ग्राम पंचायत त्रिपुरी में लगभग 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़, कुसमी पुलिस की दबि ग्राम पंचायत त्रिपुरी में लगभग 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़, कुसमी पुलिस की दबिकुसमी: जनपद पंचायत कुसमी अंतर्गत ग्राम पंचायत त्रिपुरि के घोसरा गांव में अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती पर कुसमी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दबिश दी। जानकारी के अनुसार घोसरा क्षेत्र में लगभग 5 से 6 एकड़ भूमि पर अवैध तरीके से अफीम की खेती की जा रही थी। पुलिस को इसकी सूचना मिलने पर टीम मौके पर पहुंची और खेतों में लगी अफीम की फसल को नष्ट करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी । बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध खेती की सूचना मिल रही थी, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच के दौरान खेतों में बड़े पैमाने पर अफीम के पौधे पाए गए। पुलिस ने मौके से साक्ष्य जुटाते हुए फसल को नष्ट कराया और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध अफीम की खेती करने वालों की पहचान की जा रही है और जांच के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है। मौके पर कुसमी sdm के साथ पुलिस की पूरी टीम पहुंच चुकी है अभी जांच हो रहा है
ग्राम पंचायत त्रिपुरी में लगभग 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़, कुसमी पुलिस की दबि ग्राम पंचायत त्रिपुरी में लगभग 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़, कुसमी पुलिस की दबिकुसमी: जनपद पंचायत कुसमी अंतर्गत ग्राम पंचायत त्रिपुरि के घोसरा गांव में अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती पर कुसमी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दबिश दी। जानकारी के अनुसार घोसरा क्षेत्र में लगभग 5 से 6 एकड़ भूमि पर अवैध तरीके से अफीम
की खेती की जा रही थी। पुलिस को इसकी सूचना मिलने पर टीम मौके पर पहुंची और खेतों में लगी अफीम की फसल को नष्ट करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी । बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध खेती की सूचना मिल रही थी, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच के दौरान खेतों में बड़े पैमाने पर अफीम के पौधे पाए गए। पुलिस ने मौके से साक्ष्य जुटाते हुए फसल को नष्ट कराया
और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध अफीम की खेती करने वालों की पहचान की जा रही है और जांच के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है। मौके पर कुसमी sdm के साथ पुलिस की पूरी टीम पहुंच चुकी है अभी जांच हो रहा है
- Post by Mr.Anand Kumar1
- बलरामपुर जिले के कुसमी में अफीम की खेती करने का मामला सामने आया है, 2 से 3 एकड़ खेत में अफीम की खेती की गई थी सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और प्रशासन की टीम मामले की जांच में जुट गई है,वहीं इसको लेकर प्रदेश के पर्यटन मंत्री का बयान भी सामने आया है, छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के बाद सरगुजा संभाग के बलरामपुर जिले में अफीम की खेती करने का मामला सामने आया है,जहां कुसमी थाना क्षेत्र के ग्राम त्रिपुरी में अफीम की खेती की गई है, बताया जा रहा है की जमीन को लीज में लेकर अफीम की खेती की गई है,इस मामले में मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि सरकार नशे के सौदागरों और व्यापारियों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि अगर उन्हें इस तरह की कोई जानकारी मिले तो सरकार को सूचित करें।,मंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में गांजा तस्कर और अन्य मामलों में कार्रवाई हुई है और आगे भी कड़ी कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि जल्द ही पूरा प्रदेश नशा मुक्त होगा, गौरतलब है कि दुर्ग जिले में हुए अफीम की खेती के मामले में भाजपा नेता का नाम सामने आया है और उसे गिरफ्तार भी किया गया है जिसको लेकर लगातार कांग्रेस भी सरकार पर निशाना साध रही है, और सरकार पर नशे को बढ़ावा देने का आरोप लगा रही है,1
- दुर्ग जिले के बाद अब बलरामपुर जिले में बड़ी पैमाने पर अफीम की खेती की जा रही थी जिसमें कुसमी पुलिस डॉबीज देते हुए दोषियों के ऊपर कड़ी कार्रवाई कर रही है1
- बड़ी खबर : दुर्ग के बाद बलरामपुर में अफीम की अवैध खेती का खुलासा, दो एकड़ में लगी है फसल, जांच में जुटा प्रशासन बलरामपुर। छत्तीसगढ़ में अवैध अफीम की खेती के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। दुर्ग जिले के बाद अब बलरामपुर जिले में भी अफीम की खेती का मामला उजागर हुआ है। कुसमी थाना क्षेत्र के त्रिपुरी गांव में करीब दो एकड़ जमीन पर अफीम की अवैध खेती किए जाने का खुलासा होने से इलाके में हड़कंप मच गया है। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आदिवासी की जमीन को लीज पर लेकर झारखंड का व्यक्ति अफीम की खेती कर रहा था।प्रशासन की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है और इसमें शामिल लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- ये भारत में किसी को Job नहीं करने देगा #cosmeticstrading #BeautyCare #cosmetics #reelsviralシfb #tranding1
- Post by Sunil singh1
- हेमंत कुमार की रिपोर्ट पलामू प्रमंडल सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की ओर से मंगलवार मंगलवार दोपहर चिनियां प्रखंड कार्यालय परिसर में जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार को लेकर मेला, प्रदर्शनी और नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीणों तक सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की जानकारी पहुंचाना और उन्हें इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक करना था। कार्यक्रम का उद्घाटन प्रखंड प्रमुख सुनैना देवी ने फीता काटकर किया। इसके बाद उपस्थित लोगों को सरकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी दी गई। इस दौरान नवीन कला केंद्र मेदिनीनगर की टीम ने “नूपुर” नुक्कड़ नाटक की प्रभावशाली प्रस्तुति देकर लोगों को आयुष्मान भारत योजना के तहत मिलने वाली स्वास्थ्य सुविधाओं सहित कई अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के बारे में सरल और रोचक तरीके से जागरूक किया। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से कलाकारों ने बताया कि किस प्रकार जरूरतमंद परिवार आयुष्मान भारत योजना के तहत मुफ्त इलाज की सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही अन्य योजनाओं का लाभ उठाने की प्रक्रिया और उनके महत्व को भी दर्शाया गया। इस मौके पर प्रखंड प्रमुख सुनैना देवी ने कहा कि सरकार की कई महत्वपूर्ण योजनाएं आम लोगों के हित में चलाई जा रही हैं, लेकिन जानकारी के अभाव में कई लोग इसका लाभ नहीं ले पाते। ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों से ग्रामीणों को सही जानकारी मिलती है और वे योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित होते हैं। कार्यक्रम के दौरान ब्लॉक परिसर में लोगों की अच्छी खासी भीड़ देखने को मिली। नुक्कड़ नाटक को देखने और योजनाओं की जानकारी लेने के लिए सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। मौके पर पंचायती राज के प्रखंड पदाधिकारी मिथिलेश कुमार, ब्लॉक कर्मी नुमान अंसारी, बबलू प्रसाद, मोजिब अहमद सहित अन्य अधिकारी-कर्मी एवं स्थानीय लोग उपस्थित थे।1
- Post by Mr.Anand Kumar1