गढ़ी में गोलीकांड के मुख्य आरोपित पुलिस पकड़ से दूर, पांच छोटे आरोपित पकड़े जानलेवा हमले में घायल दो भाइयों का इलाज जारी, परिवार बोला - हमें जान का खतरा सेक्टर-93 थाना क्षेत्र के गांव गढ़ी हरसरू में जमीन विवाद में गोली मारने के मामले में मुख्य आरोपित अभी भी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पुलिस ने भले ही पांच लोगों को पकड़ने का दावा किया हो, लेकिन पीड़ित परिवार का कहना है कि पकड़े गए सभी छोटे-मोटे लोग हैं, जबकि गोली चलाने वाले और साजिश रचने वाले मुख्य आरोपित खुलेआम घूम रहे हैं। गौरतलब है कि 10 अक्टूबर की सुबह गांव में 35 से 40 लोगों ने ट्रैक्टर, जेसीबी और 5-6 गाड़ियों के साथ खेत पर कब्जा करने की कोशिश की थी। विरोध करने पर भीड़ में से एक युवक ने पिस्टल से 4-5 राउंड फायर कर दिए थे। एक गोली दिनेश शर्मा के पेट में लगी थी, जबकि उनके भाई भानू प्रताप के दोनों पैर लाठी-डंडों से तोड़ दिए गए थे। दोनों का अभी भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। दिनेश के बेटे मोहित शर्मा ने शिकायत में बताया था कि उनके दादा के भाई अशोक शर्मा ने अपना हिस्सा पवन बुढ़ेड़ा को बेच दिया है, जबकि जमीन की तकसीम को लेकर कोर्ट में मामला चल रहा था। आरोप है कि 9 अक्टूबर की रात ही आरोपितों ने जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और 10 अक्टूबर की सुबह करीब 4 बजे दिनेश शर्मा जब रोज की तरह खेत में घूमने गए तो उन्हें घेर लिया गया। शोर सुनकर बेटा और भाई भानू प्रताप पहुंचे तो उन पर जानलेवा हमला कर दिया गया। शिकायत में अशोक शर्मा, गजेंद्र शर्मा, हेमंत, दीपक, पवन, मनीष, डैनी वजीरपुर सहित 30-32 लोगों को नामजद किया गया था। भागते समय आरोपितों का एक सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया था। इस मामले में सेक्टर-93 चौकी प्रभारी एसआई विनोद कुमार ने बताया कि मामले में पांच लोगों को पकड़ा जा चुका है और मुख्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। वहीं पीड़ित परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। परिवार का कहना है कि पुलिस ने जिन्हें पकड़ा है, वे सिर्फ भीड़ का हिस्सा थे। परिवार को जान का डर सता रहा है।
गढ़ी में गोलीकांड के मुख्य आरोपित पुलिस पकड़ से दूर, पांच छोटे आरोपित पकड़े जानलेवा हमले में घायल दो भाइयों का इलाज जारी, परिवार बोला - हमें जान का खतरा सेक्टर-93 थाना क्षेत्र के गांव गढ़ी हरसरू में जमीन विवाद में गोली मारने के मामले में मुख्य आरोपित अभी भी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पुलिस ने भले ही पांच लोगों को पकड़ने का दावा किया हो, लेकिन पीड़ित परिवार का कहना है कि पकड़े गए सभी छोटे-मोटे लोग हैं, जबकि गोली चलाने वाले और साजिश रचने वाले मुख्य आरोपित खुलेआम घूम रहे हैं। गौरतलब है कि 10 अक्टूबर की सुबह गांव में 35 से 40 लोगों ने ट्रैक्टर, जेसीबी और 5-6 गाड़ियों के साथ खेत पर कब्जा करने की कोशिश की थी। विरोध करने पर भीड़ में से एक युवक ने पिस्टल से 4-5 राउंड फायर कर दिए थे। एक गोली दिनेश शर्मा के पेट में लगी थी, जबकि उनके भाई भानू प्रताप के दोनों पैर लाठी-डंडों से तोड़ दिए गए थे। दोनों का अभी भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। दिनेश के बेटे मोहित शर्मा ने शिकायत में बताया था कि उनके दादा के भाई अशोक शर्मा ने अपना हिस्सा पवन बुढ़ेड़ा को बेच दिया है, जबकि जमीन की तकसीम को लेकर कोर्ट में मामला चल रहा था। आरोप है कि 9 अक्टूबर की रात ही आरोपितों ने जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और 10 अक्टूबर की सुबह करीब 4 बजे दिनेश शर्मा जब रोज की तरह खेत में घूमने गए तो उन्हें घेर लिया गया। शोर सुनकर बेटा और भाई भानू प्रताप पहुंचे तो उन पर जानलेवा हमला कर दिया गया। शिकायत में अशोक शर्मा, गजेंद्र शर्मा, हेमंत, दीपक, पवन, मनीष, डैनी वजीरपुर सहित 30-32 लोगों को नामजद किया गया था। भागते समय आरोपितों का एक सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया था। इस मामले में सेक्टर-93 चौकी प्रभारी एसआई विनोद कुमार ने बताया कि मामले में पांच लोगों को पकड़ा जा चुका है और मुख्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। वहीं पीड़ित परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। परिवार का कहना है कि पुलिस ने जिन्हें पकड़ा है, वे सिर्फ भीड़ का हिस्सा थे। परिवार को जान का डर सता रहा है।
- गढ़ी में गोलीकांड के मुख्य आरोपित पुलिस पकड़ से दूर, पांच छोटे आरोपित पकड़े जानलेवा हमले में घायल दो भाइयों का इलाज जारी, परिवार बोला - हमें जान का खतरा सेक्टर-93 थाना क्षेत्र के गांव गढ़ी हरसरू में जमीन विवाद में गोली मारने के मामले में मुख्य आरोपित अभी भी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। पुलिस ने भले ही पांच लोगों को पकड़ने का दावा किया हो, लेकिन पीड़ित परिवार का कहना है कि पकड़े गए सभी छोटे-मोटे लोग हैं, जबकि गोली चलाने वाले और साजिश रचने वाले मुख्य आरोपित खुलेआम घूम रहे हैं। गौरतलब है कि 10 अक्टूबर की सुबह गांव में 35 से 40 लोगों ने ट्रैक्टर, जेसीबी और 5-6 गाड़ियों के साथ खेत पर कब्जा करने की कोशिश की थी। विरोध करने पर भीड़ में से एक युवक ने पिस्टल से 4-5 राउंड फायर कर दिए थे। एक गोली दिनेश शर्मा के पेट में लगी थी, जबकि उनके भाई भानू प्रताप के दोनों पैर लाठी-डंडों से तोड़ दिए गए थे। दोनों का अभी भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। दिनेश के बेटे मोहित शर्मा ने शिकायत में बताया था कि उनके दादा के भाई अशोक शर्मा ने अपना हिस्सा पवन बुढ़ेड़ा को बेच दिया है, जबकि जमीन की तकसीम को लेकर कोर्ट में मामला चल रहा था। आरोप है कि 9 अक्टूबर की रात ही आरोपितों ने जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और 10 अक्टूबर की सुबह करीब 4 बजे दिनेश शर्मा जब रोज की तरह खेत में घूमने गए तो उन्हें घेर लिया गया। शोर सुनकर बेटा और भाई भानू प्रताप पहुंचे तो उन पर जानलेवा हमला कर दिया गया। शिकायत में अशोक शर्मा, गजेंद्र शर्मा, हेमंत, दीपक, पवन, मनीष, डैनी वजीरपुर सहित 30-32 लोगों को नामजद किया गया था। भागते समय आरोपितों का एक सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया था। इस मामले में सेक्टर-93 चौकी प्रभारी एसआई विनोद कुमार ने बताया कि मामले में पांच लोगों को पकड़ा जा चुका है और मुख्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। वहीं पीड़ित परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। परिवार का कहना है कि पुलिस ने जिन्हें पकड़ा है, वे सिर्फ भीड़ का हिस्सा थे। परिवार को जान का डर सता रहा है।1
- करवा चौथ पर फरुखनगर बाजार में उमड़ी भीड़, अतिक्रमण से बिगड़ी यातायात व्यवस्था। फरुखनगर (जयप्रकाश शर्मा) करवाचौथ के पर्व को लेकर ऐतिहासिक शहर फरुखनगर के बाजार में बुधवार को खूब रौनक रही। सुहागिन महिलाओं की खरीदारी के लिए बाजार में दिनभर भीड़ उमड़ी, लेकिन त्योहार की बढ़ी भीड़ के बीच दुकानों के बाहर किए गए अतिक्रमण और अव्यवस्थित यातायात व्यवस्था ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। बाजार में कई दुकानदारों द्वारा दुकानों के बाहर 10 से 15 फुट तक सामान रखकर जगह घेरने की स्थिति सामने आई। इससे सड़क का काफी हिस्सा सामान से घिर गया और वाहनों व पैदल राहगीरों के लिए आवागमन की जगह कम हो गई। भीड़ बढ़ने के साथ कई स्थानों पर जाम जैसी स्थिति बनी, जिससे महिलाओं, बुजुर्गों और अन्य लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगरपालिका अधिकारियों को दुकानदारों को अपनी दुकानों और निर्धारित क्षेत्र की सीमा तक ही सामान रखने के लिए स्पष्ट निर्देश देने चाहिए। दुकानों के बाहर सड़क या सार्वजनिक रास्ते तक सामान फैलाने से बाजार की सड़कें संकरी हो जाती हैं और यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है। लोगों ने नगरपालिका प्रशासन से मांग की है कि बाजार का निरीक्षण कर दुकानों के बाहर किए गए अतिक्रमण को हटवाया जाए और दुकानदारों को निर्धारित सीमा में ही सामान रखने के लिए पाबंद किया जाए। लोगों का कहना है कि कार्रवाई केवल त्योहारों के समय नहीं, बल्कि नियमित रूप से होनी चाहिए, ताकि बाजार में स्थायी रूप से आवागमन सुचारु रह सके। करवा चौथ के चलते बाजार में चूड़ियों, कपड़ों, सौंदर्य प्रसाधन, मेहंदी, पूजा सामग्री और अन्य सामान की दुकानों पर विशेष भीड़ रही। स्थानीय लोगों ने मांग की कि करवा चौथ, दीपावली और अन्य प्रमुख त्योहारों के दौरान नगरपालिका व पुलिस प्रशासन की ओर से विशेष यातायात व्यवस्था और अतिक्रमण हटाने के लिए प्रभावी कार्रवाई की जाए।1
- गुरुग्राम पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1.25 करोड़ रुपये का 673 किलो गांजा बरामद गुरुग्राम पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1.25 करोड़ रुपये का 673 किलो गांजा बरामद राजीव चौक पर गांजे से भरा टाटा ट्रक पकड़ा, दो तस्कर गिरफ्तार प्लास्टिक दानों की बोरियों के नीचे छिपाकर ले जा रहे थे गांजे की खेप ओडिशा से राजस्थान के भिवाड़ी ले जाया जा रहा था गांजा दोनों आरोपियों को 10 दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा गया गांजे की सप्लाई के बदले मिलने थे दो लाख रुपये, तीसरी खेप पहुंचाने की कोशिश नाकाम ट्रक में प्लास्टिक दानों के 767 बैग के बीच छिपाया था गांजा, 23 बोरियों में मिली खेप क्राइम ब्रांच सेक्टर-65 की कार्रवाई, तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस आरोपियों की पहचान साबिर और सनावर के रूप में हुई, अन्य लोगों की तलाश जारी NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज, ओडिशा से भिवाड़ी तक फैले नेटवर्क की जांच। गुरुग्राम पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब सवा करोड़ रुपये कीमत का 673 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे टाटा ट्रक को कब्जे में लेकर उसके चालक और क्लीनर को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच के मुताबिक, आरोपी गांजे की इस खेप को ओडिशा से राजस्थान के भिवाड़ी ले जा रहे थे। हालांकि, गुरुग्राम के राजीव चौक के पास पुलिस की सतर्कता के चलते तस्करी की उनकी कोशिश नाकाम हो गई।1
- सैकड़ों पौधों से हरा-भरा होगा पिनंगवां खंड के तेड़ गांव का कब्रिस्तान सरपंच आरिफ की पहल से पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा, कब्रिस्तान में दिखेगी हरियाली पिनंगवां। पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने और हरियाली को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से पिनंगवां खंड के ग्राम पंचायत तेड में सरपंच द्वारा कब्रिस्तान में सैकड़ों पौधे लगाए गए हैं। इस पहल से आने वाले समय में कब्रिस्तान हरा-भरा नजर आएगा और आसपास के वातावरण को भी स्वच्छ बनाने में मदद मिलेगी। गांव में पौधारोपण की इस पहल को पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय कदम माना जा रहा है। पौधे बड़े होने के बाद कब्रिस्तान में हरियाली बढ़ेगी और लोगों को स्वच्छ एवं प्राकृतिक वातावरण मिलेगा। पेड़-पौधे पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने, वायु को शुद्ध करने और गर्मी के प्रभाव को कम करने में भी अहम भूमिका निभाते हैं। सरपंच की इस पहल से ग्रामीणों को भी पर्यावरण के प्रति जागरूक होने और अधिक से अधिक पौधे लगाने की प्रेरणा मिलेगी। पौधों की उचित देखभाल और नियमित पानी की व्यवस्था से यह प्रयास भविष्य में गांव की सुंदरता बढ़ाने के साथ पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।1
- नूंह भाजपा जिला कार्यालय में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ प्रेस कॉन्फ्रेंस, वरिष्ठ नेताओं का जमावड़ा नूंह मेवात। भाजपा जिला कार्यालय में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जा रही है। इसमें पलवल के पूर्व विधायक दीपक मंगला, भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह पिंटू, चौधरी जाकिर हुसैन, पूर्व डिप्टी स्पीकर चौधरी आजाद मोहम्मद, जिला प्रमुख जान मोहम्मद, चेयरमैन जाहिद हुसैन और भानी राम मंगला सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता पहुंच चुके हैं। पूर्व कृषि मंत्री एवं हरियाणा भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष ओमप्रकाश धनखड़ के पहुंचने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस शुरू होने की जानकारी दी गई है। सभी की नजरें प्रेस कॉन्फ्रेंस में नेताओं के संबोधन और उनके बयानों पर टिकी हैं।1
- श्रीमद्भागवत कथा का चौथा दिन भी उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ दिल्ली के द्वारका राजनगर दादा देव मंदिर के मेला ग्राउंड में भव्य श्री मद्भागवत कथा का विशाल आयोजन किया गया है। भाईचारा सेवा समिति चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा यहाँ विशाल भक्ति का समागम देखने को मिल रहा है। पूज्य देवी जी के प्रवचन से लोग भावविभोर हो रहे हैं। इस कार्यक्रम के अंत में विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है।1
- राजस्थान में सरपंच प्रत्याशी असलम खान की रैली, कुकरपरी गांव में जनसंपर्क के दौरान मिला लोगों का समर्थन संवाददाता। मुबारिक खान कीड़ानेर ग्राम पंचायत से सरपंच पद के उम्मीदवार असलम खान ने कुकरपरी गांव में रैली निकालकर जनसंपर्क किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से मुलाकात की और लोगों का समर्थन प्राप्त किया। रैली को लेकर गांव में चुनावी माहौल देखने को मिला। राजस्थान की कीड़ानेर ग्राम पंचायत में सरपंच पद के चुनाव को लेकर उम्मीदवारों की सक्रियता नजर आने लगी है। इसी कड़ी में सरपंच पद के उम्मीदवार असलम खान ने कुकरपरी गांव में रैली निकाली। रैली के दौरान उन्होंने गांव के लोगों से संपर्क किया और उनकी समस्याओं को सुना। इस दौरान ग्रामीणों की भागीदारी देखने को मिली। लोगों ने असलम खान का स्वागत किया और उनके साथ जनसंपर्क में हिस्सा लिया। गांव में निकाली गई इस रैली के जरिए असलम खान ने ग्रामीणों तक पहुंचने और अपनी बात रखने का प्रयास किया। पंचायत चुनाव में जनसंपर्क और ग्रामीणों से सीधा संवाद उम्मीदवारों के लिए अहम माना जाता है। अब चुनाव के दौरान सभी उम्मीदवारों की गतिविधियों और ग्रामीणों की प्रतिक्रिया पर नजर रहेगी।4
- वार्ड नंबर-1 में जनसंपर्क कर लोगों से संवाद कर रहे दलशेर खान, सड़क, शिक्षा और बिजली की समस्याओं को बताया प्रमुख मुद्दा संवाददाता। मुबारिक खान राजस्थान। जिला परिषद चुनाव को लेकर वार्ड नंबर-1 में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। कांग्रेस टिकट पर चुनाव मैदान में उतरी अपनी भाभी के समर्थन में दलशेर खान प्रचार में जुटे हुए हैं। वह क्षेत्र के गांवों में पहुंचकर लोगों से संपर्क कर रहे हैं और उनकी समस्याओं को सुन रहे हैं। दलशेर खान का दावा है कि उन्हें जनसंपर्क के दौरान लोगों का समर्थन मिल रहा है। दलशेर खान ने बताया कि उन्होंने अपनी भाभी को जिला परिषद चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर मैदान में उतारा है। उनका कहना है कि चुनाव लड़ने का उद्देश्य क्षेत्र के लोगों की समस्याओं को उठाना और उनके समाधान के लिए प्रयास करना है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोग लंबे समय से बुनियादी सुविधाओं की कमी से जूझ रहे हैं। ऐसे में सड़क, शिक्षा, बिजली और विकास कार्यों को प्राथमिकता देना जरूरी है।दलशेर खान के अनुसार, वार्ड के अंतर्गत आने वाले कई गांवों में सड़कों और रास्तों की हालत खराब है। जगह-जगह गड्ढे होने और कीचड़ जमा रहने से ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी होती है। बारिश के दौरान यह समस्या और बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि गांवों में बेहतर सड़क व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए प्रयास किए जाएंगे, ताकि लोगों को रोजमर्रा के आवागमन में राहत मिल सके।सुधार की जरूरत है। पिछड़ेपन के कारण कई लोगों, विशेषकर महिलाओं, को शिक्षा के पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाए हैं। ऐसे में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और बच्चों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराना जरूरी है। इसके साथ ही बिजली की समस्या और गांवों में विकास कार्यों की कमी भी प्रमुख मुद्दे हैं।दलशेर खान ने कहा कि उनकी भाभी क्षेत्र की जनता की आवाज उठाने और गांवों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास करेंगी। उन्होंने विकास कार्यों को गति देने, शिक्षा को बढ़ावा देने और बुनियादी सुविधाओं में सुधार को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल बताया।4