logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास जमीन से जुड़े खसरा नंबर समेत कई दस्तावेज मौजूद हैं। इसके बावजूद उनके मकानों पर कार्रवाई की गई और मकानों को तोड़ दिया गया। लोगों का कहना है कि ये मकान झुग्गी-झोपड़ी नहीं थे, बल्कि कई मकान तीन से चार मंजिल तक बने हुए थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक, उन्होंने अपनी पूरी जमा पूंजी इन मकानों को बनाने में लगा दी थी। स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि जिस जमीन पर उनके मकान बने थे, उस जमीन को लेकर उनका मामला अदालत में विचाराधीन है। इसके बावजूद कार्रवाई किए जाने से लोगों में रोष है। लोग प्रशासन से सवाल कर रहे हैं कि जब उनके पास जमीन से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और मामला अदालत में चल रहा है, तो कार्रवाई किस आधार पर की गई। फिलहाल स्थानीय लोग अपने मकानों के टूटने के बाद प्रशासन से कार्रवाई का आधार स्पष्ट करने और मामले में उचित समाधान की मांग कर रहे हैं।

1 hr ago
user_DD Express
DD Express
Local News Reporter सरिता विहार, दक्षिण पूर्व दिल्ली, दिल्ली•
1 hr ago

अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास जमीन से जुड़े खसरा नंबर समेत कई दस्तावेज मौजूद हैं। इसके बावजूद उनके मकानों पर कार्रवाई की गई और मकानों को तोड़ दिया गया। लोगों का कहना है कि ये मकान झुग्गी-झोपड़ी नहीं थे, बल्कि कई मकान तीन से चार मंजिल तक बने हुए थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक, उन्होंने अपनी पूरी जमा पूंजी इन मकानों को बनाने में लगा दी थी। स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि जिस जमीन पर उनके मकान बने थे, उस जमीन को लेकर उनका मामला अदालत में विचाराधीन है। इसके बावजूद कार्रवाई किए जाने से लोगों में रोष है। लोग प्रशासन से सवाल कर रहे हैं कि जब उनके पास जमीन से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और मामला अदालत में चल रहा है, तो कार्रवाई किस आधार पर की गई। फिलहाल स्थानीय लोग अपने मकानों के टूटने के बाद प्रशासन से कार्रवाई का आधार स्पष्ट करने और मामले में उचित समाधान की मांग कर रहे हैं।

More news from दिल्ली and nearby areas
  • सरिता विहार, अली गांव वार्ड नंबर 186 ओखला विधानसभा, दिल्ली दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली गांव में मकानों पर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में डर और नाराजगी का माहौल है। लोगों का आरोप है कि जिन घरों में वे पिछले 40 से 50 वर्षों से रह रहे हैं, अब उन्हीं मकानों को खाली करने के नोटिस दिए जा रहे हैं और जल्द कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि चार से पांच पीढ़ियां इसी जगह रहते हुए गुजर गईं। इसी जमीन पर परिवार बसे, बच्चे बड़े हुए, शादियां हुईं और लोगों ने अपनी जिंदगी भर की कमाई लगाकर अपने आशियाने तैयार किए। लेकिन अब कार्रवाई की आशंका ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर उनके मकान हटाए जाते हैं तो उनके पास रहने के लिए कोई दूसरा ठिकाना नहीं बचेगा। लोगों का एक बड़ा सवाल यह भी है कि अगर यह जमीन उस समय उत्तर प्रदेश के क्षेत्र में आती थी और उस दौरान यहां रहने वाले लोगों से दिल्ली के नाम पर वोट लिया जाता था, तो अब इतने वर्षों बाद उनके मकानों और जमीन को लेकर सवाल क्यों खड़े किए जा रहे हैं? यह स्थानीय लोगों का सवाल है, जिसका जवाब संबंधित प्रशासन और अधिकारियों से अपेक्षित है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उन्हें मकान खाली करने के लिए बेहद कम समय दिया गया है। उनका कहना है कि प्रशासन को पहले उनके दस्तावेजों की जांच करनी चाहिए और प्रभावित परिवारों की बात सुननी चाहिए। महिलाओं में भी अपने घर को लेकर गहरी चिंता दिखाई दे रही है। उनका कहना है कि उन्होंने घर बनाने में अपनी पूरी जिंदगी की पूंजी लगा दी। अगर मकान टूटता है तो परिवार सड़क पर आने की स्थिति में पहुंच सकता है। कुछ महिलाएं भावुक होकर अपने घर बचाने की गुहार लगाती नजर आईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन से अपील है कि लोगों की बात सुनी जाए और किसी भी कार्रवाई से पहले प्रभावित परिवारों की स्थिति, दस्तावेजों और पुनर्वास की संभावनाओं पर स्पष्ट जानकारी दी जाए। स्थानीय लोगों का कहना है— “हमारी चार-पांच पीढ़ियां यहां रह चुकी हैं। हमारे बच्चे यहीं बड़े हुए हैं। हमने अपनी जिंदगी की पूरी कमाई इन घरों में लगा दी है। अब अगर घर टूट गया तो हम कहां जाएंगे?” फिलहाल अली गांव में लोगों के बीच अपने आशियाने को लेकर डर और चिंता का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग प्रशासन से न्याय, सुनवाई और उचित समाधान की मांग कर रहे हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन स्थानीय लोगों की शिकायतों और दस्तावेजों की जांच के बाद क्या कदम उठाता है।
    1
    सरिता विहार, अली गांव वार्ड नंबर 186 ओखला विधानसभा, दिल्ली

दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली गांव में मकानों पर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में डर और नाराजगी का माहौल है। लोगों का आरोप है कि जिन घरों में वे पिछले 40 से 50 वर्षों से रह रहे हैं, अब उन्हीं मकानों को खाली करने के नोटिस दिए जा रहे हैं और जल्द कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि चार से पांच पीढ़ियां इसी जगह रहते हुए गुजर गईं। इसी जमीन पर परिवार बसे, बच्चे बड़े हुए, शादियां हुईं और लोगों ने अपनी जिंदगी भर की कमाई लगाकर अपने आशियाने तैयार किए।
लेकिन अब कार्रवाई की आशंका ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर उनके मकान हटाए जाते हैं तो उनके पास रहने के लिए कोई दूसरा ठिकाना नहीं बचेगा।
लोगों का एक बड़ा सवाल यह भी है कि अगर यह जमीन उस समय उत्तर प्रदेश के क्षेत्र में आती थी और उस दौरान यहां रहने वाले लोगों से दिल्ली के नाम पर वोट लिया जाता था, तो अब इतने वर्षों बाद उनके मकानों और जमीन को लेकर सवाल क्यों खड़े किए जा रहे हैं? यह स्थानीय लोगों का सवाल है, जिसका जवाब संबंधित प्रशासन और अधिकारियों से अपेक्षित है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि उन्हें मकान खाली करने के लिए बेहद कम समय दिया गया है। उनका कहना है कि प्रशासन को पहले उनके दस्तावेजों की जांच करनी चाहिए और प्रभावित परिवारों की बात सुननी चाहिए।
महिलाओं में भी अपने घर को लेकर गहरी चिंता दिखाई दे रही है। उनका कहना है कि उन्होंने घर बनाने में अपनी पूरी जिंदगी की पूंजी लगा दी। अगर मकान टूटता है तो परिवार सड़क पर आने की स्थिति में पहुंच सकता है।
कुछ महिलाएं भावुक होकर अपने घर बचाने की गुहार लगाती नजर आईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन से अपील है कि लोगों की बात सुनी जाए और किसी भी कार्रवाई से पहले प्रभावित परिवारों की स्थिति, दस्तावेजों और पुनर्वास की संभावनाओं पर स्पष्ट जानकारी दी जाए।
स्थानीय लोगों का कहना है—
“हमारी चार-पांच पीढ़ियां यहां रह चुकी हैं। हमारे बच्चे यहीं बड़े हुए हैं। हमने अपनी जिंदगी की पूरी कमाई इन घरों में लगा दी है। अब अगर घर टूट गया तो हम कहां जाएंगे?”
फिलहाल अली गांव में लोगों के बीच अपने आशियाने को लेकर डर और चिंता का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग प्रशासन से न्याय, सुनवाई और उचित समाधान की मांग कर रहे हैं।
अब देखना होगा कि प्रशासन स्थानीय लोगों की शिकायतों और दस्तावेजों की जांच के बाद क्या कदम उठाता है।
    user_DD Express
    DD Express
    Local News Reporter सरिता विहार, दक्षिण पूर्व दिल्ली, दिल्ली•
    1 hr ago
  • फरीदाबाद मैराथन के लिए किए गए ख़ास इंतजाम रास्ते को सुंदर और साफ सुथरा रखें
    1
    फरीदाबाद मैराथन के लिए किए गए ख़ास इंतजाम रास्ते को सुंदर और साफ सुथरा रखें
    user_NCR LIVE NEWS
    NCR LIVE NEWS
    Local News Reporter सरिता विहार, दक्षिण पूर्व दिल्ली, दिल्ली•
    5 hrs ago
  • एक झपट्टा… महिला सड़क पर गिरी… बाइक से भागे 3 आरोपी, CCTV ने पहुंचाया पुलिस तक
    1
    एक झपट्टा… महिला सड़क पर गिरी… बाइक से भागे 3 आरोपी, CCTV ने पहुंचाया पुलिस तक
    user_सनसनी ऑफ़ इंडिया SANSANI
    सनसनी ऑफ़ इंडिया SANSANI
    Media house Sarita Vihar, South East Delhi•
    9 hrs ago
  • Gyanesh Kumar के विरोध में Congress का हल्लाबोल !! 10 News Network
    1
    Gyanesh Kumar के विरोध में Congress का हल्लाबोल !! 10 News Network
    user_10 News Network
    10 News Network
    Local News Reporter साकेत, दक्षिण दिल्ली, दिल्ली•
    16 hrs ago
  • दिल्ली पुलिस की वेस्टर्न रेंज में आज महिला जनप्रतिनिधियों के साथ ‘संवाद’ कार्यक्रम आयोजित किया गया ज्वाइंट सीपी वेस्टर्न रेंज सुमन गोयल और डीसीपी वेस्ट हर्षवर्धर वी. स्वामी ने महिला प्रतिनिधियों से बातचीत कर उनके इलाकों में अपराध और सुरक्षा से जुड़ी समस्याएं सुनीं। पुलिस अधिकारियों ने हर थाने में उपलब्ध पिंक बूथ और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। आपात स्थिति में 112, महिला सहायता के लिए 181, बच्चों की सहायता के लिए 1098 और साइबर अपराध की शिकायत के लिए 1930 पर संपर्क करने की अपील की गई।
    4
    दिल्ली पुलिस की वेस्टर्न रेंज में आज महिला जनप्रतिनिधियों के साथ ‘संवाद’ कार्यक्रम आयोजित किया गया
ज्वाइंट सीपी वेस्टर्न रेंज सुमन गोयल और डीसीपी वेस्ट हर्षवर्धर वी. स्वामी ने महिला प्रतिनिधियों से बातचीत कर उनके इलाकों में अपराध और सुरक्षा से जुड़ी समस्याएं सुनीं।
पुलिस अधिकारियों ने हर थाने में उपलब्ध पिंक बूथ और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। आपात स्थिति में 112, महिला सहायता के लिए 181, बच्चों की सहायता के लिए 1098 और साइबर अपराध की शिकायत के लिए 1930 पर संपर्क करने की अपील की गई।
    user_Inder Jeet
    Inder Jeet
    Appliance repair service मयूर विहार, पूर्वी दिल्ली, दिल्ली•
    20 hrs ago
  • कुतुब मीनार से लाडो सराय के बीच टूटी सड़क, धूल से परेशान लोग—कब होगा सड़क का निर्माण? कुतुब मीनार से लाडो सराय के बीच टूटी सड़क, धूल से परेशान लोग—कब होगा सड़क का निर्माण?
    1
    कुतुब मीनार से लाडो सराय के बीच टूटी सड़क, धूल से परेशान लोग—कब होगा सड़क का निर्माण?
कुतुब मीनार से लाडो सराय के बीच टूटी सड़क, धूल से परेशान लोग—कब होगा सड़क का निर्माण?
    user_Nirmal Kumar
    Nirmal Kumar
    Voice of people महरौली, दक्षिण दिल्ली, दिल्ली•
    52 min ago
  • उसे देश की गरीबी कभी खत्म नहीं हो सकती जहां पर आरक्षण जाति को देखकर दिया जाता है गरीबी के आधार पर आरक्षण मिलना चाहिए और सबका बराबर का अधिकार है क्योंकि गरीब हर जाति हर धर्म हर मजहब के लोगों में है.......
    1
    उसे देश की गरीबी कभी खत्म नहीं हो सकती जहां पर आरक्षण जाति को देखकर दिया जाता है गरीबी के आधार पर आरक्षण मिलना चाहिए और सबका बराबर का अधिकार है क्योंकि गरीब हर जाति हर धर्म हर मजहब के लोगों में है.......
    user_PUBLIC MEDIA NEWS
    PUBLIC MEDIA NEWS
    Local News Reporter South Delhi, Delhi•
    1 hr ago
  • अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास जमीन से जुड़े खसरा नंबर समेत कई दस्तावेज मौजूद हैं। इसके बावजूद उनके मकानों पर कार्रवाई की गई और मकानों को तोड़ दिया गया। लोगों का कहना है कि ये मकान झुग्गी-झोपड़ी नहीं थे, बल्कि कई मकान तीन से चार मंजिल तक बने हुए थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक, उन्होंने अपनी पूरी जमा पूंजी इन मकानों को बनाने में लगा दी थी। स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि जिस जमीन पर उनके मकान बने थे, उस जमीन को लेकर उनका मामला अदालत में विचाराधीन है। इसके बावजूद कार्रवाई किए जाने से लोगों में रोष है। लोग प्रशासन से सवाल कर रहे हैं कि जब उनके पास जमीन से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और मामला अदालत में चल रहा है, तो कार्रवाई किस आधार पर की गई। फिलहाल स्थानीय लोग अपने मकानों के टूटने के बाद प्रशासन से कार्रवाई का आधार स्पष्ट करने और मामले में उचित समाधान की मांग कर रहे हैं।
    1
    अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश
दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है।
अली विस्तार में फिर चला बुलडोजर, मकान टूटने से लोगों में आक्रोश
दिल्ली के सरिता विहार इलाके के अली विस्तार में एक बार फिर बुलडोजर कार्रवाई को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि उनके पास जमीन से जुड़े खसरा नंबर समेत कई दस्तावेज मौजूद हैं। इसके बावजूद उनके मकानों पर कार्रवाई की गई और मकानों को तोड़ दिया गया।
लोगों का कहना है कि ये मकान झुग्गी-झोपड़ी नहीं थे, बल्कि कई मकान तीन से चार मंजिल तक बने हुए थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक, उन्होंने अपनी पूरी जमा पूंजी इन मकानों को बनाने में लगा दी थी।
स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि जिस जमीन पर उनके मकान बने थे, उस जमीन को लेकर उनका मामला अदालत में विचाराधीन है। इसके बावजूद कार्रवाई किए जाने से लोगों में रोष है।
लोग प्रशासन से सवाल कर रहे हैं कि जब उनके पास जमीन से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और मामला अदालत में चल रहा है, तो कार्रवाई किस आधार पर की गई।
फिलहाल स्थानीय लोग अपने मकानों के टूटने के बाद प्रशासन से कार्रवाई का आधार स्पष्ट करने और मामले में उचित समाधान की मांग कर रहे हैं।
    user_DD Express
    DD Express
    Local News Reporter सरिता विहार, दक्षिण पूर्व दिल्ली, दिल्ली•
    1 hr ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.