, रविन्द कुमार, मंगरू प्रसाद, मुकेश गोंड, मंटू कुमार, संतोष कुमार, अशोक कुमार, राजकुमार, विशल कुमार आदि लोग रहे।
वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच कराने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन प्रेषित.. बलिया।। जिला-बस्ती, थाना-परशुरामपुर पर तत्कालीन थाना प्रभारी के बतौर तैनात वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड (निवासी जिला-देवरिया, थाना-कोतवाली देवरिया अन्तर्गत ग्राम-मुड़ाडीह) की गत दिनों संदिग्ध अवस्था में मौत/हत्याकाण्ड की उच्चस्तरीय जांच मा.उच्च न्यायालय के मा.न्यायाधीश की निगरानी में केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो(सी.बी.आई.) से कराने व दोषियों को कठोर से कठोर सजा दिये जाने की मांग को लेकर इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के तत्वावधान में बलिया जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि नगर मजिस्ट्रेट रामश्रय वर्मा को सौंपा गया। इस दौरान इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अरविन्द गोंडवाना ने कहा कि एसएसआई अजय कुमार गोंड की पहले गायब हो जाना तथा कुछ दिन बाद ही अयोध्या के सरयू नदी में उनके शव का मिलना प्रथम दृष्टया संदेहास्पद है। एसएसआई अजय कुमार गोंड की पत्नी व उनके छोटे भाई झांसी में अपर जिलाधिकारी के पद पर तैनात अरूण कुमार गोंड ने भी हत्या किये जाने का अंदेशा जताते हुए पूरे घटनाक्रम की सीबीआई जांच की मांग की है! इसलिए अब ऐसी स्थिति में इस गम्भीर प्रकरण हत्याकाण्ड का पर्दाफास उच्चस्तरीय जांच सीबीआई से ही सम्भव है। आईपीएस के जिलाध्यक्ष सुरेश शाह ने कहा कि आम जनता की सुरक्षा की जिम्मेदार जब पुलिस ही सुरक्षित नहीं है तो आम जनता का क्या हाल हो सकता है इसलिए अब ऐसी स्थिति में आम जनता को भी अपना सुरक्षा चक्र खुद विकसित करने हेतु संगठित होने की आवश्यकता है। एसएसआई अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच की बात को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन के दौरान आईपीएस नेता अरविन्द गोंडवाना सहित जिलाध्यक्ष सुरेश शाह, संजय गोंड, अजीत कुमार गोंड, हरिशंकर गोंड, ददन प्रसाद, ओमप्रकाश गोंड, विजय शाह, त्रिलोकी नाथ, बबलू गोंड, अनुज कुमार, जयप्रकाश, नितिश कुमार, अंकित गोंड, रविन्द कुमार, मंगरू प्रसाद, मुकेश गोंड, मंटू कुमार, संतोष कुमार, अशोक कुमार, राजकुमार, विशल कुमार आदि लोग रहे।
- वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच कराने की मांग को लेकर प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन प्रेषित.. बलिया।। जिला-बस्ती, थाना-परशुरामपुर पर तत्कालीन थाना प्रभारी के बतौर तैनात वरिष्ठ पुलिस उपनिरीक्षक अजय कुमार गोंड (निवासी जिला-देवरिया, थाना-कोतवाली देवरिया अन्तर्गत ग्राम-मुड़ाडीह) की गत दिनों संदिग्ध अवस्था में मौत/हत्याकाण्ड की उच्चस्तरीय जांच मा.उच्च न्यायालय के मा.न्यायाधीश की निगरानी में केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो(सी.बी.आई.) से कराने व दोषियों को कठोर से कठोर सजा दिये जाने की मांग को लेकर इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के तत्वावधान में बलिया जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व राज्यपाल जी को सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि नगर मजिस्ट्रेट रामश्रय वर्मा को सौंपा गया। इस दौरान इंडियन पीपुल्स सर्विसेज(आईपीएस) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अरविन्द गोंडवाना ने कहा कि एसएसआई अजय कुमार गोंड की पहले गायब हो जाना तथा कुछ दिन बाद ही अयोध्या के सरयू नदी में उनके शव का मिलना प्रथम दृष्टया संदेहास्पद है। एसएसआई अजय कुमार गोंड की पत्नी व उनके छोटे भाई झांसी में अपर जिलाधिकारी के पद पर तैनात अरूण कुमार गोंड ने भी हत्या किये जाने का अंदेशा जताते हुए पूरे घटनाक्रम की सीबीआई जांच की मांग की है! इसलिए अब ऐसी स्थिति में इस गम्भीर प्रकरण हत्याकाण्ड का पर्दाफास उच्चस्तरीय जांच सीबीआई से ही सम्भव है। आईपीएस के जिलाध्यक्ष सुरेश शाह ने कहा कि आम जनता की सुरक्षा की जिम्मेदार जब पुलिस ही सुरक्षित नहीं है तो आम जनता का क्या हाल हो सकता है इसलिए अब ऐसी स्थिति में आम जनता को भी अपना सुरक्षा चक्र खुद विकसित करने हेतु संगठित होने की आवश्यकता है। एसएसआई अजय कुमार गोंड हत्याकाण्ड की सीबीआई जांच की बात को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन के दौरान आईपीएस नेता अरविन्द गोंडवाना सहित जिलाध्यक्ष सुरेश शाह, संजय गोंड, अजीत कुमार गोंड, हरिशंकर गोंड, ददन प्रसाद, ओमप्रकाश गोंड, विजय शाह, त्रिलोकी नाथ, बबलू गोंड, अनुज कुमार, जयप्रकाश, नितिश कुमार, अंकित गोंड, रविन्द कुमार, मंगरू प्रसाद, मुकेश गोंड, मंटू कुमार, संतोष कुमार, अशोक कुमार, राजकुमार, विशल कुमार आदि लोग रहे।1
- प्रशासनिक उदासीनता का शिकार हुए दिव्यांग, यूडीआईडी कार्ड बनवाने में छूटा पसीना स्क्रिप्ट: सीवान जिले के मैरवा में यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए लगाए गए विशेष कैंप में अव्यवस्था देखने को मिली। बड़ी संख्या में पहुंचे दिव्यांगजनों को छोटी-छोटी कमियों के नाम पर बार-बार साइबर कैफे और कैंप के चक्कर लगाने पड़े, जिससे करीब दो दर्जन से अधिक लोगों का आवेदन नहीं हो सका। आरोप है कि अधिकारी निर्धारित समय से पहले ही कैंप बंद कर चले गए, जिसके कारण कई दिव्यांगों का आवेदन अधूरा रह गया। दिव्यांगजनों ने बताया कि सरकार की योजनाओं का लाभ लेने के लिए वे सुबह से भटकते रहे, लेकिन प्रशासनिक लापरवाही के कारण उन्हें निराश होना पड़ा। मामले में जब मैरवा के प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक शाहिद अली अंसारी से संपर्क करने की कोशिश की गई, तब उन्होंने फोन रिसीव करना उचित नहीं समझा।आक्रोशित दिव्यांगजनों ने बेहतर व्यवस्था और जिम्मेदारी तय करने की मांग की है।1
- बिल्थरा रोड स्टेशन पर मानवता की मिसाल: नशे की हालत में ट्रेन से गिरे युवक की व्यापारियों की तत्परता से बची जान ! बिल्थरा रोड। आजमगढ़ जनपद के निवासी सूर्यनाथ पुत्र (45)लाल बहादुर, जो किसी कार्यवश आजमगढ़ से निकलकर मऊ में कार्यरत थे, सोमवार की शाम करीब 8 बजे बिल्थरा रोड रेलवे स्टेशन पर एक गंभीर हादसे का शिकार हो गए। बताया जा रहा है कि वह नशे की हालत में थे और किसी परिस्थिति में ट्रेन से गिरकर रेलवे ट्रैक पर जा पड़े, जिससे वह बुरी तरह घायल हो गए। उसी दौरान किसी कार्य से रेलवे स्टेशन पहुंचे स्वर्ण व्यवसायी शुभम वर्मा की नजर ट्रैक पर गिरे घायल युवक पर पड़ी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने अपने मित्रों प्रीतम वर्मा और आकाश सोनी के साथ मिलकर मानवता और साहस का परिचय देते हुए घायल को सुरक्षित ट्रैक से बाहर निकाला। इसके बाद उनके मित्रों की मदद से घायल को प्लेटफार्म पर लाया गया और तत्काल जीआरपी बिल्थरा रोड को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही जीआरपी मौके पर पहुंची और घायल को इलाज के लिए ले जाने की प्रक्रिया शुरू की। इस संबंध में जीआरपी चौकी प्रभारी बिल्थरा रोड अबूसाद अहमद ने बताया कि “सूचना मिलने के बाद घायल युवक को उपचार हेतु सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सीयर ले जाया जा रहा है।” प्राथमिक जानकारी के अनुसार अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह हादसा नशे की स्थिति में संतुलन बिगड़ने के कारण हुआ। घटना के बाद स्टेशन परिसर में मौजूद लोगों ने शुभम वर्मा, प्रीतम वर्मा और आकाश सोनी की सजगता, संवेदनशीलता और मानवता की जमकर सराहना की।2
- गुप्त रोग शीघ्रपतन शुक्राणु स्वप्नदोष मर्दाना ताकत फायदा नहीं तो डबल पैसा वापस 100% गारंटी के साथ संपर्क करें डॉक्टर पंकज कुमार 9572291304, 70910778981
- बलिया व्यूरो रिपोर्ट रेलवे फाटक जाम आमजन के लिए बना बड़ी समस्या ।1
- मऊ रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को उस समय हंगामा खड़ा हो गया, जब ड्यूटी को लेकर पार्सल अधीक्षक और RPF जवान के बीच तीखी बहस हो गई। दोनों के बीच बढ़ती नोकझोंक का वीडियो किसी यात्री ने अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया और सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया, जिसके बाद यह वीडियो तेजी से वायरल हो गया। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पार्सल अधीक्षक और RPF जवान एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं। मौके पर मौजूद यात्रियों और रेलवे कर्मचारियों ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन दोनों अपनी बात पर अड़े रहे। सूत्रों के अनुसार, विवाद की शुरुआत तब हुई जब पार्सल की आवाजाही को लेकर RPF जवान ने आपत्ति जताई। इसी बात पर बहस बढ़ती चली गई और मामला गर्मा-गर्मी तक पहुंच गया। घटना के बाद स्टेशन पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। रेलवे प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं। बताया जा रहा है कि दोनों कर्मचारियों से पूछताछ की जाएगी और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई होगी। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि ऐसी घटनाएं विभाग की छवि को नुकसान पहुंचाती हैं, इसलिए मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कदम उठाए जाएंगे।1
- हापुड़ में मोबाइल चोरी के शक में युवक के साथ बर्बरता — दबंगों ने उसे जंगल में ले जाकर “मुर्गा” बनवाया, ऊपर ईंट रखकर बेरहमी से पीटा और वीडियो बनाकर वायरल किया। मामला नगर कोतवाली क्षेत्र के दस्तोई मार्ग का।1
- गंगोत्री स्कूल में मनाई गई राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस,350 बच्चों ने दवा खाई....1