logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 22 जून को भोपाल में योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए कि स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को जिला मुख्यालयों पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में प्रभारी मंत्री जिलों में हुए विकास कार्यों और कल्याणकारी योजनाओं की उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी जनता के सामने प्रस्तुत करें। इन समारोह स्थलों पर विकास कार्यों और योजनाओं को प्रदर्शित करने के लिए प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी, जिसे मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों के एक प्रकार के सोशल ऑडिट जैसा बताया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिला विकास समितियों का राजधानी भोपाल में सम्मेलन आयोजित करने के निर्देश दिए, जिसमें इन समितियों से विकास गतिविधियों के लिए शासकीय नियोजन में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने और निजी निवेश को प्रोत्साहित करने के प्रयास करने को कहा गया। उन्होंने विधानसभा क्षेत्र विकास योजना के तहत सार्वजनिक स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाने और किफायती आवासों के निर्माण में ईको-फ्रेंडली भवन निर्माण सामग्री के उपयोग को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर जोर दिया। इसके अतिरिक्त, राज्य के विभागवार, संभागवार और जिलावार समस्त सांख्यिकी आंकड़े एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। एक महत्वपूर्ण निर्देश में, मुख्यमंत्री ने मृत्यु पंजीयन की प्रक्रिया को विश्राम घाट पर ही शुरू करने के लिए कार्य योजना बनाने को कहा, जिससे विशेषकर ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों के लोगों को मृत्यु प्रमाण-पत्र प्राप्त करने में सुविधा होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी निर्देशित किया कि जिलों के विकास सूचकांक स्थानीय परिस्थितियों और आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर निर्धारित किए जाएं, जैसे कि औद्योगिक, कृषि आधारित और वन क्षेत्र संपन्न जिलों के लिए अलग-अलग सूचकांक हों। उन्होंने प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वयं का मकान बनाने वालों को तकनीकी मार्गदर्शन देने और उपयुक्त भवन निर्माण सामग्री के बारे में जागरूक करने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। बैठक में यह भी बताया गया कि मुख्यमंत्री सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास कार्यक्रम के अंतर्गत अब तक 1 लाख 37 हजार से अधिक छात्र लाभान्वित हुए हैं। जल गंगा संवर्धन अभियान में प्रस्फुटन और नवाकुंर समितियों ने कुएं, बावड़ी, तालाब, नदी घाटों की सफाई, जल संगोष्ठी और बावड़ी उत्सव जैसे आयोजनों में सक्रिय सहभागिता की है। इसके साथ ही, विमुक्त, घुमंतु और अर्द्धघुमंतु परिवारों के चिन्हांकन और पंजीकरण के अभियान में अब तक पच्चीस हजार से अधिक परिवारों की जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जा चुकी है, और प्रदेश में मिशन कर्मयोगी के तहत अधिकारियों-कर्मचारियों का प्रशिक्षण भी जारी है।

1 hr ago
user_पत्रकार आशीष कुमार दुबे
पत्रकार आशीष कुमार दुबे
Media and information sciences faculty नरसिंहपुर, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
1 hr ago
f33f581b-414b-4d53-b0df-c8958e8831c9

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 22 जून को भोपाल में योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए कि स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को जिला मुख्यालयों पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में प्रभारी मंत्री जिलों में हुए विकास कार्यों और कल्याणकारी योजनाओं की उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी जनता के सामने प्रस्तुत करें। इन समारोह स्थलों पर विकास कार्यों और योजनाओं को प्रदर्शित करने के लिए प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी, जिसे मुख्यमंत्री ने विकास कार्यों के एक प्रकार के सोशल ऑडिट जैसा बताया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जिला विकास समितियों का राजधानी भोपाल में सम्मेलन आयोजित करने के निर्देश दिए, जिसमें इन समितियों से विकास गतिविधियों के लिए शासकीय नियोजन में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने और निजी निवेश को प्रोत्साहित करने के प्रयास करने को कहा गया। उन्होंने विधानसभा क्षेत्र विकास योजना के तहत सार्वजनिक स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे लगवाने और किफायती आवासों के निर्माण में ईको-फ्रेंडली भवन निर्माण सामग्री के उपयोग को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर जोर दिया। इसके अतिरिक्त, राज्य के विभागवार, संभागवार और जिलावार समस्त सांख्यिकी आंकड़े एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। एक महत्वपूर्ण निर्देश में, मुख्यमंत्री ने मृत्यु पंजीयन की प्रक्रिया को विश्राम घाट पर ही शुरू करने के लिए कार्य योजना बनाने को कहा, जिससे विशेषकर ग्रामीण और कस्बाई क्षेत्रों के लोगों को मृत्यु प्रमाण-पत्र प्राप्त करने में सुविधा होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी निर्देशित किया कि जिलों के विकास सूचकांक स्थानीय परिस्थितियों और आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर निर्धारित किए जाएं, जैसे कि औद्योगिक, कृषि आधारित और वन क्षेत्र संपन्न जिलों के लिए अलग-अलग सूचकांक हों। उन्होंने प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वयं का मकान बनाने वालों को तकनीकी मार्गदर्शन देने और उपयुक्त भवन निर्माण सामग्री के बारे में जागरूक करने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। बैठक में यह भी बताया गया कि मुख्यमंत्री सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास कार्यक्रम के अंतर्गत अब तक 1 लाख 37 हजार से अधिक छात्र लाभान्वित हुए हैं। जल गंगा संवर्धन अभियान में प्रस्फुटन और नवाकुंर समितियों ने कुएं, बावड़ी, तालाब, नदी घाटों की सफाई, जल संगोष्ठी और बावड़ी उत्सव जैसे आयोजनों में सक्रिय सहभागिता की है। इसके साथ ही, विमुक्त, घुमंतु और अर्द्धघुमंतु परिवारों के चिन्हांकन और पंजीकरण के अभियान में अब तक पच्चीस हजार से अधिक परिवारों की जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जा चुकी है, और प्रदेश में मिशन कर्मयोगी के तहत अधिकारियों-कर्मचारियों का प्रशिक्षण भी जारी है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • ट्रेन से यात्रा करने वाले सभी यात्रियों को सावधान किया गया है। जानकारी के अनुसार, आगामी 1 जुलाई से ट्रेन यात्रा का पूरा अंदाज बदलने जा रहा है।
    1
    ट्रेन से यात्रा करने वाले सभी यात्रियों को सावधान किया गया है। जानकारी के अनुसार, आगामी 1 जुलाई से ट्रेन यात्रा का पूरा अंदाज बदलने जा रहा है।
    user_पत्रकार आशीष कुमार दुबे
    पत्रकार आशीष कुमार दुबे
    Media and information sciences faculty नरसिंहपुर, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • सिंगपुर बड़ा निवासी ग्रामीण नरसिंहपुर कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर को एक आवेदन सौंपा। उन्होंने बताया कि वे 2024 से सिधेश्वर आदिवासी समिति में अपना नाम जुड़वाना चाहते हैं, लेकिन अधिकारी जांच का हवाला देकर नाम नहीं जोड़ रहे हैं। अपनी इसी परेशानी को लेकर, ग्रामीणों ने सोमवार को कलेक्टर को आवेदन दिया और समिति में नाम जुड़वाने की मांग की। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि वे मछुवारा समिति में नाम जुड़वाने को लेकर भी 2024 से परेशान हैं।
    1
    सिंगपुर बड़ा निवासी ग्रामीण नरसिंहपुर कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर को एक आवेदन सौंपा। उन्होंने बताया कि वे 2024 से सिधेश्वर आदिवासी समिति में अपना नाम जुड़वाना चाहते हैं, लेकिन अधिकारी जांच का हवाला देकर नाम नहीं जोड़ रहे हैं। अपनी इसी परेशानी को लेकर, ग्रामीणों ने सोमवार को कलेक्टर को आवेदन दिया और समिति में नाम जुड़वाने की मांग की। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि वे मछुवारा समिति में नाम जुड़वाने को लेकर भी 2024 से परेशान हैं।
    user_SATISH DUBEY
    SATISH DUBEY
    पत्रकार Narsimhapur, Narsinghpur•
    2 hrs ago
  • नरसिंहपुर में शादी समारोह में शामिल होने जा रहे एक बाइक चालक को एक चार पहिया वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में बाइक चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल व्यक्ति को तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
    1
    नरसिंहपुर में शादी समारोह में शामिल होने जा रहे एक बाइक चालक को एक चार पहिया वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में बाइक चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल व्यक्ति को तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
    user_पंकज गुप्ता "पत्रकार"
    पंकज गुप्ता "पत्रकार"
    Advertising agency नरसिंहपुर, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • नरसिंहपुर जिले के करेली नगर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कई विद्यालयों में योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। पी.एम. श्री कन्या शाला में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में कन्या शाला, सांदीपनि स्कूल और करेली बस्ती हाई स्कूल ने संयुक्त रूप से भाग लिया। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष रामस्नेही पाठक, शिक्षा समिति की अध्यक्ष अनीता नेमा, एडवोकेट संतोष तिहैया, प्राचार्या श्रद्धा श्रीवास्तव और प्राचार्य महेश विश्वकर्मा अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जिनका गुलदस्ते भेंट कर स्वागत किया गया। मंच पर आसीन अतिथियों ने माँ सरस्वती का पूजन कर इस योग कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान, वरिष्ठ योग शिक्षक एवं पतंजलि योग समिति के जिला पदाधिकारी सुशील सोनी और प्रकाश सेन ने अभिभावकों, बच्चों, शाला शिक्षकों सहित उपस्थित बंधुओं को प्रोटोकॉल के तहत योग का अभ्यास कराया। उन्होंने योग से होने वाले विभिन्न लाभों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि स्वास्थ्य हमारी पहली प्राथमिकता है और स्वस्थ रहने के लिए नियमित योग अत्यंत आवश्यक है। इस कार्यक्रम का मंच संचालन स्कूल के वरिष्ठ शिक्षक राजेंद्र शर्मा ने किया, जिसमें अन्य बंधुओं की भी उल्लेखनीय उपस्थिति रही। इसी तरह, करेली नगर के बी.एस.एल. स्कूल में भी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर योग का आयोजन किया गया था।
    1
    नरसिंहपुर जिले के करेली नगर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कई विद्यालयों में योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। पी.एम. श्री कन्या शाला में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में कन्या शाला, सांदीपनि स्कूल और करेली बस्ती हाई स्कूल ने संयुक्त रूप से भाग लिया। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष रामस्नेही पाठक, शिक्षा समिति की अध्यक्ष अनीता नेमा, एडवोकेट संतोष तिहैया, प्राचार्या श्रद्धा श्रीवास्तव और प्राचार्य महेश विश्वकर्मा अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जिनका गुलदस्ते भेंट कर स्वागत किया गया। मंच पर आसीन अतिथियों ने माँ सरस्वती का पूजन कर इस योग कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

कार्यक्रम के दौरान, वरिष्ठ योग शिक्षक एवं पतंजलि योग समिति के जिला पदाधिकारी सुशील सोनी और प्रकाश सेन ने अभिभावकों, बच्चों, शाला शिक्षकों सहित उपस्थित बंधुओं को प्रोटोकॉल के तहत योग का अभ्यास कराया। उन्होंने योग से होने वाले विभिन्न लाभों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि स्वास्थ्य हमारी पहली प्राथमिकता है और स्वस्थ रहने के लिए नियमित योग अत्यंत आवश्यक है। इस कार्यक्रम का मंच संचालन स्कूल के वरिष्ठ शिक्षक राजेंद्र शर्मा ने किया, जिसमें अन्य बंधुओं की भी उल्लेखनीय उपस्थिति रही।

इसी तरह, करेली नगर के बी.एस.एल. स्कूल में भी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर योग का आयोजन किया गया था।
    user_Satish Vishwakarma
    Satish Vishwakarma
    Photographer करेली, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
  • मध्य प्रदेश सरकार का कृषि विभाग और बोरलॉग इंस्टीट्यूट फॉर साउथ एशिया (BISA), जबलपुर, मिलकर प्रदेश के विभिन्न जिलों में 'जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम' चला रहे हैं, जिसका उद्देश्य फसलों को अनिश्चित मौसम से बचाना है। इसी कड़ी में, नरसिंहपुर जिले के गोटेगांव ब्लॉक स्थित ग्राम झांसी घाट में एक मिनी कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित किया गया है, जो स्थानीय किसानों को आधुनिक कृषि यंत्र उपलब्ध करा रहा है। इस खरीफ सीजन में सेंटर द्वारा प्रदान किया जा रहा रेज्ड बेड प्लांटर (मेड़ बनाकर बुवाई करने वाली मशीन) किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हो रहा है। क्षेत्र के कई किसान इस मशीन का उपयोग कर अपने खेतों में उठी हुई क्यारियों (बेड) पर मक्का और सोयाबीन की बुवाई कर रहे हैं, जिससे उनकी फसलें मौसम के जोखिमों से सुरक्षित रह सकें। ग्राम झांसी घाट के किसान श्री निशान सिंह राजा पटेल ने इस तकनीक से लगभग 20 एकड़ में बुवाई की है, और श्री योगेश जी जैसे अन्य किसान भी इस मशीन का लगातार लाभ उठा रहे हैं। बोरलॉग इंस्टीट्यूट फॉर साउथ एशिया (BISA), जबलपुर के तकनीकी विशेषज्ञ श्री दीपेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि संस्थान ने इस खरीफ सीजन में नरसिंहपुर जिले में इस आधुनिक मशीन से लगभग 500 एकड़ क्षेत्र में बुवाई करवाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसका मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक किसानों को इस तकनीक से जोड़कर लाभ पहुंचाना और उनकी फसलों को मौसम की अनिश्चितता से बचाना है। कृषक श्री राजा पटेल ने अपने अनुभव साझा करते हुए इस तकनीक को जलवायु अनुकूल खेती के लिए एक 'ब्रह्मास्त्र' बताया। उन्होंने इसके कई महत्वपूर्ण लाभ गिनाए, जैसे अत्यधिक बारिश की स्थिति में बेड के दोनों ओर बनी नालियों से पानी का आसानी से निकल जाना, जिससे पौधों की जड़ें गलने से बच जाती हैं। वहीं, कम बारिश होने पर इन्हीं नालियों में पानी रुकने से जमीन में लंबे समय तक नमी बनी रहती है, जो सूखे के दौरान फसल को जीवन प्रदान करती है। इसके अतिरिक्त, यह विधि खाद प्रबंधन और अन्य कृषि कार्यों को भी सुविधाजनक बनाती है, क्योंकि पौधों की कतारें व्यवस्थित रहती हैं। कस्टम हायरिंग सेंटर और BISA के तकनीकी मार्गदर्शन के माध्यम से इस तकनीक का प्रसार गोटेगांव क्षेत्र के किसानों को कम लागत में सुरक्षित और आधुनिक खेती करने का एक उत्कृष्ट विकल्प प्रदान कर रहा है।
    3
    मध्य प्रदेश सरकार का कृषि विभाग और बोरलॉग इंस्टीट्यूट फॉर साउथ एशिया (BISA), जबलपुर, मिलकर प्रदेश के विभिन्न जिलों में 'जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम' चला रहे हैं, जिसका उद्देश्य फसलों को अनिश्चित मौसम से बचाना है। इसी कड़ी में, नरसिंहपुर जिले के गोटेगांव ब्लॉक स्थित ग्राम झांसी घाट में एक मिनी कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित किया गया है, जो स्थानीय किसानों को आधुनिक कृषि यंत्र उपलब्ध करा रहा है।

इस खरीफ सीजन में सेंटर द्वारा प्रदान किया जा रहा रेज्ड बेड प्लांटर (मेड़ बनाकर बुवाई करने वाली मशीन) किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हो रहा है। क्षेत्र के कई किसान इस मशीन का उपयोग कर अपने खेतों में उठी हुई क्यारियों (बेड) पर मक्का और सोयाबीन की बुवाई कर रहे हैं, जिससे उनकी फसलें मौसम के जोखिमों से सुरक्षित रह सकें। ग्राम झांसी घाट के किसान श्री निशान सिंह राजा पटेल ने इस तकनीक से लगभग 20 एकड़ में बुवाई की है, और श्री योगेश जी जैसे अन्य किसान भी इस मशीन का लगातार लाभ उठा रहे हैं।

बोरलॉग इंस्टीट्यूट फॉर साउथ एशिया (BISA), जबलपुर के तकनीकी विशेषज्ञ श्री दीपेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि संस्थान ने इस खरीफ सीजन में नरसिंहपुर जिले में इस आधुनिक मशीन से लगभग 500 एकड़ क्षेत्र में बुवाई करवाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसका मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक किसानों को इस तकनीक से जोड़कर लाभ पहुंचाना और उनकी फसलों को मौसम की अनिश्चितता से बचाना है।

कृषक श्री राजा पटेल ने अपने अनुभव साझा करते हुए इस तकनीक को जलवायु अनुकूल खेती के लिए एक 'ब्रह्मास्त्र' बताया। उन्होंने इसके कई महत्वपूर्ण लाभ गिनाए, जैसे अत्यधिक बारिश की स्थिति में बेड के दोनों ओर बनी नालियों से पानी का आसानी से निकल जाना, जिससे पौधों की जड़ें गलने से बच जाती हैं। वहीं, कम बारिश होने पर इन्हीं नालियों में पानी रुकने से जमीन में लंबे समय तक नमी बनी रहती है, जो सूखे के दौरान फसल को जीवन प्रदान करती है। इसके अतिरिक्त, यह विधि खाद प्रबंधन और अन्य कृषि कार्यों को भी सुविधाजनक बनाती है, क्योंकि पौधों की कतारें व्यवस्थित रहती हैं।

कस्टम हायरिंग सेंटर और BISA के तकनीकी मार्गदर्शन के माध्यम से इस तकनीक का प्रसार गोटेगांव क्षेत्र के किसानों को कम लागत में सुरक्षित और आधुनिक खेती करने का एक उत्कृष्ट विकल्प प्रदान कर रहा है।
    user_DEEPAK SAHU
    DEEPAK SAHU
    रिपोर्टर गोटेगांव, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    13 hrs ago
  • Post by Malkhan daas Tirpaliya
    1
    Post by Malkhan daas Tirpaliya
    user_Malkhan daas Tirpaliya
    Malkhan daas Tirpaliya
    देवरी, रायसेन, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • नरसिंहपुर पुलिस द्वारा शुरू की गई 'गोल्डन ऑवर हीरो' पहल एक महत्वपूर्ण जीवन रक्षक अभियान साबित हुई है। इस पहल के परिणामस्वरूप सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु दर में 23% की उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। इस सफल अभियान के माध्यम से अनेक बहुमूल्य जीवन सुरक्षित किए गए हैं।
    1
    नरसिंहपुर पुलिस द्वारा शुरू की गई 'गोल्डन ऑवर हीरो' पहल एक महत्वपूर्ण जीवन रक्षक अभियान साबित हुई है। इस पहल के परिणामस्वरूप सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु दर में 23% की उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है।

इस सफल अभियान के माध्यम से अनेक बहुमूल्य जीवन सुरक्षित किए गए हैं।
    user_पत्रकार आशीष कुमार दुबे
    पत्रकार आशीष कुमार दुबे
    Media and information sciences faculty नरसिंहपुर, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • पिपरिया में टवेरा और स्कॉर्पियो वाहनों के बीच आमने-सामने की भीषण भिड़ंत हो गई, जिसमें एक पति-पत्नी और उनकी आठ वर्षीय बेटी समेत कुल चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे में तीन अन्य व्यक्ति मामूली रूप से जख्मी हुए हैं।
    1
    पिपरिया में टवेरा और स्कॉर्पियो वाहनों के बीच आमने-सामने की भीषण भिड़ंत हो गई, जिसमें एक पति-पत्नी और उनकी आठ वर्षीय बेटी समेत कुल चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे में तीन अन्य व्यक्ति मामूली रूप से जख्मी हुए हैं।
    user_कृष्णकांत प्रदीप शर्मा करेली
    कृष्णकांत प्रदीप शर्मा करेली
    Electrician करेली, नरसिंहपुर, मध्य प्रदेश•
    3 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.