धोरीमन्ना क्षेत्र में राष्ट्रीय किसान संघ राजस्थान द्वारा पूनमाराम मांजू, जो पूर्व सरपंच प्रतिनिधि कोजा भी रह चुके हैं, को प्रदेश महामंत्री नियुक्त किए जाने पर व्यापक हर्ष और उत्साह का माहौल है। उनकी यह नियुक्ति किसानों की आवाज को मजबूत करने वाले एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखी जा रही है, क्योंकि मांजू लंबे समय से किसान हितों और सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। पूनमाराम मांजू पहले ग्राम पंचायत कोजा के सरपंच प्रतिनिधि के रूप में और भारतीय किसान संघ के ग्राम पंचायत कोजा सदस्य के तौर पर भी सक्रिय रहे हैं। वर्तमान में वे ग्राम सेवा सहकारी समिति कोजा के उपाध्यक्ष, गुरु जंभेश्वर सेवा संस्थान डारों की बेरी के कोषाध्यक्ष, गोसेवा संस्थान पाबू नाडा बूल के सचिव और महादेव सेवा संस्थान बूल के मानद सदस्य के रूप में निरंतर समाजसेवा कर रहे हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग में अपनी राजकीय सेवा के दौरान भी सफलतापूर्वक दायित्वों का निर्वहन किया और सेवानिवृत्ति के बाद भी किसान एवं समाजहित के कार्यों में सक्रिय बने हुए हैं। इस महत्वपूर्ण नियुक्ति पर समाज के विभिन्न संगठनों और ग्रामीणों ने राष्ट्रीय किसान संघ राजस्थान के अध्यक्ष भाखरराम खावा का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि एक कर्मठ, ईमानदार और समाजसेवी व्यक्तित्व को यह जिम्मेदारी सौंपकर संगठन को नई ऊर्जा मिली है। ग्रामीणों और किसान नेताओं ने विश्वास जताया है कि पूनमाराम मांजू अपने अनुभव, नेतृत्व क्षमता और समर्पण से किसानों की समस्याओं के समाधान हेतु प्रभावी ढंग से कार्य करेंगे और प्रदेश स्तर पर किसान हितों की आवाज को मजबूती से उठाएंगे। इस अवसर पर क्षेत्र के अनेक सामाजिक संगठनों, किसान प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल कार्यकाल की कामना की।
धोरीमन्ना क्षेत्र में राष्ट्रीय किसान संघ राजस्थान द्वारा पूनमाराम मांजू, जो पूर्व सरपंच प्रतिनिधि कोजा भी रह चुके हैं, को प्रदेश महामंत्री नियुक्त किए जाने पर व्यापक हर्ष और उत्साह का माहौल है। उनकी यह नियुक्ति किसानों की आवाज को मजबूत करने वाले एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखी जा रही है, क्योंकि मांजू लंबे समय से किसान हितों और सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। पूनमाराम मांजू पहले ग्राम पंचायत कोजा के सरपंच प्रतिनिधि के रूप में और भारतीय किसान संघ के ग्राम पंचायत कोजा सदस्य के तौर
पर भी सक्रिय रहे हैं। वर्तमान में वे ग्राम सेवा सहकारी समिति कोजा के उपाध्यक्ष, गुरु जंभेश्वर सेवा संस्थान डारों की बेरी के कोषाध्यक्ष, गोसेवा संस्थान पाबू नाडा बूल के सचिव और महादेव सेवा संस्थान बूल के मानद सदस्य के रूप में निरंतर समाजसेवा कर रहे हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग में अपनी राजकीय सेवा के दौरान भी सफलतापूर्वक दायित्वों का निर्वहन किया और सेवानिवृत्ति के बाद भी किसान एवं समाजहित के कार्यों में सक्रिय बने हुए हैं। इस महत्वपूर्ण नियुक्ति पर समाज के विभिन्न संगठनों और ग्रामीणों ने राष्ट्रीय किसान संघ राजस्थान
के अध्यक्ष भाखरराम खावा का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि एक कर्मठ, ईमानदार और समाजसेवी व्यक्तित्व को यह जिम्मेदारी सौंपकर संगठन को नई ऊर्जा मिली है। ग्रामीणों और किसान नेताओं ने विश्वास जताया है कि पूनमाराम मांजू अपने अनुभव, नेतृत्व क्षमता और समर्पण से किसानों की समस्याओं के समाधान हेतु प्रभावी ढंग से कार्य करेंगे और प्रदेश स्तर पर किसान हितों की आवाज को मजबूती से उठाएंगे। इस अवसर पर क्षेत्र के अनेक सामाजिक संगठनों, किसान प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल कार्यकाल की कामना की।
- लोहारवा से धोरीमन्ना जाने वाली सड़क, जो खरड़ की ओर जाती है, की दयनीय स्थिति देखकर लोगों में खासा रोष है। यह स्थिति गुड़ामालानी के वर्तमान विधायक और राजस्थान सरकार के मंत्री के.के. विश्नोई के उन दावों पर गंभीर सवाल उठाती है, जिनमें वे अपने भाषणों में गुड़ामालानी क्षेत्र में 300 सड़कें बनाने की बात करते हैं। पोस्ट में मंत्री विश्नोई के इन दावों को गलत बताते हुए आरोप लगाया गया है कि सड़कें भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी हैं। इसका मुख्य कारण मंत्री द्वारा सड़कों के कार्य अपने ठेकेदारों को दिया जाना बताया गया है। विधानसभा क्षेत्र में सड़कों की वास्तविक हालत, जिसमें लोहारवा-धोरीमन्ना सड़क भी शामिल है, उनके 300 सड़कों के दावे के बिल्कुल विपरीत है, और सड़क की स्थिति बेहद खराब है।1
- सीतामढ़ी के बथनाहा प्रखंड कार्यालय में नए प्रखंड भवन के निर्माण की शुरुआत से ही गंभीर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि निर्माण स्थल पर कीचड़ के ऊपर घटिया किस्म की ईंटों का उपयोग किया जा रहा है, जो इसकी गुणवत्ता पर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है। आरोपों के अनुसार, निर्माण कार्य के दौरान मौके पर कोई जिम्मेदार इंजीनियर भी मौजूद नहीं था, जिससे कार्य की देखरेख और मानकों के पालन पर संदेह पैदा होता है। इन शुरुआती अनियमितताओं के चलते भवन की गुणवत्ता और जनता के टैक्स के पैसे की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। यह पूछा जा रहा है कि क्या सरकारी योजनाओं में जनता के पैसे का खर्च इसी तरह होगा और क्या निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। पोस्ट में यह भी कहा गया है कि बथनाहा का यह प्रखंड विकास भवन 'भ्रष्टाचार की आड़ में' बन रहा है।1
- भीनमाल में श्री सावलाजी सेवा संस्थान घांची समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक शनिवार को स्थानीय घांची समाज न्याति नोहरा में आयोजित की गई। संस्थान अध्यक्ष बाबूलाल चौहान की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में समाज के शैक्षणिक, सामाजिक और संगठनात्मक विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। संस्थान के सचिव दिनेशकुमार भाटी ने बताया कि बैठक में समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से एक सम्मान समारोह आयोजित करने पर विचार-विमर्श हुआ। इसके साथ ही, युवाओं को शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में बेहतर मार्गदर्शन प्रदान करने के लिए एक करियर गाइड शिविर आयोजित करने की योजना पर भी विस्तृत चर्चा की गई। उपस्थित सदस्यों ने समाज के युवाओं को उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं और विभिन्न करियर विकल्पों के प्रति जागरूक बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया, जिस पर आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करने पर सहमति बनी। इस बैठक में राजमल चौहान, चुन्नीलाल चौहान, माधवाराम सोलंकी, मोहनलाल भाटी, भंवरलाल चौहान, मेघाराम चौहान, पारसमल चौहान, भीखाराम भाटी, दिनेश चौहान, कलाराम चौहान, मसराराम राठौड़, चतराराम चौहान, डायालाल चौहान, हीरालाल चौहान, थानाराम चौहान, कालुराम परमार, चंपालाल राठौड़, दलपत भाटी, कालुराम बोराणा, जुगराज चौहान, नारायण चौहान, घेवाराम मोदी, गणाराम राठौड़, बाबूलाल भाटी सहित बड़ी संख्या में समाज बंधुओं ने भाग लिया और समाज के विकास व एकजुटता को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि प्रतिभा सम्मान समारोह, करियर गाइड शिविर और समाजहित से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर अंतिम निर्णय लेने के लिए 28 जून को समाज की सामान्य सभा (जनरल बैठक) आयोजित की जाएगी। इस सभा में समाज के अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने का भी आह्वान किया गया है।1
- कोटा के तलवंडी स्थित आयुर्वेदिक महाविद्यालय ऑडिटोरियम में आयोजित अखिल भारतीय साहित्य परिषद के 9वें प्रदेश महाधिवेशन में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भारतीय साहित्य, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण में साहित्यकारों की भूमिका पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने जोर देकर कहा कि साहित्य केवल ज्ञान का स्रोत नहीं है, बल्कि समाज और राष्ट्र को नई दिशा देने वाली एक सशक्त शक्ति है। बिरला ने भारतीय साहित्य को देश की संस्कृति, परंपरा और जीवन मूल्यों का मजबूत आधार बताया, साथ ही कहा कि साहित्यकारों और लेखकों ने अपनी लेखनी के माध्यम से विभिन्न कालखंडों में भारतीय संस्कृति को संरक्षित और संवर्धित करने का महत्वपूर्ण कार्य किया है। लोकसभा अध्यक्ष ने आगे कहा कि साहित्य राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और आने वाली पीढ़ियों को उनकी जड़ों, संस्कृति और गौरवशाली विरासत से जोड़ता है। उन्होंने इस बात पर भी बल दिया कि साहित्य हमारी पहचान और सभ्यता को जीवंत बनाए रखने का एक सशक्त माध्यम है। वर्तमान समय में युवाओं को साहित्य से जुड़ने की आवश्यकता पर जोर देते हुए, बिरला ने कहा कि यह न केवल ज्ञान प्रदान करता है, बल्कि व्यक्ति में संवेदनशीलता, नैतिकता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना भी विकसित करता है। उन्होंने युवाओं से भारतीय साहित्य का अध्ययन कर जीवन के लिए सकारात्मक प्रेरणा प्राप्त करने का आह्वान किया। इस महाधिवेशन में प्रदेशभर से आए साहित्यकारों, शिक्षाविदों, बुद्धिजीवियों और साहित्य प्रेमियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान भारतीय साहित्य, भाषा और संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन को लेकर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने साहित्य साधकों के योगदान की सराहना करते हुए उन्हें समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।1
- राजस्थान के फायर ब्रांड नेता रविंद्र सिंह भाटी ने शिव में प्रदेश की सरकार को अनुष्ठान के माध्यम से जगाने का प्रयास किया है।1
- जालौर की न्यू रामदेव कॉलोनी में रात के समय रोड लाइटें बंद पाई गईं। यह अभी का नजारा है, जहाँ रात के अंधेरे में लाइटें गुल हैं।1
- राजस्थान के बाड़मेर जिले में एक बवंडर ने अपना विकराल रूप दिखाया। यह बवंडर सुबह 9.15 बजे के आसपास 80 से 100 की रफ्तार से आया, जिससे क्षेत्र में इसका प्रभाव देखने को मिला।1
- राजस्थान के चूरू जिले में एक तेज़ बवंडर तूफान देखा गया। इस दौरान हवा और आंधी की गति 80 से 100 तक रही।1