छतरपुर जिले में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला से जुड़ा एक और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस नए वायरल वीडियो में कथित तौर पर "ट्रेलर है, पिक्चर अभी बाकी है, सुन लो कान खोलकर जलने वालों" लिखा दिखाई दे रहा है। यह वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में डॉ. कंचन शुक्ला की चर्चा और तेज हो गई है। इससे पहले भी डॉ. कंचन शुक्ला का एक वीडियो वायरल हुआ था। उस वीडियो में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला और सपा नेत्री ऊषा अहिरवार एक कार्यक्रम के दौरान बैंड-बाजे के बीच कथित रूप से बंदूक के साथ प्रदर्शन करती नजर आई थीं। उस वीडियो को लेकर भी सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं थीं और प्रशासनिक कार्रवाई की मांग भी उठी थी। अब दूसरे वीडियो के वायरल होने के बाद लोगों के बीच यह चर्चा है कि जिला प्रशासन और पुलिस इस पूरे मामले में क्या रुख अपनाते हैं। प्रशासन की ओर से वायरल वीडियो की सत्यता और उसमें दिखाई गई परिस्थितियों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। फिलहाल, सभी की निगाहें कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक की संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं। यदि वायरल वीडियो में किसी नियम या आदेश का उल्लंघन पाया जाता है, तो प्रशासन द्वारा नियमानुसार कार्रवाई किए जाने की संभावना है। छतरपुर में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला से जुड़े लगातार दो वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। पहले बंदूक के प्रदर्शन वाले वीडियो और अब कथित चुनौतीपूर्ण संदेश वाले वीडियो ने प्रशासन के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह होगा कि जांच के बाद प्रशासन इस पूरे मामले में क्या कदम उठाता है।
छतरपुर जिले में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला से जुड़ा एक और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस नए वायरल वीडियो में कथित तौर पर "ट्रेलर है, पिक्चर अभी बाकी है, सुन लो कान खोलकर जलने वालों" लिखा दिखाई दे रहा है। यह वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में डॉ. कंचन शुक्ला की चर्चा और तेज हो गई है। इससे पहले भी डॉ. कंचन शुक्ला का एक वीडियो वायरल हुआ था। उस वीडियो में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला और सपा नेत्री ऊषा अहिरवार एक कार्यक्रम के दौरान बैंड-बाजे के बीच कथित रूप से बंदूक के साथ प्रदर्शन करती नजर आई थीं। उस वीडियो को लेकर भी सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं थीं और प्रशासनिक कार्रवाई की मांग भी उठी थी। अब दूसरे वीडियो के वायरल होने के बाद लोगों
के बीच यह चर्चा है कि जिला प्रशासन और पुलिस इस पूरे मामले में क्या रुख अपनाते हैं। प्रशासन की ओर से वायरल वीडियो की सत्यता और उसमें दिखाई गई परिस्थितियों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। फिलहाल, सभी की निगाहें कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक की संभावित कार्रवाई पर टिकी हैं। यदि वायरल वीडियो में किसी नियम या आदेश का उल्लंघन पाया जाता है, तो प्रशासन द्वारा नियमानुसार कार्रवाई किए जाने की संभावना है। छतरपुर में कांग्रेस नेत्री डॉ. कंचन शुक्ला से जुड़े लगातार दो वीडियो वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। पहले बंदूक के प्रदर्शन वाले वीडियो और अब कथित चुनौतीपूर्ण संदेश वाले वीडियो ने प्रशासन के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना यह होगा कि जांच के बाद प्रशासन इस पूरे मामले में क्या कदम उठाता है।
- मंगलवार को छतरपुर कलेक्ट्रेट परिसर में जनसुनवाई के दौरान जिला परियोजना अधिकारी (पीओ डूडा) साजिदा कुरैशी की सरकारी बोलेरो नियो गाड़ी लगभग डेढ़ से दो घंटे तक एसी चालू हालत में खड़ी रही। गाड़ी के चालक ने बताया कि अधिकारी के बाहर आने तक वाहन को ठंडा रखने के लिए एसी चलाया गया था। इस घटना को लेकर सरकारी ईंधन की बर्बादी और संसाधनों के दुरुपयोग पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। वहीं, पीओ डूडा साजिदा कुरैशी ने इस मामले पर अनभिज्ञता जताई और कहा कि इस संबंध में जांच कराई जाएगी। इस पूरे प्रकरण का एक वीडियो आज 3 जून को दोपहर करीब 4:30 बजे सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ है।1
- छतरपुर जिले के गौरिहार जनपद के ग्राम धावा से आए एक किसान ने कलेक्टर कार्यालय परिसर में धरना शुरू कर दिया है। किसान का आरोप है कि उसकी माता के निधन के बाद भी राजस्व रिकॉर्ड में उनकी जमीन का फौती नामांतरण नहीं किया गया, जिसके कारण उसे लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। धरने की सूचना मिलते ही तहसीलदार मौके पर पहुंचे और किसान को उसकी समस्या के समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद, किसान की मुलाकात कलेक्टर से भी कराई गई, जिन्होंने मामले की पूरी जांच कर उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। किसान चिलचिलाती धूप में भी अपने लिए न्याय की मांग कर रहा है।1
- छतरपुर के बड़ामलहरा थाना क्षेत्र में एक जिला बदल आरोपी द्वारा कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ाने का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि जिलाबदर अपराधी भरत यादव ने अपने दो बेटों, कल्लू यादव और जित्तू यादव के साथ मिलकर एक युवक पर जानलेवा हमला किया और घर के बाहर खड़ी एक फॉर्च्यूनर गाड़ी में जमकर तोड़फोड़ भी की। यह घटना 27 मई 2026 की रात करीब 10 बजे हुई, जब भरत यादव और उसके बेटे भारती बाई बेवा हरगोविंद राय के घर पहुंचे और उनके बेटे प्रहलाद राय से शराब पीने के लिए पैसे मांगने लगे। पैसे देने से इनकार करने पर आरोपियों ने प्रहलाद के साथ मारपीट शुरू कर दी और भरत यादव ने पत्थर से हमला कर प्रहलाद के चेहरे पर गंभीर चोट पहुंचाई। जब भारती बाई अपने बेटे को बचाने आईं, तो आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट की। पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना की शिकायत बड़ामलहरा थाने में दर्ज कराई गई थी, लेकिन अब तक पुलिस ने कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की है। वहीं, पीड़ित परिवार ने यह भी बताया है कि आरोपी पक्ष के कुछ लोग उन पर रिपोर्ट वापस लेने का दबाव बना रहे हैं और जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। भारती बाई ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि जिलाबदर होने के बावजूद क्षेत्र में सक्रिय भरत यादव और उसके साथियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और उनके परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए।1
- कलेक्टर विवेक श्रोत्रिय ने ग्राम पंचायत बम्होरी खास में जनसंवाद किया। इस संवाद का मुख्य उद्देश्य ग्राम पंचायत बम्होरी खास को कचरा प्रबंधन के क्षेत्र में एक अग्रणी पंचायत के रूप में विकसित करना है।1
- टीकमगढ़ में 03 जून 2026 को कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय ने ग्राम पंचायत बम्होरी खास (जनपद जतारा) का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने लोगों से संवाद कर ग्राम में स्वच्छता हेतु किए जा रहे प्रयासों की जानकारी प्राप्त की और ग्राम पंचायत द्वारा घर-घर से किए जा रहे कचरा संग्रहण तथा अपशिष्ट-निष्पादन प्रक्रिया की सराहना की। जन समुदाय ने कलेक्टर को बताया कि उनकी ग्राम पंचायत घर-घर से कचरा संग्रहण करा रही है और इसके लिए स्वच्छता कर भी लिया जा रहा है, जिसमें दुकानदार प्रतिमाह सहयोग कर रहे हैं। कलेक्टर श्री श्रोत्रिय ने लोगों को कचरे प्रबंधन का विस्तार पूरे गांव में करने की समझाइश दी, जिसमें कचरे को स्रोत पर ही अलग-अलग करने (प्लास्टिक, ऑर्गेनिक/खाद्य पदार्थ, और अन्य कचरा) पर जोर दिया गया। उन्होंने घर से निकलने वाले कचरे को संग्रहण वाहन में ही डालने, प्लास्टिक/पॉलीथिन का कम से कम इस्तेमाल करने, एक बार इस्तेमाल होने वाले प्लास्टिक से बचने और पुनः उपयोग में आने वाले सामान को अपनाने की सलाह दी। ग्रामीण पृष्ठभूमि को ध्यान में रखते हुए उन्होंने घरों में कंपोस्टिंग प्रक्रिया का उपयोग कर खाद बनाने की आदत डालने का भी सुझाव दिया, ताकि गोबर, बचे हुए भोजन के अवशेष, सब्जी, फूल, फल और पत्तों जैसे ऑर्गेनिक एवं घरेलू कचरे का सही उपयोग हो सके। इस अवसर पर कलेक्टर श्री विवेक श्रोत्रिय ने निर्देश दिए कि ग्राम पंचायत की यह जिम्मेदारी है कि घर-घर से कचरा संग्रहण सुनिश्चित करे और नियमित निरीक्षण कर जनपद पंचायत को रिपोर्ट दे। उन्होंने मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत और स्वयंसेवियों को मिलकर प्रति सप्ताह सफाई की स्थिति का जायजा लेने और ग्राम पंचायत/जन समुदाय के माध्यम से सफाई की बेहतर और नियमित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। भ्रमण के दौरान कलेक्टर श्री श्रोत्रिय एवं संबंधित अधिकारियों के समक्ष उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि वे अपनी ग्राम पंचायत बम्होरी खास को स्वच्छ पंचायत बनाएंगे, बाहर कचरा नहीं फेंकेंगे, प्लास्टिक/पॉलीथिन का कम से कम उपयोग करेंगे और ग्राम पंचायत का सहयोग करने हेतु नियमित रूप से स्वच्छता कर भी देते रहेंगे। इस अवसर पर प्रभारी जनपद सीईओ श्री अरविंद बोरकर, तहसीलदार श्री निशांत चौरसिया और जिला पंचायत के जिला समन्वयक श्री मनीष जैन भी उपस्थित रहे।1
- छतरपुर जिले के सटई थाना क्षेत्र में कांग्रेस नेत्री कंचन शुक्ला का शस्त्र प्रदर्शन करते हुए एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला सुर्खियों में है। इस घटना के बाद कांग्रेस नेत्री कंचन शुक्ला ने मंगलवार, 3 जून को दोपहर करीब 4:30 बजे छतरपुर में अपना पक्ष रखते हुए एक बयान जारी किया। कंचन शुक्ला ने अपने इस बयान के माध्यम से वायरल वीडियो को लेकर अपनी बात रखी और मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट की है। वीडियो के सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद से विभिन्न स्तरों पर इसकी चर्चा हो रही है, और अब लोगों की नजरें प्रशासन तथा पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।1
- छतरपुर जिले के राजनगर थाना क्षेत्र के तालाब मोहल्ला में बीती रात एक अज्ञात व्यक्ति ने घरों के बाहर खड़ी तीन गाड़ियों में आग लगा दी। इस वारदात में दो कारें पूरी तरह जलकर राख हो गईं, जबकि एक अन्य वाहन आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया। पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है। यह घटना देर रात करीब 2 बजे हुई, जब तालाब मोहल्ला निवासी इरफान खान, रमाकांत खरे और गुल्लू खान की गाड़ियां प्रतिदिन की तरह अपने घरों के बाहर खड़ी थीं और एक अज्ञात आरोपी ने उन्हें निशाना बनाया। पीड़ित इरफान खान ने बताया कि उनके छोटे भाई जाहिद ने रात 2 बजे फोन कर उन्हें आग लगने की सूचना दी। बाहर आकर देखने पर उन्होंने अपनी गाड़ियों को आग की लपटों में घिरा पाया। तत्काल डायल 112 और फायर ब्रिगेड को सूचित किया गया, जिन्होंने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया। आगजनी में रमाकांत खरे की वैगनआर कार और गुल्लू खान की अमेज कार पूरी तरह जलकर खाक हो गईं। इरफान खान की क्रूजर गाड़ी, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 5 लाख रुपये है, वह भी एक तरफ से काफी हद तक जल गई। जिस स्थान पर गाड़ियां खड़ी थीं, वहां कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा था। अब पुलिस आरोपी की पहचान कर उसे पकड़ने के लिए आसपास के मोहल्लों में लगे कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इस घटना ने स्थानीय पुलिस की रात्रि गश्त पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मोहल्ले के निवासियों का आरोप है कि पुलिस की सक्रियता में कमी के कारण अपराधी बेखौफ होकर ऐसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।4