मानवाधिकार कार्यकर्ता और मनुज क्रांति न्यूज़ के रिपोर्टर अनुज चौहान ने उन्नाव के पनई बुज़ुर्ग गाँव से समाज में गिरते विश्वास और मानवीय मूल्यों के क्षरण पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि आज इंसान इतना चतुर, चालाक और मतलबी हो गया है कि समाज से आपसी भरोसा पूरी तरह खत्म होने की कगार पर है। इस कड़वी सच्चाई को दर्शाते हुए उन्होंने उदाहरण दिए कि कैसे बैंक में मामूली 'पेन' को, मेडिकल स्टोर में 'कैंची' को और पेट्रोल पंप पर 'स्टेपलर' जैसी छोटी चीज़ों को भी चेन या रस्सी से बांधकर रखना पड़ता है, क्योंकि अब कोई किसी पर भरोसा नहीं करता। चौहान ने जोर देकर कहा कि लोग स्वार्थ के अंधे कुएं में गिर चुके हैं और इंसानियत की कोई कीमत नहीं बची। अब लोग केवल सामने वाले का पैसा, पद और पावर देखकर रिश्ते तय करते हैं, और ताकतवर व्यक्ति चाहे कितना भी बदतमीज या दूसरों को परेशान करने वाला हो, लोग स्वार्थ के लिए उसके आगे-पीछे मंडराते हैं, जिसे उन्होंने बेहद चिंताजनक बताया। इस सामाजिक अंधकार और गिरते भरोसे को दूर करने के लिए, अनुज चौहान ने अपने गाँव पनई बुज़ुर्ग में "अनाया सिंह पाठशाला 1" की शुरुआत की है। इस पाठशाला का मकसद केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि बच्चों को बचपन से ही सच्चे मानवीय संस्कार, ईमानदारी और नैतिक मूल्य सिखाना है, ताकि भविष्य में एक ऐसा समाज बन सके जहाँ भरोसा बहाल हो और ऐसी छोटी-छोटी चीज़ों को बांधकर रखने की ज़रूरत न पड़े। अनुज चौहान ने अभिभावकों और जागरूक नागरिकों से अपील की है कि वे अपने स्वार्थ से ऊपर उठकर बच्चों के भविष्य के बारे में सोचें और उन्हें पाठशाला भेजें, ताकि वे सही और गलत का अंतर समझ सकें। उन्होंने लोगों से इस पोस्ट पर अपनी राय कमेंट में देने और समाज को जगाने के लिए इसे ज़्यादा से ज़्यादा शेयर करने का आग्रह किया है।
मानवाधिकार कार्यकर्ता और मनुज क्रांति न्यूज़ के रिपोर्टर अनुज चौहान ने उन्नाव के पनई बुज़ुर्ग गाँव से समाज में गिरते विश्वास और मानवीय मूल्यों के क्षरण पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि आज इंसान इतना चतुर, चालाक और मतलबी हो गया है कि समाज से आपसी भरोसा पूरी तरह खत्म होने की कगार पर है। इस कड़वी सच्चाई को दर्शाते हुए उन्होंने उदाहरण दिए कि कैसे बैंक में मामूली 'पेन' को, मेडिकल स्टोर में 'कैंची' को और पेट्रोल पंप पर 'स्टेपलर' जैसी छोटी चीज़ों को भी चेन या रस्सी से बांधकर रखना पड़ता है, क्योंकि अब कोई किसी पर भरोसा नहीं करता। चौहान ने जोर देकर कहा कि लोग स्वार्थ के अंधे कुएं में गिर चुके हैं और इंसानियत की कोई कीमत नहीं बची। अब लोग केवल सामने वाले का पैसा, पद और पावर देखकर रिश्ते तय करते हैं, और ताकतवर व्यक्ति चाहे कितना भी बदतमीज या दूसरों को परेशान करने वाला हो, लोग स्वार्थ के लिए उसके आगे-पीछे मंडराते हैं, जिसे उन्होंने बेहद चिंताजनक बताया। इस सामाजिक अंधकार और गिरते भरोसे को दूर करने के लिए, अनुज चौहान ने अपने गाँव पनई बुज़ुर्ग में "अनाया सिंह पाठशाला 1" की शुरुआत की है। इस पाठशाला का मकसद केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि बच्चों को बचपन से ही सच्चे मानवीय संस्कार, ईमानदारी और नैतिक मूल्य सिखाना है, ताकि भविष्य में एक ऐसा समाज बन सके जहाँ भरोसा बहाल हो और ऐसी छोटी-छोटी चीज़ों को बांधकर रखने की ज़रूरत न पड़े। अनुज चौहान ने अभिभावकों और जागरूक नागरिकों से अपील की है कि वे अपने स्वार्थ से ऊपर उठकर बच्चों के भविष्य के बारे में सोचें और उन्हें पाठशाला भेजें, ताकि वे सही और गलत का अंतर समझ सकें। उन्होंने लोगों से इस पोस्ट पर अपनी राय कमेंट में देने और समाज को जगाने के लिए इसे ज़्यादा से ज़्यादा शेयर करने का आग्रह किया है।
- बाबा बागेश्वर धाम से जुड़ी एक खबर में जानकारी दी गई है कि धाम के पिता ईश्वर पर एक बार फिर आरोप लगाए गए हैं। हालाँकि, इन आरोपों की प्रकृति या अन्य कोई विस्तृत जानकारी खबर में नहीं दी गई है।1
- उन्नाव जिले के सफीपुर स्थित गणहा सराय पीर के रहने वाले वीरेंद्र उर्फ रविंद्र के गोंडा स्थित घर में शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। इस घटना में घर के अंदर मौजूद जानवर भी जल गए। हालांकि, ग्रामीणों की तत्काल मदद से आग पर समय रहते काबू पा लिया गया।1
- कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में एक महिला के घर पर हुए हमले की सूचना मिलने के बाद हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाकर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि यह घटना वाहन के साइलेंसर को लेकर हुए एक विवाद का परिणाम थी। सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने इस मामले में शिवा यादव और पारस ठाकुर नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए कबूल किया कि उन्होंने पटाखा यूनिट से विस्फोटक सामग्री ली थी और यूट्यूब से हमला करने का तरीका सीखा था। पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। यह जानकारी पुलिस उपायुक्त पश्चिम एस.एम. कासिम आबिदी ने दी।1
- उत्तर प्रदेश के उन्नाव में एक हैरान कर देने वाली घटना में एक महिला के ऊपर से पूरी आम्रपाली एक्सप्रेस ट्रेन गुजर गई, लेकिन वह चमत्कारिक रूप से बाल-बाल बच गई। घटना उन्नाव जंक्शन के प्लेटफॉर्म नंबर-2 पर शनिवार रात करीब 12:10 बजे हुई, जब महिला ट्रेन में चढ़ते समय फिसलकर पटरियों के बीच गिर गई और ट्रेन के 21 डिब्बे उसके ऊपर से गुजर गए, जिससे उसे केवल कान में मामूली खरोंच आई। मिली जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के कोरबा के आम्रपाली गांव की रहने वाली 48 वर्षीय रामशिला अपने पति गंगाराम, बेटे सागर और भाई जय के साथ कई महीनों से उन्नाव में रह रही थीं और अचलगंज में एक ईंट भट्ठे पर काम करती थीं। बेटे सागर ने बताया कि शनिवार रात वे लोग अपने गांव वापस जा रहे थे और आम्रपाली एक्सप्रेस का टिकट लिया था। उनके अनुसार, प्लेटफॉर्म पर ट्रेन आने के बाद वह और उनके पिताजी सामान लेकर ट्रेन में चढ़ गए, जबकि उनकी मां रामशिला आखिर में चढ़ रही थीं। इसी दौरान उनका पैर फिसल गया और वह ट्रेन व प्लेटफॉर्म के बीच पटरियों पर जा गिरीं। सागर के मुताबिक, उनकी मां गिरते समय चीखीं, जिस पर वह और उनके पिताजी बचाने के लिए ट्रेन से नीचे उतरे, लेकिन तब तक ट्रेन चल पड़ी थी। बेटे ने कहा कि यह गनीमत रही कि उनकी मां पटरियों के बिल्कुल बीचोबीच लेटी हुई थीं, जिससे ट्रेन की सभी 21 बोगियां उनके ऊपर से गुजर गईं और भगवान ने उन्हें बचा लिया। ट्रेन के गुजरने के बाद GRP-RPF के कर्मियों ने महिला को उठाया और तुरंत जिला अस्पताल पहुंचाया। जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि महिला पूरी तरह सुरक्षित और होश में है, उसे केवल कान में मामूली चोट लगी है। प्राथमिक उपचार के बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। इस हादसे के बाद रामशिला काफी देर तक सहमी हुई नजर आईं और अस्पताल में भी अपने पति का हाथ पकड़े रहीं, जिन्हें वह दिलासा देते रहे कि उसे कुछ नहीं हुआ है।3
- अयोध्या में हज़ारों करोड़ रुपये का चढ़ावा चोरी हो जाने का गंभीर मामला सामने आया है। यह घटना उस समय हुई, जब मुख्यमंत्री लगातार कई बार अयोध्या का दौरा करते रहे थे। इस स्थिति को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं कि आख़िरकार मुख्यमंत्री इतनी बार अयोध्या क्यों जाते थे, जब उनकी यात्राओं के बावजूद इतनी बड़ी रकम का चढ़ावा चोरी हो गया।1
- रायबरेली को फतेहपुर से जोड़ने वाले असली गंगापुर पुल पर चल रहा मरम्मत का कार्य अब अंतिम चरण में पहुँच गया है। हालाँकि, क्षेत्रीय जनता ने इस कार्य में इस्तेमाल किए जा रहे कंक्रीट और डामर दोनों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाए हैं। जनता का कहना है कि पुल मरम्मत में प्रयोग की जा रही सामग्री गुणवत्ता के निर्धारित मानकों से परे है।2
- मनुज क्रांति न्यूज़ के रिपोर्टर अनुज चौहान ने बताया है कि राजधानी लखनऊ का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक महिला अपनी आँखों में आँसू लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदरणीय योगी आदित्यनाथ जी से न्याय की गुहार लगा रही है। महिला का आरोप है कि उसके ससुराल पक्ष द्वारा उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। यह पूरा मामला पारिवारिक कलह और प्रताड़ना के आरोपों से जुड़ा हुआ है। मनुज क्रांति न्यूज़ ने इस वायरल वीडियो के दावों पर अपनी निष्पक्ष और ज़िम्मेदार टिप्पणी करते हुए स्पष्ट किया है कि एक स्वतंत्र न्यूज़ चैनल होने के नाते, उनका उद्देश्य समाज के हर पक्ष की बात को सामने लाना है। चैनल इस वीडियो के दावों की पूरी तरह पुष्टि नहीं करता है और न ही यह तय कर रहा है कि महिला सही है या उसका ससुराल पक्ष। चैनल ने शासन और प्रशासन से निवेदन किया है कि इस वायरल वीडियो का तुरंत संज्ञान लिया जाए और पूरे मामले की निष्पक्षता से जाँच की जाए, ताकि जो भी दोषी हो उस पर कानूनी कार्रवाई हो सके और निर्दोष को न्याय मिल सके। अनुज चौहान ने जनता से इस पूरे विषय और वायरल वीडियो पर अपनी राय मर्यादित शब्दों में कमेंट बॉक्स में देने और निष्पक्ष पत्रकारिता का समर्थन करने के लिए इस खबर को आगे साझा करने का भी आग्रह किया है।2