NHI काम कर रही कंपनी के लापरवाही से नामुदाग का मुख्य सड़क हुआ बदहाल, कीचड़ और गड्ढों से परेशान हजारों ग्रामीण स्कूली बच्चों को सबसे ज्यादा दिक्कत मनिका, लातेहार :-मनिका प्रखंड मुख्यालय से महज 3 किलोमीटर दूर स्थित नामुदाग पंचायत की मुख्य सड़क बदहाली का शिकार हो गई है। यह सड़क नामुदाग पंचायत सचिवालय से होकर साधवाडी, मनहनिया, बरवैया और पांकी-पलामू को जोड़ती है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क किनारे NHAI की ओर से काम कर रही कंपनी _भारत वाणिज्य प्राधिकरण_ की लापरवाही के कारण पक्की सड़क पर मिट्टी डाल दी गई। बारिश का पानी जमा होने से पूरी सड़क कीचड़ में तब्दील हो गई है। सड़क के किनारे की मिट्टी धंसने से हादसे का अंदेशा भी बना हुआ है। *रोज गिर रहे हैं साइकिल-मोटरसाइकिल सवार* इस मार्ग से रोजाना हजारों राहगीर, स्कूली बच्चे और मरीज आवागमन करते हैं। कीचड़ की वजह से उन्हें भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार स्कूल जाने वाली छात्र-छात्राएं कीचड़ में गिरकर यूनिफॉर्म गंदा कर लेती हैं और रोते हुए घर वापस लौट जाती हैं। हर दिन इस सड़क पर मोटरसाइकिल और साइकिल सवार गिर रहे हैं। गनीमत है कि अब तक कोई बड़ी दुर्घटना नहीं हुई है, लेकिन स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और NHAI के अधिकारियों से मांग की है कि कंपनी पर कार्रवाई कर सड़क की अविलंब मरम्मत कराई जाए, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके।
NHI काम कर रही कंपनी के लापरवाही से नामुदाग का मुख्य सड़क हुआ बदहाल, कीचड़ और गड्ढों से परेशान हजारों ग्रामीण स्कूली बच्चों को सबसे ज्यादा दिक्कत मनिका, लातेहार :-मनिका प्रखंड मुख्यालय से महज 3 किलोमीटर दूर स्थित नामुदाग पंचायत की मुख्य सड़क बदहाली का शिकार हो गई है। यह सड़क नामुदाग पंचायत सचिवालय से होकर साधवाडी, मनहनिया, बरवैया और पांकी-पलामू को जोड़ती है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क किनारे NHAI की ओर से काम कर रही कंपनी _भारत वाणिज्य प्राधिकरण_ की लापरवाही के कारण पक्की सड़क पर मिट्टी डाल दी गई। बारिश का पानी जमा होने से पूरी सड़क कीचड़ में तब्दील हो गई है। सड़क के किनारे की मिट्टी धंसने से हादसे का अंदेशा भी बना हुआ है। *रोज गिर रहे हैं साइकिल-मोटरसाइकिल सवार* इस मार्ग से रोजाना हजारों राहगीर, स्कूली बच्चे और मरीज आवागमन करते हैं। कीचड़ की वजह से उन्हें भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि कई बार स्कूल जाने वाली छात्र-छात्राएं कीचड़ में गिरकर यूनिफॉर्म गंदा कर लेती हैं और रोते हुए घर वापस लौट जाती हैं। हर दिन इस सड़क पर मोटरसाइकिल और साइकिल सवार गिर रहे हैं। गनीमत है कि अब तक कोई बड़ी दुर्घटना नहीं हुई है, लेकिन स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और NHAI के अधिकारियों से मांग की है कि कंपनी पर कार्रवाई कर सड़क की अविलंब मरम्मत कराई जाए, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके।
- आजसू नेताओं ने प्रेसवार्ता आयोजित कर कार्यपालक पदाधिकारी पर लगाया बड़ा आरोप1
- चेहलुम मेला के दौरान आयोजित हुआ नुमाइसी इनामी प्रतियोगित एसपी ने दिया सौहार्द का संदेश उक्त कार्यक्रम लोहरदगा जिले के सेन्हा प्रखंड अंतर्गत भडगांव पंचायत गांव में भडगांव एवं कल्हेपाट अंजुमन इस्लामिया के तत्वधान में आयोजन समिति के द्वारा आयोजित हुआ जहां 22 अखाड़ा नुमाइसी प्रतियोगिता में भाग ले अपने बेहतर कला का प्रदर्शन किया।1
- डिटर्जेंट पाउडर (सर्फ), यूरिया, कास्टिक सोडा (सोडियम हाइड्रोक्साइड) और रिफाइंड या पाम ऑयल का उपयोग किया जाता है। इसके अलावा दूध की मात्रा और गाढ़ापन बढ़ाने के लिए स्टार्च, ग्लूकोज और कभी-कभी फॉर्मेलिन भी मिलाया जाता है। नकली और मिलावटी दूध तैयार करने के तौर-तरीकों का एक लाइव प्रदर्शन: नकली या मिलावट वाले दूध की पहचान घर पर आसानी से की जा सकती है। असली दूध का स्वाद हल्का मीठा होता है, जबकि नकली या सिंथेटिक दूध में डिटर्जेंट या यूरिया होने के कारण उसका स्वाद कड़वा या साबुन जैसा लगता है। इसके अलावा, असली दूध गर्म करने पर पीला नहीं पड़ता, जबकि हाथों के बीच रगड़ने पर चिकना महसूस होता है। [1, 2, 3, 4, 5] दूध की शुद्धता जांचने के आसान घरेलू तरीके नीचे दिए गए हैं: पानी की मिलावट की जांच (फ्लो टेस्ट) चिकनी और ढलान वाली सतह पर दूध की एक बूंद डालें। शुद्ध दूध धीरे-धीरे बहेगा और पीछे सफेद निशान छोड़ जाएगा। पानी मिला हुआ नकली दूध बिना कोई निशान छोड़े तेजी से बह जाएगा। [1, 2, 3] डिटर्जेंट की मिलावट की जांच (शेक टेस्ट) थोड़ी मात्रा में दूध लेकर उसमें बराबर मात्रा में पानी मिलाएं और जोर से हिलाएं। [1, 2] डिटर्जेंटयुक्त दूध में बहुत ज्यादा और देर तक टिकने वाला घना झाग बन जाता है। [1, 2, 3] शुद्ध दूध में या तो झाग बनता ही नहीं है या बनता है तो तुरंत खत्म हो जाता है। [1, 2, 3] स्टार्च की मिलावट की जांच (आयोडीन टेस्ट) थोड़े से दूध को उबालकर ठंडा करें। इसमें आयोडीन टिंचर या आयोडीन की कुछ बूंदें डालें। स्टार्च मिला होने पर दूध का रंग नीला या नीला-काला हो जाता है। शुद्ध दूध का रंग नहीं बदलता है। [1, 2, 3] यूरिया की मिलावट की जांच एक टेस्ट ट्यूब में थोड़ा दूध लें और उसमें सोयाबीन या अरहर पाउडर मिलाएं। [1] अच्छी तरह मिलाने के बाद 5 मिनट के लिए छोड़ दें। [1] इसमें लाल लिटमस पेपर डालें; अगर पेपर नीला हो जाए, तो दूध में यूरिया की मिलावट है। [1]1
- गढ़वा। प्रेमी संग जंगल में बिताई रात! सनकी प्रेमी 5 बच्चे की मां को लेकर... गढ़वा में एक महिला के अपने कथित प्रेमी के साथ घर छोड़ने की खबर चर्चा का विषय बनी हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों ने जंगल में रात बिताई, जिसके बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं तेज हो गई हैं। मामले की वास्तविक स्थिति और सभी पक्षों की जानकारी सामने आना अभी बाकी है।1
- RBI गवर्नर ने बताया, कब लॉन्च होंगे प्लास्टिक नोट देखिये पूरी वीडियो RBI गवर्नर ने बताया, कब लॉन्च होंगे प्लास्टिक नोट देखिये पूरी वीडियो1
- Post by Pawan Gupta1
- मध्यान भोजन में बच्चों को मिल रहा है पानी में उबला आलू1
- बिहार के बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव (2026) में जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने जीत दर्ज की है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार नीरज कुमार को 18,953 वोटों के अंतर से हराया। बांकीपुर उपचुनाव की मुख्य बातें विजेता: प्रशांत किशोर (जन सुराज पार्टी) उपविजेता (हारने वाले उम्मीदवार): नीरज कुमार (भारतीय जनता पार्टी) जीत का अंतर: 18,953 वोट परिणाम की तारीख: 3 अगस्त 2026 विधानसभा उपचुनाव: बांकीपुर से जीते प्रशांत किशोर, दतिया में कांग्रेस और मांजलपुर में बीजेपी ने दर्ज की जीत बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में जन सुराज पार्टी के प्रशांत किशोर जीत गए हैं. इस सीट पर बीजेपी के नीरज कुमार दूसरे नंबर पर हैं. इस सीट पर प्रशांत किशोर को 64,151 वोट मिले हैं. दूसरे स्थान पर बीजेपी उम्मीदवार नीरज कुमार रहे हैं जिन्हें 44,827 वोट मिले हैं. यानी प्रशांत किशोर ने ये सीट 19,324 मतों से जीती है. आरजेडी की रेखा कुमारी 14,273 वोट मिले हैं. बांकीपुर सीट पटना के शहरी इलाक़े में मौजूद है और इसे बीजेपी का मज़बूत गढ़ माना जाता है. इस सीट से बीजेपी अध्यक्ष नितिन नबीन विधायक थे. वहीं मध्य प्रदेश की दतिया सीट पर हुए उपचुनाव में बीजेपी के आशुतोष तिवारी कांग्रेस के घनश्याम सिंह से हार गए हैं.1
- गढ़वा। पूर्व मंत्री श्री मिथिलेश कुमार ठाकुर की पत्नी चंचला ठाकुर ने कि रक्त दान गढ़वा में पूर्व मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर की पत्नी चंचला ठाकुर ने रक्तदान कर मानवता की मिसाल पेश की। उन्होंने लोगों से जरूरतमंद मरीजों की मदद के लिए स्वेच्छा से रक्तदान करने की अपील भी की। यह पहल समाज में सेवा और जागरूकता का सकारात्मक संदेश देती है।1