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कटिहार पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए ₹25 हजार के इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस बदमाश को एक हथियार और 31 कारतूस के साथ पकड़ा है। कटिहार पुलिस की इस कार्रवाई को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
लोकल 18 न्यूज़ कटिहार
कटिहार पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए ₹25 हजार के इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस बदमाश को एक हथियार और 31 कारतूस के साथ पकड़ा है। कटिहार पुलिस की इस कार्रवाई को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
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- बिहार के कटिहार जिले के मनिहारी प्रखंड स्थित दिलारपुर पंचायत के ऐतिहासिक पोसैया काली स्थान में हिंदू आस्था को ठेस पहुँचाने वाली एक बेहद शर्मनाक घटना सामने आई है। आरोप है कि राजकुमार यादव के पुत्र ने शराब के नशे में धुत होकर न सिर्फ माता काली की मूर्तियों और तस्वीरों को क्षतिग्रस्त कर फेंक दिया, बल्कि माता के पवित्र आसन पर पैर रखकर उनका घोर अपमान किया। इस घिनौनी हरकत के बाद से पूरे इलाके के ग्रामीणों में भारी आक्रोश और उबाल देखा जा रहा है। स्थानीय लोग इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए आरोपी की तुरंत गिरफ्तारी और उसके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।1
- हाल ही में दंडकोड़ा प्रखंड में शिक्षकों ने सांसद और वर्तमान विधायक दुलालचंद गोस्वामी को अपना सम्मान प्रदान किया। यह सम्मान समारोह पत्रकारों की उपस्थिति में संपन्न हुआ।1
- किशनगंज में लगभग चार दिन पहले गायब हुई एक 14 वर्षीय बच्ची का शव आज मिलने के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखा गया। बच्ची का शव मिलने के बावजूद किशनगंज सदर अस्पताल में लगभग आठ घंटे तक पोस्टमार्टम नहीं करवाया गया। इस गंभीर लापरवाही के विरोध में पीड़ित परिवार और आम नागरिकों ने सदर अस्पताल के सामने सड़क जाम कर संवैधानिक तरीके से प्रदर्शन किया। पीड़ित परिवार का कहना है कि जिस दिन बच्ची लापता हुई थी, उस दिन जब वे थाने में शिकायत दर्ज कराने गए, तो पुलिस कर्मियों ने यह कहकर टाल दिया कि बच्ची कहीं भाग गई होगी। पुलिस प्रशासन के इस उदासीन रवैये को लेकर आम नागरिकों और प्रशासन के बीच तीखी बहस और कहासुनी भी हुई। यह पूरी घटना प्रशासन की जवाबदेही पर प्रश्नचिह्न लगाती है, विशेषकर ऐसे समय में जब समाज में बच्चियों की सुरक्षा को लेकर संवेदनशीलता की अपेक्षा की जाती है।1
- कमजोर बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से एक समर कैंप का आयोजन किया गया है। इस शिविर का मुख्य लक्ष्य ऐसे बच्चों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराना है।1
- बिहार के कटिहार जिले के कोढ़ा प्रखंड स्थित पशु चिकित्सालय से एक बार फिर कुप्रबंधन और गरीब पशुपालकों के शोषण का मामला सामने आया है। आरोप है कि अस्पताल में आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता नहीं होने के कारण मरीजों को बाहर के बाजार से महंगी दवाएं खरीदने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जिससे गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। फुलडोवी गांव निवासी श्रवण मंडल ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि जब वे अपने पशु के इलाज के लिए कोढ़ा पशु चिकित्सालय पहुँचे, तो वहाँ मौजूद डॉक्टर विकास कुमार ने उन्हें अस्पताल में दवा उपलब्ध न होने की बात कहते हुए एक सादे कागज पर दवा का नाम लिखकर बाजार से खरीदकर लाने को कहा। श्रवण मंडल का कहना है कि एक गरीब व्यक्ति होने के नाते, उनके लिए महंगी दवाइयों को बाजार से खरीदना बेहद मुश्किल है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि क्षेत्र के कई अन्य पशुपालक भी इसी तरह की समस्या से जूझ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकार द्वारा पशु चिकित्सालयों में मुफ्त या सस्ती दवा उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है, लेकिन जमीनी स्तर पर इसका लाभ ज़रूरतमंदों तक नहीं पहुँच पा रहा है। इस स्थिति पर लोगों में गहरा आक्रोश है, और वे सवाल उठा रहे हैं कि आखिर गरीब लोग कब तक ऐसी व्यवस्था का खामियाजा भुगतते रहेंगे। मामले की गंभीरता को देखते हुए, जब पत्रकारों ने कोढ़ा पशु चिकित्सालय के प्रभारी से इस संबंध में प्रतिक्रिया लेने का प्रयास किया, तो उन्होंने कैमरे के सामने कुछ भी कहने से साफ इनकार कर दिया। हालाँकि, अनौपचारिक बातचीत में, डॉक्टर विकास कुमार ने स्वीकार किया कि जो दवाइयाँ अस्पताल में उपलब्ध नहीं होतीं, उन्हें मरीजों द्वारा बाहर से मंगवाया जाता है। इस घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और लोगों ने संबंधित विभाग से इस मामले की जाँच कर उचित कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर समय रहते व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो गरीब पशुपालकों की स्थिति और भी खराब हो सकती है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर क्या कदम उठाता है और क्या गरीबों को इस समस्या से राहत मिल पाती है या नहीं।1
- आर्थिक अपराध इकाई (EOU) की एक टीम ने मंगलवार को आजमनगर अंचल कार्यालय में विभिन्न अभिलेखों की गहन जांच की। यह कार्रवाई बिहार सरकार के राजस्व विभाग को मिली एक शिकायत के आधार पर की गई, जिसमें दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) मामलों में अनियमितता के गंभीर आरोप थे। जदयू नेता शिव अग्रवाल ने सालमारी स्थित ताहीरपुर मौजा की जमीन से जुड़े दाखिल-खारिज मामलों में अनियमितता का आरोप लगाते हुए बिहार सरकार के राजस्व मंत्रालय में शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी शिकायत में विशेष रूप से बताया गया था कि ताहीरपुर मौजा के दाखिल-खारिज से संबंधित छह अभिलेखों को आजमनगर के अंचल अधिकारी द्वारा बिना उचित कारण के रद्द कर दिया गया था। राजस्व मंत्री दिलीप जायसवाल ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए, आर्थिक अपराध इकाई के अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए। इन निर्देशों पर, EOU की टीम आजमनगर अंचल कार्यालय पहुंची और ताहीरपुर मौजा से संबंधित कई दाखिल-खारिज अभिलेखों की विस्तार से जांच की, साथ ही आवश्यक दस्तावेजों की प्रतियां अपने साथ ले गई। जांच के दौरान, आर्थिक अपराध इकाई के डीएसपी राकेश कुमार ने जानकारी दी कि राजस्व विभाग में एक विशेष आर्थिक अपराध जांच टीम का गठन किया गया है और आजमनगर में यह जांच उसी कड़ी का हिस्सा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद रिपोर्ट विभाग को सौंपी जाएगी। शिकायतकर्ता शिव अग्रवाल ने पुष्टि की कि उन्होंने ही राजस्व मंत्री के समक्ष यह मामला उठाया था, जिसके परिणामस्वरूप मंत्री ने आर्थिक अपराध इकाई को जांच के आदेश दिए। वर्तमान में, विभाग के अधिकारी जांच संबंधी दस्तावेज अपने साथ ले गए हैं और इस मामले की जांच प्रक्रिया अभी भी जारी है।1
- एक मामले पर राजनीतिक बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है। इसी कड़ी में अबू आज़मी ने पुलिस की कार्रवाई और सरकार की भूमिका पर गंभीर सवाल उठाए हैं।1
- कटिहार पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जहाँ नगर थाना पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे और 25 हजार रुपये के इनामी अपराधी अंकित चौहान को गिरफ्तार किया है। उसकी गिरफ्तारी अवैध हथियार और भारी मात्रा में कारतूस के साथ हुई है। पुलिस अधीक्षक शिखर चौधरी ने बताया कि गुप्त सूचना मिली थी कि नगर थाना क्षेत्र के डाइवर टोला स्थित संतोषी चौक के पास एक स्कॉर्पियो वाहन में सवार कुछ अपराधी किसी बड़ी वारदात की योजना बना रहे थे। इस सूचना के मिलते ही नगर थाना पुलिस और तकनीकी टीम ने संयुक्त रूप से छापेमारी की। पुलिस को देखते ही वाहन में सवार अपराधी भागने लगे, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर अंकित चौहान को मौके पर ही दबोच लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक लोडेड देशी पिस्टल, 31 जिंदा कारतूस, दो मोबाइल फोन और एक स्कॉर्पियो वाहन बरामद किया गया। गिरफ्तार आरोपी अंकित चौहान चर्चित धीरज साह हत्याकांड में वांछित था और उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी और अवैध हथियार रखने समेत कई गंभीर मामले दर्ज हैं। फिलहाल, पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके अन्य फरार साथियों की तलाश में लगातार छापेमारी अभियान चला रही है।2