नवादा में चाकूबाजी से तनाव होली विवाद की रंजिश में युवक पर हमला पुलिस कैंप, एसआईटी गठन और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी नवादा में चाकूबाजी से तनाव होली विवाद की रंजिश में युवक पर हमला पुलिस कैंप, एसआईटी गठन और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी बिहार पुलिस के अंतर्गत नवादा पुलिस ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया है कि जिले के धमौल थाना क्षेत्र के तुर्कवन गांव में पुरानी रंजिश को लेकर हुई हिंसक घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। घटना में एक युवक को चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया, जिसके बाद पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन किया गया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार यह घटना 10 मई 2026 की शाम करीब 8:15 बजे की है। धमौल थाना क्षेत्र अंतर्गत तुर्कवन गांव निवासी चौकीदार 7/1 जितेंद्र पासवान के पुत्र रामपत यादव, उम्र लगभग 22 वर्ष, पर गांव के ही आनंदी यादव तथा अन्य अज्ञात अपराधियों द्वारा हमला किया गया। आरोप है कि हमलावरों ने युवक पर चाकू से वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और परिजनों द्वारा तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही धमौल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल युवक को इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पकरीबरावां भेजा गया। वहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। फिलहाल घायल युवक का इलाज जारी है और उसकी स्थिति पर डॉक्टरों की निगरानी बनी हुई है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि मामला आपसी विवाद और पुरानी रंजिश से जुड़ा हुआ है। पुलिस के अनुसार इसी वर्ष होली पर्व के दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट की घटना हुई थी। उस समय दोनों पक्षों द्वारा एक-दूसरे के खिलाफ प्रतिलोम प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने उस मामले में जांच के बाद दोनों पक्षों के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई भी की थी और आरोपितों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र भी समर्पित किया जा चुका है। बताया जा रहा है कि होली के समय हुए विवाद के बाद से दोनों पक्षों के बीच तनाव लगातार बना हुआ था। गांव के लोगों का कहना है कि कई बार पंचायत स्तर पर समझौते की कोशिश भी हुई, लेकिन दोनों पक्षों के बीच दुश्मनी समाप्त नहीं हो सकी। इसी पुरानी रंजिश ने अब एक बार फिर हिंसक रूप ले लिया और युवक पर जानलेवा हमला कर दिया गया। घटना के बाद नवादा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना में शामिल सभी अपराधियों की पहचान की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। कई संदिग्ध ठिकानों पर पुलिस टीम दबिश दे रही है। प्रशासन ने गांव में किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती भी कर दी है। तुर्कवन गांव और आसपास के इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और लोग सुरक्षित महसूस कर सकें। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी स्वयं गांव में कैंप कर रहे हैं और पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और गांव में शांति व्यवस्था कायम है। हालांकि प्रशासन किसी भी तरह की अफवाह से बचने की अपील कर रहा है। अधिकारियों ने लोगों से सोशल मीडिया पर भ्रामक पोस्ट साझा नहीं करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की बात कही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के बाद गांव में भय का माहौल जरूर बना है, लेकिन पुलिस की लगातार मौजूदगी से लोगों में भरोसा कायम हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी हो ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि छोटे-छोटे विवाद किस तरह समय के साथ गंभीर आपराधिक घटनाओं में बदल जाते हैं। सामाजिक जानकारों का कहना है कि गांवों में बढ़ती आपसी दुश्मनी और युवाओं के बीच हिंसक प्रवृत्ति चिंता का विषय बनती जा रही है। यदि समय रहते ऐसे विवादों का समाधान नहीं किया जाए तो वे बड़ी घटनाओं का कारण बन सकते हैं। फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस की नजर बनी हुई है। नवादा पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कानून के अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने यह भी कहा है कि क्षेत्र में शांति बनाए रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं और किसी भी असामाजिक तत्व को बख्शा नहीं जाएगा।
नवादा में चाकूबाजी से तनाव होली विवाद की रंजिश में युवक पर हमला पुलिस कैंप, एसआईटी गठन और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी नवादा में चाकूबाजी से तनाव होली विवाद की रंजिश में युवक पर हमला पुलिस कैंप, एसआईटी गठन और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी बिहार पुलिस के अंतर्गत नवादा पुलिस ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया है कि जिले के धमौल थाना क्षेत्र के तुर्कवन गांव में पुरानी रंजिश को लेकर हुई हिंसक घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। घटना में एक युवक को चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया, जिसके बाद पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन किया गया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार यह घटना 10 मई 2026 की शाम करीब 8:15 बजे की है। धमौल थाना क्षेत्र अंतर्गत तुर्कवन गांव निवासी चौकीदार 7/1 जितेंद्र पासवान के पुत्र रामपत यादव, उम्र लगभग 22 वर्ष, पर गांव के ही आनंदी यादव तथा अन्य अज्ञात अपराधियों द्वारा हमला किया गया। आरोप है कि हमलावरों ने युवक पर चाकू से वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और परिजनों द्वारा तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही धमौल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल युवक को इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पकरीबरावां भेजा गया। वहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए हायर सेंटर रेफर कर दिया। फिलहाल घायल युवक का इलाज जारी है और उसकी स्थिति पर डॉक्टरों की निगरानी बनी हुई है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि मामला आपसी विवाद और पुरानी रंजिश से जुड़ा हुआ है। पुलिस के अनुसार इसी वर्ष होली पर्व के दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट की घटना हुई थी। उस समय दोनों पक्षों द्वारा एक-दूसरे के खिलाफ प्रतिलोम प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने उस मामले में जांच के बाद दोनों पक्षों के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई भी की थी और आरोपितों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र भी समर्पित किया जा चुका है। बताया जा रहा है कि होली के समय हुए विवाद के बाद से दोनों पक्षों के बीच तनाव लगातार बना हुआ था। गांव के लोगों का कहना है कि कई बार पंचायत स्तर पर समझौते की कोशिश भी हुई, लेकिन दोनों पक्षों के बीच दुश्मनी समाप्त नहीं हो सकी। इसी पुरानी रंजिश ने अब एक बार फिर हिंसक रूप ले लिया और युवक पर जानलेवा हमला कर दिया गया। घटना के बाद नवादा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना में शामिल सभी अपराधियों की पहचान की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। कई संदिग्ध ठिकानों पर पुलिस टीम दबिश दे रही है। प्रशासन ने गांव में किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती भी कर दी है। तुर्कवन गांव और आसपास के इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और लोग सुरक्षित महसूस कर सकें। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी स्वयं गांव में कैंप कर रहे हैं और पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और गांव में शांति व्यवस्था कायम है। हालांकि प्रशासन किसी भी तरह की अफवाह से बचने की अपील कर रहा है। अधिकारियों ने लोगों से सोशल मीडिया पर भ्रामक पोस्ट साझा नहीं करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की बात कही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के बाद गांव में भय का माहौल जरूर बना है, लेकिन पुलिस की लगातार मौजूदगी से लोगों में भरोसा कायम हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी हो ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि छोटे-छोटे विवाद किस तरह समय के साथ गंभीर आपराधिक घटनाओं में बदल जाते हैं। सामाजिक जानकारों का कहना है कि गांवों में बढ़ती आपसी दुश्मनी और युवाओं के बीच हिंसक प्रवृत्ति चिंता का विषय बनती जा रही है। यदि समय रहते ऐसे विवादों का समाधान नहीं किया जाए तो वे बड़ी घटनाओं का कारण बन सकते हैं। फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस की नजर बनी हुई है। नवादा पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कानून के अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने यह भी कहा है कि क्षेत्र में शांति बनाए रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं और किसी भी असामाजिक तत्व को बख्शा नहीं जाएगा।
- नवादा के कहुआरा गाँव में सड़क पर अतिक्रमण, ईंट, बालू और जानवरों के जमावड़े ने ग्रामीणों का आवागमन बाधित कर दिया है। टूटी नालियों से परेशानी और बढ़ गई है, जिससे लोगों को रोजमर्रा की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द अतिक्रमण हटाने और सड़क व्यवस्था सुधारने की मांग की है।1
- दुख की इस घड़ी में साथ खड़ी रहीं जनप्रतिनिधि खुखड़ी पंचायत के सिरसिया ग्राम निवासी श्री महेंद्र यादव जी के आवास पर पहुँचकर उनके नाती के निधन पर शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर गहरी संवेदनाएँ व्यक्त की गईं। वहीं ग्राम खरजमा निवासी 25 वर्षीय युवक सुमन कुमार की सड़क दुर्घटना में असामयिक मृत्यु होने पर उनके परिवार से मिलकर दुःख साझा किया गया। इस दौरान परिजनों को ढांढस बंधाते हुए कहा गया कि इस अपूरणीय क्षति की भरपाई संभव नहीं है, लेकिन दुख की इस घड़ी में हम सभी परिवार के साथ खड़े हैं। दिवंगत आत्माओं की शांति एवं शोक संतप्त परिवारों को दुःख सहने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की गई।3
- नवादा पुलिस ने दो महिला चेन स्नेचर को गिरफ्तार करने का दावा किया है। हालांकि, प्रेस के सामने दिए गए पुलिस के बयान में गलतबयानी का आरोप लगने से अब उनकी कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं।2
- एक पुरानी वीडियो में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए गए हैं। वीडियो में कहा गया है कि प्रधानमंत्री मोदी जैसे नेता झूठ नहीं बोलते, लेकिन EVM पर लगातार उठ रहे संदेह कुछ गड़बड़ होने की ओर इशारा करते हैं। यह मुद्दा आज भी चर्चा में है और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर गंभीर बहस छेड़ता है।1
- यह कविता मां के अनमोल प्यार और त्याग को समर्पित है, जो जन्नत के फूल जैसी है। इसमें बताया गया है कि मां की हर दुआ कबूल होती है और उन्हें नाराज करना सबसे बड़ी भूल है। मदर्स डे के अवसर पर मां के चरणों की मिट्टी को जन्नत की धूल बताया गया है।1
- नवादा जिले के महाऊगाय मंझियामा ग्राम पंचायत में नाली और गली निर्माण का काम अधूरा पड़ा है। ग्रामीणों का आरोप है कि मुखिया उषा कुमारी यादव ने केवल अपनी गली में काम करवाया, जबकि पंडित जी टोला अब भी बदहाल है। लोग सरकार से इस समस्या पर ध्यान देने और सभी क्षेत्रों में समान विकास की अपील कर रहे हैं।1
- सोशल मीडिया की लत ने उजाड़ दिया घर! पत्नी का पति ने किया “जिंदा पिंडदान” रिपोर्ट :- अभिषेक सिंह सोशल मीडिया की लत ने उजाड़ दिया घर! पत्नी का पति ने किया “जिंदा पिंडदान” नदी में बहाई तस्वीर, समाज को दिया बड़ा संदेश! जब रिश्तों की जगह मोबाइल ले ले और परिवार से ज्यादा अहमियत फॉलोअर्स को मिलने लगे, तब इंसान अपनों के लिए जिंदा होकर भी मर जाता हैँ! कुछ इसी दर्द और टूटे हुए विश्वास के साथ एक पति ने अपनी पत्नी का “जिंदा पिंडदान” कर पूरे समाज को झकझोर देने वाला संदेश दिया। यह घटना अब सोशल मिडिया में चर्चा का विषय बनी हुई है और सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रही है। घटना के दौरान पति विधि विधान के साथ नदी किनारे पहुंचा। वहां उसने पत्नी की तस्वीर रखकर पिंडदान की प्रक्रिया शुरू की। मौजूद लोगों के अनुसार, पति की आंखों में आंसू थे और चेहरे पर गहरा दर्द साफ दिखाई दे रहा था। सबसे हैरान करने वाला पल तब आया, जब पति ने पत्नी की तस्वीर पर थूकते हुए कहा की जिस रिश्ते में सम्मान और विश्वास खत्म हो जाए, वह रिश्ता मेरे लिए मर चुका है। इसके बाद उसने पत्नी की तस्वीर को नदी में प्रवाहित कर दिया। वहां मौजूद लोग कुछ देर के लिए स्तब्ध रह गए। कई लोगों की आंखें नम हो गईं, तो कई लोग इस पूरे घटनाक्रम को आधुनिक समाज के लिए चेतावनी मानने लगे। रील्स की दुनिया में खो गई पत्नी, जानकारी के अनुसार, महिला सोशल मीडिया पर लगातार रील्स और छोटे वीडियो बनाने में व्यस्त रहती थी। धीरे धीरे यह शौक उसकी प्राथमिकता बन गया। परिवार, घर और रिश्तों से ज्यादा समय मोबाइल कैमरे और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को मिलने लगा। पति का आरोप है कि उसने कई बार समझाने की कोशिश की, लेकिन पत्नी पर सोशल मीडिया की लोकप्रियता का ऐसा असर था कि उसने पारिवारिक जिम्मेदारियों और रिश्तों की भावनाओं को नजरअंदाज करना शुरू कर दिया। बताया जाता है कि घर में आए दिन विवाद होने लगे थे। पति मानसिक तनाव में रहने लगा और अंततः उसने समाज को जागरूक करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया। ईस दौरान गांव और समाज में छिड़ी बहस, घटना के बाद पूरे गांव और आसपास के क्षेत्रों में इस विषय पर चर्चा तेज हो गई। कुछ लोगों ने पति के तरीके को गलत बताया, तो कई लोगों ने कहा कि यह घटना आधुनिक दौर की कड़वी सच्चाई को सामने लाती है। गांव के बुजुर्गों का कहना है कि आज सोशल मीडिया की चकाचौंध में लोग रिश्तों की अहमियत भूलते जा रहे हैं। परिवार के बीच संवाद खत्म हो रहा है और मोबाइल इंसान की जिंदगी पर हावी होता जा रहा है। पिंडदान के बाद पति ने लोगों से कहा की मैं किसी का अपमान नहीं करना चाहता, लेकिन समाज को यह समझाना चाहता हूं कि अगर सोशल मीडिया की वजह से परिवार टूटने लगे, तो यह बहुत खतरनाक संकेत है।उसने युवाओं से अपील करते हुए कहा कि सोशल मीडिया का उपयोग करें, लेकिन इतना भी नहीं कि अपने ही रिश्ते पीछे छूट जाएं। रिश्तों से बड़ा कोई ‘फॉलोअर’ नहीं यह घटना केवल एक परिवार का विवाद नहीं, बल्कि उस बदलते समाज का आईना है जहां लोग वर्चुअल दुनिया में पहचान बनाने के लिए अपने वास्तविक रिश्तों को खोते जा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि सोशल मीडिया तभी तक सही है, जब तक वह मनोरंजन और जानकारी का माध्यम बना रहे। लेकिन जब वही रिश्तों में दूरी, अहंकार और तनाव पैदा करने लगे, तब उसका संतुलित उपयोग बेहद जरूरी हो जाता है। यह घटना समाज को सोचने पर मजबूर करती है कि कुछ मिनट की वायरल प्रसिद्धि शायद मिल जाए, लेकिन टूटे हुए रिश्तों की भरपाई कभी नहीं हो सकती।आज जरूरत है कि लोग मोबाइल स्क्रीन से बाहर निकलकर अपने परिवार, रिश्तों और भावनाओं को समय दें। क्योंकि अंत में इंसान को सबसे ज्यादा सुकून अपने लोगों के साथ से ही मिलता है।1
- नवादा जिले के नारदीगंज में देयाली मोड़ से नारदीगंज तक का सफर इन दिनों भारी ट्रैफिक दबाव के बीच हो रहा है। बाजार क्षेत्रों और मोड़ों पर अक्सर हल्की जाम की स्थिति बन रही है, जिससे लोगों को सावधानी और धैर्य से अपने गंतव्य तक पहुँचना पड़ रहा है।1