किसानों ने सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, चेताया आंदोलन भारतीय किसान यूनियन ने उपजिलाधिकारी बिसवां को सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर आंदोलन की चेतावनी बिसवां (सीतापुर): भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की मासिक पंचायत बुधवार को तहसील परिसर बिसवां में आयोजित की गई। बैठक के उपरांत किसान नेताओं ने क्षेत्र की जनसमस्याओं और किसानों के मुद्दों को लेकर उपजिलाधिकारी (SDM) बिसवां को 13 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष मयंक सिंह चौहान ने कहा की ऑनलाइन खाद व्यवस्था बंद कराई जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारतीय किसान यूनियन के जिला मीडिया प्रभारी शुभम रस्तोगी ने कार्यकर्ताओं और किसानों को संबोधित करते हुए कहा, "आप लोग मेरा साथ दीजिए, मुझे अच्छी तरह पता है कि अधिकारियों से किस तरह काम निकलवाना है।" उन्होंने विश्वास दिलाया कि संगठन किसानों के हक की लड़ाई पूरी मजबूती से लड़ेगा। ज्ञापन में उठाई गईं प्रमुख मांगें: खाद एवं खाद बुकिंग: सहकारी समितियों में खाद आपूर्ति का समय नोटिस बोर्ड पर दर्ज किया जाए और किसानों द्वारा की गई बुकिंग में कोई कटौती न की जाए। बाढ़ व जलभराव की समस्याः बाढ़ प्रभावित किसानों की धान की फसल नष्ट होने पर राजस्व विभाग से सर्वे कराकर तत्काल मुआवजा दिया जाए। सड़क व निर्माण कार्य: बाछेपुर गांव से यादवपुरवा मार्ग पर जलभराव की समस्या दूर की जाए तथा ग्राम त्यौंला मजरा पुरवा में इंटरलॉकिंग कार्य कराया जाए। Devkalia मजरा कटयापुरवा में अधूरी पड़ी सड़क का निर्माण पूरा कराया जाए। स्वास्थ्य एवं बिजली सेवाएं: बिसवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में शासन के नियमों का उल्लंघन कर वर्षों से जमे अधीक्षक के तबादले/व्यवस्था सुधार की मांग की गई। साण्डा पावर हाउस से रात में होने वाली बिजली रोस्टिंग बंद करने और बाढ़ क्षेत्रों में दवा का छिड़काव कराने की मांग रखी गई। अन्य मांगें: राशन कार्ड में यूनिट बढ़ाने के नाम पर हो रही अवैध वसूली पर रोक, बाछेपुर के प्राथमिक विद्यालय में तत्काल शौचालय व बाउंडीवॉल का निर्माण कराने और मनरेगामजदूरों का बकाया भुगतान जल्द कराने की मांग शामिल है। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते इन मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय किसान यूनियन बिसवां तहसील में धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन व प्रशासन की होगी। इस दौरान तहसील अध्यक्ष शिवराज सिंह पटेल, प्रमोद कुमार वर्मा, सुशील राज, अहमद रज़ा, राममिलन यादव, कपिल वर्मा, अफसर नेता और आशाराम भारती समेत संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी व किसान मौजूद रहे। किसानों ने सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, चेताया आंदोलन भारतीय किसान यूनियन ने उपजिलाधिकारी बिसवां को सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर आंदोलन की चेतावनी बिसवां (सीतापुर): भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की मासिक पंचायत बुधवार को तहसील परिसर बिसवां में आयोजित की गई। बैठक के उपरांत किसान नेताओं ने क्षेत्र की जनसमस्याओं और किसानों के मुद्दों को लेकर उपजिलाधिकारी (SDM) बिसवां को 13 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष मयंक सिंह चौहान ने कहा की ऑनलाइन खाद व्यवस्था बंद कराई जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारतीय किसान यूनियन के जिला मीडिया प्रभारी शुभम रस्तोगी ने कार्यकर्ताओं और किसानों को संबोधित करते हुए कहा, "आप लोग मेरा साथ दीजिए, मुझे अच्छी तरह पता है कि अधिकारियों से किस तरह काम निकलवाना है।" उन्होंने विश्वास दिलाया कि संगठन किसानों के हक की लड़ाई पूरी मजबूती से लड़ेगा। ज्ञापन में उठाई गईं प्रमुख मांगें: खाद एवं खाद बुकिंग: सहकारी समितियों में खाद आपूर्ति का समय नोटिस बोर्ड पर दर्ज किया जाए और किसानों द्वारा की गई बुकिंग में कोई कटौती न की जाए। बाढ़ व जलभराव की समस्याः बाढ़ प्रभावित किसानों की धान की फसल नष्ट होने पर राजस्व विभाग से सर्वे कराकर तत्काल मुआवजा दिया जाए। सड़क व निर्माण कार्य: बाछेपुर गांव से यादवपुरवा मार्ग पर जलभराव की समस्या दूर की जाए तथा ग्राम त्यौंला मजरा पुरवा में इंटरलॉकिंग कार्य कराया जाए। Devkalia मजरा कटयापुरवा में अधूरी पड़ी सड़क का निर्माण पूरा कराया जाए। स्वास्थ्य एवं बिजली सेवाएं: बिसवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में शासन के नियमों का उल्लंघन कर वर्षों से जमे अधीक्षक के तबादले/व्यवस्था सुधार की मांग की गई। साण्डा पावर हाउस से रात में होने वाली बिजली रोस्टिंग बंद करने और बाढ़ क्षेत्रों में दवा का छिड़काव कराने की मांग रखी गई। अन्य मांगें: राशन कार्ड में यूनिट बढ़ाने के नाम पर हो रही अवैध वसूली पर रोक, बाछेपुर के प्राथमिक विद्यालय में तत्काल शौचालय व बाउंडीवॉल का निर्माण कराने और मनरेगामजदूरों का बकाया भुगतान जल्द कराने की मांग शामिल है। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते इन मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय किसान यूनियन बिसवां तहसील में धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन व प्रशासन की होगी। इस दौरान तहसील अध्यक्ष शिवराज सिंह पटेल, प्रमोद कुमार वर्मा, सुशील राज, अहमद रज़ा, राममिलन यादव, कपिल वर्मा, अफसर नेता और आशाराम भारती समेत संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी व किसान मौजूद रहे।
किसानों ने सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, चेताया आंदोलन भारतीय किसान यूनियन ने उपजिलाधिकारी बिसवां को सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर आंदोलन की चेतावनी बिसवां (सीतापुर): भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की मासिक पंचायत बुधवार को तहसील परिसर बिसवां में आयोजित की गई। बैठक के उपरांत किसान नेताओं ने क्षेत्र की जनसमस्याओं और किसानों के मुद्दों को लेकर उपजिलाधिकारी (SDM) बिसवां को 13 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष मयंक सिंह चौहान ने कहा की ऑनलाइन खाद व्यवस्था बंद कराई जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारतीय किसान यूनियन के जिला मीडिया प्रभारी शुभम रस्तोगी ने कार्यकर्ताओं और किसानों को संबोधित करते हुए कहा, "आप लोग मेरा साथ दीजिए, मुझे अच्छी तरह पता है कि अधिकारियों से किस तरह काम निकलवाना है।" उन्होंने विश्वास दिलाया कि संगठन किसानों के हक की लड़ाई पूरी मजबूती से लड़ेगा। ज्ञापन में उठाई गईं प्रमुख मांगें: खाद एवं खाद बुकिंग: सहकारी समितियों में खाद आपूर्ति का समय नोटिस बोर्ड पर दर्ज किया जाए और किसानों द्वारा की गई बुकिंग में कोई कटौती न की जाए। बाढ़ व जलभराव की समस्याः बाढ़ प्रभावित किसानों की धान की फसल नष्ट होने पर राजस्व विभाग से सर्वे कराकर तत्काल मुआवजा दिया जाए। सड़क व निर्माण कार्य: बाछेपुर गांव से यादवपुरवा मार्ग पर जलभराव की समस्या दूर की जाए तथा ग्राम त्यौंला मजरा पुरवा में इंटरलॉकिंग कार्य कराया जाए। Devkalia मजरा कटयापुरवा में अधूरी पड़ी सड़क का निर्माण पूरा कराया जाए। स्वास्थ्य एवं बिजली सेवाएं: बिसवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में शासन के नियमों का उल्लंघन कर वर्षों से जमे अधीक्षक के तबादले/व्यवस्था सुधार की मांग की गई। साण्डा
पावर हाउस से रात में होने वाली बिजली रोस्टिंग बंद करने और बाढ़ क्षेत्रों में दवा का छिड़काव कराने की मांग रखी गई। अन्य मांगें: राशन कार्ड में यूनिट बढ़ाने के नाम पर हो रही अवैध वसूली पर रोक, बाछेपुर के प्राथमिक विद्यालय में तत्काल शौचालय व बाउंडीवॉल का निर्माण कराने और मनरेगामजदूरों का बकाया भुगतान जल्द कराने की मांग शामिल है। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते इन मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय किसान यूनियन बिसवां तहसील में धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन व प्रशासन की होगी। इस दौरान तहसील अध्यक्ष शिवराज सिंह पटेल, प्रमोद कुमार वर्मा, सुशील राज, अहमद रज़ा, राममिलन यादव, कपिल वर्मा, अफसर नेता और आशाराम भारती समेत संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी व किसान मौजूद रहे। किसानों ने सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, चेताया आंदोलन भारतीय किसान यूनियन ने उपजिलाधिकारी बिसवां को सौंपा 13 सूत्रीय ज्ञापन, किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को लेकर आंदोलन की चेतावनी बिसवां (सीतापुर): भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की मासिक पंचायत बुधवार को तहसील परिसर बिसवां में आयोजित की गई। बैठक के उपरांत किसान नेताओं ने क्षेत्र की जनसमस्याओं और किसानों के मुद्दों को लेकर उपजिलाधिकारी (SDM) बिसवां को 13 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष मयंक सिंह चौहान ने कहा की ऑनलाइन खाद व्यवस्था बंद कराई जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान भारतीय किसान यूनियन के जिला मीडिया प्रभारी शुभम रस्तोगी ने कार्यकर्ताओं और किसानों को संबोधित करते हुए कहा, "आप लोग मेरा साथ दीजिए, मुझे अच्छी तरह पता है कि अधिकारियों से किस तरह काम निकलवाना है।" उन्होंने विश्वास दिलाया कि संगठन
किसानों के हक की लड़ाई पूरी मजबूती से लड़ेगा। ज्ञापन में उठाई गईं प्रमुख मांगें: खाद एवं खाद बुकिंग: सहकारी समितियों में खाद आपूर्ति का समय नोटिस बोर्ड पर दर्ज किया जाए और किसानों द्वारा की गई बुकिंग में कोई कटौती न की जाए। बाढ़ व जलभराव की समस्याः बाढ़ प्रभावित किसानों की धान की फसल नष्ट होने पर राजस्व विभाग से सर्वे कराकर तत्काल मुआवजा दिया जाए। सड़क व निर्माण कार्य: बाछेपुर गांव से यादवपुरवा मार्ग पर जलभराव की समस्या दूर की जाए तथा ग्राम त्यौंला मजरा पुरवा में इंटरलॉकिंग कार्य कराया जाए। Devkalia मजरा कटयापुरवा में अधूरी पड़ी सड़क का निर्माण पूरा कराया जाए। स्वास्थ्य एवं बिजली सेवाएं: बिसवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में शासन के नियमों का उल्लंघन कर वर्षों से जमे अधीक्षक के तबादले/व्यवस्था सुधार की मांग की गई। साण्डा पावर हाउस से रात में होने वाली बिजली रोस्टिंग बंद करने और बाढ़ क्षेत्रों में दवा का छिड़काव कराने की मांग रखी गई। अन्य मांगें: राशन कार्ड में यूनिट बढ़ाने के नाम पर हो रही अवैध वसूली पर रोक, बाछेपुर के प्राथमिक विद्यालय में तत्काल शौचालय व बाउंडीवॉल का निर्माण कराने और मनरेगामजदूरों का बकाया भुगतान जल्द कराने की मांग शामिल है। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि समय रहते इन मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो भारतीय किसान यूनियन बिसवां तहसील में धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन व प्रशासन की होगी। इस दौरान तहसील अध्यक्ष शिवराज सिंह पटेल, प्रमोद कुमार वर्मा, सुशील राज, अहमद रज़ा, राममिलन यादव, कपिल वर्मा, अफसर नेता और आशाराम भारती समेत संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी व किसान मौजूद रहे।
- बाराबंकी में चंद्रशेखर आजाद के काफिले पर हमले के विरोध में जोरदार प्रदर्शन, रवि रावत की रिपोर्ट बाराबंकी। चंद्रशेखर आजाद पर हुए हमले के विरोध में बुधवार को भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बाराबंकी में जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्र होकर नारेबाजी करते हुए जिला अधिकारी कार्यालय की ओर बढ़े। प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन पहले से सतर्क रहा और रास्ते में बैरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने चंद्रशेखर आजाद पर हुए हमले के विरोध में नाराजगी जताई और मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर आवाज उठाई। जैसे-जैसे प्रदर्शनकारी जिला अधिकारी कार्यालय की ओर बढ़े, पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी। रास्ते में लगाए गए बैरिकेडिंग के जरिए पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया। हालांकि, पुलिस प्रशासन की ओर से लगाए गए बैरिकेडिंग के बावजूद प्रदर्शनकारी किसी तरह जिला अधिकारी कार्यालय परिसर तक पहुंच गए। इसके बाद कुछ कार्यकर्ता सीधे कार्यालय के अंदर जाने का प्रयास करने लगे। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इसी दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। प्रदर्शन के दौरान काफी देर तक मौके पर माहौल गर्म रहा। पुलिसकर्मी प्रदर्शनकारियों को समझाने और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास करते नजर आए। वहीं, कार्यकर्ता अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी करते रहे। जिला अधिकारी कार्यालय परिसर में प्रदर्शनकारियों के पहुंचने के बाद पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया। कार्यकर्ताओं का कहना था कि चंद्रशेखर आजाद पर हुए हमले को लेकर संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। इसी मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन करते हुए प्रशासन तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास किया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की मौजूदगी के कारण जिला अधिकारी कार्यालय के आसपास भी पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस प्रशासन की ओर से प्रदर्शनकारियों को कार्यालय के अंदर जाने से रोकने का प्रयास किया गया। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच बहस और नोकझोंक की स्थिति बनी। पुलिसकर्मियों ने स्थिति को नियंत्रण में रखने का प्रयास जारी रखा। फिलहाल प्रदर्शन के दौरान सामने आए घटनाक्रम को लेकर इलाके में चर्चा बनी हुई है। प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बरती गई। प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई और चंद्रशेखर आजाद पर हुए हमले के मामले में कार्रवाई की मांग की।1
- मड़ोर गांव के पांच भाइयों की YouTube पर धूम, एक ही दिन में 20 लाख से ज्यादा व्यूज मड़ोर गांव के पांच भाइयों की YouTube पर धूम, एक ही दिन में 20 लाख से ज्यादा व्यूज सीमित संसाधनों और आर्थिक चुनौतियों के बीच नहीं छोड़ा हौसला, मेहनत और प्रतिभा के दम पर बनाई डिजिटल दुनिया में पहचान संवाददाता,, नरेश गुप्ता बिसवां, सीतापुर मड़ोर गांव। गांव की गलियों से निकलकर बड़े सपने देखने वाले पांच भाइयों ने अपनी मेहनत, लगन और प्रतिभा के दम पर YouTube की दुनिया में खास पहचान बनाई है। पांचों भाइयों के एक वीडियो को एक ही दिन में 20 लाख यानी 2 मिलियन से अधिक व्यूज मिलने के बाद परिवार में खुशी का माहौल है। इस उपलब्धि पर परिजन ही नहीं, बल्कि गांव के लोग भी गर्व महसूस कर रहे हैं। आर्थिक चुनौतियों के बीच पले-बढ़े इन भाइयों ने सीमित संसाधनों को अपनी कमजोरी नहीं बनने दिया। उन्होंने अपनी प्रतिभा को मंच देने के लिए YouTube का सहारा लिया और लगातार वीडियो बनाने व दर्शकों तक अपनी सामग्री पहुंचाने की कोशिश जारी रखी। शुरुआती दौर में सफलता आसानी से नहीं मिली, लेकिन पांचों भाइयों ने धैर्य बनाए रखा और मेहनत करते रहे। लगातार प्रयासों का नतीजा तब सामने आया, जब उनके वीडियो ने महज एक दिन में 20 लाख से अधिक व्यूज का आंकड़ा पार कर लिया। इतनी बड़ी संख्या में दर्शकों तक पहुंचने से पांचों भाइयों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर नई पहचान मिली। वहीं, उनके माता-पिता के लिए यह उपलब्धि वर्षों के संघर्ष और त्याग के बाद खुशी और गर्व का अवसर लेकर आई। गांव के युवाओं के लिए बने प्रेरणा पांचों भाइयों की सफलता अब गांव के अन्य युवाओं के लिए भी प्रेरणा बन रही है। उनकी कहानी बताती है कि प्रतिभा को सही मंच मिले और मेहनत लगातार जारी रहे तो सीमित साधनों के बावजूद आगे बढ़ने के अवसर बनाए जा सकते हैं। छोटे से गांव से शुरू हुआ उनका सफर अब लाखों दर्शकों तक पहुंच चुका है। माता-पिता का नाम रोशन करने वाली इस उपलब्धि से पूरा परिवार उत्साहित है। पांचों भाइयों ने अपनी मेहनत से यह साबित किया है कि सफलता के लिए केवल बड़े संसाधन ही जरूरी नहीं, बल्कि लक्ष्य के प्रति समर्पण, निरंतर प्रयास और खुद पर विश्वास भी महत्वपूर्ण है। मड़ोर गांव के इन पांच भाइयों की कहानी उन युवाओं के लिए संदेश है, जो संसाधनों की कमी के कारण अपने सपनों को पीछे छोड़ देते हैं। उनकी उपलब्धि दिखाती है कि छोटी शुरुआत भी बड़े मुकाम की नींव बन सकती है।1
- *5 बच्चों की सास का 20 साल छोटे दामाद पर दिल आ गया* *रातभर पंचायत चली, लेकिन दोनों को अलग नहीं कर पाई* *अब दोनों ने एकसाथ रहने का ऐलान कर दिया है* *मामला मैनपुरी, उत्तर प्रदेश का है।*1
- जरवल रोड थाना छेत्र में करंट लगने से एक युवक की दर्दनाक मौत का मामला सामने आया है। युवक घर बने बोर्ड में पंखा लगा रहा था, तभी अचानक करंट की चपेट में आ गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। जानकारी के अनुसार मृतक का नाम बृजेश कुमार (उम्र 28 वर्ष बताया जा रहा है। परिजन के अनुसार बृजेश बीना चप्पल पहने हुए बोर्ड में पंखा लगा रहा था, तभी करंट लगने से वह बोर्ड से चिपक गया आनन-फानन में परिजन उसे छुड़ाने दौड़े, लेकिन तब तक मौके पर ही उसकी मौत हो चुकी थी। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। सूचना पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।1
- Mashup Club में फिर सुलगा हुक्का, प्रशासन की सख्ती पर उठे सवाल लखनऊ। विभूतिखंड स्थित Summit Building के Mashup Club का एक वीडियो सामने आया है, 🚨ब्रेकिंग न्यूज़ | लखनऊ जिसमें क्लब के अंदर एक युवती कथित तौर पर हुक्का पीती नजर आ रही है। वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि युवती नेपाल की रहने वाली है। बताया जा रहा है कि पूर्व में JCP Law & Order बाबू कुमार (IPS) के निर्देश पर क्लबों में हुक्का संचालन के खिलाफ कार्रवाई की गई थी और हुक्के बरामद किए गए थे। इसके बावजूद Mashup Club से दोबारा हुक्का पीने का वीडियो सामने आने से कार्रवाई और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की मांग उठ रही है।1
- लखनऊ की बीकेटी विधानसभा व तहसील क्षेत्र के अकड़रिया गांव से दुघरा गांव को जोड़ने वाली सड़क #बरसात की वजह से #जर्जर, #सड़क पर बड़े-बड़े #गड्ढे, #जिम्मेदारों से #शिकायत के बाद भी #नहीं हो रहा है सड़क पर #काम, गढ्ढों में राहगीर गिरकर हो रहे #चोटिल, #जनप्रतिनिधि नहीं दे रहे #ध्यान जनता #परेशान.....!1
- कमर के पीछे सरकारी पिस्टल, ‘दबंग’ अंदाज में चौकी प्रभारी! वायरल वीडियो ने खड़े किए सुरक्षा पर सवाल लखनऊ। थाना हजरतगंज क्षेत्र की पार्क रोड पुलिस चौकी प्रभारी दिलशाद चौधरी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में चौकी प्रभारी सरकारी पिस्टल को कमर के पीछे लगाए हुए नजर आ रहे हैं। वीडियो को लेकर स्थानीय लोगों के बीच पुलिस की कार्यप्रणाली और हथियार रखने के तरीके को लेकर सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि पार्क रोड चौकी सिविल अस्पताल के सामने स्थित है और चौकी प्रभारी को अस्पताल परिसर में भी आना-जाना रहता है। ऐसे में मरीजों, तीमारदारों और चिकित्सकों के बीच सरकारी हथियार लेकर इस तरह चलने का वीडियो चर्चा का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिसकर्मियों से आमजन कानून और सुरक्षा व्यवस्था के नियमों का पालन करने की अपेक्षा करता है। ऐसे में यदि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा तरीका वास्तविक है, तो संबंधित अधिकारियों को इसकी जांच कर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। चौकी क्षेत्र मुख्यमंत्री आवास के नजदीक होने के कारण भी मामला सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण बताया जा रहा है। स्थानीय लोगों ने हजरतगंज पुलिस के उच्चाधिकारियों से वायरल वीडियो की सत्यता की जांच कराने तथा हथियार रखने के निर्धारित नियमों के अनुपालन की समीक्षा करने की मांग की है। लखनऊ। थाना हजरतगंज सिविल अस्पताल के सामने चौकी पर तैनात है दिलशाद चौधरी का नया तरीका पिस्टल लगाने का वीडियो वायरल1
- Mashup Club में फिर सुलगा हुक्का, प्रशासन की सख्ती पर उठे सवाल लखनऊ। विभूतिखंड स्थित Summit Building के Mashup Club का एक वीडियो सामने आया है, 🚨ब्रेकिंग न्यूज़ | लखनऊ जिसमें क्लब के अंदर एक युवती कथित तौर पर हुक्का पीती नजर आ रही है। वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि युवती नेपाल की रहने वाली है। बताया जा रहा है कि पूर्व में JCP Law & Order बाबू कुमार (IPS) के निर्देश पर क्लबों में हुक्का संचालन के खिलाफ कार्रवाई की गई थी और हुक्के बरामद किए गए थे। इसके बावजूद Mashup Club से दोबारा हुक्का पीने का वीडियो सामने आने से कार्रवाई और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की मांग उठ रही है।1
- लखनऊ में खौफनाक वारदात नहर पटरी पर मिला महिला का गला रेता शव, इलाके में दहशत लखनऊ के काकोरी थाना क्षेत्र अंतर्गत सिमरामऊ गांव में गुरुवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब नहर की पटरी पर एक अज्ञात महिला का गला रेता हुआ शव पड़ा मिला काकोरी इंस्पेक्टर सतीश चंद्र राठौर के मुताबिक मृतका की पहचान प्रेमा देवी 35 के रूप में हुई है सुबह करीब 7:00 बजे ग्रामीणों ने शव देखकर तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचना दी घटना की जानकारी मिलते ही काकोरी थाना पुलिस बाल के साथ मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है फॉरेंसिक टीम और पुलिस घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाने में लगी है महिला की शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं और पुलिस ने मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है।1