वाराणसी (Varanasi), उत्तर प्रदेश, भारत में आपके द्वारा पूछे गए स्थानों – संकुलधारा पोखरा और उमड़ी दर्शन/मंदिर – के बारे में जानकारी दी वाराणसी (Varanasi), उत्तर प्रदेश, भारत में आपके द्वारा पूछे गए स्थानों – संकुलधारा पोखरा और उमड़ी दर्शन/मंदिर – के बारे में जानकारी दी🕉️ Sankuldhara Pokhara — संकुलधारा पोखरा यह बेलूपुरा क्षेत्र, वाराणसी में स्थित एक प्राचीन पोखरा (तालाब) है, जो स्थानीय आस्था और धार्मिक गतिविधियों से जुड़ा हुआ माना जाता है। � Justdial यहाँ आसपास कुछ छोटे मंदिर और पूजा-स्थल हैं, और स्थानीय लोग इसे शांत वातावरण में ध्यान, पूजा या धार्मिक अनुष्ठानों के लिए भी आते हैं। � Justdial कुछ जानकारी के अनुसार संकुलधारा पोखरा का संबंध लोक परंपरा और पौराणिक कथाओं से भी जोड़ा जाता है, जैसे यहाँ पर पुराने समय में विशेष मेले या अनुष्ठान होते थे (जैसे कटहरिया/कष्टहरिया मेला)। � Facebook यह स्थान आमतौर पर भीड़-भाड़ वाला नहीं होता, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए पूजा या ध्यान के लिए शांति-पूर्ण स्थल जैसा है। 👉 दर्शन और पूजा: पोखरे को देखने से ज्यादा यहाँ का आध्यात्मिक माहौल और आसपास के छोटे-बड़े मंदिर का भक्ति अनुभव याद रहता है। 🛕 “उमड़ी दर्शन / उमड़ी मंदिर” आपके प्रश्न में “उमड़ी दर्शन मंदिर” जैसे शब्द हैं, लेकिन विशिष्ट नाम वाले “उमड़ी मंदिर” की स्थानीय वाराणसी में वैध जानकारी उपलब्ध नहीं मिली है। यह संभव है कि आपने किसी छोटे क्षेत्र, मोहल्ले या स्थानीय पूजा-स्थल का नाम गलत-सही रूप से लिखा हो या वह स्थान स्थानीय बोलचाल में “उमड़ी दर्शन/मंदिर” कहलाता हो।
वाराणसी (Varanasi), उत्तर प्रदेश, भारत में आपके द्वारा पूछे गए स्थानों – संकुलधारा पोखरा और उमड़ी दर्शन/मंदिर – के बारे में जानकारी दी वाराणसी (Varanasi), उत्तर प्रदेश, भारत में आपके द्वारा पूछे गए स्थानों – संकुलधारा पोखरा और उमड़ी दर्शन/मंदिर – के बारे में जानकारी दी🕉️ Sankuldhara Pokhara — संकुलधारा पोखरा यह बेलूपुरा क्षेत्र, वाराणसी में स्थित एक प्राचीन पोखरा (तालाब) है, जो स्थानीय आस्था और धार्मिक गतिविधियों से जुड़ा हुआ माना जाता है। � Justdial यहाँ आसपास कुछ छोटे मंदिर और पूजा-स्थल हैं, और स्थानीय लोग इसे शांत वातावरण में ध्यान, पूजा या धार्मिक अनुष्ठानों के लिए भी आते हैं। � Justdial कुछ जानकारी के अनुसार संकुलधारा पोखरा का संबंध लोक परंपरा और पौराणिक कथाओं से भी जोड़ा जाता है, जैसे यहाँ पर पुराने समय में विशेष मेले या अनुष्ठान होते थे (जैसे कटहरिया/कष्टहरिया मेला)। � Facebook यह स्थान आमतौर पर भीड़-भाड़ वाला नहीं होता, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए पूजा या ध्यान के लिए शांति-पूर्ण स्थल जैसा है। 👉 दर्शन और पूजा: पोखरे को देखने से ज्यादा यहाँ का आध्यात्मिक माहौल और आसपास के छोटे-बड़े मंदिर का भक्ति अनुभव याद रहता है। 🛕 “उमड़ी दर्शन / उमड़ी मंदिर” आपके प्रश्न में “उमड़ी दर्शन मंदिर” जैसे शब्द हैं, लेकिन विशिष्ट नाम वाले “उमड़ी मंदिर” की स्थानीय वाराणसी में वैध जानकारी उपलब्ध नहीं मिली है। यह संभव है कि आपने किसी छोटे क्षेत्र, मोहल्ले या स्थानीय पूजा-स्थल का नाम गलत-सही रूप से लिखा हो या वह स्थान स्थानीय बोलचाल में “उमड़ी दर्शन/मंदिर” कहलाता हो।
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- वाराणसी: देर रात घर में घुसकर तीन लोगों पर जानलेवा हमला, गंभीर हालत में इलाज जारी वाराणसी। थाना बड़ागांव क्षेत्र के चक्का गांव में शनिवार देर रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई, जहां दो अज्ञात हमलावरों ने घर में घुसकर एक ही परिवार के तीन लोगों पर बेरहमी से हमला कर दिया। इस घटना में बुजुर्ग रामबली गिरी, उनकी बहू भाग्यश्री और एक रिश्तेदार की बेटी गंभीर रूप से घायल हो गईं। तीनों को सिर, हाथ और पैरों में गंभीर चोटें आई हैं, जिनका इलाज चल रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़ित रामबली गिरी पुत्र लखपत गिरी, निवासी चक्का, थाना बड़ागांव, ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि 14 फरवरी 2026 की रात करीब 1 से 1:30 बजे के बीच दो अज्ञात लोग उनके घर में जबरन घुस आए और बिना किसी चेतावनी के उन पर हमला कर दिया। शोर मचाने पर हमलावर मारपीट करते हुए मौके से फरार हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। पीड़ित परिवार का कहना है कि अचानक हुए इस हमले से वे बेहद भयभीत हैं और उन्हें अपनी जान का खतरा महसूस हो रहा है। थाना बड़ागांव पुलिस ने तहरीर के आधार पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 333 (गंभीर चोट पहुंचाना) और धारा 115(2) (जानबूझकर चोट पहुंचाना) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। मुकदमे की कंप्यूटर फीडिंग हेड मोहर्रिर नंदलाल यादव की देखरेख में आरक्षी रवि प्रकाश चौरसिया द्वारा की गई। मामले की जांच उपनिरीक्षक विवेकानंद द्विवेदी को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और संदिग्धों की तलाश के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं। जल्द ही हमलावरों की पहचान कर गिरफ्तारी की जाएगी। यह घटना न सिर्फ कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, बल्कि ग्रामीण इलाकों में बढ़ती आपराधिक घटनाओं को लेकर भी चिंता बढ़ा रही है। स्थानीय लोगों ने पुलिस से रात्रि गश्त बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।1
- Post by Sujit Kumar Singh2
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