अयोध्या के हैरिंग्टनगंज अंतर्गत थाना इनायतनगर क्षेत्र के रेवना गांव स्थित पूरे पासिन का पुरवा में जमीन विवाद को लेकर मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना 16 जुलाई 2026 की बताई जा रही है, जब गांव निवासी अशोक कुमार की पुत्री शीला देवी अपने खेत में धान की रोपाई कर रही थीं। इसी दौरान गांव के अंकित कुमार, ओम प्रकाश और उर्मा देवी कथित रूप से लाठी-डंडे लेकर खेत में पहुंचे और जमीन विवाद को लेकर गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। दर्ज कराई गई एफआईआर के अनुसार, बहन शीला देवी को बचाने पहुंचे अशोक कुमार के पुत्र ऋषभ के गले पर अंकित कुमार ने धारदार हथियार से वार कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। हमले में शीला देवी के कान और शरीर के अन्य हिस्सों में भी चोटें आई हैं। पीड़ित पिता की तहरीर पर थाना इनायतनगर पुलिस ने तीनों नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक बीरेंद्र सिंह को सौंपी गई है और पुलिस साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई करने की बात कह रही है। इस घटना के बाद से गांव में चर्चा का माहौल है।
अयोध्या के हैरिंग्टनगंज अंतर्गत थाना इनायतनगर क्षेत्र के रेवना गांव स्थित पूरे पासिन का पुरवा में जमीन विवाद को लेकर मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना 16 जुलाई 2026 की बताई जा रही है, जब गांव निवासी अशोक कुमार की पुत्री शीला देवी अपने खेत में धान की रोपाई कर रही थीं। इसी दौरान गांव के अंकित कुमार, ओम प्रकाश और उर्मा देवी कथित रूप से लाठी-डंडे लेकर खेत में पहुंचे और जमीन विवाद को लेकर गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। दर्ज कराई गई एफआईआर के अनुसार, बहन शीला देवी को बचाने पहुंचे अशोक कुमार के पुत्र ऋषभ के गले पर अंकित कुमार ने धारदार हथियार से वार कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। अन्य आरोपियों ने लाठी-डंडों से मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। हमले में शीला देवी के कान और शरीर के अन्य हिस्सों में भी चोटें आई हैं। पीड़ित पिता की तहरीर पर थाना इनायतनगर पुलिस ने तीनों नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक बीरेंद्र सिंह को सौंपी गई है और पुलिस साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई करने की बात कह रही है। इस घटना के बाद से गांव में चर्चा का माहौल है।
- जंतर-मंतर छात्र क्रांति का रणक्षेत्र बन गया है। यहाँ 69 हजार भर्ती और NEET अभ्यर्थी एकजुट हो गए हैं, जिसके बाद अब विपक्ष भी खुलकर मैदान में आ गया है।1
- अयोध्या जिले में नगर पंचायत बीकापुर के वार्ड नंबर 8 रामपुर परेई में स्थित चिंताहरण हनुमान मंदिर के 33वें स्थापना दिवस के पावन अवसर पर कल दिनांक 21 जुलाई 2026 को एक विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। समाजसेवी मोहन कुमार दुबे बिट्टू ने इस कार्यक्रम के बारे में जानकारी साझा की है। मंदिर में सुबह करीब दस बजे से सुंदरकांड का पाठ और हवन-पूजन किया जाएगा, जिसके संपन्न होने के बाद भंडारा शुरू होगा। कार्यक्रम के आयोजन मंडल ने सभी क्षेत्रवासियों से इस भंडारे में पहुंचकर प्रसाद ग्रहण करने और पुण्य लाभ उठाने की भावपूर्ण अपील की है।1
- अयोध्या के दर्शन नगर स्थित मंडलीय हॉस्पिटल में अपनी पत्नी का इलाज कराने पहुंचे एक गरीब मरीज के परिजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा है। पीड़ित के अनुसार, संबंधित डॉक्टर को दिखाने के बाद उन्होंने कुछ जांचें लिखी थीं, जिसके लिए वे कम से कम एक घंटे तक लंबी कतार में इंतजार करते रहे। इसके बाद उन्हें पता चला कि वहां की जांच मशीन ही खराब है। बेहद गरीब श्रेणी से आने वाले पीड़ित ने शिकायत की है कि अगर उन्हें बाहर से ही जांच करवानी होती तो वे यहां क्यों आते? उन्होंने आरोप लगाया है कि इस मंडलीय अस्पताल में कोई भी जांच मशीन ठीक हालत में नहीं है।1
- मेरठ में एक पत्नी द्वारा अपने ही पति को सांप से कटवाकर मौत के घाट उतारने का बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। इस हत्या की वारदात को अंजाम देने के आरोप में पुलिस ने कातिल पत्नी दामिनी और उसके प्रेमी तुषार को गिरफ्तार कर लिया है। आरोप है कि पत्नी दामिनी का स्कूल के कार ड्राइवर तुषार के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था और दोनों साथ रहना चाहते थे। इसी चाहत में उन्होंने इस पूरी वारदात की पटकथा रची। योजना के तहत दामिनी ने पहले रात में अपने पति अतुल को नींद की गोलियां दे दीं। इसके बाद उसने तुषार द्वारा मंगवाया गया जहरीला सांप बिस्तर पर छोड़ दिया। सांप के काटने से अतुल की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक अतुल ने दामिनी से सात साल पहले प्रेम विवाह किया था। वह हस्तिनापुर में एक किड्स स्कूल चलाकर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहा था। अतुल का एक 6 वर्ष का बेटा भी है।1
- गोंडा जिले के खरगूपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत बिशुनापुर बाजार में हुई चोरी की घटना का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है, जिसकी मास्टरमाइंड कोई और नहीं बल्कि खुद गृहस्वामी की पत्नी ही निकली। आरोपी पत्नी पूनम कसौधन ने अपने प्रेमी विकास कसौधन के साथ भागने की तैयारी के तहत अपने ही पति के घर में लाखों रुपये की चोरी की इस साजिश को रचा था। योजना के अनुसार, पत्नी ने अपने रिश्तेदार और प्रेमी विकास को रात में घर बुलाया और खुद ही बक्से खुलवाए। चोरी की वारदात को बिल्कुल असली दिखाने के लिए उसने घर का सारा सामान भी अस्त-व्यस्त कर दिया था। इस झूठी कहानी को सच साबित करने के लिए पत्नी ने बेड के नीचे लेटकर बेहोश होने का नाटक किया। सुबह उसने पुलिस और परिजनों को गुमराह करने के लिए कहानी गढ़ी कि रात में करीब 9-10 चोर घर में घुसे थे और उसके साथ मारपीट की। हालांकि, पुलिस की कड़ाई से की गई पूछताछ के आगे पत्नी टिक नहीं सकी और उसने अपना पूरा गुनाह कबूल कर लिया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पत्नी पूनम कसौधन और उसके प्रेमी विकास कसौधन को गिरफ्तार कर लिया है। उनके कब्जे से भारी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषण, ₹50 हजार नकद और चोरी के माल के साथ 2 एंड्रॉइड मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।2
- शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज की यात्रा अयोध्या से होकर आगे बढ़ चुकी है, लेकिन उनके जाने के बाद अब सोशल मीडिया पर एक नया घमासान छिड़ गया है। फेसबुक, ट्विटर और व्हाट्सएप पर लोग इस यात्रा को लेकर तरह-तरह की पोस्ट शेयर कर रहे हैं, जिसके नीचे आम जनता और सनातन प्रेमी जमकर कमेंट कर रहे हैं। दरअसल, उत्तर प्रदेश में 2027 के चुनाव नजदीक आते देख जिस तरह हर जिले में समाजवादी पार्टी के नेता महाराज जी का बढ़-चढ़कर स्वागत कर रहे हैं, उसे लेकर अब आम जनता के बीच बड़ी बहस शुरू हो गई है। लोग सीधे सवाल उठा रहे हैं कि क्या राजनीतिक दल इस पवित्र गौ-आंदोलन का इस्तेमाल केवल अपना वोट बैंक साधने के लिए कर रहे हैं। इंटरनेट पर लोग यह मांग कर रहे हैं कि अगर कोई राजनीतिक दल वाकई महाराज जी के इस अभियान के साथ है, तो उन्हें केवल स्वागत करने के बजाय ठोस कदम उठाना चाहिए। लोग पूछ रहे हैं कि क्या अखिलेश यादव और अन्य दल आगामी चुनाव के घोषणा पत्र में लिखित रूप से यह ऐलान करेंगे कि वे सरकार आने पर गौमाता को राज्यमाता का दर्जा देंगे, गौ-हत्या बंद करेंगे और मथुरा में श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिर निर्माण में सहयोग करेंगे। इसी बहस के बीच लोग साल 2015 की कुछ पुरानी तस्वीरें भी पोस्ट कर रहे हैं, जब बनारस के गोदौलिया चौराहे पर तत्कालीन सपा सरकार के समय संतों पर पुलिस ने लाठियां बरसाई थीं और खुद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद जी लहूलुहान हुए थे। लोग कमेंट कर रहे हैं कि जब तक इन मुख्य धार्मिक मांगों पर लिखित वादा नहीं किया जाता, तब तक इस स्वागत-सत्कार को केवल चुनावी पैंतरा ही माना जाएगा।1
- अमेठी के गौरीगंज में बिजली विभाग के कर्मचारी के साथ कथित नोकझोंक और मारपीट के बाद दर्ज हुए मुकदमे को लेकर विवाद गहरा गया है। इस मुकदमे से नाराज किसान यूनियन के सैकड़ों कार्यकर्ताओं और महिलाओं ने गौरीगंज स्थित पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय का घेराव किया। एसपी कार्यालय पहुंचने से पहले पुलिस ने किसान नेता रीता सिंह समेत महिला प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की, जिसके कारण पुलिस और महिलाओं के बीच तीखी नोकझोंक हुई। पुलिस द्वारा रोके जाने से नाराज प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी बिजली विभाग के जूनियर इंजीनियर (जेई) द्वारा दर्ज कराए गए मुकदमे को वापस लेने की मांग कर रहे हैं। इस प्रदर्शन के दौरान एसपी कार्यालय के बाहर कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति बनी रही, जिसे देखते हुए मौके पर क्षेत्राधिकारी (सीओ) समेत भारी पुलिस बल तैनात किया गया। खबर लिखे जाने तक गौरीगंज स्थित एसपी कार्यालय के बाहर किसान यूनियन का यह प्रदर्शन लगातार जारी था।1
- उत्तर प्रदेश के जौनपुर के बदलापुर में बारिश, कीचड़ और मुश्किल रास्तों के बावजूद भाजपा कार्यकर्ताओं का उत्साह कम नहीं हुआ। भाजपा के नवनियुक्त काशी क्षेत्र अध्यक्ष अशोक चौरसिया के प्रथम आगमन पर कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान सबसे अनोखा नज़ारा तब देखने को मिला, जब एक बुलडोजर की मदद से उन्हें विशाल फूलमाला पहनाकर सम्मानित किया गया, जिसने सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया। इस समारोह में विधायक रमेश चंद्र मिश्रा भी शामिल हुए। उन्होंने और बड़ी संख्या में मौजूद कार्यकर्ताओं ने संगठन को और अधिक मजबूत बनाने का अपना संकल्प दोहराया।1
- अयोध्या के हैरिंग्टनगंज में विद्युत विभाग की कथित लापरवाही का एक और गंभीर मामला सामने आया है, जहां करंट की चपेट में आने से एक तीन वर्षीय बेजुबान पड़वा की दर्दनाक मौत हो गई। यह पूरा हादसा हैरिंग्टनगंज विद्युत उपकेंद्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत रामपुर जोहन स्थित रामगंज बाजार का है। स्थानीय निवासी रामबोध यादव का तीन वर्षीय पड़वा शुक्रवार शाम को चरते-चरते अचानक विद्युत पोल के स्टे तार के संपर्क में आ गया और करंट लगने से मौके पर ही उसने दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद से स्थानीय ग्रामीणों में विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का गंभीर आरोप है कि संबंधित पोल पर तारों का जाल फैला हुआ है और लंबे समय से यहां की विद्युत व्यवस्था पूरी तरह बदहाल बनी हुई है। लोगों का कहना है कि यदि विभाग समय रहते स्टे तार की सुरक्षा और लाइन की समुचित जांच कर लेता, तो यह दर्दनाक हादसा टाला जा सकता था। ग्रामीणों ने तीखा सवाल उठाया है कि स्टे तार में करंट दौड़ने की जिम्मेदारी आखिर किसकी है और क्या विद्युत विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है? उनका कहना है कि आज एक बेजुबान जानवर की जान गई है, कल को कोई इंसान भी इसकी चपेट में आ सकता है। ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। इसके साथ ही पीड़ित पशुपालक को उचित मुआवजा देने तथा क्षेत्र के सभी विद्युत पोलों और स्टे तारों की तत्काल जांच कराकर उन्हें सुरक्षित करने की मांग पुरजोर तरीके से उठाई गई है।1