संसद विवाद पर विपक्ष पर बरसे दीपक जायसवाल* *लोकतांत्रिक विरोध मर्यादा में हो, संसद और सनातन परंपराओं का सम्मान सर्वोपरि* *कोरबा (सुघर गांव)* । रायपुर संसद परिसर में विपक्ष के प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इसी क्रम में कोरबा के भाजपा पिछड़ा वर्ग सदस्य एवं एमसीबी जिला प्रभारी दीपक जायसवाल ने विपक्ष की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार सभी को है, लेकिन उसकी अभिव्यक्ति संसदीय मर्यादा और देश की सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के साथ होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि संसद केवल राजनीतिक संघर्ष का मंच नहीं, बल्कि लोकतंत्र की सर्वोच्च संस्था है, जिसकी गरिमा बनाए रखना प्रत्येक जनप्रतिनिधि का दायित्व है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष का हालिया प्रदर्शन राजनीतिक विरोध से आगे बढ़कर करोड़ों लोगों की धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला प्रतीत हुआ। उनका कहना है कि सनातन परंपराएं भारत की सांस्कृतिक पहचान हैं और उन्हें राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। दीपक जायसवाल ने कहा कि भाजपा राष्ट्रहित, लोकतांत्रिक मूल्यों और सांस्कृतिक अस्मिता के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से सकारात्मक, तथ्यपरक और जनहित आधारित राजनीति करने की अपील करते हुए कहा कि लोकतंत्र की मजबूती टकराव से नहीं, बल्कि संवाद, मर्यादा और राष्ट्रीय हित को सर्वोच्च रखने से सुनिश्चित होती है।
संसद विवाद पर विपक्ष पर बरसे दीपक जायसवाल* *लोकतांत्रिक विरोध मर्यादा में हो, संसद और सनातन परंपराओं का सम्मान सर्वोपरि* *कोरबा (सुघर गांव)* । रायपुर संसद परिसर में विपक्ष के प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इसी क्रम में कोरबा के भाजपा पिछड़ा वर्ग सदस्य एवं एमसीबी जिला प्रभारी दीपक जायसवाल ने विपक्ष की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार सभी को है, लेकिन उसकी अभिव्यक्ति संसदीय मर्यादा और देश की सांस्कृतिक विरासत के सम्मान के साथ होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि संसद केवल राजनीतिक संघर्ष का मंच नहीं, बल्कि लोकतंत्र की सर्वोच्च संस्था है, जिसकी गरिमा बनाए रखना प्रत्येक जनप्रतिनिधि का दायित्व है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष का हालिया प्रदर्शन राजनीतिक विरोध से आगे बढ़कर करोड़ों लोगों की धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला प्रतीत हुआ। उनका कहना है कि सनातन परंपराएं भारत की सांस्कृतिक पहचान हैं और उन्हें राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। दीपक जायसवाल ने कहा कि भाजपा राष्ट्रहित, लोकतांत्रिक मूल्यों और सांस्कृतिक अस्मिता के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से सकारात्मक, तथ्यपरक और जनहित आधारित राजनीति करने की अपील करते हुए कहा कि लोकतंत्र की मजबूती टकराव से नहीं, बल्कि संवाद, मर्यादा और राष्ट्रीय हित को सर्वोच्च रखने से सुनिश्चित होती है।
- निजी विद्यालयों में पसरी अव्यवस्था , स्कूलों की सुरक्षा और सुविधा बहाल1
- त्योहार से पहले सरकार सख्त, चीनी की जमाखोरी पर लगेगी रोक अब एक जगह 4 हजार क्विंटल से ज्यादा चीनी रखने पर कार्रवाई, हर सप्ताह देना होगा स्टॉक का ब्योरा1
- कटघोरा में छात्रों का फूटा आक्रोश, मुख्य मार्ग पर चक्का जाम कोरबा/कटघोरा (सुघर गांव)। कटघोरा स्थित एकलव्य आवासीय विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने शनिवार सुबह अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कटघोरा-कोरबा मुख्य मार्ग पर चक्का जाम कर दिया। सुबह 7 बजे से शुरू हुए प्रदर्शन के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों ने भोजन की गुणवत्ता, खाने में कीड़े मिलने, स्टाफ के कथित अभद्र व्यवहार और विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं की कमी के आरोप लगाए। छात्रों का कहना है कि कुछ दिन पहले विद्यालय के कार्यक्रम में पहुंचे जनप्रतिनिधियों को भी उन्होंने अपनी समस्याओं से अवगत कराया था, लेकिन समाधान नहीं होने पर उन्हें सड़क पर उतरना पड़ा। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा विद्यार्थियों से चर्चा कर आंदोलन समाप्त कराने का प्रयास शुरू किया। फिलहाल मामले को लेकर वार्ता जारी है।1
- स्कूल में शर्मनाक कृत्य का आरोप, बच्चों की शिकायत पर प्रधान पाठक गिरफ्तार पामगढ़ के सरकारी प्राथमिक विद्यालय की घटना से मचा हड़कंप, वायरल वीडियो के बीच प्रशासन ने शुरू की सख्त कार्रवाई जांजगीर-चांपा (सुघर गांव)। बच्चों को संस्कार और शिक्षा देने वाले विद्यालय से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। पामगढ़ विकासखंड के डोंगा-कोहरोद स्थित शासकीय प्राथमिक शाला में पदस्थ प्रधान पाठक पर ड्यूटी के दौरान बच्चों के सामने कथित रूप से अशोभनीय हरकत करने का आरोप लगा है। बच्चों की शिकायत के बाद परिजन तत्काल विद्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने शिक्षक को आपत्तिजनक अवस्था में देखने का दावा किया। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। सूचना मिलते ही पामगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और छात्र-छात्राओं तथा अभिभावकों के बयान दर्ज किए। प्रारंभिक जांच के बाद आरोपी शिक्षक को हिरासत में लेकर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को तत्काल जांच कर दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इस घटना ने विद्यालयों में बच्चों की सुरक्षा, शिक्षकों की जवाबदेही और शिक्षा व्यवस्था की निगरानी पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने निष्पक्ष जांच के साथ कठोर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस और शिक्षा विभाग दोनों स्तर पर मामले की जांच जारी है।2