logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

बलरामपुर जिले में जल संरक्षण के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन और जिला पंचायत सीईओ श्रीमती नयनतारा सिंह तोमर के नेतृत्व में 'मोर गांव-मोर पानी' महाअभियान प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है। इस महाअभियान का लक्ष्य प्रत्येक गांव को जल समृद्ध बनाना, वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देना, भू-जल स्तर में सुधार लाना तथा आने वाली पीढ़ियों के लिए जल सुरक्षा सुनिश्चित करना है। अभियान के तहत जनपद पंचायत शंकरगढ़, राजपुर और कुसमी सहित ग्राम पंचायत स्तर पर भी एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे जनभागीदारी सुनिश्चित की जा सके। कलेक्टर श्रीमती त्रिपाठी के निर्देशानुसार जल संरक्षण संबंधी गतिविधियों को जिले में व्यापक स्तर पर क्रियान्वित किया जा रहा है। इन प्रशिक्षणों में प्रतिभागियों को '5 प्रतिशत मॉडल रिचार्ज टैंक' के निर्माण की विस्तृत जानकारी दी गई, जिसे वर्षा जल संचयन और भू-जल पुनर्भरण के लिए एक अत्यंत प्रभावी चार-स्तरीय संरचना बताया गया है, जिसकी कुल जल संचयन क्षमता लगभग 1458 लीटर है। जनपद पंचायत में इसका ले-आउट तैयार कर नमूना संरचना का प्रदर्शन भी किया गया, जिससे प्रतिभागियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण मिला। प्रशिक्षण के दौरान जल संरक्षण की 'रिज टू वैली' अवधारणा पर जोर देते हुए स्ट्रैगर्ड कंटूर ट्रेंच, कंटीन्यूअस कंटूर ट्रेंच, गली प्लग, बोल्डर चेक, सोख्ता गड्ढा तथा अन्य जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण, स्थान चयन और उपयोगिता के संबंध में भी विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई, ताकि गांवों में वैज्ञानिक तरीके से वर्षा जल को रोका जा सके और भू-जल पुनर्भरण में उसका उपयोग हो सके। प्रशिक्षण में बताया गया कि '5 प्रतिशत मॉडल रिचार्ज टैंक', सोख्ता गड्ढा और अन्य संरचनाओं के निर्माण से वर्षा जल का अपव्यय कम होता है और पानी धीरे-धीरे जमीन में समाहित होकर भू-जल स्तर को बढ़ाने में मदद करता है। इससे कुओं, हैंडपंपों और बोरवेलों में जल उपलब्धता बढ़ती है, पर्यावरणीय संतुलन मजबूत होता है और कृषि गतिविधियों को भी लाभ मिलता है। साथ ही, बंजर एवं कम उपजाऊ भूमि को कृषि योग्य बनाने में भी ऐसी संरचनाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। प्रशासन द्वारा जिले के विभिन्न क्षेत्रों में लगातार प्रशिक्षण, जनजागरूकता एवं जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण संबंधी गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। इस पहल में सरपंच, सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, एनआरएलएम के एरिया कोऑर्डिनेटर, पीआरपी, स्व-सहायता समूहों की महिलाएं, कैडर सदस्य और तकनीकी सहायकों ने भाग लिया। जिला प्रशासन का लक्ष्य जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाकर प्रत्येक गांव को जल समृद्ध बनाना है, ताकि भविष्य में जल संकट की चुनौतियों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।

2 hrs ago
user_Shoaib Siddiqui
Shoaib Siddiqui
Local News Reporter बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
2 hrs ago
4252b89f-49a9-4b94-a0fd-f0eb92fad903

बलरामपुर जिले में जल संरक्षण के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन और जिला पंचायत सीईओ श्रीमती नयनतारा सिंह तोमर के नेतृत्व में 'मोर गांव-मोर पानी' महाअभियान प्रभावी रूप से संचालित किया जा रहा है। इस महाअभियान का लक्ष्य प्रत्येक गांव को जल समृद्ध बनाना, वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देना, भू-जल स्तर में सुधार लाना तथा आने वाली पीढ़ियों के लिए जल सुरक्षा सुनिश्चित करना है। अभियान के तहत जनपद पंचायत शंकरगढ़, राजपुर और कुसमी सहित ग्राम पंचायत स्तर पर भी एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे जनभागीदारी सुनिश्चित की जा सके। कलेक्टर श्रीमती त्रिपाठी

8defb7fc-9c71-4c24-95fd-3d36b76b02ca

के निर्देशानुसार जल संरक्षण संबंधी गतिविधियों को जिले में व्यापक स्तर पर क्रियान्वित किया जा रहा है। इन प्रशिक्षणों में प्रतिभागियों को '5 प्रतिशत मॉडल रिचार्ज टैंक' के निर्माण की विस्तृत जानकारी दी गई, जिसे वर्षा जल संचयन और भू-जल पुनर्भरण के लिए एक अत्यंत प्रभावी चार-स्तरीय संरचना बताया गया है, जिसकी कुल जल संचयन क्षमता लगभग 1458 लीटर है। जनपद पंचायत में इसका ले-आउट तैयार कर नमूना संरचना का प्रदर्शन भी किया गया, जिससे प्रतिभागियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण मिला। प्रशिक्षण के दौरान जल संरक्षण की 'रिज टू वैली' अवधारणा पर जोर देते हुए स्ट्रैगर्ड कंटूर ट्रेंच, कंटीन्यूअस कंटूर ट्रेंच, गली प्लग,

87bab442-47fc-49af-9b62-0421cf0db1b4

बोल्डर चेक, सोख्ता गड्ढा तथा अन्य जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण, स्थान चयन और उपयोगिता के संबंध में भी विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई, ताकि गांवों में वैज्ञानिक तरीके से वर्षा जल को रोका जा सके और भू-जल पुनर्भरण में उसका उपयोग हो सके। प्रशिक्षण में बताया गया कि '5 प्रतिशत मॉडल रिचार्ज टैंक', सोख्ता गड्ढा और अन्य संरचनाओं के निर्माण से वर्षा जल का अपव्यय कम होता है और पानी धीरे-धीरे जमीन में समाहित होकर भू-जल स्तर को बढ़ाने में मदद करता है। इससे कुओं, हैंडपंपों और बोरवेलों में जल उपलब्धता बढ़ती है, पर्यावरणीय संतुलन मजबूत होता है और कृषि गतिविधियों को

7c232264-18e8-487f-b893-8447a2dd763c

भी लाभ मिलता है। साथ ही, बंजर एवं कम उपजाऊ भूमि को कृषि योग्य बनाने में भी ऐसी संरचनाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। प्रशासन द्वारा जिले के विभिन्न क्षेत्रों में लगातार प्रशिक्षण, जनजागरूकता एवं जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण संबंधी गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। इस पहल में सरपंच, सचिव, ग्राम रोजगार सहायक, एनआरएलएम के एरिया कोऑर्डिनेटर, पीआरपी, स्व-सहायता समूहों की महिलाएं, कैडर सदस्य और तकनीकी सहायकों ने भाग लिया। जिला प्रशासन का लक्ष्य जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाकर प्रत्येक गांव को जल समृद्ध बनाना है, ताकि भविष्य में जल संकट की चुनौतियों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।

More news from छत्तीसगढ़ and nearby areas
  • बलरामपुर-रामानुजगंज क्षेत्र से एक दुखद खबर सामने आई है, जहाँ जंगल के भीतर बिजली का करंट लगने से एक भैंस की मौत हो गई। यह घटना बलरामपुर-रामानुजगंज से करीब दो किलोमीटर आगे जंगल वाले इलाके में घटी।
    1
    बलरामपुर-रामानुजगंज क्षेत्र से एक दुखद खबर सामने आई है, जहाँ जंगल के भीतर बिजली का करंट लगने से एक भैंस की मौत हो गई। यह घटना बलरामपुर-रामानुजगंज से करीब दो किलोमीटर आगे जंगल वाले इलाके में घटी।
    user_Ratan Choudhry
    Ratan Choudhry
    Insurance Agent बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    13 hrs ago
  • बलरामपुर जिले के रामचंद्रपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पिपरोल में काशीसोत व्यपवर्तन योजना के नहर विस्तार कार्य का भूमिपूजन कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम ने किया। इस परियोजना पर 1314.53 लाख रुपये की लागत आएगी, जिसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के किसानों को बेहतर सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराना है। इस परियोजना के तहत 5920 मीटर मुख्य नहर और 9910 मीटर माइनर नहर का निर्माण एवं विस्तार किया जाएगा, जिससे खरीफ सीजन में 500 हेक्टेयर और रबी सीजन में 150 हेक्टेयर सहित कुल 650 हेक्टेयर कृषि भूमि सिंचित होगी। लगभग 150 किसान प्रत्यक्ष रूप से इस योजना से लाभान्वित होंगे। भूमिपूजन कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष धीरज सिंह देव, जनपद अध्यक्ष बलरामपुर सुमित्रा चेरवा, जनपद अध्यक्ष रामचंद्रपुर मुंद्रिका सिंह, कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक वैभव बेंकर सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और ग्रामीण उपस्थित रहे। इस अवसर पर मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि राज्य सरकार किसानों की समृद्धि और कृषि क्षेत्र के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि नहर विस्तार से सेंदुर और पिपरोल क्षेत्र के किसानों को साल भर खेती करने का अवसर मिलेगा, जिससे कृषि उत्पादन और उनकी आय में वृद्धि होगी। मंत्री ने किसानों से धान के साथ-साथ दलहनी और तिलहनी फसलों की खेती को बढ़ावा देने, मिश्रित खेती अपनाने और रासायनिक उर्वरकों के बजाय जैविक खाद के उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि गोबर खाद आधारित जैविक खेती से भूमि की उर्वरता बनी रहती है और उत्पादन की गुणवत्ता भी बेहतर होती है। मंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि नहर परियोजना से केवल सिंचाई सुविधाएं ही नहीं बढ़ेंगी, बल्कि पशुपालन और मत्स्य पालन जैसी गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे ग्रामीणों को अतिरिक्त आय के अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने क्षेत्र में विद्युत विस्तार कार्यों की जानकारी देते हुए गुणवत्तापूर्ण एवं निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के प्रयासों का भी जिक्र किया। कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने कहा कि नहर विस्तार कार्य से विशेष रूप से रबी फसलों की सिंचाई व्यवस्था मजबूत होगी और किसान दोहरी फसल लेकर अपनी आय बढ़ा सकेंगे। उन्होंने किसानों से विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने के लिए एग्रीस्टैक पंजीयन कराने की अपील की। क्षेत्रवासियों ने इस परियोजना को कृषि विकास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने वाला एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए खुशी व्यक्त की। नहर विस्तार कार्य पूरा होने के बाद क्षेत्र में सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से कृषि उत्पादन और किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है।
    2
    बलरामपुर जिले के रामचंद्रपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पिपरोल में काशीसोत व्यपवर्तन योजना के नहर विस्तार कार्य का भूमिपूजन कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम ने किया। इस परियोजना पर 1314.53 लाख रुपये की लागत आएगी, जिसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के किसानों को बेहतर सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराना है।

इस परियोजना के तहत 5920 मीटर मुख्य नहर और 9910 मीटर माइनर नहर का निर्माण एवं विस्तार किया जाएगा, जिससे खरीफ सीजन में 500 हेक्टेयर और रबी सीजन में 150 हेक्टेयर सहित कुल 650 हेक्टेयर कृषि भूमि सिंचित होगी। लगभग 150 किसान प्रत्यक्ष रूप से इस योजना से लाभान्वित होंगे। भूमिपूजन कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष धीरज सिंह देव, जनपद अध्यक्ष बलरामपुर सुमित्रा चेरवा, जनपद अध्यक्ष रामचंद्रपुर मुंद्रिका सिंह, कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक वैभव बेंकर सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और ग्रामीण उपस्थित रहे।

इस अवसर पर मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि राज्य सरकार किसानों की समृद्धि और कृषि क्षेत्र के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि नहर विस्तार से सेंदुर और पिपरोल क्षेत्र के किसानों को साल भर खेती करने का अवसर मिलेगा, जिससे कृषि उत्पादन और उनकी आय में वृद्धि होगी। मंत्री ने किसानों से धान के साथ-साथ दलहनी और तिलहनी फसलों की खेती को बढ़ावा देने, मिश्रित खेती अपनाने और रासायनिक उर्वरकों के बजाय जैविक खाद के उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि गोबर खाद आधारित जैविक खेती से भूमि की उर्वरता बनी रहती है और उत्पादन की गुणवत्ता भी बेहतर होती है। मंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि नहर परियोजना से केवल सिंचाई सुविधाएं ही नहीं बढ़ेंगी, बल्कि पशुपालन और मत्स्य पालन जैसी गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे ग्रामीणों को अतिरिक्त आय के अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने क्षेत्र में विद्युत विस्तार कार्यों की जानकारी देते हुए गुणवत्तापूर्ण एवं निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के प्रयासों का भी जिक्र किया।

कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने कहा कि नहर विस्तार कार्य से विशेष रूप से रबी फसलों की सिंचाई व्यवस्था मजबूत होगी और किसान दोहरी फसल लेकर अपनी आय बढ़ा सकेंगे। उन्होंने किसानों से विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ लेने के लिए एग्रीस्टैक पंजीयन कराने की अपील की। क्षेत्रवासियों ने इस परियोजना को कृषि विकास और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने वाला एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए खुशी व्यक्त की। नहर विस्तार कार्य पूरा होने के बाद क्षेत्र में सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से कृषि उत्पादन और किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है।
    user_Balrampur
    Balrampur
    Local News Reporter बलरामपुर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    15 hrs ago
  • रंका पंचायत भवन के समीप भीषण गर्मी के मद्देनजर एक पनशाला की शुरुआत की गई है। यह कदम क्षेत्र में बढ़ती गर्मी से लोगों को राहत प्रदान करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
    1
    रंका पंचायत भवन के समीप भीषण गर्मी के मद्देनजर एक पनशाला की शुरुआत की गई है। यह कदम क्षेत्र में बढ़ती गर्मी से लोगों को राहत प्रदान करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
    user_Sunil singh
    Sunil singh
    रंका, गढ़वा, झारखंड•
    5 hrs ago
  • छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर में बनारस रोड मुख्य मार्ग पर 'फन ज़ोन' नामक एक बेहद खूबसूरत और भव्य दुकान का आज दिनांक 31 मई 2026 को ग्रैंड ओपनिंग हुआ। यह नितेश केशरवानी फन ज़ोन, मनोरंजन के भरपूर साधन प्रदान करने का दावा करता है। इसे एक ऐसे दुनिया के रूप में वर्णित किया गया है जहाँ एक बेहद खूबसूरत नज़ारा है, साथ ही एक डरावना दृश्य भी है जो छोटे बच्चों में खौफ पैदा करेगा और बड़ों को भूल जाने का डर दिलाएगा, जबकि बुढ़ापे की चिंता खत्म हो जाएगी। यह कहा गया है कि जहाँ पहले बड़े शहरों के मनोरंजक स्थलों का ख्याल आता था, अब सिर्फ अंबिकापुर सरगुजा जिले में खुले इस 'फन ज़ोन' की ही याद आएगी।
    2
    छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर में बनारस रोड मुख्य मार्ग पर 'फन ज़ोन' नामक एक बेहद खूबसूरत और भव्य दुकान का आज दिनांक 31 मई 2026 को ग्रैंड ओपनिंग हुआ।

यह नितेश केशरवानी फन ज़ोन, मनोरंजन के भरपूर साधन प्रदान करने का दावा करता है। इसे एक ऐसे दुनिया के रूप में वर्णित किया गया है जहाँ एक बेहद खूबसूरत नज़ारा है, साथ ही एक डरावना दृश्य भी है जो छोटे बच्चों में खौफ पैदा करेगा और बड़ों को भूल जाने का डर दिलाएगा, जबकि बुढ़ापे की चिंता खत्म हो जाएगी। यह कहा गया है कि जहाँ पहले बड़े शहरों के मनोरंजक स्थलों का ख्याल आता था, अब सिर्फ अंबिकापुर सरगुजा जिले में खुले इस 'फन ज़ोन' की ही याद आएगी।
    user_जनता की ख़बर
    जनता की ख़बर
    Local News Reporter वाड्रफनगर, बलरामपुर, छत्तीसगढ़•
    7 hrs ago
  • गढ़वा जिले के चिनिया थाना क्षेत्र के कई गांवों में जंगली हाथियों की संभावित मौजूदगी को लेकर वन विभाग ने शनिवार रात रेड अलर्ट जारी कर दिया है। यह चेतावनी शनिवार शाम चिनिया, चिरका, हेताड़कलां, तहले और रानीचेरी सहित आस-पास के क्षेत्रों में हाथियों को देखे जाने की सूचना मिलने के बाद, रात 8 बजे एहतियात के तौर पर घोषित की गई। प्रभारी वनपाल अनिमेष कुमार ने इस जानकारी की पुष्टि की है। वन विभाग ने ग्रामीणों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है, जिसमें अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलना और रात के समय खेत, बगीचे या जंगल की ओर जाने से बचना शामिल है। विभाग ने बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखने तथा हाथियों के नजदीक जाने या उन्हें छेड़ने की कोशिश न करने की कड़ी हिदायत दी है। साथ ही, ग्रामीणों से किसी भी गांव या क्षेत्र में हाथी दिखाई देने पर तत्काल वन विभाग को सूचना देने का आग्रह किया गया है, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। विभाग ने चेतावनी दी है कि "हाथी कभी भी गांवों की ओर रुख कर सकते हैं। इसलिए सभी ग्रामीण पूरी सतर्कता बरतें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।" वन विभाग की टीम पूरी रात स्थिति पर पैनी नज़र बनाए हुए है और ग्रामीणों से लगातार सतर्क रहने की अपील कर रही है।
    1
    गढ़वा जिले के चिनिया थाना क्षेत्र के कई गांवों में जंगली हाथियों की संभावित मौजूदगी को लेकर वन विभाग ने शनिवार रात रेड अलर्ट जारी कर दिया है। यह चेतावनी शनिवार शाम चिनिया, चिरका, हेताड़कलां, तहले और रानीचेरी सहित आस-पास के क्षेत्रों में हाथियों को देखे जाने की सूचना मिलने के बाद, रात 8 बजे एहतियात के तौर पर घोषित की गई। प्रभारी वनपाल अनिमेष कुमार ने इस जानकारी की पुष्टि की है।

वन विभाग ने ग्रामीणों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है, जिसमें अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलना और रात के समय खेत, बगीचे या जंगल की ओर जाने से बचना शामिल है। विभाग ने बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखने तथा हाथियों के नजदीक जाने या उन्हें छेड़ने की कोशिश न करने की कड़ी हिदायत दी है। साथ ही, ग्रामीणों से किसी भी गांव या क्षेत्र में हाथी दिखाई देने पर तत्काल वन विभाग को सूचना देने का आग्रह किया गया है, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। विभाग ने चेतावनी दी है कि "हाथी कभी भी गांवों की ओर रुख कर सकते हैं। इसलिए सभी ग्रामीण पूरी सतर्कता बरतें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।" वन विभाग की टीम पूरी रात स्थिति पर पैनी नज़र बनाए हुए है और ग्रामीणों से लगातार सतर्क रहने की अपील कर रही है।
    user_Hemant Kumar
    Hemant Kumar
    चिनिया, गढ़वा, झारखंड•
    8 hrs ago
  • गढ़वा में पाल महासंघ ने राजमाता अहिल्याबाई जी की 301वीं जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई।
    1
    गढ़वा में पाल महासंघ ने राजमाता अहिल्याबाई जी की 301वीं जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई।
    user_Shital vishwakarma
    Shital vishwakarma
    पत्रकार बिश्नुनपुर, गढवा•
    28 min ago
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के माध्यम से देशवासियों को संबोधित किया। इस कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से प्राप्त हुए सुझावों, जनभागीदारी, नवाचार, युवा शक्ति, सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में नागरिकों की कई प्रेरणादायक पहलों का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए देश को विकास, आत्मनिर्भरता और जनसहभागिता के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ाने का सशक्त संदेश दिया। यह कार्यक्रम अब केवल एक रेडियो प्रसारण नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री और देशवासियों के बीच संवाद का एक अत्यंत सशक्त माध्यम बन चुका है।
    1
    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के माध्यम से देशवासियों को संबोधित किया। इस कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों से प्राप्त हुए सुझावों, जनभागीदारी, नवाचार, युवा शक्ति, सामाजिक जागरूकता और राष्ट्र निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में नागरिकों की कई प्रेरणादायक पहलों का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए देश को विकास, आत्मनिर्भरता और जनसहभागिता के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ाने का सशक्त संदेश दिया। यह कार्यक्रम अब केवल एक रेडियो प्रसारण नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री और देशवासियों के बीच संवाद का एक अत्यंत सशक्त माध्यम बन चुका है।
    user_Pradesh Khabar
    Pradesh Khabar
    Media company अंबिकापुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़•
    3 hrs ago
  • रंका प्रखंड के वीरबांध गांव में अपनी दुकान की सफाई कर रहे एक युवक को करैत सांप ने डस लिया। गांव निवासी आजाद मियां के पुत्र जुमन मियां के पैर की उंगली में दुकान में छिपे करैत सांप के एक छोटे बच्चे ने काट लिया। इस घटना की जानकारी शनिवार सुबह आठ बजे गांव के ग्रामीण सोमन ने दी। सांप के काटने से घायल हुए जुमन मियां को रंका अस्पताल से बेहतर इलाज के लिए गढ़वा रेफर किया गया है।
    1
    रंका प्रखंड के वीरबांध गांव में अपनी दुकान की सफाई कर रहे एक युवक को करैत सांप ने डस लिया। गांव निवासी आजाद मियां के पुत्र जुमन मियां के पैर की उंगली में दुकान में छिपे करैत सांप के एक छोटे बच्चे ने काट लिया। इस घटना की जानकारी शनिवार सुबह आठ बजे गांव के ग्रामीण सोमन ने दी। सांप के काटने से घायल हुए जुमन मियां को रंका अस्पताल से बेहतर इलाज के लिए गढ़वा रेफर किया गया है।
    user_Sunil singh
    Sunil singh
    रंका, गढ़वा, झारखंड•
    21 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.