रायबरेली के ऊंचाहार कोतवाली क्षेत्र के सवैया तिराहा में एक मोबाइल शॉप पर केवाईसी के नाम पर साइबर फ्रॉड की कोशिश का मामला सामने आया है। दुकानदार विजय कुमार की सतर्कता और सूझबूझ के चलते ठगों के मंसूबों पर पानी फिर गया। सूचना पर पहुंची 112 पीआरवी पुलिस ने एक अंतरजनपदीय (अमेठी) और दो स्थानीय युवकों समेत कुल तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है। फिलहाल कोतवाली पुलिस तीनों से गहनता से पूछताछ कर रही है। जानकारी के अनुसार, सवैया तिराहा निवासी विजय कुमार की 'प्रताप बिजनेस प्वाइंट' नाम से मोबाइल की दुकान है। सोमवार को उनकी दुकान पर फूलबाग मजरे सवैया हसन गांव का रहने वाला योगेश अपने दो साथियों के साथ पहुंचा। उसके अन्य दो साथियों की पहचान अनुराग मिश्रा (निवासी ऊंचाहार, रायबरेली) और सर्वेश कुमार (निवासी पूरे भरोसे तरौना, जनपद अमेठी) के रूप में हुई है। ये तीनों शातिर अपने साथ कुछ महिला ग्राहकों को भी लेकर आए थे। उन्होंने दुकानदार से कहा कि महिलाओं की केवाईसी करनी है, जिसके लिए पीछे सफेद बैकग्राउंड की आवश्यकता है। दुकानदार ने उनकी बातों पर भरोसा करके उन्हें काम करने की अनुमति दे दी। केवाईसी के बहाने इन लोगों ने चुपके से युवक की दुकान की फोटो खींचकर उसे ऑनलाइन अपलोड कर दिया। इसी दौरान दुकानदार विजय कुमार की नजर उन पर पड़ गई। जब दुकानदार ने उनसे इस हरकत का कारण पूछा, तो वे घबरा गए और कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। तीनों संदिग्ध बार-बार अपना बयान बदलने लगे; कभी वे इसे 'कन्या सुमंगला योजना' का काम बताते, तो कभी बैंक की केवाईसी कहने लगे। उनके इन गोलमोल जवाबों से दुकानदार का शक यकीन में बदल गया कि ये लोग किसी बड़े साइबर फ्रॉड को अंजाम देने की फिराक में हैं। ठगी की पक्की आशंका होने पर विजय कुमार ने तत्काल 112 पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पीआरवी पुलिस ने भी जब युवकों से पूछताछ की, तो उनके जवाब संदिग्ध पाए गए। इसके बाद पुलिस तीनों को हिरासत में लेकर कोतवाली ले आई। दुकानदार ने पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में आशंका जताई है कि ये लोग उसकी दुकान की फोटो और लोकेशन का इस्तेमाल करके कोई फर्जी लोन या बड़ा साइबर घोटाला करने की साजिश रच रहे थे। दुकानदार ने कोतवाली में लिखित शिकायती पत्र देकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
रायबरेली के ऊंचाहार कोतवाली क्षेत्र के सवैया तिराहा में एक मोबाइल शॉप पर केवाईसी के नाम पर साइबर फ्रॉड की कोशिश का मामला सामने आया है। दुकानदार विजय कुमार की सतर्कता और सूझबूझ के चलते ठगों के मंसूबों पर पानी फिर गया। सूचना पर पहुंची 112 पीआरवी पुलिस ने एक अंतरजनपदीय (अमेठी) और दो स्थानीय युवकों समेत कुल तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है। फिलहाल कोतवाली पुलिस तीनों से गहनता से पूछताछ कर रही है। जानकारी के अनुसार, सवैया तिराहा निवासी विजय कुमार की 'प्रताप बिजनेस प्वाइंट' नाम से मोबाइल की दुकान है। सोमवार को उनकी दुकान पर फूलबाग मजरे सवैया हसन गांव का रहने वाला योगेश अपने दो साथियों के साथ पहुंचा। उसके अन्य दो साथियों की पहचान अनुराग मिश्रा (निवासी ऊंचाहार, रायबरेली) और सर्वेश कुमार (निवासी पूरे भरोसे तरौना, जनपद अमेठी) के रूप में हुई है। ये तीनों शातिर अपने साथ कुछ महिला ग्राहकों को भी लेकर आए थे। उन्होंने दुकानदार से कहा कि महिलाओं की केवाईसी करनी है, जिसके लिए पीछे सफेद बैकग्राउंड की आवश्यकता है। दुकानदार ने उनकी बातों पर भरोसा करके उन्हें काम करने की अनुमति दे दी। केवाईसी के बहाने इन लोगों ने चुपके से युवक की दुकान की फोटो खींचकर उसे ऑनलाइन अपलोड कर दिया। इसी दौरान दुकानदार विजय कुमार की नजर उन पर पड़ गई। जब दुकानदार ने उनसे इस हरकत का कारण पूछा, तो वे घबरा गए और कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। तीनों संदिग्ध बार-बार अपना बयान बदलने लगे; कभी वे इसे 'कन्या सुमंगला योजना' का काम बताते, तो कभी बैंक की केवाईसी कहने लगे। उनके इन गोलमोल जवाबों से दुकानदार का शक यकीन में बदल गया कि ये लोग किसी बड़े साइबर फ्रॉड को अंजाम देने की फिराक में हैं। ठगी की पक्की आशंका होने पर विजय कुमार ने तत्काल 112 पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पीआरवी पुलिस ने भी जब युवकों से पूछताछ की, तो उनके जवाब संदिग्ध पाए गए। इसके बाद पुलिस तीनों को हिरासत में लेकर कोतवाली ले आई। दुकानदार ने पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में आशंका जताई है कि ये लोग उसकी दुकान की फोटो और लोकेशन का इस्तेमाल करके कोई फर्जी लोन या बड़ा साइबर घोटाला करने की साजिश रच रहे थे। दुकानदार ने कोतवाली में लिखित शिकायती पत्र देकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
- रायबरेली के जगतपुर थाने में एक किसान ने तहरीर देकर आरोप लगाया है कि मेड़ के विवाद को लेकर उसे कुछ लोगों ने रास्ते में घेरकर पीट दिया। पीड़ित किसान सोनू पुत्र रामप्यारे ने तहरीर में बताया कि टांघन गांव के रहने वाले एक व्यक्ति और उसके तीन अज्ञात साथियों ने जबरन उनके खेत की मेड़ काट दी और विरोध करने पर मारपीट की। सोनू ने जगतपुर थाने में एक नामजद और तीन अज्ञात लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। जब इस मामले में थाना प्रभारी वागीस मिश्रा से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि तहरीर मिल गई है और मामले की जांच की जा रही है।1
- रायबरेली से एक बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। सूत्रों के मुताबिक, देश के प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में से एक, बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) के बैंकिंग सिस्टम में बड़ी सेंधमारी (हैकिंग) की खबर सामने आई है। इस घटना ने डिजिटल बैंकिंग और उपभोक्ता डेटा की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सॉफ्टवेयर इंजीनियर और डिजिटल पेमेंट वॉचडॉग ‘कैशलेसकंज्यूमर’ (CashlessConsumer) के संस्थापक श्रीकांत लक्ष्मणन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर कुछ सैंपल डॉक्यूमेंट्स शेयर करते हुए इस सेंधमारी का खुलासा किया। लक्ष्मणन के अनुसार, जिस लिंक के जरिए संवेदनशील डेटा तक पहुंच बन रही थी, वह सक्रिय (Active) था, जिससे कोई भी व्यक्ति सिस्टम में सेंध लगा सकता था। India Today की रिपोर्ट के मुताबिक, जब श्रीकांत लक्ष्मणन से इस लीक और तकनीकी खामी की गंभीरता के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने इसे बेहद चिंताजनक बताते हुए कहा, “यह एक साइबर आपदा (Cyber Disaster) है।” सार्वजनिक क्षेत्र के इतने बड़े बैंक के सिस्टम में इस तरह की सेंधमारी की खबर के बाद ग्राहकों के डेटा और वित्तीय सुरक्षा को लेकर हड़कंप मच गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के डेटा लीक से ग्राहकों को फ़िशिंग, ऑनलाइन फ्रॉड और पहचान की चोरी (Identity Theft) का खतरा हो सकता है। खबर लिखे जाने तक बैंक प्रबंधन की ओर से इस मुद्दे पर आधिकारिक बयान का इंतजार किया जा रहा है।1
- हर हर महादेव। शैलेन्द्र गुप्ता, जो ऊँचाहार, रायबरेली के जिला पंचायत सदस्य हैं और श्री प्रमोद गुप्ता, पूर्व चेयरमैन ऊँचाहार रायबरेली के पुत्र हैं, ने अपने समर्थकों से संपर्क साधा है। शैलेन्द्र गुप्ता ने अपने संदेश में समर्पण और स्थानीय जुड़ाव को रेखांकित किया है। शैलेन्द्र गुप्ता के संदेश में धार्मिकता और स्थानीय राजनीतिक विरासत का मिश्रण देखने को मिलता है। उनका यह पोस्ट #viral, #vlogs, #reels, #trending और #instagood जैसे लोकप्रिय हैशटैग्स के साथ किया गया है, जो उनकी युवा और आधुनिक छवि को दर्शाता है।1
- रायबरेली के ऊंचाहार कोतवाली क्षेत्र के सवैया तिराहा में एक मोबाइल शॉप पर केवाईसी के नाम पर साइबर फ्रॉड की कोशिश का मामला सामने आया है। दुकानदार विजय कुमार की सतर्कता और सूझबूझ के चलते ठगों के मंसूबों पर पानी फिर गया। सूचना पर पहुंची 112 पीआरवी पुलिस ने एक अंतरजनपदीय (अमेठी) और दो स्थानीय युवकों समेत कुल तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है। फिलहाल कोतवाली पुलिस तीनों से गहनता से पूछताछ कर रही है। जानकारी के अनुसार, सवैया तिराहा निवासी विजय कुमार की 'प्रताप बिजनेस प्वाइंट' नाम से मोबाइल की दुकान है। सोमवार को उनकी दुकान पर फूलबाग मजरे सवैया हसन गांव का रहने वाला योगेश अपने दो साथियों के साथ पहुंचा। उसके अन्य दो साथियों की पहचान अनुराग मिश्रा (निवासी ऊंचाहार, रायबरेली) और सर्वेश कुमार (निवासी पूरे भरोसे तरौना, जनपद अमेठी) के रूप में हुई है। ये तीनों शातिर अपने साथ कुछ महिला ग्राहकों को भी लेकर आए थे। उन्होंने दुकानदार से कहा कि महिलाओं की केवाईसी करनी है, जिसके लिए पीछे सफेद बैकग्राउंड की आवश्यकता है। दुकानदार ने उनकी बातों पर भरोसा करके उन्हें काम करने की अनुमति दे दी। केवाईसी के बहाने इन लोगों ने चुपके से युवक की दुकान की फोटो खींचकर उसे ऑनलाइन अपलोड कर दिया। इसी दौरान दुकानदार विजय कुमार की नजर उन पर पड़ गई। जब दुकानदार ने उनसे इस हरकत का कारण पूछा, तो वे घबरा गए और कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। तीनों संदिग्ध बार-बार अपना बयान बदलने लगे; कभी वे इसे 'कन्या सुमंगला योजना' का काम बताते, तो कभी बैंक की केवाईसी कहने लगे। उनके इन गोलमोल जवाबों से दुकानदार का शक यकीन में बदल गया कि ये लोग किसी बड़े साइबर फ्रॉड को अंजाम देने की फिराक में हैं। ठगी की पक्की आशंका होने पर विजय कुमार ने तत्काल 112 पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पीआरवी पुलिस ने भी जब युवकों से पूछताछ की, तो उनके जवाब संदिग्ध पाए गए। इसके बाद पुलिस तीनों को हिरासत में लेकर कोतवाली ले आई। दुकानदार ने पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में आशंका जताई है कि ये लोग उसकी दुकान की फोटो और लोकेशन का इस्तेमाल करके कोई फर्जी लोन या बड़ा साइबर घोटाला करने की साजिश रच रहे थे। दुकानदार ने कोतवाली में लिखित शिकायती पत्र देकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।1
- ऊंचाहार, रायबरेली में ब्लॉक प्रमुख पर सरकारी योजनाओं के दुरुपयोग और विकास कार्यों में धांधली का बड़ा आरोप लगा है। क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने सोमवार को एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर जांच और कार्रवाई की मांग की है। सदस्यों का आरोप है कि गरीब बस्तियों के लिए आए सोलर पंपों को ब्लॉक प्रमुख ने अपने निजी प्रतिष्ठानों, व्यक्तिगत उपयोग की भूमि, निजी ईंट भट्ठे और रिश्तेदारों के यहां स्थापित करा दिया है। यह न सिर्फ बड़ी अनियमितता है, बल्कि शासन द्वारा संचालित योजनाओं का दुरुपयोग है। इसके अलावा, सदस्यों ने क्षेत्र पंचायत निधि से बनवाई गई इंटरलॉकिंग रोड के निर्माण में घटिया सामग्री के प्रयोग और निम्न स्तर के निर्माण का भी आरोप लगाया है। विभिन्न गांवों में लगाई गई सीमेंटेड कुर्सियां और बेंच भी बहुत निम्न स्तर की बताई गई हैं। सदस्यों ने यह भी कहा कि क्षेत्र में लगाई गई स्ट्रीट लाइटों को मरम्मत के नाम पर खोलकर गायब कर दिया गया है। उन्होंने इन सभी विषयों पर निष्पक्ष जांच और दोषी के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। इस मौके पर मनीष कौशल, विजय बहादुर, रामेंद्र प्रताप यादव, सोनू शुक्ला, राहुल पासी, संदीप कुमार, भोलेंद्र शुक्ल समेत बड़ी संख्या में क्षेत्र पंचायत सदस्य मौजूद थे।1
- लखनऊ में पूर्व मुख्यमंत्री मायावती के आवास के बाहर 69000 शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर धरना-प्रदर्शन किया। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान महिला अभ्यर्थियों ने "मायावती बाहर आओ" के नारे लगाए। प्रदर्शन के समय पूर्व मुख्यमंत्री मायावती अपने आवास के भीतर ही मौजूद रहीं। मामले को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री के आवास के बाहर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई और पुलिस ने मोर्चा संभाला। इसके बाद प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों को पुलिस ने हिरासत में लेकर बसों में बैठाया और हिरासत में लिए गए शिक्षक भर्ती अभ्यर्थियों को इको गार्डन भेज दिया।1