पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण को लेकर बैठक, बाल विवाह और बच्चियों के शोषण पर हुई चर्चा मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित बैठक में बच्चों के अधिकारों की रक्षा, बाल संरक्षण इकाई की भूमिका और जरूरतमंदों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर दिया गया जोर। आरा/भोजपुर। भोजपुर जिले के पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण के मुद्दों को लेकर बिहार सरकार के भवन में एक बैठक आयोजित की गई। मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित इस बैठक में बाल विवाह, बच्चियों के साथ होने वाले अत्याचार एवं शोषण तथा बच्चों के अधिकारों से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में बाल संरक्षण से जुड़े कर्मचारियों ने सरकारी योजनाओं और सहायता राशि की जानकारी देते हुए पात्र एवं जरूरतमंद लोगों तक सरकारी सुविधाएं पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचाने के लिए पात्र लोगों को चिह्नित कर उन्हें सहायता उपलब्ध कराने की पहल की जाएगी, ताकि कोई भी योग्य लाभार्थी सरकारी सुविधाओं से वंचित न रहे। इस दौरान बाल विवाह को रोकने और बच्चियों के साथ होने वाले किसी भी प्रकार के शोषण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने पर विशेष बल दिया गया। साथ ही, ऐसे मामलों की रोकथाम, बच्चों के अधिकारों की रक्षा और कानून के प्रावधानों के अनुसार दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के महत्व पर भी चर्चा हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य बच्चों, विशेषकर बच्चियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, उन्हें उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा बाल संरक्षण से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचाना रहा। इस पहल के माध्यम से समाज में बाल विवाह और बाल शोषण के विरुद्ध जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण को लेकर बैठक, बाल विवाह और बच्चियों के शोषण पर हुई चर्चा मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित बैठक में बच्चों के अधिकारों की रक्षा, बाल संरक्षण इकाई की भूमिका और जरूरतमंदों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर दिया गया जोर। आरा/भोजपुर। भोजपुर जिले के पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण के मुद्दों को लेकर बिहार सरकार के भवन में एक बैठक आयोजित की गई। मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित इस बैठक में बाल विवाह, बच्चियों के साथ होने वाले अत्याचार एवं शोषण तथा बच्चों के अधिकारों से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में बाल संरक्षण से जुड़े कर्मचारियों ने सरकारी योजनाओं और सहायता राशि की जानकारी देते हुए पात्र एवं जरूरतमंद लोगों तक सरकारी सुविधाएं पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचाने के लिए पात्र लोगों को चिह्नित कर उन्हें सहायता उपलब्ध कराने की पहल की जाएगी, ताकि कोई भी योग्य लाभार्थी सरकारी सुविधाओं से वंचित न रहे। इस दौरान बाल विवाह को रोकने और बच्चियों के साथ होने वाले किसी भी प्रकार के शोषण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने पर विशेष बल दिया गया। साथ ही, ऐसे मामलों की रोकथाम, बच्चों के अधिकारों की रक्षा और कानून के प्रावधानों के अनुसार दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के महत्व पर भी चर्चा हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य बच्चों, विशेषकर बच्चियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, उन्हें उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा बाल संरक्षण से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचाना रहा। इस पहल के माध्यम से समाज में बाल विवाह और बाल शोषण के विरुद्ध जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
- गुड्डी पंचायत भवन में बाल संरक्षण इकाई की बैठक, जागरूकता अभियान की हुई शुरुआत बाल विवाह, बाल शोषण की रोकथाम और बच्चों के अधिकारों के प्रति लोगों को जागरूक करने पर दिया जाएगा जोर। आरा/भोजपुर। गुड्डी पंचायत भवन में बाल संरक्षण इकाई की बैठक आयोजित की गई। इस दौरान बाल संरक्षण को लेकर जागरूकता अभियान की शुरुआत की गई। अभियान का उद्देश्य बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना, बाल विवाह पर रोक लगाना तथा बच्चों के साथ होने वाले शोषण के प्रति लोगों को जागरूक करना है। बैठक में बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा करते हुए समाज के लोगों को बच्चों की सुरक्षा के प्रति जागरूक और जिम्मेदार बनाने पर जोर दिया गया। साथ ही जरूरतमंद बच्चों और परिवारों तक सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने तथा बाल संरक्षण से संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए सामूहिक प्रयास करने की आवश्यकता बताई गई। इस अभियान के माध्यम से लोगों को बाल अधिकारों के प्रति जागरूक करने और बच्चों के सुरक्षित भविष्य के लिए पंचायत स्तर पर सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाएगा।1
- बिहटा में मिला युवक का शव, इलाके में मची सनसनी.......... बिहटा, पटना। बिहटा में युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान प्रकाश कुमार के रूप में हुई है, जो रेलवे गुमटी के पास रहता था। शव मिलने की सूचना पर स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस और एफएसएल की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। युवक की मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।1
- MLC चुनाव में 8 सीटों पर जन सुराज की जीत सुनिश्चित, प्रशांत किशोर!! MLC चुनाव में 8 सीटों पर जन सुराज की जीत सुनिश्चित, प्रशांत किशोर!!1
- मनिकपुरा उतर टोला बनियापुर सारण 24 घंटे का अष्टयाम शांतिपूर्ण सम्पन्न1
- सारण डीएम ने मांझी के ददन सिंह उच्च विद्यालय सह इंटर कॉलेज का किया औचक निरीक्षण सारण डीएम ने मांझी के ददन सिंह उच्च विद्यालय सह इंटर कॉलेज का किया औचक निरीक्षण विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, लैब और आंगनबाड़ी में पोषण वाटिका को लेकर दिए कड़े निर्देश सारण के जिलाधिकारी श्री वैभव श्रीवास्तव ने शनिवार को मांझी प्रखंड स्थित ददन सिंह उच्च विद्यालय सह इंटर कॉलेज का व्यापक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान डीएम ने एक ही परिसर में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र, प्राथमिक विद्यालय, मध्य विद्यालय एवं उच्च विद्यालय सह इंटर कॉलेज की शैक्षणिक एवं आधारभूत व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय प्रबंधन, शिक्षकों और संबंधित पदाधिकारियों को सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने और बच्चों को बेहतर शैक्षणिक माहौल देने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। डीएम द्वारा दिए गए प्रमुख निर्देश इस प्रकार हैं - 1. शैक्षणिक व्यवस्था को किया जाए सुदृढ़ - - प्राथमिक, मध्य और उच्च विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियों का नियमित और सुचारू संचालन हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। - छात्र-छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जाए और विद्यालय में अनुकूल शैक्षणिक वातावरण बनाए रखा जाए। - स्मार्ट क्लास का नियमित संचालन हो और उपलब्ध डिजिटल संसाधनों, प्रोजेक्टर, कंप्यूटर आदि का समुचित उपयोग पढ़ाई में किया जाए। 2. प्रयोगशालाओं का हो व्यवस्थित संचालन - - विद्यालय में संचालित सभी प्रयोगशालाओं (फिजिक्स, केमेस्ट्री, बायोलॉजी, कंप्यूटर लैब) को विषयवार अलग-अलग कक्षों में व्यवस्थित किया जाए। - सभी लैब में आवश्यक उपकरणों और संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए और उनका उचित रखरखाव किया जाए। - लैब का नियमित संचालन और विद्यार्थियों के लिए प्रायोगिक प्रशिक्षण अनिवार्य रूप से कराया जाए। - जिलाधिकारी ने इस दौरान छात्र-छात्राओं से सीधे संवाद भी किया और लैब के नियमित संचालन के बारे में उनसे फीडबैक लिया। 3. विद्यालय परिसर की स्वच्छता और सौंदर्यीकरण - - पूरे विद्यालय परिसर में साफ-सफाई और स्वच्छता की समुचित व्यवस्था रहे। - परिसर में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था (लाइटिंग) लगाई जाए। - विद्यालय के सौंदर्यीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाए और चारदीवारी के रंग-रोगन सहित सभी आवश्यक रखरखाव के कार्य व्यवस्थित ढंग से पूरे किए जाएं। 4. आंगनबाड़ी केंद्र में विकसित होगी पोषण वाटिका - - आंगनबाड़ी केंद्र परिसर में पोषण वाटिका विकसित करने का निर्देश दिया गया, ताकि बच्चों और अभिभावकों में पोषण के प्रति जागरूकता बढ़े। - पोषण वाटिका में स्थानीय जलवायु के अनुकूल हरी सब्जियां, सहजन और अन्य पोषणयुक्त पौधे लगाए जाएं। - वाटिका का नियमित रखरखाव किया जाए और आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों के पोषण, स्वच्छता और सर्वांगीण विकास से जुड़ी सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा जाए। 5. आधारभूत सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण - - विद्यालय और आंगनबाड़ी केंद्र में उपलब्ध सभी आधारभूत सुविधाओं का समुचित उपयोग हो। - सभी कक्षों और परिसर को स्वच्छ, सुव्यवस्थित और बच्चों के अनुकूल बनाया जाए। अंत में जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का गंभीरता से और समयबद्ध तरीके से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग कर बच्चों को बेहतर शिक्षा, स्वच्छ परिसर और पोषण संबंधी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।1
- जगदीशपुर प्रखंड अंतर्गत शिवपुर पंचायत में देवराड में जल जमाव से सड़क खराब, आने जाने में लोगों को हो रही परेशानी, आए दिन दुर्घटना के हो रहे शिकार देखें व सुनें -1
- बरूही की छठ पूजा समिति ने रचा इतिहास! 6 दिवसीय नाटक प्रतियोगिता में हासिल किया प्रथम स्थान | भोजपुर जिले के संदेश थाना क्षेत्र अंतर्गत पिंजरोई गांव में श्री दुर्गा पूजा समिति नवयुवक संघ की ओर से आयोजित 6 दिवसीय नाटक प्रतियोगिता में श्री श्री छठ पूजा समिति बरूही, सहार, भोजपुर ने प्रथम स्थान हासिल कर अपने गांव और पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया। इस नाटक प्रतियोगिता में बड़की पहरपुर, पवार, पिंजरोई, बागर, पवना और बरूही सहित कुल 6 गांवों की टीमों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने पर बरूही के लोगों और समिति के सदस्यों में खुशी का माहौल देखने को मिला। यह उपलब्धि ग्रामीण कलाकारों की प्रतिभा, मेहनत और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है। 🎤 रिपोर्टर: धर्मेंद्र कुमार1
- पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण को लेकर बैठक, बाल विवाह और बच्चियों के शोषण पर हुई चर्चा मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित बैठक में बच्चों के अधिकारों की रक्षा, बाल संरक्षण इकाई की भूमिका और जरूरतमंदों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर दिया गया जोर। आरा/भोजपुर। भोजपुर जिले के पूर्वी गुंडी में बाल संरक्षण के मुद्दों को लेकर बिहार सरकार के भवन में एक बैठक आयोजित की गई। मुखिया प्रतिनिधि आनंद गोपाल पंडित के नेतृत्व में आयोजित इस बैठक में बाल विवाह, बच्चियों के साथ होने वाले अत्याचार एवं शोषण तथा बच्चों के अधिकारों से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में बाल संरक्षण से जुड़े कर्मचारियों ने सरकारी योजनाओं और सहायता राशि की जानकारी देते हुए पात्र एवं जरूरतमंद लोगों तक सरकारी सुविधाएं पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचाने के लिए पात्र लोगों को चिह्नित कर उन्हें सहायता उपलब्ध कराने की पहल की जाएगी, ताकि कोई भी योग्य लाभार्थी सरकारी सुविधाओं से वंचित न रहे। इस दौरान बाल विवाह को रोकने और बच्चियों के साथ होने वाले किसी भी प्रकार के शोषण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने पर विशेष बल दिया गया। साथ ही, ऐसे मामलों की रोकथाम, बच्चों के अधिकारों की रक्षा और कानून के प्रावधानों के अनुसार दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के महत्व पर भी चर्चा हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य बच्चों, विशेषकर बच्चियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, उन्हें उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा बाल संरक्षण से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचाना रहा। इस पहल के माध्यम से समाज में बाल विवाह और बाल शोषण के विरुद्ध जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।1