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एटा जिले के धनकधारी गांव में लगातार बजने वाली घंटी के कारण छात्र-छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। गांव के कई विद्यार्थियों ने बताया कि घंटी की तेज आवाज से उन्हें अपनी पढ़ाई में परेशानी होती है, खासकर जब वे घरों में बैठकर परीक्षा की तैयारी कर रहे होते हैं, तब उनका ध्यान भंग हो जाता है। इस संबंध में ग्रामीणों का कहना है कि धार्मिक और सामाजिक गतिविधियां अपनी जगह पर महत्वपूर्ण हैं, लेकिन इसके साथ ही छात्रों की शिक्षा का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। लोगों ने संबंधित व्यक्ति से यह अनुरोध किया है कि घंटी बजाने का समय इस प्रकार निर्धारित किया जाए, जिससे पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों को किसी तरह की असुविधा न हो और गांव में आपसी सौहार्द भी बना रहे।

9 hrs ago
user_Hari Singh Gautam
Hari Singh Gautam
Lawyer जलेसर, एटा, उत्तर प्रदेश•
9 hrs ago

एटा जिले के धनकधारी गांव में लगातार बजने वाली घंटी के कारण छात्र-छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। गांव के कई विद्यार्थियों ने बताया कि घंटी की तेज आवाज से उन्हें अपनी पढ़ाई में परेशानी होती है, खासकर जब वे घरों में बैठकर परीक्षा की तैयारी कर रहे होते हैं, तब उनका ध्यान भंग हो जाता है। इस संबंध में ग्रामीणों का कहना है कि धार्मिक और सामाजिक गतिविधियां अपनी जगह पर महत्वपूर्ण हैं, लेकिन इसके साथ ही छात्रों की शिक्षा का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। लोगों ने संबंधित व्यक्ति से यह अनुरोध किया है कि घंटी बजाने का समय इस प्रकार निर्धारित किया जाए, जिससे पढ़ाई कर रहे विद्यार्थियों को किसी तरह की असुविधा न हो और गांव में आपसी सौहार्द भी बना रहे।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • उत्तर प्रदेश के सिकंदरा राव में वकीलों ने सरकार के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक उनका यह अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान पूर्व एमएलसी श्री राकेश राणा जी ने वकीलों का साथ दिया और उन्हें अपनी ओर से आश्वासन भी प्रदान किया।
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    उत्तर प्रदेश के सिकंदरा राव में वकीलों ने सरकार के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया है। अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी सभी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक उनका यह अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान पूर्व एमएलसी श्री राकेश राणा जी ने वकीलों का साथ दिया और उन्हें अपनी ओर से आश्वासन भी प्रदान किया।
    user_Harsh Pundhir
    Harsh Pundhir
    Newspaper publisher सिकंदरा राव, हाथरस, उत्तर प्रदेश•
    4 hrs ago
  • हाथरस जिले के थाना हसायन क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खेड़ा सुल्तानपुरी में दिनांक 19.06.2026 को दो सगे भाइयों के बीच हुए झगड़े में बड़े भाई की मृत्यु हो गई। यह घटना तब हुई जब छोटे भाई ने लाठी से अपने बड़े भाई पर वार किया, जिसके परिणामस्वरूप उनकी जान चली गई। पुलिस ने मृतक के शव का पंचायतनामा करने के बाद उसे पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवाया। मृतक के परिजनों से प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना हसायन में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। इस संबंध में क्षेत्राधिकारी सिकंदराराऊ ने जानकारी दी।
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    हाथरस जिले के थाना हसायन क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खेड़ा सुल्तानपुरी में दिनांक 19.06.2026 को दो सगे भाइयों के बीच हुए झगड़े में बड़े भाई की मृत्यु हो गई। यह घटना तब हुई जब छोटे भाई ने लाठी से अपने बड़े भाई पर वार किया, जिसके परिणामस्वरूप उनकी जान चली गई। पुलिस ने मृतक के शव का पंचायतनामा करने के बाद उसे पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवाया। मृतक के परिजनों से प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना हसायन में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है। इस संबंध में क्षेत्राधिकारी सिकंदराराऊ ने जानकारी दी।
    user_Cp 24 news
    Cp 24 news
    Local News Reporter हाथरस, हाथरस, उत्तर प्रदेश•
    12 hrs ago
  • जोधपुर शहर में गुरुवार को हुड़को चौराहा क्षेत्र में अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाना और आमजन को राहत प्रदान करना है। नगर निगम दक्षिण और ट्रैफिक पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए फुटपाथों, सड़क किनारों और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अतिक्रमणों को हटाया। इस अभियान के कारण क्षेत्र में हड़कंप मच गया और कई हाथ ठेला संचालक व अस्थायी दुकानदार अपना सामान हटाते हुए देखे गए। नगर निगम दक्षिण के अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने पुलिस बल की उपस्थिति में यह कार्रवाई की। अधिकारियों ने बताया कि अतिक्रमणों के कारण यातायात बाधित हो रहा था और पैदल चलने वाले राहगीरों को भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। नगर निगम दक्षिण के अतिक्रमण प्रभारी रजनीश बारासा ने जानकारी दी कि शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सार्वजनिक मार्गों और फुटपाथों पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, यातायात पुलिस की अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त शालिनी राज शर्मा ने कहा कि सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिक्रमण हटाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने आमजन और व्यापारियों से यातायात नियमों का पालन करने और सार्वजनिक मार्गों को अवरुद्ध न करने की अपील की। स्थानीय लोगों ने हुड़को चौराहा क्षेत्र के अतिक्रमण मुक्त होने पर संतोष व्यक्त किया और कहा कि इससे आवागमन सुगम होगा। हालांकि, कुछ ठेला संचालकों ने प्रशासन से वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। प्रशासन ने इस पर स्पष्ट किया कि शहर में यातायात और जनसुविधाओं को ध्यान में रखते हुए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
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    जोधपुर शहर में गुरुवार को हुड़को चौराहा क्षेत्र में अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाना और आमजन को राहत प्रदान करना है। नगर निगम दक्षिण और ट्रैफिक पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए फुटपाथों, सड़क किनारों और सार्वजनिक स्थानों पर किए गए अतिक्रमणों को हटाया। इस अभियान के कारण क्षेत्र में हड़कंप मच गया और कई हाथ ठेला संचालक व अस्थायी दुकानदार अपना सामान हटाते हुए देखे गए।

नगर निगम दक्षिण के अतिक्रमण निरोधक दस्ते ने पुलिस बल की उपस्थिति में यह कार्रवाई की। अधिकारियों ने बताया कि अतिक्रमणों के कारण यातायात बाधित हो रहा था और पैदल चलने वाले राहगीरों को भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।

नगर निगम दक्षिण के अतिक्रमण प्रभारी रजनीश बारासा ने जानकारी दी कि शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सार्वजनिक मार्गों और फुटपाथों पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, यातायात पुलिस की अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त शालिनी राज शर्मा ने कहा कि सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिक्रमण हटाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने आमजन और व्यापारियों से यातायात नियमों का पालन करने और सार्वजनिक मार्गों को अवरुद्ध न करने की अपील की।

स्थानीय लोगों ने हुड़को चौराहा क्षेत्र के अतिक्रमण मुक्त होने पर संतोष व्यक्त किया और कहा कि इससे आवागमन सुगम होगा। हालांकि, कुछ ठेला संचालकों ने प्रशासन से वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। प्रशासन ने इस पर स्पष्ट किया कि शहर में यातायात और जनसुविधाओं को ध्यान में रखते हुए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
    user_रबेन्द्र सिंह परमार संपादक
    रबेन्द्र सिंह परमार संपादक
    एतमादपुर, आगरा, उत्तर प्रदेश•
    14 hrs ago
  • बिहार में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर को लेकर देश भर में तीखी चर्चा हो रही है। यह बताया गया है कि भरत का कोई आपराधिक इतिहास नहीं था और उसकी माँगें भी निजी या अनुचित नहीं थीं। उसने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण भी कर दिया था, बावजूद इसके उसके मामले को 'मानसिक विक्षिप्त' बताकर बंद करने का प्रयास किया जा रहा है। आरोप है कि उसके आक्रोश को, जो एक 'क्रांतिबीज' बन सकता था, उससे पहले ही कुचल दिया गया। इस घटना को भगत सिंह के विद्रोह से जोड़ा जा रहा है, जहाँ दोनों के कदम विद्रोहपूर्ण और सरकार की दृष्टि से गैरकानूनी थे। स्मरण कराया गया है कि 1929 में भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त ने 'सेंट्रल असेंबली' में बम किसी की जान लेने के लिए नहीं बल्कि ब्रिटिश सरकार को उसकी नीतियों के खिलाफ जगाने के लिए फेंके थे, जिसके बाद उन्होंने गिरफ्तारी देकर अदालत को अपने विचारों के प्रचार का माध्यम बनाया। पाठ में कहा गया है कि दोनों युवा थे और आतंकवादी नहीं थे, पर दोनों हुकूमतों ने उन्हें आतंकवादी सिद्ध करने का प्रयास किया। दोनों के सशस्त्र, गैरकानूनी और बगावती कदमों में फर्क यह बताया गया है कि अंग्रेजों ने भगत सिंह को सुनवाई का कानूनी अवसर दिया, जबकि भरत की 'राजनीतिक और प्रशासनिक हत्या' की गई। इस घटना से गहरे सवाल उठ रहे हैं: क्या भरत का विद्रोह उस व्यवस्था के खिलाफ नहीं था जहाँ नेता और अफसरों ने अपनी कमाई का एक 'संवैधानिक मैकेनिज्म' तैयार कर लिया है और जनता को नशे की ओर धकेल दिया है? क्या आज अमीर और अमीर तथा गरीब और गरीब नहीं होता जा रहा है? क्या आज कोई ऐसा लोकसेवक या जनसेवक है जो अपने पद और पैसे की चिंता से ऊपर उठकर सोच रहा हो? क्या समाज के सभी वर्गों के भविष्य की चिंता करने वाला कोई राजनीतिक विचार आज दिख रहा है? यह भी पूछा गया है कि आज हर आदमी सरकार ही क्यों बन जाना चाहता है। चेतावनी दी गई है कि जो भी ऐसे सवाल पूछने की हिम्मत करेगा, उसे पागल बताकर समाप्त कर दिया जाएगा। हालांकि, यह आशंका भी जताई गई है कि हमें जल्दी भूलने की आदत है और यह घटना भुला दी जाएगी, जिसके बाद लोग बैकवर्ड, फॉरवर्ड, दलित में बँटकर जातीय समायोजन करते हुए राजनीति के मोहरे बन जाएंगे। बिहार में भरत भूषण तिवारी के एनकाउंटर पर सरकार और पुलिस दोनों पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यह बताया गया है कि समाज की आवाज़ उठाने वाले और हिंदू राष्ट्र की माँग करने वाले भरत भूषण तिवारी के खिलाफ पुलिस रिकॉर्ड में अब तक कोई शिकायत नहीं थी। ऐसे में, जब भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया तो पुलिस ने उस पर गोली क्यों चलाई, इन सभी सवालों के जवाब मांगे गए हैं। भरत की अंतिम यात्रा में उमड़ी भारी भीड़ देखकर अनुमान लगाया गया है कि वहाँ के लोगों में उसकी कैसी छवि थी। यह स्पष्ट किया गया है कि यह अंतिम यात्रा न किसी नेता की थी और न किसी अभिनेता की, बल्कि एक क्रांतिकारी भरत भूषण तिवारी की थी जिसने सिस्टम के खिलाफ आवाज उठाई थी। एक अद्यतन समाचार (20/जून /26, AIN नेटवर्क से प्रधान संपादक अनुज रावत द्वारा) में बिहार के युवा भरत भूषण तिवारी की अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ने की जानकारी दी गई है।
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    बिहार में हुए भरत तिवारी एनकाउंटर को लेकर देश भर में तीखी चर्चा हो रही है। यह बताया गया है कि भरत का कोई आपराधिक इतिहास नहीं था और उसकी माँगें भी निजी या अनुचित नहीं थीं। उसने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण भी कर दिया था, बावजूद इसके उसके मामले को 'मानसिक विक्षिप्त' बताकर बंद करने का प्रयास किया जा रहा है। आरोप है कि उसके आक्रोश को, जो एक 'क्रांतिबीज' बन सकता था, उससे पहले ही कुचल दिया गया।

इस घटना को भगत सिंह के विद्रोह से जोड़ा जा रहा है, जहाँ दोनों के कदम विद्रोहपूर्ण और सरकार की दृष्टि से गैरकानूनी थे। स्मरण कराया गया है कि 1929 में भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त ने 'सेंट्रल असेंबली' में बम किसी की जान लेने के लिए नहीं बल्कि ब्रिटिश सरकार को उसकी नीतियों के खिलाफ जगाने के लिए फेंके थे, जिसके बाद उन्होंने गिरफ्तारी देकर अदालत को अपने विचारों के प्रचार का माध्यम बनाया। पाठ में कहा गया है कि दोनों युवा थे और आतंकवादी नहीं थे, पर दोनों हुकूमतों ने उन्हें आतंकवादी सिद्ध करने का प्रयास किया। दोनों के सशस्त्र, गैरकानूनी और बगावती कदमों में फर्क यह बताया गया है कि अंग्रेजों ने भगत सिंह को सुनवाई का कानूनी अवसर दिया, जबकि भरत की 'राजनीतिक और प्रशासनिक हत्या' की गई। इस घटना से गहरे सवाल उठ रहे हैं: क्या भरत का विद्रोह उस व्यवस्था के खिलाफ नहीं था जहाँ नेता और अफसरों ने अपनी कमाई का एक 'संवैधानिक मैकेनिज्म' तैयार कर लिया है और जनता को नशे की ओर धकेल दिया है? क्या आज अमीर और अमीर तथा गरीब और गरीब नहीं होता जा रहा है? क्या आज कोई ऐसा लोकसेवक या जनसेवक है जो अपने पद और पैसे की चिंता से ऊपर उठकर सोच रहा हो? क्या समाज के सभी वर्गों के भविष्य की चिंता करने वाला कोई राजनीतिक विचार आज दिख रहा है? यह भी पूछा गया है कि आज हर आदमी सरकार ही क्यों बन जाना चाहता है। चेतावनी दी गई है कि जो भी ऐसे सवाल पूछने की हिम्मत करेगा, उसे पागल बताकर समाप्त कर दिया जाएगा।

हालांकि, यह आशंका भी जताई गई है कि हमें जल्दी भूलने की आदत है और यह घटना भुला दी जाएगी, जिसके बाद लोग बैकवर्ड, फॉरवर्ड, दलित में बँटकर जातीय समायोजन करते हुए राजनीति के मोहरे बन जाएंगे। बिहार में भरत भूषण तिवारी के एनकाउंटर पर सरकार और पुलिस दोनों पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यह बताया गया है कि समाज की आवाज़ उठाने वाले और हिंदू राष्ट्र की माँग करने वाले भरत भूषण तिवारी के खिलाफ पुलिस रिकॉर्ड में अब तक कोई शिकायत नहीं थी। ऐसे में, जब भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया तो पुलिस ने उस पर गोली क्यों चलाई, इन सभी सवालों के जवाब मांगे गए हैं। भरत की अंतिम यात्रा में उमड़ी भारी भीड़ देखकर अनुमान लगाया गया है कि वहाँ के लोगों में उसकी कैसी छवि थी। यह स्पष्ट किया गया है कि यह अंतिम यात्रा न किसी नेता की थी और न किसी अभिनेता की, बल्कि एक क्रांतिकारी भरत भूषण तिवारी की थी जिसने सिस्टम के खिलाफ आवाज उठाई थी। एक अद्यतन समाचार (20/जून /26, AIN नेटवर्क से प्रधान संपादक अनुज रावत द्वारा) में बिहार के युवा भरत भूषण तिवारी की अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ने की जानकारी दी गई है।
    user_Anuj Rawat Editor In Chief
    Anuj Rawat Editor In Chief
    टूंडला, फिरोजाबाद, उत्तर प्रदेश•
    17 hrs ago
  • जनपद हाथरस में 17 जून 2026 को सदर कोतवाली में जानेआलम पुत्र इमामुद्दीन ने शिकायत दर्ज कराई कि 16 जून 2026 की रात उसके पुत्र राजा और उसके दोस्त शिवम, जो मोती मंजिल के बाहर कन्फैक्सनरी का ठेला लगाते हैं, से एक अभियुक्त ने उधार सिगरेट मांगी। उधार सिगरेट देने से मना करने पर आरोपी ने राजा और शिवम के साथ मारपीट की और उन्हें जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर मौके से फरार हो गया। इस संबंध में सदर कोतवाली में सुसंगत धाराओं के तहत एक अभियोग पंजीकृत किया गया। जनपद हाथरस के पुलिस अधीक्षक के आदेशानुसार, सदर कोतवाली पुलिस ने इस अभियोग में नामजद एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध तमंचा और एक 32 बोर का कारतूस बरामद किया है। अभियुक्त की गिरफ्तारी के संबंध में आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है।
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    जनपद हाथरस में 17 जून 2026 को सदर कोतवाली में जानेआलम पुत्र इमामुद्दीन ने शिकायत दर्ज कराई कि 16 जून 2026 की रात उसके पुत्र राजा और उसके दोस्त शिवम, जो मोती मंजिल के बाहर कन्फैक्सनरी का ठेला लगाते हैं, से एक अभियुक्त ने उधार सिगरेट मांगी। उधार सिगरेट देने से मना करने पर आरोपी ने राजा और शिवम के साथ मारपीट की और उन्हें जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर मौके से फरार हो गया। इस संबंध में सदर कोतवाली में सुसंगत धाराओं के तहत एक अभियोग पंजीकृत किया गया।

जनपद हाथरस के पुलिस अधीक्षक के आदेशानुसार, सदर कोतवाली पुलिस ने इस अभियोग में नामजद एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध तमंचा और एक 32 बोर का कारतूस बरामद किया है। अभियुक्त की गिरफ्तारी के संबंध में आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है।
    user_Local news
    Local news
    Court reporter हाथरस, हाथरस, उत्तर प्रदेश•
    17 hrs ago
  • Available for Sale Item : जामुन Price : 40 City / Locality : Jalesar Farming Sector : Fruits & Vegetables पसियापुर बेगमपुर में 40 रुपये किलो बिक रही जामुन एटा जनपद के जलेसर क्षेत्र के गांव पसियापुर बेगमपुर में इन दिनों जामुन की बिक्री जोरों पर है। स्थानीय बाजार और गांव की दुकानों पर जामुन लगभग 40 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव से बिक रही है। गर्मी के मौसम में जामुन की मांग बढ़ जाती है, क्योंकि यह स्वादिष्ट होने के साथ-साथ स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी मानी जाती है। गांव के लोग बड़ी संख्या में जामुन खरीद रहे हैं। किसानों और विक्रेताओं को भी अच्छी बिक्री का लाभ मिल रहा है। जामुन की उपलब्धता से ग्रामीणों में खुशी का माहौल देखा जा रहा है।
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    Available for Sale
Item : जामुन 
Price : 40
City / Locality : Jalesar
Farming Sector : Fruits & Vegetables
पसियापुर बेगमपुर में 40 रुपये किलो बिक रही जामुन

एटा जनपद के जलेसर क्षेत्र के गांव पसियापुर बेगमपुर में इन दिनों जामुन की बिक्री जोरों पर है। स्थानीय बाजार और गांव की दुकानों पर जामुन लगभग 40 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव से बिक रही है। गर्मी के मौसम में जामुन की मांग बढ़ जाती है, क्योंकि यह स्वादिष्ट होने के साथ-साथ स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी मानी जाती है। गांव के लोग बड़ी संख्या में जामुन खरीद रहे हैं। किसानों और विक्रेताओं को भी अच्छी बिक्री का लाभ मिल रहा है। जामुन की उपलब्धता से ग्रामीणों में खुशी का माहौल देखा जा रहा है।
    user_Hari Singh Gautam
    Hari Singh Gautam
    Lawyer जलेसर, एटा, उत्तर प्रदेश•
    9 hrs ago
  • औरैया के अजीतमल में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है, जहाँ अजीतमल थाना पुलिस ने चोरी के तीन बड़े मामलों का खुलासा करते हुए दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी सज्जन सिंह और बृजेश कुमार के कब्जे से चोरी का माल बेचकर मिले 2 लाख रुपये नकद बरामद हुए हैं। पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपियों पर पहले से ही दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस पूछताछ में यह सामने आया कि दोनों आरोपी रात के समय सूने घरों की रेकी करते थे और फिर चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे। इन्होंने पृथ्वीपुर और गढ़ा आजाद नगर स्थित तीन घरों से नकदी और जेवरात चुराए थे। आरोपियों का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी है; सज्जन सिंह पर पहले से ही 27 मुकदमे दर्ज हैं, जबकि बृजेश पर 13 मुकदमे दर्ज हैं। अजीतमल थाना प्रभारी रमेश सिंह की टीम ने नगला भोज मोड़ से इन शातिर चोरों को गिरफ्तार कर इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है।
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    औरैया के अजीतमल में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है, जहाँ अजीतमल थाना पुलिस ने चोरी के तीन बड़े मामलों का खुलासा करते हुए दो शातिर चोरों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी सज्जन सिंह और बृजेश कुमार के कब्जे से चोरी का माल बेचकर मिले 2 लाख रुपये नकद बरामद हुए हैं। पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपियों पर पहले से ही दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं।

पुलिस पूछताछ में यह सामने आया कि दोनों आरोपी रात के समय सूने घरों की रेकी करते थे और फिर चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे। इन्होंने पृथ्वीपुर और गढ़ा आजाद नगर स्थित तीन घरों से नकदी और जेवरात चुराए थे। आरोपियों का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी है; सज्जन सिंह पर पहले से ही 27 मुकदमे दर्ज हैं, जबकि बृजेश पर 13 मुकदमे दर्ज हैं। अजीतमल थाना प्रभारी रमेश सिंह की टीम ने नगला भोज मोड़ से इन शातिर चोरों को गिरफ्तार कर इस कार्रवाई को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है।
    user_रबेन्द्र सिंह परमार संपादक
    रबेन्द्र सिंह परमार संपादक
    एतमादपुर, आगरा, उत्तर प्रदेश•
    15 hrs ago
  • जनपद हाथरस के सदर कोतवाली क्षेत्र में जामा मस्जिद चौराहे के पास एक बाइक और पिकअप मैक्स की टक्कर के बाद दोनों वाहनों के चालकों के बीच मारपीट हो गई। इस मारपीट में बाइक सवार और पिकअप चालक दोनों को चोटें आईं और वे घायल हो गए। घटना के बाद, दोनों वाहन चालकों ने कोतवाली पहुंचकर पुलिस से शिकायत की, जिसके आधार पर पुलिस ने मामले में कार्यवाही शुरू कर दी है। पुलिस ने दोनों घायल व्यक्तियों का डॉक्टरी परीक्षण भी कराया है। घायल बाइक सवार ने बताया कि पिकअप मैक्स चालक द्वारा बाइक को टक्कर मारे जाने के बाद ही दोनों के बीच यह मारपीट हुई थी।
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    जनपद हाथरस के सदर कोतवाली क्षेत्र में जामा मस्जिद चौराहे के पास एक बाइक और पिकअप मैक्स की टक्कर के बाद दोनों वाहनों के चालकों के बीच मारपीट हो गई। इस मारपीट में बाइक सवार और पिकअप चालक दोनों को चोटें आईं और वे घायल हो गए। घटना के बाद, दोनों वाहन चालकों ने कोतवाली पहुंचकर पुलिस से शिकायत की, जिसके आधार पर पुलिस ने मामले में कार्यवाही शुरू कर दी है। पुलिस ने दोनों घायल व्यक्तियों का डॉक्टरी परीक्षण भी कराया है। घायल बाइक सवार ने बताया कि पिकअप मैक्स चालक द्वारा बाइक को टक्कर मारे जाने के बाद ही दोनों के बीच यह मारपीट हुई थी।
    user_Local news
    Local news
    Court reporter हाथरस, हाथरस, उत्तर प्रदेश•
    17 hrs ago
  • संतकबीरनगर में नाली निर्माण से जुड़े विवाद के दौरान तहसीलदार सहाब रामजी ने कथित तौर पर प्रधान प्रतिनिधि को सरेआम थप्पड़ मार दिया। तहसीलदार रामजी अपने दल बल के साथ विवाद स्थल पर पहुंचे थे, और इसी घटना का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कथित तौर पर 'थप्पड़ बाज' तहसीलदार की हनक स्पष्ट रूप से दिख रही है।
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    संतकबीरनगर में नाली निर्माण से जुड़े विवाद के दौरान तहसीलदार सहाब रामजी ने कथित तौर पर प्रधान प्रतिनिधि को सरेआम थप्पड़ मार दिया। तहसीलदार रामजी अपने दल बल के साथ विवाद स्थल पर पहुंचे थे, और इसी घटना का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कथित तौर पर 'थप्पड़ बाज' तहसीलदार की हनक स्पष्ट रूप से दिख रही है।
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    Star ToDay Samachar
    Local News Reporter जलेसर, एटा, उत्तर प्रदेश•
    13 hrs ago
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