दिल्ली के निवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसके अनुसार राजधानी में 30 जून से 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) नामक एक बड़ा अभियान शुरू होने जा रहा है। यह अभियान दिल्ली की वोटर लिस्ट को पूरी तरह से अपडेट और दुरुस्त करने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है, जिसका सीधा संबंध दिल्ली के लोगों के सबसे बड़े लोकतांत्रिक अधिकार से है। इस प्रक्रिया के तहत, बूथ-लेवल अधिकारी (BLO) खुद आपके घर आएंगे, ताकि उन लोगों के नाम वोटर लिस्ट में जोड़े जा सकें जिनका नाम नहीं है, या उसमें मौजूद किसी भी गलती को ठीक किया जा सके। यह अभियान 30 जून से शुरू होकर पूरे एक महीने तक चलेगा, जिसकी अंतिम तिथि 29 जुलाई है। दिल्ली चुनाव आयोग की इस व्यापक तैयारी के लिए लोगों को कुछ जरूरी सरकारी कागजात तैयार रखने की सलाह दी गई है। इस अभियान से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियाँ उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें यह बताया गया है कि BLO अधिकारी आपके घर कितनी बार आएंगे, यदि घर बंद पाया जाता है तो आपको क्या कदम उठाने होंगे, और नौकरीपेशा तथा व्यापारियों के लिए चुनाव आयोग का 'फ्लेक्सिबल शेड्यूल' क्या है। इन सभी प्रक्रियाओं को समझने के लिए संबंधित वीडियो को अंत तक देखने का आग्रह किया गया है। इस महा-अभियान से वोटर लिस्ट की गड़बड़ियां पूरी तरह ठीक हो पाएंगी या नहीं, इस विषय पर लोगों से अपनी राय कमेंट सेक्शन में बताने का भी आग्रह किया गया है।
दिल्ली के निवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसके अनुसार राजधानी में 30 जून से 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) नामक एक बड़ा अभियान शुरू होने जा रहा है। यह अभियान दिल्ली की वोटर लिस्ट को पूरी तरह से अपडेट और दुरुस्त करने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है, जिसका सीधा संबंध दिल्ली के लोगों के सबसे बड़े लोकतांत्रिक अधिकार से है। इस प्रक्रिया के तहत, बूथ-लेवल अधिकारी (BLO) खुद आपके घर आएंगे, ताकि उन लोगों के नाम वोटर लिस्ट में जोड़े जा सकें जिनका नाम नहीं है, या उसमें मौजूद किसी भी गलती को ठीक किया जा सके। यह अभियान 30 जून से शुरू होकर पूरे एक महीने तक चलेगा, जिसकी अंतिम तिथि 29 जुलाई है। दिल्ली चुनाव आयोग की इस व्यापक तैयारी के लिए लोगों को कुछ जरूरी सरकारी कागजात तैयार रखने की सलाह दी गई है। इस अभियान से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियाँ उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें यह बताया गया है कि BLO अधिकारी आपके घर कितनी बार आएंगे, यदि घर बंद पाया जाता है तो आपको क्या कदम उठाने होंगे, और नौकरीपेशा तथा व्यापारियों के लिए चुनाव आयोग का 'फ्लेक्सिबल शेड्यूल' क्या है। इन सभी प्रक्रियाओं को समझने के लिए संबंधित वीडियो को अंत तक देखने का आग्रह किया गया है। इस महा-अभियान से वोटर लिस्ट की गड़बड़ियां पूरी तरह ठीक हो पाएंगी या नहीं, इस विषय पर लोगों से अपनी राय कमेंट सेक्शन में बताने का भी आग्रह किया गया है।
- उत्तराखंड के हरिद्वार में भीम आर्मी चीफ और नगीना सांसद चंद्रशेखर रावण ने प्रशासन को खुले तौर पर ललकारा है। उनकी इस चुनौती के बाद प्रशासन की सारी हेकड़ी निकल गई, जैसा कि सामने आए पूरे घटनाक्रम में देखा जा सकता है।1
- राहुल गांधी एक लाइव सत्र में शामिल हुए, जहाँ उन्होंने 3.5 लाख करोड़ छात्रों के टूटे सपनों की कीमत का मुद्दा उठाया। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि इन छात्रों के भविष्य की आकांक्षाओं के भंग होने का एक बहुत बड़ा मूल्य है।1
- दिल्ली के निवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है, जिसके अनुसार राजधानी में 30 जून से 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) नामक एक बड़ा अभियान शुरू होने जा रहा है। यह अभियान दिल्ली की वोटर लिस्ट को पूरी तरह से अपडेट और दुरुस्त करने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है, जिसका सीधा संबंध दिल्ली के लोगों के सबसे बड़े लोकतांत्रिक अधिकार से है। इस प्रक्रिया के तहत, बूथ-लेवल अधिकारी (BLO) खुद आपके घर आएंगे, ताकि उन लोगों के नाम वोटर लिस्ट में जोड़े जा सकें जिनका नाम नहीं है, या उसमें मौजूद किसी भी गलती को ठीक किया जा सके। यह अभियान 30 जून से शुरू होकर पूरे एक महीने तक चलेगा, जिसकी अंतिम तिथि 29 जुलाई है। दिल्ली चुनाव आयोग की इस व्यापक तैयारी के लिए लोगों को कुछ जरूरी सरकारी कागजात तैयार रखने की सलाह दी गई है। इस अभियान से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियाँ उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें यह बताया गया है कि BLO अधिकारी आपके घर कितनी बार आएंगे, यदि घर बंद पाया जाता है तो आपको क्या कदम उठाने होंगे, और नौकरीपेशा तथा व्यापारियों के लिए चुनाव आयोग का 'फ्लेक्सिबल शेड्यूल' क्या है। इन सभी प्रक्रियाओं को समझने के लिए संबंधित वीडियो को अंत तक देखने का आग्रह किया गया है। इस महा-अभियान से वोटर लिस्ट की गड़बड़ियां पूरी तरह ठीक हो पाएंगी या नहीं, इस विषय पर लोगों से अपनी राय कमेंट सेक्शन में बताने का भी आग्रह किया गया है।1
- नीमच जिले के युवा कलाकार राहुल कुमार लोहार ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि प्रतिभा किसी संसाधन की मोहताज नहीं होती। ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाले राहुल ने अपनी रचनात्मक सोच और कलात्मक कौशल का अनूठा प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक विशेष पेंटिंग तैयार की है। इस पेंटिंग की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे किसी रंग या पेंट से नहीं, बल्कि चाय का उपयोग कर बनाया गया है। यह पेंटिंग केवल प्रधानमंत्री मोदी का चित्र नहीं है, बल्कि पिछले 12 वर्षों में देश में हुए महत्वपूर्ण कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं का एक कलात्मक दस्तावेज भी है। राहुल ने इस चित्र में मोदी सरकार की प्रमुख उपलब्धियों और योजनाओं को प्रतीकों के माध्यम से दर्शाया है, जिनमें राम मंदिर निर्माण, चंद्रयान मिशन की सफलता, जी-20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी, और स्वच्छ भारत अभियान जैसी प्रमुख उपलब्धियाँ शामिल हैं। इस अनूठी कलाकृति की कला प्रेमियों ने सराहना की है। राहुल की रचनात्मक सोच और मेहनत युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक बनी है, जिससे वे युवाओं के लिए एक मिसाल पेश कर रहे हैं।1
- बिहार से आईं महिला रसोइयों ने अपनी पीड़ा व्यक्त की है, जिसमें उन्होंने उचित वेतन न मिलने का मुद्दा उठाया है। उनका दर्द छलका है कि उन्हें अपने काम के लिए पर्याप्त मेहनताना नहीं मिल रहा है।1
- वक्ता ने घोषणा की है कि वह आज केतन लाल के पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि पुलिस उन्हें परिवार से मिलने से रोकती है, तो वे वहीं से शांतिपूर्ण ढंग से पैदल मार्च करते हुए पीड़ित परिवार तक पहुँचने का प्रयास करेंगे। यदि इसके बावजूद भी उन्हें रोका गया, तो वे लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच करेंगे और आवास का घेराव करेंगे। उन्होंने दृढ़ता से कहा कि गर्म सड़कें हों या पुलिस की बैरिकेडिंग, कोई भी उनका रास्ता नहीं रोक सकती। वक्ता ने इस बात पर जोर दिया कि अब अन्याय रुकना चाहिए और सवाल उठाया कि आज़ादी के इतने वर्षों बाद भी लोग इस अन्याय से कब आज़ाद होंगे। उन्होंने रेखांकित किया कि न्याय, सम्मान और संविधान के तहत समान अधिकार हर नागरिक का अधिकार है, और इन्हीं मूल्यों की रक्षा के लिए वे अपनी लोकतांत्रिक लड़ाई जारी रखेंगे।1
- ईस्ट दिल्ली पुलिस पर मुस्तफाबाद रोड पर अवैध रूप से शराब बेचने का गंभीर आरोप लगाया गया है। जानकारी के अनुसार, यह अवैध शराब बिक्री कथित तौर पर पुलिस के ही सहयोग से की जा रही है, जिससे इस मामले में पुलिस की भूमिका पर सवाल खड़े हो रहे हैं।1
- एक 120 सेकंड के वीडियो ने राजनीतिक गलियारों में तहलका मचा दिया है, जिससे अचानक कई सवाल खड़े हो गए हैं। इस घटनाक्रम के बीच यह प्रश्न उठ रहा है कि क्या राजनाथ सिंह इस्तीफा देंगे? बताया जा रहा है कि इस सारे घटनाक्रम के साथ ही अचानक दो इस्तीफे के लेटर भी सामने आए हैं, जिसने स्थिति को और भी गरमा दिया है।1