गोरखपुर जिले के कैंपियरगंज ब्लॉक अंतर्गत ग्राम सभा मछलीगांव बरगदही स्थित साधन सहकारी समिति लिमिटेड पर खाद वितरण में भारी अनियमितता के आरोपों को लेकर किसानों में जबरदस्त नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उन्हें खाद पाने के लिए कई दिनों से समिति के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, लेकिन वितरण व्यवस्था में कोई पारदर्शिता नहीं दिख रही है। किसानों के मुताबिक, खाद वितरण की सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में किसान आधी रात के बाद ही समिति परिसर में लाइन में लग गए थे। सुबह लगभग 10 बजे समिति के कर्मचारियों और सचिव के आने के बाद वितरण प्रक्रिया को लेकर विवाद खड़ा हो गया। किसानों ने आरोप लगाया कि कुछ लोग खाद वितरण कार्ड लेकर पहुंचे और उनके कार्ड पहले से लाइन में लगे किसानों के कार्डों के बीच शामिल कर दिए गए। इस प्रक्रिया के कारण सुबह से इंतजार कर रहे किसानों का क्रम पीछे चला गया, जबकि बाद में आए लोगों को प्राथमिकता मिल गई, जिससे उनमें आक्रोश फैल गया। किसानों ने खाद वितरण में पक्षपात और मनमानी का आरोप लगाया है, साथ ही यह भी कहा कि यदि प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं हुई तो जरूरतमंद किसानों को समय पर खाद नहीं मिल पाएगी। किसानों ने समिति के जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यशैली को अव्यवस्था का कारण बताया है, जिसके चलते उन्हें अनावश्यक परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं, समिति के सचिव ने आरोपों पर सीधा जवाब देने से बचते हुए कहा कि समिति पर पर्याप्त खाद उपलब्ध है और इसे आवश्यकतानुसार वितरित किया जा रहा है। हालांकि, उन्होंने कार्डों के क्रम में बदलाव या पक्षपातपूर्ण वितरण के आरोपों पर कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। इस मामले पर जिला कृषि अधिकारी राजमंगल चौधरी ने कहा कि समितियों पर खाद उपलब्ध होने पर उसका वितरण नियमानुसार किया जाता है, जो सदस्य किसानों को उनकी खतौनी और फार्मर रजिस्ट्री के आधार पर दिया जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि यदि कोई शिकायत मिलती है, तो उसकी जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। किसान प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई हो और खाद वितरण को पूरी तरह पारदर्शी व व्यवस्थित बनाया जाए, ताकि पात्र किसानों को समय पर खाद मिल सके और उन्हें घंटों लाइन में खड़े रहने के बाद निराश न लौटना पड़े।
गोरखपुर जिले के कैंपियरगंज ब्लॉक अंतर्गत ग्राम सभा मछलीगांव बरगदही स्थित साधन सहकारी समिति लिमिटेड पर खाद वितरण में भारी अनियमितता के आरोपों को लेकर किसानों में जबरदस्त नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उन्हें खाद पाने के लिए कई दिनों से समिति के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, लेकिन वितरण व्यवस्था में कोई पारदर्शिता नहीं दिख रही है। किसानों के मुताबिक, खाद वितरण की सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में किसान आधी रात के बाद ही समिति परिसर में लाइन में लग गए थे। सुबह लगभग 10 बजे समिति के कर्मचारियों और सचिव के आने के बाद वितरण प्रक्रिया को लेकर विवाद खड़ा हो गया। किसानों ने आरोप लगाया कि कुछ लोग खाद वितरण कार्ड लेकर पहुंचे और उनके कार्ड पहले से लाइन में लगे किसानों के कार्डों के बीच शामिल कर दिए गए। इस प्रक्रिया के कारण सुबह से इंतजार कर रहे किसानों का क्रम पीछे चला गया, जबकि बाद में आए लोगों को प्राथमिकता मिल गई, जिससे उनमें आक्रोश फैल गया। किसानों ने खाद वितरण में पक्षपात और मनमानी का आरोप लगाया है, साथ ही यह भी कहा कि यदि प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं हुई तो जरूरतमंद किसानों को समय पर खाद नहीं मिल पाएगी। किसानों ने समिति के जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यशैली को अव्यवस्था का कारण बताया है, जिसके चलते उन्हें अनावश्यक परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं, समिति के सचिव ने आरोपों पर सीधा जवाब देने से बचते हुए कहा कि समिति पर पर्याप्त खाद उपलब्ध है और इसे आवश्यकतानुसार वितरित किया जा रहा है। हालांकि, उन्होंने कार्डों के क्रम में बदलाव या पक्षपातपूर्ण वितरण के आरोपों पर कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। इस मामले पर जिला कृषि अधिकारी राजमंगल चौधरी ने कहा कि समितियों पर खाद उपलब्ध होने पर उसका वितरण नियमानुसार किया जाता है, जो सदस्य किसानों को उनकी खतौनी और फार्मर रजिस्ट्री के आधार पर दिया जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि यदि कोई शिकायत मिलती है, तो उसकी जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। किसान प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई हो और खाद वितरण को पूरी तरह पारदर्शी व व्यवस्थित बनाया जाए, ताकि पात्र किसानों को समय पर खाद मिल सके और उन्हें घंटों लाइन में खड़े रहने के बाद निराश न लौटना पड़े।
- उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के फरेन्दा क्षेत्र में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर सरकारी भूमि पर बुलडोजर की कार्रवाई की गई है। यह एक्शन पुलिस की उपस्थिति में हुआ, जिसमें सरकारी संपत्ति पर हुए अतिक्रमण को हटाया गया।1
- गोरखपुर जिले के कैंपियरगंज ब्लॉक अंतर्गत ग्राम सभा मछलीगांव बरगदही स्थित साधन सहकारी समिति लिमिटेड पर खाद वितरण में भारी अनियमितता के आरोपों को लेकर किसानों में जबरदस्त नाराजगी है। किसानों का कहना है कि उन्हें खाद पाने के लिए कई दिनों से समिति के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, लेकिन वितरण व्यवस्था में कोई पारदर्शिता नहीं दिख रही है। किसानों के मुताबिक, खाद वितरण की सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में किसान आधी रात के बाद ही समिति परिसर में लाइन में लग गए थे। सुबह लगभग 10 बजे समिति के कर्मचारियों और सचिव के आने के बाद वितरण प्रक्रिया को लेकर विवाद खड़ा हो गया। किसानों ने आरोप लगाया कि कुछ लोग खाद वितरण कार्ड लेकर पहुंचे और उनके कार्ड पहले से लाइन में लगे किसानों के कार्डों के बीच शामिल कर दिए गए। इस प्रक्रिया के कारण सुबह से इंतजार कर रहे किसानों का क्रम पीछे चला गया, जबकि बाद में आए लोगों को प्राथमिकता मिल गई, जिससे उनमें आक्रोश फैल गया। किसानों ने खाद वितरण में पक्षपात और मनमानी का आरोप लगाया है, साथ ही यह भी कहा कि यदि प्रक्रिया निष्पक्ष नहीं हुई तो जरूरतमंद किसानों को समय पर खाद नहीं मिल पाएगी। किसानों ने समिति के जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यशैली को अव्यवस्था का कारण बताया है, जिसके चलते उन्हें अनावश्यक परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं, समिति के सचिव ने आरोपों पर सीधा जवाब देने से बचते हुए कहा कि समिति पर पर्याप्त खाद उपलब्ध है और इसे आवश्यकतानुसार वितरित किया जा रहा है। हालांकि, उन्होंने कार्डों के क्रम में बदलाव या पक्षपातपूर्ण वितरण के आरोपों पर कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया। इस मामले पर जिला कृषि अधिकारी राजमंगल चौधरी ने कहा कि समितियों पर खाद उपलब्ध होने पर उसका वितरण नियमानुसार किया जाता है, जो सदस्य किसानों को उनकी खतौनी और फार्मर रजिस्ट्री के आधार पर दिया जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि यदि कोई शिकायत मिलती है, तो उसकी जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। किसान प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई हो और खाद वितरण को पूरी तरह पारदर्शी व व्यवस्थित बनाया जाए, ताकि पात्र किसानों को समय पर खाद मिल सके और उन्हें घंटों लाइन में खड़े रहने के बाद निराश न लौटना पड़े।1
- संतकबीरनगर के मेंहदावल में खलीलाबाद कोतवाली पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए एक गुमशुदा बालक को मात्र 12 घंटे के भीतर सकुशल ढूंढ निकाला और उसके परिजनों को सौंप दिया। यह घटना तब सामने आई जब शैलेंद्र कुमार यादव, जो हेडिल कॉलोनी, थाना कोतवाली खलीलाबाद के निवासी हैं, ने अपने लगभग 11 वर्षीय पुत्र रघुराज यादव के लापता होने की सूचना पुलिस को दी। रघुराज यादव 11 जून, 2026, बृहस्पतिवार को दोपहर करीब 12:00 बजे घर से बिना बताए कहीं चला गया था। सूचना मिलते ही थाना कोतवाली खलीलाबाद पुलिस ने तुरंत खोजबीन शुरू कर दी। चौकी प्रभारी तितौवा, हरिकेश बहादुर सिंह, ने अपनी पुलिस टीम के साथ सीसीटीवी फुटेज की जाँच की और प्राप्त मोबाइल नंबर की लोकेशन के आधार पर लगातार प्रयास किए। पुलिस टीम ने त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करते हुए सूचनाकर्ता के साथ जनपद गोरखपुर के रामगढ़ताल क्षेत्र में पहुँचकर लापता रघुराज यादव को घटना के लगभग 12 घंटे के अंदर सकुशल बरामद कर लिया। बरामदगी के बाद बालक को उसके पिता को सौंप दिया गया। जाँच के दौरान यह पाया गया कि उसके साथ किसी भी प्रकार की कोई अप्रिय या आपराधिक घटना नहीं हुई थी। परिजनों ने पुलिस की इस तत्परता, संवेदनशीलता और प्रभावी कार्यवाही की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया।1
- नगर पंचायत बेलहर के वार्ड नंबर-1 में लंबे समय से नाला निर्माण न होने से नाराज वार्डवासियों ने गुरुवार को प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि बरसात शुरू होने से पहले नाले का निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया गया, तो नगर पंचायत कार्यालय पर एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे राजेश यादव ने बताया कि वार्ड में वर्षों से जल निकासी की गंभीर समस्या बनी हुई है। नाले के अभाव में बरसात के दिनों में गलियों और सड़कों पर पानी भर जाता है, जिससे स्थानीय लोगों को आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि इस समस्या को लेकर नगर पंचायत प्रशासन और अधिशासी अधिकारी (ईओ) को कई बार शिकायतें दी गईं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकल पाया है। वार्डवासियों ने यह भी बताया कि नाले की कमी के कारण घरों से निकलने वाले गंदे पानी की निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे महिलाओं और परिवारों को नहाने-धोने में भी परेशानी होती है। उन्हें गड्ढे खोदकर पानी जमा करना पड़ता है और फिर उसे बाहर फेंकना पड़ता है, जो उनकी दिन-रात की मजबूरी बन गई है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर पंचायत बनने के बाद मूलभूत समस्याओं के समाधान की उम्मीद थी, लेकिन वे आज भी "नारकीय जीवन" जीने को विवश हैं और जनप्रतिनिधियों व जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा समस्या के समाधान के लिए गंभीर प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। राजेश यादव ने यह भी जानकारी दी कि इस मामले को लेकर संपूर्ण समाधान दिवस (तहसील दिवस) में भी प्रार्थना पत्र दिया गया था। शिकायत के बाद लेखपाल और कानूनगो ने मौके पर पहुंचकर जांच भी की, लेकिन उस जांच के बाद भी नाला निर्माण का कार्य शुरू नहीं किया गया, जिससे क्षेत्र के लोगों में आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदर्शन में राहुल यादव, संजीव देवी, अनीता देवी, शारदा देवी, उर्मिला देवी, जगदीश गौड़ और इंद्रजीत गौड़ सहित अन्य कई लोग शामिल थे, जिन्होंने यह भी कहा कि नगर पंचायत प्रशासन इस समस्या के समाधान को लेकर बिल्कुल भी गंभीर नहीं है। उनका मानना है कि बरसात का मौसम नजदीक है और यदि समय रहते नाला निर्माण नहीं कराया गया तो जलभराव की समस्या और अधिक विकराल रूप ले लेगी। नगरवासियों ने प्रशासन से तत्काल नाला निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो एक व्यापक जन आंदोलन किया जाएगा और इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस संबंध में पूछे जाने पर ईओ अमित कुमार सिंह ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है और इसे जल्द से जल्द निस्तारित किया जाएगा।2
- पूर्वोत्तर रेलवे मजदूर यूनियन (NERMU) ने रेल कर्मचारियों की अनेक समस्याओं को लेकर सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। यूनियन के सदस्यों ने इन समस्याओं के समाधान की मांग करते हुए एक बाइक रैली निकाली और जुलूस भी निकाला। विरोध प्रदर्शन के बाद, NERMU ने संबंधित मांगों को लेकर पीसीपीओ को एक ज्ञापन भी सौंपा।1
- पंडित देवीशरण शास्त्री ने किसी भी समस्या को लेकर चिंतित व्यक्तियों को बिना किसी झिझक के उनसे फोन पर संपर्क करने का आग्रह किया है, जिसमें पूरे सहयोग का आश्वासन दिया गया है। संपर्क के लिए उनका सूत्र 6307689226 है। इसके अतिरिक्त, starpublicnews ने दिनांक 13-06-2026 के लिए सभी चंद्रराशियों का राशिफल भी प्रस्तुत किया है।1
- स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया है कि गाँव के प्रधान विकास कार्यों के लिए आवंटित धन का गबन कर रहे हैं और गाँव में कोई काम नहीं करवा रहे हैं। इन आरोपों के बीच, निवासियों ने विशेष रूप से गहाना गांव की सड़क का निर्माण किए जाने की पुरजोर मांग की है।2
- गोरखपुर में Lifeone Wellness द्वारा एक भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस आयोजन के दौरान Bio Magnet Mattress की खासियतों पर चर्चा की गई, और कार्यक्रम में सौरभ गुप्ता का साक्षात्कार भी प्रस्तुत किया गया।1