जालौन जिले के कोंच नगर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परियोजना का शुभारंभ किया गया है। बुधवार सुबह 10 बजे क्षेत्रीय विधायक मूलचंद्र निरंजन ने मार्कण्डेश्वर तिराहे से पंचानन चौराहे तक लगभग 6 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली सड़क के चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण कार्य का विधिवत भूमि पूजन किया। यह सड़क, जो वर्तमान में 7 मीटर चौड़ी है, लगभग दो किलोमीटर लंबी होगी और इसे बढ़ाकर 10 मीटर किया जाएगा। विधायक मूलचंद्र निरंजन ने बताया कि यह मार्ग लंबे समय से जर्जर और क्षतिग्रस्त स्थिति में था, जिसके कारण राहगीरों और वाहन चालकों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों की इस लंबे समय से चली आ रही मांग को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और लोक निर्माण विभाग ने गंभीरता से लिया, जिसके परिणामस्वरूप इस परियोजना के लिए बजट स्वीकृत किया गया। इस चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण से न केवल आवागमन सुगम होगा, बल्कि यातायात भी अधिक सुरक्षित बनेगा और निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद सड़क को आधुनिक स्वरूप मिलेगा। यह मार्ग कोंच नगर की जीवनरेखा के रूप में जाना जाता है, जिसके किनारे गल्ला मंडी, ब्लॉक कार्यालय, राजकीय बीज गोदाम, महिला महाविद्यालय, कई पब्लिक स्कूल, पेट्रोल पंप, विवाह गृह, रेलवे स्टेशन और प्रमुख बाजार क्षेत्र स्थित हैं। साथ ही, यह सड़क शहर और आसपास के क्षेत्रों को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण बाईपास मार्ग के रूप में भी उपयोग की जाती है। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि सड़क चौड़ी होने से जाम की समस्या में काफी कमी आएगी, व्यापारिक और शैक्षणिक संस्थानों तक पहुंच आसान होगी, और इससे क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। भूमि पूजन कार्यक्रम में भाजपा नगर अध्यक्ष अंजू अग्रवाल, पालिकाध्यक्ष प्रदीप गुप्ता, लोक निर्माण विभाग के जेई नंदकिशोर और हेमंत, सुनील, सभासद अनिल कपूर, सीमा अहिरवार, दंगल यादव, माधव यादव, अशोक गुर्जर, अनिल अग्रवाल, ओम प्रकाश कुशवाहा, मनीष नगरिया, राजेश्वरी यादव, मधु सोनी, रोशनी सोनी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
जालौन जिले के कोंच नगर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण परियोजना का शुभारंभ किया गया है। बुधवार सुबह 10 बजे क्षेत्रीय विधायक मूलचंद्र निरंजन ने मार्कण्डेश्वर तिराहे से पंचानन चौराहे तक लगभग 6 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली सड़क के चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण कार्य का विधिवत भूमि पूजन किया। यह सड़क, जो वर्तमान में 7 मीटर चौड़ी है, लगभग दो किलोमीटर लंबी होगी और इसे बढ़ाकर 10 मीटर किया जाएगा। विधायक मूलचंद्र निरंजन ने बताया कि यह मार्ग लंबे समय से जर्जर और क्षतिग्रस्त स्थिति में था, जिसके कारण राहगीरों और वाहन चालकों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवासियों की इस लंबे समय से चली आ रही मांग को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और लोक निर्माण विभाग ने गंभीरता से लिया, जिसके परिणामस्वरूप इस परियोजना के लिए बजट स्वीकृत किया गया। इस चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण से न केवल आवागमन सुगम होगा, बल्कि यातायात भी अधिक सुरक्षित बनेगा और निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद सड़क को आधुनिक स्वरूप मिलेगा। यह मार्ग कोंच नगर की जीवनरेखा के रूप में जाना जाता है, जिसके किनारे गल्ला मंडी, ब्लॉक कार्यालय, राजकीय बीज गोदाम, महिला महाविद्यालय, कई पब्लिक स्कूल, पेट्रोल पंप, विवाह गृह, रेलवे स्टेशन और प्रमुख बाजार क्षेत्र स्थित हैं। साथ ही, यह सड़क शहर और आसपास के क्षेत्रों को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण बाईपास मार्ग के रूप में भी उपयोग की जाती है। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि सड़क चौड़ी होने से जाम की समस्या में काफी कमी आएगी, व्यापारिक और शैक्षणिक संस्थानों तक पहुंच आसान होगी, और इससे क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। भूमि पूजन कार्यक्रम में भाजपा नगर अध्यक्ष अंजू अग्रवाल, पालिकाध्यक्ष प्रदीप गुप्ता, लोक निर्माण विभाग के जेई नंदकिशोर और हेमंत, सुनील, सभासद अनिल कपूर, सीमा अहिरवार, दंगल यादव, माधव यादव, अशोक गुर्जर, अनिल अग्रवाल, ओम प्रकाश कुशवाहा, मनीष नगरिया, राजेश्वरी यादव, मधु सोनी, रोशनी सोनी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, भाजपा कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के कोंच में एक सड़क परियोजना का भूमि पूजन किया गया है। इस परियोजना के तहत मार्कण्डेश्वर से पंचानन तक की सड़क का चौड़ीकरण किया जाएगा, जिस पर लगभग 6 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है।1
- जालौन जिले की कोंच तहसील के ग्राम खैरी में विकास कार्यों में कथित फर्जीवाड़े का गंभीर आरोप लगाया गया है। इस मामले की जांच की मांग को लेकर उप-जिलाधिकारी (एसडीएम) को एक शिकायती पत्र सौंपा गया है।1
- आज हजारों की संख्या में छात्र कोटा में राहुल गांधी को सुनने के लिए इकट्ठा हुए। युवाओं का कहना है कि वे राहुल गांधी को अपनी आवाज़ मान रहे हैं। छात्रों का यह बड़ा हुजूम अपने आप में बहुत कुछ बयां कर रहा है।1
- जालौन विकासखंड के सालाबाद गाँव में पिछले 15 से 20 दिनों से गंभीर बिजली संकट बना हुआ है, जिससे ग्रामीणों के घरों में अंधेरा और चिंता व्याप्त है। ओवरलोड ट्रांसफार्मर, पुरानी बिजली लाइनें और टूटे खंभे ग्रामीणों के लिए बड़ी समस्या बन गए हैं। ग्रामीण बताते हैं कि दिन में चार से पांच बार बिजली लाइन टूट जाती है, जिससे फॉल्ट, तार टूटने या ट्रांसफार्मर में खराबी के कारण घंटों बिजली गुल रहती है। शिकायतों के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ है, जिससे लोगों में काफी नाराजगी है। गाँव के बीच लगे ट्रांसफार्मर के पास दुकान चलाने वाले एक दुकानदार ने बड़े हादसे की आशंका जताई है। उनका कहना है कि ट्रांसफार्मर में आए दिन स्पार्किंग होती है और कई बार आग भी लग चुकी है। दुकान तक आग की चिंगारियां पहुँचने का खतरा हमेशा बना रहता है, और आसपास लोगों की आवाजाही को देखते हुए, किसी भी दिन बड़े हादसे की संभावना है। इसके अतिरिक्त, 11 हजार वोल्ट की लाइन का एक खंभा कई महीनों से एक पेड़ के सहारे टिका हुआ है, जिससे तेज बारिश या आंधी आने पर उसके गिरने और बड़ी दुर्घटना होने का डर है। ग्रामीणों का आरोप है कि गाँव में बिजली का लोड लगातार बढ़ रहा है, लेकिन व्यवस्था पुरानी ही है। उनका कहना है कि अतिरिक्त ट्रांसफार्मर मौजूद होने के बावजूद उन्हें चालू नहीं किया गया है। यदि इन ट्रांसफार्मरों को संचालित कर दिया जाए, तो लोड कम हो सकता है और बार-बार होने वाले फॉल्ट से राहत मिल सकती है। कढ़ौरे कुशवाहा, महेंद्र पटेल, मनोहर कुशवाहा, संतोष कुशवाहा, वकील पटेल और गुड्डन पालीवाल सहित अन्य ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के उच्च अधिकारियों से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है, ताकि विभाग किसी बड़े हादसे के बाद जागने के बजाय पहले ही समस्या का समाधान कर सके।3
- जालौन जिले के कालपी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में बुधवार सुबह मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. हरिनन्दन प्रसाद के औचक निरीक्षण से अस्पताल कर्मियों में हड़कंप मच गया। सीएमओ सुबह करीब 8:45 बजे अस्पताल पहुंचे और बिना किसी पूर्व सूचना के ओपीडी, दवा वितरण कक्ष, महिला वार्ड सहित विभिन्न विभागों का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई कर्मचारी निर्धारित समय पर अनुपस्थित पाए गए, जिस पर सीएमओ ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पताल की साफ-सफाई, मरीजों के लिए उपलब्ध सुविधाएं, कूलर-पंखों की व्यवस्था और वार्डों की स्थिति का भी मूल्यांकन किया। सीएमओ ने मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया और कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस दौरान प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र के नियमित रूप से संचालित न होने की शिकायत भी सीएमओ के संज्ञान में आई। मामले को गंभीरता से लेते हुए, उन्होंने केंद्र संचालक को नोटिस जारी करने और दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही, सीएमओ ने अस्पताल परिसर की रंगाई-पुताई, भवन की मरम्मत और अन्य लंबित विकास कार्यों को शीघ्र पूरा कराने के आदेश भी दिए, ताकि मरीजों को स्वच्छ और बेहतर वातावरण मिल सके। औचक निरीक्षण के दौरान अस्पताल अधीक्षक डॉ. दिनेश बरदिया, डॉ. शेख शहरयार, डॉ. आदर्श गौतम, डॉ. अशोक चक्र, डॉ. विशाल सचान और डॉ. गरिमा सिंह सहित समस्त चिकित्सकीय एवं स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। सीएमओ की इस सख्ती के बाद अब लोगों की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि अस्पताल प्रशासन व्यवस्थाओं में कितना सुधार कर पाता है और मरीजों को स्वास्थ्य सेवाओं का कितना बेहतर लाभ मिल पाता है।2
- राजधानी लखनऊ में समाजवादी पार्टी (सपा) ने बुधवार को जिला मुख्यालय पर महंगाई, बेरोजगारी और बिगड़ती कानून व्यवस्था के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने पेट्रोल-डीजल-गैस के बढ़ते दामों, खाद्य एवं घरेलू वस्तुओं की कीमतों में लगातार हो रहे इजाफे, पेपर लीक, महंगी बिजली, महिला उत्पीड़न और फर्जी एनकाउंटर जैसे मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार की नीतियों से आम जनता त्रस्त है और महंगाई तथा बेरोजगारी ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द ठोस कदम नहीं उठाए तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। नेताओं ने दोहराया कि समाजवादी पार्टी जनता की आवाज उठाने और अन्याय के खिलाफ संघर्ष जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन जनता की समस्याओं को उजागर करने के लिए है और जब तक महंगाई व भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लगता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। इस प्रदर्शन में मोहनलालगंज के सांसद आर.के. चौधरी, लखनऊ जिला अध्यक्ष जय सिंह जयंत, समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव विजय सिंह यादव, जिला महासचिव शब्बीर खान, पूर्व राष्ट्रीय महिला सभा अध्यक्ष जूही सिंह, लखनऊ जिला अध्यक्ष महिला सभा प्रेमलता यादव और अनिल सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- उत्तर प्रदेश के जालौन जिले की कोंच तहसील के खैरी गांव में विकास कार्यों के नाम पर लाखों रुपये के कथित गबन और भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। ग्राम खैरी निवासी दीपेश कुमार और ग्राम कैथी निवासी प्रदीप कुमार ने बुधवार दोपहर 1:30 बजे एसडीएम कोंच को एक शिकायती पत्र सौंपकर मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि ग्राम पंचायत खैरी में क्षेत्र पंचायत द्वारा वर्ष 2024-25 के दौरान कई विकास कार्य कराए जाने का दावा किया गया, लेकिन मौके पर वास्तविकता में कोई कार्य नहीं हुआ। इसके बावजूद, संबंधित कार्यों का भुगतान निकाल लिया गया है। प्रार्थियों ने विशेष रूप से जलरोक बांध निर्माण कार्य का जिक्र किया, जिसके तहत गोपाल के खेत से देवगांव मेडे तक जलरोक बांध बनाने का कार्य दर्शाया गया है। इसका वर्क आईडी 3138006WC/958486255824133747 है और इस पर लगभग 5.02 लाख रुपये का भुगतान भी किया जा चुका है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि उन्होंने इस मामले की शिकायत पहले भी की थी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास कार्यों के नाम पर फर्जीवाड़ा करके सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया है। दोनों प्रार्थियों ने प्रदेश स्तरीय टीएससी अथवा चीफ टीएससी से इस कथित भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है, ताकि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।1
- जालौन जिले के कोंच तहसील क्षेत्र के ग्राम नरी निवासी मैथिलीशरण पुत्र रघुराज सिंह ने बुधवार दोपहर 1 बजे एसडीएम कोंच से गांव के सरकारी आम रास्ते पर अवैध अतिक्रमण किए जाने की शिकायत की है। उन्होंने एसडीएम को शिकायती पत्र देकर रास्ते को अतिक्रमण मुक्त कराने की गुहार लगाई है। मैथिलीशरण का आरोप है कि उनके घर के सामने से गुजरने वाले सरकारी खड़ंजा मार्ग पर पड़ोसी संतराम परिहार, तुलाराम और कलू ने उनकी गैरमौजूदगी में कथित रूप से जबरन पक्की लिड़ौरी बना ली है। यह निर्माण सार्वजनिक रास्ते पर किया गया है, जिससे ग्रामीणों के आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि आरोपित व्यक्ति रास्ते में भैंस समेत अन्य जानवर भी बांध देते हैं, जिससे मार्ग और अधिक संकरा हो जाता है तथा आने-जाने में काफी परेशानी होती है। ग्रामीण का कहना है कि जब उन्होंने रास्ते से अतिक्रमण हटाने की बात कही तो संबंधित लोग गाली-गलौज करने लगे और विवाद पर उतारू हो गए। मैथिलीशरण ने प्रशासन से मांग की है कि सरकारी आम रास्ते पर किए गए कथित अवैध अतिक्रमण की जांच कराकर उसे तत्काल हटवाया जाए, ताकि ग्रामीणों को निर्बाध आवागमन की सुविधा मिल सके। साथ ही, उन्होंने मामले में उचित कार्रवाई कर सार्वजनिक भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की भी मांग की है।1