करछना में 33.7 प्रतिशत मतदान, पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर सपा कार्यकर्ताओं और पुलिस में नोंक-झोंक करछना। इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में शुक्रवार को करछना तहसील क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। क्षेत्र के कुल 4915 मतदाताओं में से 1657 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इस तरह कुल मतदान प्रतिशत करीब 33.7 रहा। मतदान के दौरान पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं की भागीदारी कम रही, हालांकि युवतियों ने भी उत्साह के साथ मतदान किया।मतदान प्रक्रिया सुबह आठ बजे शुरू हुई। शुरुआती घंटों के बाद सुबह 10 बजे से मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की आवाजाही बढ़ने लगी। पुरुष और महिला मतदाता कतारों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। शाम चार बजे तक मतदान की प्रक्रिया संपन्न हुई। कुल पड़े 1657 मतों में 1347 पुरुष और 310 महिला मतदाताओं ने मतदान किया। चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सक्रिय रहे। करछना ब्लॉक में डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र, एसीपी कुंजलता, तहसीलदार राजेश पाल और नायब तहसीलदार अनुग्रह नारायण मौजूद रहे। एसडीएम संदीप तिवारी ने बताया कि क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। मतदान समाप्त होने के बाद मतपेटियों को सील कर निर्धारित प्रक्रिया के तहत भेज दिया गया। पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर हुआ विरोध मतदान के दौरान शाम करीब 4 बजे फर्जी वोटिंग को लेकर एजेंटों और पुलिस के बीच बहस होने की बात सामने आई। वहीं, सपा प्रत्याशी के पर्ची स्थल पर लगाए गए टेंट को पुलिस द्वारा दो बार हटाए जाने को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने विरोध जताया। कार्यकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन पर एकपक्षीय कार्रवाई का आरोप लगाते हुए नाराजगी जाहिर की। सपा कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पर्ची स्थल के पंडाल को बार-बार हटाकर उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन पर सत्ता पक्ष के इशारे पर कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए प्रशासन के रवैये को मनमाना बताया। इस मुद्दे को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों और सपा कार्यकर्ताओं के बीच नोकझोंक भी हुई। हालांकि, मतदान की प्रक्रिया निर्धारित समय पर संपन्न हो गई।
करछना में 33.7 प्रतिशत मतदान, पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर सपा कार्यकर्ताओं और पुलिस में नोंक-झोंक करछना। इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में शुक्रवार को करछना तहसील क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। क्षेत्र के कुल 4915 मतदाताओं में से 1657 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इस तरह कुल मतदान प्रतिशत करीब 33.7 रहा। मतदान के दौरान पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं की भागीदारी कम रही, हालांकि युवतियों ने भी उत्साह के साथ मतदान किया।मतदान प्रक्रिया सुबह आठ बजे शुरू हुई। शुरुआती घंटों के बाद सुबह 10 बजे से मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की आवाजाही बढ़ने लगी। पुरुष और महिला मतदाता कतारों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। शाम चार बजे तक मतदान की प्रक्रिया संपन्न हुई। कुल पड़े 1657 मतों में 1347 पुरुष और 310 महिला मतदाताओं ने मतदान किया। चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सक्रिय रहे। करछना ब्लॉक में डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र, एसीपी कुंजलता, तहसीलदार राजेश पाल और नायब तहसीलदार अनुग्रह नारायण मौजूद रहे। एसडीएम संदीप तिवारी ने बताया कि क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। मतदान समाप्त होने के बाद मतपेटियों को सील कर निर्धारित प्रक्रिया के तहत भेज दिया गया। पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर हुआ विरोध मतदान के दौरान शाम करीब 4 बजे फर्जी वोटिंग को लेकर एजेंटों और पुलिस के बीच बहस होने की बात सामने आई। वहीं, सपा प्रत्याशी के पर्ची स्थल पर लगाए गए टेंट को पुलिस द्वारा दो बार हटाए जाने को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने विरोध जताया। कार्यकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन पर एकपक्षीय कार्रवाई का आरोप लगाते हुए नाराजगी जाहिर की। सपा कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पर्ची स्थल के पंडाल को बार-बार हटाकर उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन पर सत्ता पक्ष के इशारे पर कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए प्रशासन के रवैये को मनमाना बताया। इस मुद्दे को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों और सपा कार्यकर्ताओं के बीच नोकझोंक भी हुई। हालांकि, मतदान की प्रक्रिया निर्धारित समय पर संपन्न हो गई।
- करछना में 33.7 प्रतिशत मतदान, पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर सपा कार्यकर्ताओं और पुलिस में नोंक-झोंक करछना। इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में शुक्रवार को करछना तहसील क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। क्षेत्र के कुल 4915 मतदाताओं में से 1657 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इस तरह कुल मतदान प्रतिशत करीब 33.7 रहा। मतदान के दौरान पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं की भागीदारी कम रही, हालांकि युवतियों ने भी उत्साह के साथ मतदान किया।मतदान प्रक्रिया सुबह आठ बजे शुरू हुई। शुरुआती घंटों के बाद सुबह 10 बजे से मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की आवाजाही बढ़ने लगी। पुरुष और महिला मतदाता कतारों में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। शाम चार बजे तक मतदान की प्रक्रिया संपन्न हुई। कुल पड़े 1657 मतों में 1347 पुरुष और 310 महिला मतदाताओं ने मतदान किया। चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सक्रिय रहे। करछना ब्लॉक में डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र, एसीपी कुंजलता, तहसीलदार राजेश पाल और नायब तहसीलदार अनुग्रह नारायण मौजूद रहे। एसडीएम संदीप तिवारी ने बताया कि क्षेत्र में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। मतदान समाप्त होने के बाद मतपेटियों को सील कर निर्धारित प्रक्रिया के तहत भेज दिया गया। पर्ची स्थल का टेंट हटाने पर हुआ विरोध मतदान के दौरान शाम करीब 4 बजे फर्जी वोटिंग को लेकर एजेंटों और पुलिस के बीच बहस होने की बात सामने आई। वहीं, सपा प्रत्याशी के पर्ची स्थल पर लगाए गए टेंट को पुलिस द्वारा दो बार हटाए जाने को लेकर सपा कार्यकर्ताओं ने विरोध जताया। कार्यकर्ताओं ने पुलिस प्रशासन पर एकपक्षीय कार्रवाई का आरोप लगाते हुए नाराजगी जाहिर की। सपा कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पर्ची स्थल के पंडाल को बार-बार हटाकर उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन पर सत्ता पक्ष के इशारे पर कार्रवाई करने का आरोप लगाते हुए प्रशासन के रवैये को मनमाना बताया। इस मुद्दे को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों और सपा कार्यकर्ताओं के बीच नोकझोंक भी हुई। हालांकि, मतदान की प्रक्रिया निर्धारित समय पर संपन्न हो गई।1
- *भूपेंद्र सोनी की संदिग्ध मौत में कार्रवाई पर परिजनों ने उठाए सवाल, CBI जांच की मांग* **पिता ने डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव को सौंपा प्रार्थना पत्र, पांच नामजद लोगों में से केवल एक की गिरफ्तारी का आरोप** **प्रयागराज।** यमुनानगर के घूरपुर थाना क्षेत्र के चम्पतपुर निवासी 32 वर्षीय भूपेंद्र सोनी की 25 सितंबर 2026 को मानस विहार स्थित एडीए कॉलोनी में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। घटना को लेकर मृतक के परिजन हत्या की आशंका जताते हुए लगातार निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। अब परिवार ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की है। मृतक के पिता नेब्बू लाल सोनी के अनुसार, उनके बेटे भूपेंद्र के मोबाइल पर फोन आया था, जिसके बाद वह मानस विहार गया था। कुछ समय बाद परिजनों को उसकी मौ*त की सूचना मिली। परिवार के मुताबिक, उसे छह मंजिला मकान से गिरने की परिस्थितियों में अस्पताल ले जाया गया था। बाद में चाका हॉस्पिटल होते हुए स्वरूप रानी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ### पांच लोगों के नाम होने के बावजूद एक की गिरफ्तारी का आरोप मृतक के परिजनों का आरोप है कि मामले में पांच लोगों के नाम सामने आए थे, लेकिन पुलिस ने अब तक केवल एक व्यक्ति को ही जेल भेजा है। परिवार का कहना है कि अन्य आरोपितों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि घटना की पूरी सच्चाई सामने आ सके। इसी संबंध में मृतक के पिता नेब्बू लाल सोनी ने डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव से मुलाकात कर लिखित प्रार्थना पत्र सौंपा है। उन्होंने शेष आरोपितों के खिलाफ भी जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। परिवार का कहना है कि अब तक हुई कार्रवाई से वे संतुष्ट नहीं हैं और उन्हें कई सवालों के जवाब नहीं मिले हैं। ### जमीन और पैसों के विवाद की आशंका परिजनों ने जमीन और पैसों के लेन-देन से जुड़े विवाद को घटना की संभावित वजह बताया है। उनका आरोप है कि भूपेंद्र को मानस विहार में जमीन दिलाने की बात कही गई थी और इसके लिए रकम भी दी गई थी। परिवार को आशंका है कि इसी विवाद के चलते उसके साथ वारदात हुई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि स्थानीय स्तर पर जांच से संतुष्टि नहीं मिलती है, तो मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जाए। ### पत्नी की सरकार से गुहार, दो मासूम बच्चों के भविष्य की चिंता भूपेंद्र सोनी की पत्नी अंजली सोनी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के अनुसार, उनके दो छोटे बेटे हैं—एक वर्षीय आकाय सोनी और दो माह का आरो सोनी। पिता की मौ*त के बाद दोनों बच्चों के पालन-पोषण और शिक्षा को लेकर परिवार चिंतित है। अंजली सोनी ने उत्तर प्रदेश सरकार से मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कानून के दायरे में अवैध निर्माण पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग करते हुए दोनों बच्चों की पढ़ाई और पालन-पोषण के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की भी गुहार लगाई है। **अब पीड़ित परिवार की निगाहें पुलिस प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। परिजन चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच हो, सभी आरोपितों की भूमिका सामने आए और दोष सिद्ध होने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए।** *भूपेंद्र सोनी की संदिग्ध मौत में कार्रवाई पर परिजनों ने उठाए सवाल, CBI जांच की मांग* **पिता ने डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव को सौंपा प्रार्थना पत्र, पांच नामजद लोगों में से केवल एक की गिरफ्तारी का आरोप** **प्रयागराज।** यमुनानगर के घूरपुर थाना क्षेत्र के चम्पतपुर निवासी 32 वर्षीय भूपेंद्र सोनी की 25 सितंबर 2026 को मानस विहार स्थित एडीए कॉलोनी में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। घटना को लेकर मृतक के परिजन हत्या की आशंका जताते हुए लगातार निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। अब परिवार ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की है। मृतक के पिता नेब्बू लाल सोनी के अनुसार, उनके बेटे भूपेंद्र के मोबाइल पर फोन आया था, जिसके बाद वह मानस विहार गया था। कुछ समय बाद परिजनों को उसकी मौ*त की सूचना मिली। परिवार के मुताबिक, उसे छह मंजिला मकान से गिरने की परिस्थितियों में अस्पताल ले जाया गया था। बाद में चाका हॉस्पिटल होते हुए स्वरूप रानी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ### पांच लोगों के नाम होने के बावजूद एक की गिरफ्तारी का आरोप मृतक के परिजनों का आरोप है कि मामले में पांच लोगों के नाम सामने आए थे, लेकिन पुलिस ने अब तक केवल एक व्यक्ति को ही जेल भेजा है। परिवार का कहना है कि अन्य आरोपितों के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि घटना की पूरी सच्चाई सामने आ सके। इसी संबंध में मृतक के पिता नेब्बू लाल सोनी ने डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव से मुलाकात कर लिखित प्रार्थना पत्र सौंपा है। उन्होंने शेष आरोपितों के खिलाफ भी जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। परिवार का कहना है कि अब तक हुई कार्रवाई से वे संतुष्ट नहीं हैं और उन्हें कई सवालों के जवाब नहीं मिले हैं। ### जमीन और पैसों के विवाद की आशंका परिजनों ने जमीन और पैसों के लेन-देन से जुड़े विवाद को घटना की संभावित वजह बताया है। उनका आरोप है कि भूपेंद्र को मानस विहार में जमीन दिलाने की बात कही गई थी और इसके लिए रकम भी दी गई थी। परिवार को आशंका है कि इसी विवाद के चलते उसके साथ वारदात हुई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि स्थानीय स्तर पर जांच से संतुष्टि नहीं मिलती है, तो मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जाए। ### पत्नी की सरकार से गुहार, दो मासूम बच्चों के भविष्य की चिंता भूपेंद्र सोनी की पत्नी अंजली सोनी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के अनुसार, उनके दो छोटे बेटे हैं—एक वर्षीय आकाय सोनी और दो माह का आरो सोनी। पिता की मौ*त के बाद दोनों बच्चों के पालन-पोषण और शिक्षा को लेकर परिवार चिंतित है। अंजली सोनी ने उत्तर प्रदेश सरकार से मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कानून के दायरे में अवैध निर्माण पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग करते हुए दोनों बच्चों की पढ़ाई और पालन-पोषण के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की भी गुहार लगाई है। **अब पीड़ित परिवार की निगाहें पुलिस प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। परिजन चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच हो, सभी आरोपितों की भूमिका सामने आए और दोष सिद्ध होने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए।**4
- कंजासा गांव में शराब की दुकान के खिलाफ ग्रामीणों का हल्ला बोल,बंद कराया शटर प्रयागराज: घूरपुर थाना क्षेत्र के कंजासा गांव में शराब की दुकान के विरोध में ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। आक्रोशित ग्रामीणों ने दुकान पर पहुंचकर विरोध जताया और उसका शटर बंद करा दिया। महिलाओं ने गांव में शराब की बिक्री से परिवारों पर पड़ रहे दुष्प्रभावों को लेकर नाराजगी जाहिर की। ग्रामीणों का आरोप है कि दुकान पर कम उम्र के बच्चों को भी शराब बेची जाती है। शराब के नशे में घर पहुंचने वाले कुछ लोग पत्नियों के साथ मारपीट करते हैं,जिससे घरेलू हिंसा की घटनाएं बढ़ रही हैं। ग्रामीणों ने कहा कि शराब की लत से कई परिवार प्रभावित हो रहे हैं।1
- इलाहाबाद झांसी खंड स्नातक चुनाव में ब्लॉक प्रमुख गायत्री प्रसाद मिश्रा ने दिया बयान1
- प्रयागराज-अस्पताल के बगल में शराब की दुकान को लेकर भड़के समाजसेवी मोहम्मद हन्जला, बोले पूरे प्रदेश में नशे के खिलाफ उठेगी आवाज महेवा खान चौराहे के पास स्थित दुकान की जांच और नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की मांग युवाओं को नशे से बचाने का लिया संकल्प अस्पताल के बगल में शराब की दुकान को लेकर भड़के समाजसेवी मोहम्मद हन्जला, बोले— पूरे प्रदेश में नशे के खिलाफ उठेगी आवाज महेवा खान चौराहे के पास स्थित दुकान की जांच और नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की मांग, युवाओं को नशे से बचाने का लिया संकल्प प्रयागराज, 23 अक्टूबर। इलाहाबाद जनकल्याण समिति के अध्यक्ष एवं समाजसेवी मोहम्मद हन्जला ने महेवा खान चौराहे से कुछ आगे एक अस्पताल के बगल में संचालित शराब की दुकान को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने संबंधित प्रशासन और आबकारी विभाग से दुकान के संचालन की जांच कराने तथा यह स्पष्ट करने की मांग की कि निर्धारित नियमों का पालन किया जा रहा है या नहीं। मोहम्मद हन्जला ने कहा कि अस्पताल, स्कूल और अन्य संवेदनशील स्थानों के आसपास शराब की दुकानों के संचालन से जुड़े मामलों की गंभीरता से जांच होनी चाहिए। उन्होंने मांग की कि संबंधित दुकान के मामले में नियमानुसार जांच कराई जाए और यदि किसी प्रकार का उल्लंघन पाया जाता है, तो कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए। नशे के खिलाफ पूरे उत्तर प्रदेश में आवाज उठाने का ऐलान समाजसेवी मोहम्मद हन्जला ने युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि नशे की लत युवाओं के भविष्य के साथ-साथ परिवारों और समाज पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालती है। उन्होंने अवैध मादक पदार्थों के कारोबार और ड्रग्स माफिया के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य कानून को अपने हाथ में लेना नहीं, बल्कि कानून का पालन सुनिश्चित कराना है। जहां भी नियमों का उल्लंघन होगा, वहां हम संबंधित अधिकारियों के समक्ष आवाज उठाएंगे और कार्रवाई की मांग करेंगे। युवाओं को नशे से बचाना हमारी सामाजिक जिम्मेदारी है।” प्रयागराज तक सीमित नहीं, पूरे प्रदेश के युवाओं की चिंता मोहम्मद हन्जला ने स्पष्ट किया कि नशे के खिलाफ उनकी मुहिम केवल प्रयागराज तक सीमित नहीं रहेगी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के किसी भी जिले में यदि अस्पताल, स्कूल, मंदिर या मस्जिद के आसपास शराब की दुकान के संचालन को लेकर नियमों के उल्लंघन की शिकायत सामने आती है, तो वह संबंधित अधिकारियों से जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों से बचाना, परिवारों को जागरूक करना और नशामुक्त समाज के निर्माण में योगदान देना है। इसके लिए प्रशासन को भी अवैध नशे के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण और नियमों के पालन की नियमित निगरानी सुनिश्चित करनी चाहिए। अंत में मोहम्मद हन्जला ने संबंधित अधिकारियों से महेवा खान चौराहे के आगे अस्पताल के बगल में स्थित शराब की दुकान के मामले की निष्पक्ष जांच कराने की अपील की। उन्होंने दोहराया कि नशे के खिलाफ उनकी आवाज पूरे उत्तर प्रदेश में लगातार उठती रहेगी। #मोहम्मदहन्जला #प्रयागराज #महेवाखानचौराहा #नशामुक्तउत्तरप्रदेश #नशामुक्तसमाज #जनहित #युवाओंकाभविष्य1
- प्रयागराज। बहादुरपुर विकासखंड क्षेत्र के ग्राम सभा बजहा में श्री आदर्श रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित श्रीरामलीला कार्यक्रम में फूलपुर विधानसभा क्षेत्र 256 के समाजवादी पार्टी नेता पवन द्विवेदी शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने प्रभु श्रीराम की लीलाओं का दर्शन कर धार्मिक आयोजन के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की और आयोजक मंडल के प्रयासों की सराहना की। ग्राम प्रधान सरोज देवी एवं पूर्व प्रधान राजेश सिंह के नेतृत्व में आयोजित रामलीला कार्यक्रम में क्षेत्र के श्रद्धालुओं और ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। रामलीला के माध्यम से प्रभु श्रीराम के आदर्शों, मर्यादा, त्याग, सत्य और धर्म के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने धार्मिक वातावरण के बीच श्रीराम की लीलाओं का आनंद लिया। इस अवसर पर पवन द्विवेदी ने कहा कि रामलीला भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा की महत्वपूर्ण धरोहर है। प्रभु श्रीराम का जीवन हमें सत्य के मार्ग पर चलने, अन्याय के विरुद्ध खड़े होने, माता-पिता का सम्मान करने तथा समाज में प्रेम, सद्भाव और भाईचारा बनाए रखने की प्रेरणा देता है। ऐसे धार्मिक आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने श्री आदर्श रामलीला कमेटी, बजहा के सभी पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और आयोजकों का सफल आयोजन के लिए आभार व्यक्त किया। साथ ही ग्राम प्रधान सरोज देवी, पूर्व प्रधान राजेश सिंह तथा समस्त ग्रामवासियों के प्रयासों की सराहना की।कार्यक्रम में श्रद्धा और उत्साह का माहौल रहा।1
- कलश यात्रा के दौरान माता रानी के मंदिर में विनोद पांडे ने पत्नी सहित की पूजा-अर्चना कलश यात्रा के दौरान माता रानी के मंदिर में विनोद पांडे ने पत्नी सहित की पूजा-अर्चना प्रयागराज। मुंडेरा स्थित नीम सराय कॉलोनी में श्री भगवती प्रसाद सेन के आवास पर स्थित मां रानी के मंदिर में श्री वैष्णो राम कथा समिति के अध्यक्ष विनोद पांडे ने अपनी पत्नी सहित विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। श्रीमद्भागवत कथा के शुभारंभ के अवसर पर निकाली गई कलश यात्रा के दौरान उन्होंने माता रानी के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर श्रद्धा और भक्ति का माहौल रहा। श्रद्धालुओं ने माता रानी की पूजा-अर्चना कर परिवार एवं समाज की सुख-समृद्धि और कल्याण की कामना की। धार्मिक आयोजन को लेकर क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण बना रहा। रिपोर्ट: आलोक कुमार सेन<br />3
- *आज दिनांक 23/10/2026* *प्रयागराज यमुनापार, थाना शंकरगढ़* *मायके से लौटी विधवा महिला का आरोप, बड़ी बेटी ने ताला तोड़कर घर का सामान, नकदी, वाहन और आभूषण उठा ले गई, 14 अक्टूबर को वापस करने का समझौता भी नहीं हुआ* *शंकरगढ़, प्रयागराज:* थाना शंकरगढ़ के निवासी पूरे भटू नेवरिया की रहने वाली महिला *गीता पत्नी स्वर्गीय महेंद्र कुमार साहू* ने अपनी बड़ी बेटी पर घर का सामान जबरदस्ती उठा ले जाने का गंभीर आरोप लगाया है। गीता ने बताया कि वह *29/09/2026 को अपने मायके चली गई थी और 03/10/2026 को वापस आई* तो घर का ताला टूटा हुआ था। पड़ोसी से पूछने पर पता चला कि उसकी बड़ी बेटी *अर्चना साहू पत्नी प्रदीप कुमार साहू* आई थी और घर का ताला तोड़कर घर में रखा सामान उठा ले गई। आरोप है कि घर में रखा *सभी कीमती सामान और साठ हजार रुपए सहित बोलेरो और मोटरसाइकिल और सोने-चांदी का आभूषण, कीमती बर्तन, अनाज* सब उठा ले गई। गीता ने बताया कि उन्होंने लिखित तहरीर *थाना शंकरगढ़ में और ACP बारा में दिया*, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। थाना में दोनों पक्षों में समझौता पत्र हुआ कि *अर्चना देवी पत्नी प्रदीप कुमार 14.10.2026 को पूरा सामान वापस कर देंगी*, लेकिन अभी तक वापस नहीं हुआ। इसलिए विधवा महिला दर-दर की ठोकर खा रही है। *पारिवारिक विवाद की जड़:* गीता ने बताया कि महेंद्र कुमार साहू की पहली पत्नी से एक बेटी पैदा हुई जिसका नाम *अर्चना साहू* रखा गया। डेढ़ महीने की थी तभी उसकी मां का स्वर्गवास हो गया। कुछ दिनों बाद उसके पिता महेंद्र कुमार साहू ने दूसरी शादी की, जिससे दूसरी पत्नी *गीता देवी* है। गीता देवी से एक पुत्री हुई जिसका नाम *वंदना साहू* है। कुछ दिनों बाद महेंद्र कुमार की मौत हो गई। महेंद्र कुमार का कारोबार अच्छा था, जिसमें *चार-पांच बीघा खेत, बोलेरो गाड़ी, दोपहिया वाहन, किराने की दुकान* सब कुछ है। गीता देवी का कहना है कि मेरे लिए दोनों बेटियां बराबर हैं, दोनों बेटियों की शादी बड़े धूमधाम से हुई है। मेरे पास जो गृहस्थी है वह मेरे मर जाने के बाद दोनों बेटियां आपस में बराबर-बराबर ले लेंगी। अभी मैं जैसे दोनों बेटियों को देती थी, बुलाती थी, उसी हिसाब से बुलाऊंगी, दूंगी और देती रहूंगी। लेकिन मेरे मर जाने के बाद ही दोनों लोग आपस में बराबर-बराबर ले लेंगी। लेकिन फिलहाल अभी हम नहीं दे पाएंगे। लेकिन बड़ी बेटी घर का सामान जबरदस्ती उठा ले गई। इसमें छोटी बेटी वंदना साहू भी गंभीर है। छोटी बेटी वंदना ने अपनी बड़ी बहन *अर्चना साहू* पर आरोप लगाया है। गीता देवी ने यहां के जिम्मेदार पुलिस प्रशासन, *ACP बारा और पुलिस कमिश्नर प्रयागराज* से न्याय की गुहार लगाई है कि हमारे मर जाने के बाद ही दोनों बेटियां आपस में बराबर ले लेंगी, लेकिन पहले बड़ी वाली बेटी अर्चना साहू पूरा सामान घर में वापस करे। *आज दिनांक 23/10/2026* *प्रयागराज यमुनापार, थाना शंकरगढ़* *मायके से लौटी विधवा महिला का आरोप, बड़ी बेटी ने ताला तोड़कर घर का सामान, नकदी, वाहन और आभूषण उठा ले गई, 14 अक्टूबर को वापस करने का समझौता भी नहीं हुआ* *शंकरगढ़, प्रयागराज:* थाना शंकरगढ़ के निवासी पूरे भटू नेवरिया की रहने वाली महिला *गीता पत्नी स्वर्गीय महेंद्र कुमार साहू* ने अपनी बड़ी बेटी पर घर का सामान जबरदस्ती उठा ले जाने का गंभीर आरोप लगाया है। गीता ने बताया कि वह *29/09/2026 को अपने मायके चली गई थी और 03/10/2026 को वापस आई* तो घर का ताला टूटा हुआ था। पड़ोसी से पूछने पर पता चला कि उसकी बड़ी बेटी *अर्चना साहू पत्नी प्रदीप कुमार साहू* आई थी और घर का ताला तोड़कर घर में रखा सामान उठा ले गई। आरोप है कि घर में रखा *सभी कीमती सामान और साठ हजार रुपए सहित बोलेरो और मोटरसाइकिल और सोने-चांदी का आभूषण, कीमती बर्तन, अनाज* सब उठा ले गई। गीता ने बताया कि उन्होंने लिखित तहरीर *थाना शंकरगढ़ में और ACP बारा में दिया*, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। थाना में दोनों पक्षों में समझौता पत्र हुआ कि *अर्चना देवी पत्नी प्रदीप कुमार 14.10.2026 को पूरा सामान वापस कर देंगी*, लेकिन अभी तक वापस नहीं हुआ। इसलिए विधवा महिला दर-दर की ठोकर खा रही है। *पारिवारिक विवाद की जड़:* गीता ने बताया कि महेंद्र कुमार साहू की पहली पत्नी से एक बेटी पैदा हुई जिसका नाम *अर्चना साहू* रखा गया। डेढ़ महीने की थी तभी उसकी मां का स्वर्गवास हो गया। कुछ दिनों बाद उसके पिता महेंद्र कुमार साहू ने दूसरी शादी की, जिससे दूसरी पत्नी *गीता देवी* है। गीता देवी से एक पुत्री हुई जिसका नाम *वंदना साहू* है। कुछ दिनों बाद महेंद्र कुमार की मौत हो गई। महेंद्र कुमार का कारोबार अच्छा था, जिसमें *चार-पांच बीघा खेत, बोलेरो गाड़ी, दोपहिया वाहन, किराने की दुकान* सब कुछ है। गीता देवी का कहना है कि मेरे लिए दोनों बेटियां बराबर हैं, दोनों बेटियों की शादी बड़े धूमधाम से हुई है। मेरे पास जो गृहस्थी है वह मेरे मर जाने के बाद दोनों बेटियां आपस में बराबर-बराबर ले लेंगी। अभी मैं जैसे दोनों बेटियों को देती थी, बुलाती थी, उसी हिसाब से बुलाऊंगी, दूंगी और देती रहूंगी। लेकिन मेरे मर जाने के बाद ही दोनों लोग आपस में बराबर-बराबर ले लेंगी। लेकिन फिलहाल अभी हम नहीं दे पाएंगे। लेकिन बड़ी बेटी घर का सामान जबरदस्ती उठा ले गई। इसमें छोटी बेटी वंदना साहू भी गंभीर है। छोटी बेटी वंदना ने अपनी बड़ी बहन *अर्चना साहू* पर आरोप लगाया है। गीता देवी ने यहां के जिम्मेदार पुलिस प्रशासन, *ACP बारा और पुलिस कमिश्नर प्रयागराज* से न्याय की गुहार लगाई है कि हमारे मर जाने के बाद ही दोनों बेटियां आपस में बराबर ले लेंगी, लेकिन पहले बड़ी वाली बेटी अर्चना साहू पूरा सामान घर में वापस करे।4