मुंडावर: मसानी माता मेले में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब, रागनी कॉम्पिटिशन में झूम उठे श्रद्धालु मुंडावर: मसानी माता मेले में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब, रागनी कॉम्पिटिशन में जमकर झूमे श्रद्धालु मुंडावर। मुंडावर उपखंड के समीपवर्ती गांव में स्थित प्रसिद्ध मसानी माता मंदिर के प्रांगण में वार्षिक मेले का भव्य आयोजन किया गया। आस्था और लोक संस्कृति के इस संगम में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगना शुरू हो गया, जो देर शाम तक अनवरत जारी रहा। धार्मिक अनुष्ठान और आस्था की डगर श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में मत्था टेककर क्षेत्र की खुशहाली और सुख-समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर 'माता के जयकारों' से गुंजायमान रहा। दर्शन के पश्चात श्रद्धालुओं ने कतारबद्ध होकर प्रसाद ग्रहण किया। मेले में उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। रागनी कॉम्पिटिशन ने बांधा समां मेले का मुख्य आकर्षण 'रागनी कॉम्पिटिशन' रहा। इस प्रतियोगिता में दूर-दराज से आए कलाकारों ने अपनी लोक कला और मधुर भजनों के जरिए उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। रागनी गायकों के बीच हुई प्रतिस्पर्धा और उनके कटाक्षों का ग्रामीणों ने भरपूर आनंद लिया। कलाकारों की प्रस्तुतियों पर ग्रामीण झूमने को मजबूर हो गए। बच्चों के लिए रहा मनोरंजन का संगम मेले में सजी रंग-बिरंगी दुकानों पर बच्चों और महिलाओं की भारी भीड़ देखी गई। बच्चों ने जहां एक ओर मिट्टी और प्लास्टिक के खिलौनों की खरीदारी की, वहीं दूसरी ओर झूलों का जमकर आनंद उठाया। मेले में गुब्बारों, चाट-पकौड़ी और घरेलू सामान की दुकानों पर दिनभर रौनक बनी रही। ग्रामीणों की रही गरिमामय उपस्थिति इस अवसर पर गांव के गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में मातृशक्ति उपस्थित रही। ग्रामीणों ने बताया कि मसानी माता के प्रति लोगों की अटूट श्रद्धा है और यह मेला आपसी भाईचारे और सांस्कृतिक धरोहर को संजोए रखने का एक बड़ा माध्यम है।
मुंडावर: मसानी माता मेले में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब, रागनी कॉम्पिटिशन में झूम उठे श्रद्धालु मुंडावर: मसानी माता मेले में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब, रागनी कॉम्पिटिशन में जमकर झूमे श्रद्धालु मुंडावर। मुंडावर उपखंड के समीपवर्ती गांव में स्थित प्रसिद्ध मसानी माता मंदिर के प्रांगण में वार्षिक मेले का भव्य आयोजन किया गया। आस्था और लोक संस्कृति के इस संगम में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगना शुरू हो गया, जो देर शाम तक अनवरत जारी रहा। धार्मिक अनुष्ठान और आस्था की डगर श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में मत्था टेककर क्षेत्र की खुशहाली और सुख-समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर 'माता के जयकारों' से गुंजायमान रहा। दर्शन के पश्चात श्रद्धालुओं ने कतारबद्ध होकर प्रसाद ग्रहण किया। मेले में उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। रागनी कॉम्पिटिशन ने बांधा समां मेले का मुख्य आकर्षण 'रागनी कॉम्पिटिशन' रहा। इस प्रतियोगिता में दूर-दराज से आए कलाकारों ने अपनी लोक कला और मधुर भजनों के जरिए उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। रागनी गायकों के बीच हुई प्रतिस्पर्धा और उनके कटाक्षों का ग्रामीणों ने भरपूर आनंद लिया। कलाकारों की प्रस्तुतियों पर ग्रामीण झूमने को मजबूर हो गए। बच्चों के लिए रहा मनोरंजन का संगम मेले में सजी रंग-बिरंगी दुकानों पर बच्चों और महिलाओं की भारी भीड़ देखी गई। बच्चों ने जहां एक ओर मिट्टी और प्लास्टिक के खिलौनों की खरीदारी की, वहीं दूसरी ओर झूलों का जमकर आनंद उठाया। मेले में गुब्बारों, चाट-पकौड़ी और घरेलू सामान की दुकानों पर दिनभर रौनक बनी रही। ग्रामीणों की रही गरिमामय उपस्थिति इस अवसर पर गांव के गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में मातृशक्ति उपस्थित रही। ग्रामीणों ने बताया कि मसानी माता के प्रति लोगों की अटूट श्रद्धा है और यह मेला आपसी भाईचारे और सांस्कृतिक धरोहर को संजोए रखने का एक बड़ा माध्यम है।
- वाल्मीकि सेना के नेतृत्व में आज नीमराना जिला कोटपुतली बहरोड़ में सफाई कर्मचारियों की समस्याओं और ठेका प्रथा बंद को लेकर एसडीएम साहब को सौंपा गया ज्ञापन।।। जिस दौरान वाल्मीकि सेना प्रमुख अनिल वाल्मीकि , संजय जयपुर,, प्रदीप सिंगेलिया,, विनोद वाल्मीकि , संजय वाल्मीकि ,, मनोज पार्षद बहरोड़,, चौखराम वाल्मीकि आदि वाल्मीकिसेना के लोग मौजूद रहे नीमराना नगर पालिका क्षेत्र में कार्यरत सफाई कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं के समाधान और ठेका प्रथा बंद की मांग को लेकर आज कर्मचारियों एवं उनके प्रतिनिधियों द्वारा उपखंड अधिकारी (SDM) को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कर्मचारियों ने बताया कि उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल रहा है, साथ ही ईपीएफ कटौती, साप्ताहिक अवकाश, और अन्य मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रखा जा रहा है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि ठेका व्यवस्था के तहत शोषण हो रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कर्मचारियों ने मांग की कि: समय पर पूरा वेतन दिया जाए ईपीएफ और अन्य सरकारी सुविधाएं लागू की जाएं साप्ताहिक अवकाश सुनिश्चित किया जाए और ठेका प्रथा बंद की जाय। समस्त कर्मचारियों ने वाल्मीकि सेना को आश्वाशन दिया कि अगर सरकार ने हमारी ठेका प्रथा बंद की मांग जल्द से जल्द नही मानी तो हमे चाहे जयपुर जाना पड़े या कहीं भी जाना पड़े हम चलने को तैयार है और ठेका प्रथा बंद करके ही दम लेंगे वाल्मीकि सेना ने भी ये ठान लिया है कि ठेका प्रथा बंद करवाने के लिए किसी भी हद तक गुजरना पड़े ठेका प्रथा कोबंद करवाके ही दम लेंगे,, वाल्मीकि सेना प्रमुख अनिल वाल्मीकि ने चेतावनी दि कि अगर मांग को जल्दी से जल्दी नही मानी गई तो आन्दोलन को और तेज किया जाएगा1
- मुंडावर में जन समस्याओं को लेकर नागरिकों ने उठाई आवाज, उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन संवाददाता देवराज मीना मुंडावर आज मुंडावर कस्बे में जन समस्याओं को लेकर एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। नगर पालिका क्षेत्र के नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों ने एकजुट होकर उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग की। ज्ञापन में मुख्य रूप से साफ-सफाई, पेयजल व्यवस्था, सीवरेज, सड़कों की मरम्मत, स्ट्रीट लाइट सहित अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। नागरिकों ने बताया कि लंबे समय से इन समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है, जिससे आमजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस दौरान चेयरमैन प्रतिनिधि सोनू भारद्वाज, पूर्व प्रधान ईश्वर सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष विजय सांवरिया, पंकज शर्मा, राजेश शर्मा, धर्मेंद्र सिंगल, किशन लाल सांवरिया, रंजीत मीणा, रामनिवास गुर्जर, दयाराम गुर्जर, बलवीर गुर्जर (प्रधान), सोमपाल गुर्जर, चंद्रकांत कौशिक, लालाराम गुप्ता, कपिल सिंधी, सीताराम मुंशी सहित नगर पालिका क्षेत्र के अनेक जनप्रतिनिधि एवं समाज के गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में प्रशासन से मांग की कि जन समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाए, अन्यथा आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।1
- Post by संवाददाता दैनिक कंचन केसरी1
- एस्टेमो इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, नीमराना द्वारा मंगलवार को सड़क सुरक्षा को लेकर एक जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। कंपनी की सीएसआर पहल के तहत आयोजित इस अभियान का नाम “अलर्ट टुडे, अलाइव टुमॉरो” रखा गया, जिसका उद्देश्य आमजन और वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि साइट हेड नोबुहीरो तोजो ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में नीमराना थाना प्रभारी राजेश मीणा, संतोषी होरा (जीएम), विपिन गोयल (एचआर हेड), सत्येंद्र यादव (एचआर), युधिष्ठिर यादव (ईएचएस), विकास चौधरी (ईएचएस) और शामिकसा (ईएचएस) मौजूद रहे। अभियान के तहत सड़क पर रेडियम टेप लगाकर रात के समय वाहनों की दृश्यता बढ़ाने का प्रयास किया गया। साथ ही दुपहिया वाहन चालकों को 101 हेलमेट वितरित कर उन्हें हेलमेट पहनने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के दौरान लोगों को सड़क सुरक्षा नियमों की जानकारी दी गई और तेज गति से वाहन चलाने के खतरों के बारे में जागरूक किया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन मॉर्निंग ग्लोरी पब्लिक एसोसाइटी द्वारा किया गया, जिसमें इंचार्ज सलोनी सिंगल, श्याम सुंदर और अतर सिंह ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को संदेश दिया गया कि — “रैश ड्राइविंग इज थ्रिलिंग, बट लीड्स टू किलिंग”, अर्थात तेज गति रोमांचक जरूर है, लेकिन यह जानलेवा साबित हो सकती है। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और दूसरों को भी जागरूक करने का संकल्प लिया।4
- जिला बचाओ संघर्ष समिति ने जाटव समाज की नव निर्वाचित कार्यकारिणी का किया नागरिक अभिनंदन खैरथल!जिला बचाओ संघर्ष समिति द्वारा विधायक दीपचंद खैरिया के सानिध्य में जाटव समाज संस्थान के रविवार को चुनी गई नई कार्यकारिणी का माला पहनाकर भव्य स्वागत किया व मिठाई खिलाकर मुंह मीठा कराया! धरना स्थल पर आयोजित स्वागत कार्यक्रम में बोलते हुए कहा की उनकी यह जीत सच्चाई की जीत है!समाज के लोगो ने शहर एवं समाज के विकास के नाम भारी मतो से जीता कर सत्ता में बैठे नेताओं को आइना दिखा दिया है!समाज के चुनावों में राजनैतिक लोगो का हस्तक्षेप को दरकिनार कर पूरे पैनल की पचंड जीत दर्ज कर यह भी दर्शा दिया की खैरथल की आम जनता के मन में गहरी टीस है! इस मौके पर नवनिर्वाचित अध्यक्ष राजेंद्र रसगोन ने कहा की जिस प्रकार मंडी अध्यक्ष के चुनावों में संघर्ष समिति से जुड़े प्रमुख नेता सर्वेश गुप्ता ने जीत हासिल कर सत्तारुड़ दल के नेताओं को करारा जबाब दिया अब हमारे समाज ने भी जीत हासिल कर मुंह तोड़ जबाब दें दिया है!उन्होंने कहा की जिला मुख्यालय को किसी भी क़ीमत पर खैरथल से बाहर नहीं ले जाने दिया जायेगा! कार्यक्रम में बोलते हुए पूर्व पार्षद एवं संरक्षक पद पर विजेता हुए रामचंदर कामरेड ने मंच से सरकार व भाजपा नेताओं को खुली चेतावनी दी की खैरथल शहर का विनाश करने वाले लोगो लगातार दो बार सबक दें दिया है आगे होने वाले नगर निकाय चुनावों में भी भाजपा का सूपड़ा साफ कर दिया जायेगा! विदित रहे इस पैनल के अधिकांश सदस्य जिला बचाओ आंदोलन में सर्किय रूप से भागीदारी निभा रहे है! इस मौके पर जाटव समाज के मम्मन राम जिलोता वाले, मातादीन बिसारिया, प्रमोद ठेकेदार, राजु, बुधसिंह ठेकेदार, मनोज बुराहड़िया, प्रहलाद कुमार, तिलक राज, कालूराम, रामरतन सहित संघर्ष समिति के गिरीश डाटा व्यापार समिति अध्यक्ष सर्वेश गुप्ता ,मास्टर शिवचरण गुप्ता, महिला नेत्री निक्की प्रजापत ने भी विचार रखे!1
- पूरे भारत में सोने चांदी की स्थिति में उतार चढ़ाव देखने को दर्ज देखा जा रहा है चांदी का भाव 410000 से गिरकर 2 लाख पर आ गया सोने का भाव भी ₹12000 गिरकर सस्ता हुआ है और लगातार घट और बढ़ रहा है इसलिए सोना खरीदने से अभी रुक शायद ही है वह डाउन जा सकता है |1
- Post by Sachin kumar1
- वाल्मीकि सेना के नेतृत्व में आज नीमराना जिला कोटपुतली बहरोड़ में सफाई कर्मचारियों की समस्याओं और ठेका प्रथा बंद को लेकर एसडीएम साहब को सौंपा गया ज्ञापन।।। जिस दौरान वाल्मीकि सेना प्रमुख अनिल वाल्मीकि , संजय जयपुर,, प्रदीप सिंगेलिया,, विनोद वाल्मीकि , संजय वाल्मीकि ,, मनोज पार्षद बहरोड़,, चौखराम वाल्मीकि आदि वाल्मीकिसेना के लोग मौजूद रहे नीमराना नगर पालिका क्षेत्र में कार्यरत सफाई कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं के समाधान और ठेका प्रथा बंद की मांग को लेकर आज कर्मचारियों एवं उनके प्रतिनिधियों द्वारा उपखंड अधिकारी (SDM) को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कर्मचारियों ने बताया कि उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल रहा है, साथ ही ईपीएफ कटौती, साप्ताहिक अवकाश, और अन्य मूलभूत सुविधाओं से भी वंचित रखा जा रहा है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि ठेका व्यवस्था के तहत शोषण हो रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कर्मचारियों ने मांग की कि: समय पर पूरा वेतन दिया जाए ईपीएफ और अन्य सरकारी सुविधाएं लागू की जाएं साप्ताहिक अवकाश सुनिश्चित किया जाए और ठेका प्रथा बंद की जाय। समस्त कर्मचारियों ने वाल्मीकि सेना को आश्वाशन दिया कि अगर सरकार ने हमारी ठेका प्रथा बंद की मांग जल्द से जल्द नही मानी तो हमे चाहे जयपुर जाना पड़े या कहीं भी जाना पड़े हम चलने को तैयार है और ठेका प्रथा बंद करके ही दम लेंगे वाल्मीकि सेना ने भी ये ठान लिया है कि ठेका प्रथा बंद करवाने के लिए किसी भी हद तक गुजरना पड़े ठेका प्रथा कोबंद करवाके ही दम लेंगे,, वाल्मीकि सेना प्रमुख अनिल वाल्मीकि ने चेतावनी दि कि अगर मांग को जल्दी से जल्दी नही मानी गई तो आन्दोलन को और तेज किया जाएगा2