भारत सरकार द्वारा संचालित "एक पेड़ मां के नाम" अभियान के तहत बाराबंकी के सूरतगंज में पर्यावरण संरक्षण को जन-जन का अभियान बनाने के उद्देश्य से लगातार वृक्षारोपण किया जा रहा है। इसी कड़ी में आस्था इंडेन गैस सर्विस, सूरतगंज के संचालक राजेश कुमार सिंह ने अपनी माता के सम्मान में 101 फलदार आम के पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का प्रेरणादायक संदेश दिया। इस अवसर पर राजेश कुमार सिंह ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन का आधार हैं। बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए तथा उसकी देखभाल भी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह अभियान केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अपनी मां के प्रति सम्मान और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक भी है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि "उठो, बढ़ो, हाथ मिलाओ, पर्यावरण बढ़ाओ—एक पेड़ मां के नाम लगाओ" के संदेश को अपनाकर अधिक से अधिक पौधे लगाएं और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं हरित वातावरण का निर्माण करें। स्थानीय लोगों ने राजेश कुमार सिंह के इस सराहनीय प्रयास की प्रशंसा करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया। स्थानीय लोगों का कहना था कि यदि प्रत्येक व्यक्ति अपनी मां के नाम एक पौधा लगाए और उसका संरक्षण करे, तो पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
भारत सरकार द्वारा संचालित "एक पेड़ मां के नाम" अभियान के तहत बाराबंकी के सूरतगंज में पर्यावरण संरक्षण को जन-जन का अभियान बनाने के उद्देश्य से लगातार वृक्षारोपण किया जा रहा है। इसी कड़ी में आस्था इंडेन गैस सर्विस, सूरतगंज के संचालक राजेश कुमार सिंह ने अपनी माता के सम्मान में 101 फलदार आम के पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का प्रेरणादायक संदेश दिया। इस अवसर पर राजेश कुमार सिंह ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन का आधार हैं। बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए तथा उसकी देखभाल भी करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह अभियान केवल वृक्षारोपण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अपनी मां के प्रति सम्मान और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक भी है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि "उठो, बढ़ो, हाथ मिलाओ, पर्यावरण बढ़ाओ—एक पेड़ मां के नाम लगाओ" के संदेश को अपनाकर अधिक से अधिक पौधे लगाएं और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं हरित वातावरण का निर्माण करें। स्थानीय लोगों ने राजेश कुमार सिंह के इस सराहनीय प्रयास की प्रशंसा करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया। स्थानीय लोगों का कहना था कि यदि प्रत्येक व्यक्ति अपनी मां के नाम एक पौधा लगाए और उसका संरक्षण करे, तो पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
- उत्तर प्रदेश के बाराबंकी अंतर्गत रामनगर में पांच साल का कार्यकाल होने के बावजूद हालात बेहद खराब बने हुए हैं। आक्रोशित लोगों का आरोप है कि पूरे पांच साल में आज तक इन्होंने पलटकर भी नहीं देखा और अब यहां आकर केवल आम जनता को परेशान किया जा रहा है। आरोप है कि इनके द्वारा क्षेत्र में कोई भी कार्य नहीं करवाया जा रहा है, जिससे लोगों में भारी रोष है।1
- बाराबंकी के बदोसराय पुलिस ने कूटरचित दस्तावेजों के जरिए जमीन का फर्जी बैनामा कर 45 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। यह मामला टिकैतनगर थाना क्षेत्र के ग्राम डेराजा का है। जालसाजों ने पीड़िता कृष्णावती से 13 बीघा जमीन के नाम पर कुल 45 लाख रुपये हड़प लिए, जिसमें 15 लाख रुपये ऑनलाइन और 30 लाख रुपये नकद लिए गए। इस धोखाधड़ी को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने जमीन के असली मालिक की जगह एक फर्जी व्यक्ति को खड़ा कर बैनामा करा दिया था। पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय के निर्देश पर पुलिस ने बाराबंकी, बहराइच और लखीमपुर के रहने वाले 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनके पास से घटना में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट कार भी बरामद की गई है। पुलिस ने BNS की कई धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है और गिरोह के अन्य फरार आरोपियों की तलाश लगातार जारी है। पुलिस अधीक्षक ने प्रेसवार्ता कर इस पूरे मामले की जानकारी दी है।1
- बाराबंकी जिले की सिरौली गौसपुर तहसील के अंतर्गत विकासखंड रामनगर की ग्राम पंचायत अनूपगंज के ग्राम डांडियामऊ में विकास कार्यों की पोल खुल गई है। यहाँ ग्राम प्रधान माहे दारक्सा द्वारा इंटरलॉकिंग निर्माण कार्य कराया गया था, लेकिन पहली ही बारिश होते ही इस नवनिर्मित इंटरलॉकिंग पर पानी भर गया। नवनिर्मित मार्ग पर जलजमाव होने की इसी बात को लेकर गौ सेवक जिला अध्यक्ष श्री आदर्श शुक्ला जी और अन्य गौ सेवक कार्यकर्ता भी मौके पर मौजूद रहे।1
- बाराबंकी जिले के सिरौलीगौसपुर से एक ताजा वीडियो सामने आया है, जिसमें सीधे तौर पर दूध का पैकेट दिखाया जा रहा है।1
- लखनऊ के काकोरी विकासखंड के दसदोई गांव स्थित गौशाला में वृक्षारोपण कार्यक्रम के कुछ ही समय बाद बड़ी संख्या में हरे-भरे और स्वस्थ पौधों को कथित तौर पर फेंक दिए जाने का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। इस घटना को लेकर क्षेत्रीय लोगों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह काकोरी ब्लॉक प्रमुख श्रीमती नीतू सिंह यादव द्वारा गौशाला परिसर में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस दौरान उन्होंने स्वयं पौधे लगाए और गौशाला संचालक दिनेश श्रीवास्तव एवं नीलम श्रीवास्तव को कथित तौर पर निर्देश दिया कि शेष बचे पौधों का रोपण शाम तक करा दिया जाए। आरोप है कि ब्लॉक प्रमुख का काफिला गौशाला परिसर से निकलने के कुछ ही मिनट बाद गौशाला संचालक ने कर्मचारियों की मदद से बड़ी संख्या में बचे हुए हरे-भरे पौधों को गौशाला के बगल में स्थित हर घर जल योजना परिसर की बाउंड्री वॉल के पीछे फेंकवा दिया। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोग बेहद नाराज हैं और सवाल उठा रहे हैं कि जब पौधों को लगाना ही नहीं था, तो इस वृक्षारोपण कार्यक्रम का उद्देश्य क्या था। सुबह वृक्षारोपण होने और दोपहर में ही पौधे फेंक दिए जाने के इस गंभीर मामले में अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी संज्ञान लेकर क्या कार्रवाई करते हैं।1
- बाराबंकी के रामनगर क्षेत्र के ग्राम ददिया मऊ में आज मौके पर जाकर पूरे मामले का संज्ञान लिया गया और इस संबंध में प्रधान जी से बातचीत की गई। बातचीत के दौरान प्रधान जी ने पूरे मामले को एक हफ्ते के भीतर सही करने का भरोसा दिया है। अब देखना यह होगा कि आगे इस मामले में क्या होता है।1
- शाहजहांपुर के बंडा थाना क्षेत्र के ददियुरी गांव में एक युवती को भगाने के आरोपी को पकड़ने गई पुलिस टीम के साथ अभद्रता का मामला सामने आया है। आरोपी के परिजनों ने दबिश देने गए दरोगा के साथ बदसलूकी करते हुए उनकी गाड़ी की चाबी छीन ली। इस घटना के बाद साथी पुलिसकर्मियों ने तत्काल मामले की सूचना थाने पर दी, जिसके बाद मौके पर पहुंची अतिरिक्त पुलिस फोर्स ने दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया। पुलिस द्वारा आरोपियों को हिरासत में लिए जाने के बाद ददियुरी गांव के दर्जनों ग्रामीण ट्रैक्टर-ट्रॉली और बाइकों पर सवार होकर बंडा थाने पहुंच गए। ग्रामीणों ने थाने पहुंचकर हिरासत में लिए गए आरोपियों को छुड़ाने के लिए पुलिस पर भारी दबाव बनाना शुरू कर दिया है। इस तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी पूरी सतर्कता बरत रहा है।1