भारतीयम् मुजफ्फरपुर द्वारा गुरु शिष्य परम्परा के अन्तर्गत दिनांक 4 जुलाई 2026 शनिवार को राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी, मुजफ्फरपुर में एक नाट्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में भारतीयम् के कलाकारों ने विद्यालय के बच्चों को नाटक की बारीकियों की जानकारी प्रदान की, जिसका मुख्य उद्देश्य उनमें आत्मविश्वास और व्यक्तित्व का विकास करना था। राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी के प्रधानाध्यापक सुधीर कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए बताया कि नाट्य कार्यशाला से बच्चों में आत्मविश्वास में वृद्धि होती है, स्पष्ट एवं प्रभावी बोलने की क्षमता विकसित होती है, नेतृत्व क्षमता का विकास होता है, टीमवर्क में सीखने का अवसर मिलता है और रचनात्मक सोच भी विकसित होती है। उन्होंने यह भी बताया कि इससे मंच भय दूर होने के साथ ही समग्र व्यक्तित्व का विकास होता है। मुख्य अतिथि पूर्व प्रधानाध्यापक अरुण कुमार ने नाट्य कार्यशाला को एक ऐसा प्रशिक्षण कार्यक्रम बताया जिसमें प्रतिभागियों को अभिनय, रंगमंच और व्यक्तित्व विकास का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है; इसमें केवल नाटक करना ही नहीं, बल्कि एक कलाकार बनने की पूरी प्रक्रिया सिखाई जाती है। इस कार्यशाला के दौरान सुनील कुमार और अविनाश कुमार द्वारा परिचय एवं आत्मविश्वास निर्माण, समूह में घुलना-मिलना, झिझक दूर करना, आत्मविश्वास बढ़ाने वाले खेल, मंच पर प्रभावशाली उपस्थिति, स्वर एवं वाणी प्रशिक्षण, आवाज़ को स्पष्ट और प्रभावी बनाना, संवाद बोलने की तकनीक, अभिनय प्रशिक्षण, भाव-भंगिमा इम्प्रोवाइजेशन (तत्काल अभिनय), खेल आधारित प्रशिक्षण, रचनात्मक खेल, अभिनय कौशल, संवाद कला, शरीर भाषा, रचनात्मकता और मंच प्रस्तुति जैसे प्रमुख विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। इस नाट्य कार्यशाला को सफल बनाने में सुनील कुमार, अविनाश कुमार, प्रभात कुमार, अरुण कुमार, एचएम सुधीर कुमार, शिक्षक मुनटुन प्रसाद और शशिभूषण कुमार सहित अन्य की सराहनीय भूमिका रही। अंत में, विद्यालय के वरीय शिक्षक मुनटुन प्रसाद ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
भारतीयम् मुजफ्फरपुर द्वारा गुरु शिष्य परम्परा के अन्तर्गत दिनांक 4 जुलाई 2026 शनिवार को राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी, मुजफ्फरपुर में एक नाट्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में भारतीयम् के कलाकारों ने विद्यालय के बच्चों को नाटक की बारीकियों की जानकारी प्रदान की, जिसका मुख्य उद्देश्य उनमें आत्मविश्वास और व्यक्तित्व का विकास करना था। राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी के प्रधानाध्यापक सुधीर कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए बताया कि नाट्य कार्यशाला से बच्चों में आत्मविश्वास में वृद्धि होती है, स्पष्ट एवं प्रभावी बोलने की क्षमता विकसित होती है, नेतृत्व क्षमता का विकास होता है, टीमवर्क में सीखने का अवसर मिलता है और रचनात्मक सोच भी विकसित होती है। उन्होंने यह भी बताया कि इससे मंच भय दूर होने के साथ ही समग्र व्यक्तित्व का विकास होता है। मुख्य अतिथि पूर्व प्रधानाध्यापक अरुण कुमार ने नाट्य कार्यशाला को एक ऐसा प्रशिक्षण कार्यक्रम बताया जिसमें प्रतिभागियों को अभिनय, रंगमंच और व्यक्तित्व विकास का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है; इसमें केवल नाटक करना ही नहीं, बल्कि एक कलाकार बनने की पूरी प्रक्रिया सिखाई जाती है। इस कार्यशाला के दौरान सुनील कुमार और अविनाश कुमार द्वारा परिचय एवं आत्मविश्वास निर्माण, समूह में घुलना-मिलना, झिझक दूर करना, आत्मविश्वास बढ़ाने वाले खेल, मंच पर प्रभावशाली उपस्थिति, स्वर एवं वाणी प्रशिक्षण, आवाज़ को स्पष्ट और प्रभावी बनाना, संवाद बोलने की तकनीक, अभिनय प्रशिक्षण, भाव-भंगिमा इम्प्रोवाइजेशन (तत्काल अभिनय), खेल आधारित प्रशिक्षण, रचनात्मक खेल, अभिनय कौशल, संवाद कला, शरीर भाषा, रचनात्मकता और मंच प्रस्तुति जैसे प्रमुख विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। इस नाट्य कार्यशाला को सफल बनाने में सुनील कुमार, अविनाश कुमार, प्रभात कुमार, अरुण कुमार, एचएम सुधीर कुमार, शिक्षक मुनटुन प्रसाद और शशिभूषण कुमार सहित अन्य की सराहनीय भूमिका रही। अंत में, विद्यालय के वरीय शिक्षक मुनटुन प्रसाद ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
- भारतीयम् मुजफ्फरपुर द्वारा गुरु शिष्य परम्परा के अन्तर्गत दिनांक 4 जुलाई 2026 शनिवार को राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी, मुजफ्फरपुर में एक नाट्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में भारतीयम् के कलाकारों ने विद्यालय के बच्चों को नाटक की बारीकियों की जानकारी प्रदान की, जिसका मुख्य उद्देश्य उनमें आत्मविश्वास और व्यक्तित्व का विकास करना था। राजकीय मध्य विद्यालय चकिया, कुढ़नी के प्रधानाध्यापक सुधीर कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए बताया कि नाट्य कार्यशाला से बच्चों में आत्मविश्वास में वृद्धि होती है, स्पष्ट एवं प्रभावी बोलने की क्षमता विकसित होती है, नेतृत्व क्षमता का विकास होता है, टीमवर्क में सीखने का अवसर मिलता है और रचनात्मक सोच भी विकसित होती है। उन्होंने यह भी बताया कि इससे मंच भय दूर होने के साथ ही समग्र व्यक्तित्व का विकास होता है। मुख्य अतिथि पूर्व प्रधानाध्यापक अरुण कुमार ने नाट्य कार्यशाला को एक ऐसा प्रशिक्षण कार्यक्रम बताया जिसमें प्रतिभागियों को अभिनय, रंगमंच और व्यक्तित्व विकास का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है; इसमें केवल नाटक करना ही नहीं, बल्कि एक कलाकार बनने की पूरी प्रक्रिया सिखाई जाती है। इस कार्यशाला के दौरान सुनील कुमार और अविनाश कुमार द्वारा परिचय एवं आत्मविश्वास निर्माण, समूह में घुलना-मिलना, झिझक दूर करना, आत्मविश्वास बढ़ाने वाले खेल, मंच पर प्रभावशाली उपस्थिति, स्वर एवं वाणी प्रशिक्षण, आवाज़ को स्पष्ट और प्रभावी बनाना, संवाद बोलने की तकनीक, अभिनय प्रशिक्षण, भाव-भंगिमा इम्प्रोवाइजेशन (तत्काल अभिनय), खेल आधारित प्रशिक्षण, रचनात्मक खेल, अभिनय कौशल, संवाद कला, शरीर भाषा, रचनात्मकता और मंच प्रस्तुति जैसे प्रमुख विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। इस नाट्य कार्यशाला को सफल बनाने में सुनील कुमार, अविनाश कुमार, प्रभात कुमार, अरुण कुमार, एचएम सुधीर कुमार, शिक्षक मुनटुन प्रसाद और शशिभूषण कुमार सहित अन्य की सराहनीय भूमिका रही। अंत में, विद्यालय के वरीय शिक्षक मुनटुन प्रसाद ने धन्यवाद ज्ञापन किया।1
- मनीष कश्यप ने E20 पेट्रोल के मुद्दे को लेकर नितिन गडकरी पर बड़ा हमला बोला है। इस दौरान उन्होंने नितिन गडकरी से तीखे सवाल पूछे हैं।1
- बिहार के मुख्यमंत्री ने एक नया हेल्पलाइन नंबर जारी किया है, जिसका उद्देश्य उन नागरिकों को सहायता प्रदान करना है जिनकी शिकायतें पुलिस दर्ज नहीं कर रही है। इस हेल्पलाइन नंबर पर लोग सीधे संपर्क कर सकते हैं यदि उनके साथ मारपीट हुई हो या किसी ने उनकी जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया हो। मुख्यमंत्री ने लोगों से इस सुविधा का लाभ उठाने की अपील की है ताकि उनकी समस्याओं का समाधान हो सके।1
- बिहार एसटीएफ और समस्तीपुर जिला पुलिस ने एक संयुक्त कार्रवाई में लूट की एक बड़ी योजना को विफल कर दिया है। इस दौरान पुलिस ने दो वांछित और पेशेवर अपराधियों को मुठभेड़ के बाद घायल अवस्था में गिरफ्तार किया, जबकि दो अन्य फरार होने में कामयाब रहे। घटना वैशाली जिला अंतर्गत बलिगाँव थाना के ग्राम नेवढ़न बहियार में घटी। पुलिस को तकनीकी और मानवीय सूत्रों से सूचना मिली थी कि पेशेवर अपराधी अमन कुमार और उनके साथी एनएच बंगरा थाना क्षेत्र के ग्राम बच के बहियार और नून नदी के किनारे अवैध आग्नेयास्त्रों के साथ एक बड़ी लूट की घटना को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं। इस सूचना के सत्यापन और अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए समस्तीपुर पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक, सदर-1, समस्तीपुर के नेतृत्व में बिहार एसटीएफ, ताजपुर, बंगरा, बलिगाँव (वैशाली) थानाध्यक्षों और डीआईयू की एक संयुक्त टीम गठित की गई। घेराबंदी के दौरान पुलिस बल को देखकर चार अपराधी भागने लगे। पुलिस द्वारा रुकने और अपनी पहचान बताने के बावजूद वे नहीं रुके और पीछा करने पर पुलिस बल पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में संयुक्त टीम के अधिकारियों ने आत्मरक्षा में दो चक्र फायरिंग की, जिसमें एक अपराधी घायल हो गया। एक अन्य अपराधी भागते समय गिरकर चोटिल हो गया। दो अन्य अपराधी झाड़ियों और नदी के बहियार का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे। गिरफ्तार किए गए अपराधियों की पहचान समस्तीपुर के चकमेहसी थाना अंतर्गत हजपुरवा बख्तियारपुर निवासी 20 वर्षीय अमन कुमार (दाहिने पैर में गोली लगी) और मुजफ्फरपुर के मुशहरी थाना अंतर्गत बिदुलिया निवासी लक्ष्मी कुमार (भागते समय गिरने से दाहिने पैर में चोट) के रूप में हुई है। उन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल ताजपुर ले जाया गया और बाद में बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल समस्तीपुर स्थानांतरित किया गया, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। दोनों के परिवार वालों को सूचित कर दिया गया है। उनके पास से पिस्तौल, गोली और फायर खोखा बरामद किया गया है। बलिगाँव थाना (वैशाली जिला) में इस घटना की विधिवत प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार दोनों अभियुक्त सक्रिय और पेशेवर अपराधी हैं, जो अपने साथियों के साथ मिलकर मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर और वैशाली जिलों में लगातार लूट और हत्या जैसी घटनाओं को अंजाम देते रहे हैं। ये अपराधी पूर्व के कांडों में जमानत पर बाहर आकर नए लड़कों के साथ अपराध कर रहे थे। इनका आपराधिक इतिहास अन्य सीमावर्ती जिलों से भी प्राप्त किया जा रहा है। संयुक्त टीम ने त्वरित और साहसिक कार्रवाई करते हुए प्रशंसनीय कार्य किया है।1
- समस्तीपुर जिले के वैनी थाना क्षेत्र में मदरसा चौक के पास ताजपुर-पूसा मार्ग पर एक सड़क हादसा हुआ, जिसमें अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार एक युवक की दुखद मृत्यु हो गई। मृतक की पहचान शाहपुर बघौनी निवासी राजेन्द्र पासवान के 40 वर्षीय पुत्र धर्मेन्द्र पासवान के रूप में की गई है।1
- मुजफ्फरपुर में एक प्रॉपर्टी डीलर की मंदिर में पूजा करने जाते समय सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस घटना के पीछे जमीन कारोबार से जुड़ी पुरानी रंजिश की आशंका जताई जा रही है।1
- लोगों ने सरकार से ₹12,000 की राशि प्राप्त करने के बावजूद शौचालय नहीं बनवाए हैं। इसके बजाय, वे खेतों में शौच कर रहे हैं, जिससे अन्य लोगों के खेत भी गंदे हो रहे हैं और परेशानी का कारण बन रहे हैं। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, यह मांग उठाई गई है कि सरकार को इस समस्या से निपटने के लिए एक कानून लाना चाहिए।1
- वैशाली जिले के विदुपुर थाना क्षेत्र में चोरी के आरोप को लेकर एक युवक की कथित रूप से पीट-पीटकर हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस घटना पर त्वरित कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा 4 जुलाई 2026 को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, शनिवार सुबह पुलिस को सूचना मिली थी कि विदुपुर थाना क्षेत्र निवासी सन्नी कुमार (पिता–बहारन राय) को एक ही परिवार के कुछ लोगों ने चोरी के संदेह में बेरहमी से पीटा है। गंभीर रूप से घायल अवस्था में सन्नी को रात करीब 10 बजे उसके घर के पास छोड़ दिया गया, जहाँ उसने दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही विदुपुर थाना पुलिस और सदर-1 के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मौके पर पहुंचे और आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं शुरू कीं। प्रथम दृष्टया यह मामला चोरी के संदेह में हुई मारपीट का प्रतीत हो रहा है, जिसकी पुलिस सभी तथ्यों और परिस्थितियों के साथ गहन जांच कर रही है। मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, जबकि एफएसएल टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस ने बताया कि इस संबंध में एक कांड दर्ज कर लिया गया है। आरोपितों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है, और दोषियों के विरुद्ध विधि सम्मत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।1