गोरखपुर शहर के पादरी बाजार स्थित मानस विहार कॉलोनी, लेन नंबर 7 शिव मंदिर भगत पुरवा रोड पर लगे लोहे के बिजली के खंभे इन दिनों स्थानीय लोगों के लिए चिंता और डर का कारण बने हुए हैं। मीडिया प्रभारी गोरखपुर विकास कुमार शर्मा ने बिजली विभाग के हेल्पलाइन नंबर 1912 पर इन जर्जर खंभों का विवरण प्रदान किया है, जिसके बाद उन्हें 12 घंटे में मदद की उम्मीद का आश्वासन मिला है। कॉलोनीवासियों का आरोप है कि कई बिजली के खंभे नीचे से पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं और किसी भी समय गिर सकते हैं, जिससे एक बड़ी दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इन खंभों पर बिजली के तारों के अलावा जियो नेटवर्क की केबल, डिश टीवी के तार और घरों के निजी तार भी बड़ी संख्या में लगाए गए हैं। अत्यधिक भार और वर्षों पुरानी स्थिति के कारण खंभों की हालत बेहद खराब हो चुकी है। कुछ खंभे तो घरों की बाउंड्री तक झुक चुके हैं, जिससे आसपास रहने वाले परिवारों में भय का माहौल बना हुआ है। कॉलोनीवासियों का कहना है कि वर्तमान में तेज आंधी और बारिश का मौसम चल रहा है, ऐसे में यदि कोई खंभा अचानक गिर जाता है तो जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता है। लोगों ने यह भी बताया कि बिजली विभाग के कर्मचारी और तार लगाने वाली एजेंसियां व उनके कर्मचारी इस गंभीर समस्या की ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने बिजली विभाग के अधिकारियों से तत्काल क्षेत्र का निरीक्षण कर जर्जर खंभों को बदलवाने और अतिरिक्त तारों को व्यवस्थित कराने की मांग की है, ताकि किसी संभावित हादसे से पहले लोगों को राहत मिल सके। क्षेत्रवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कभी भी बड़ी दुर्घटना घट सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
गोरखपुर शहर के पादरी बाजार स्थित मानस विहार कॉलोनी, लेन नंबर 7 शिव मंदिर भगत पुरवा रोड पर लगे लोहे के बिजली के खंभे इन दिनों स्थानीय लोगों के लिए चिंता और डर का कारण बने हुए हैं। मीडिया प्रभारी गोरखपुर विकास कुमार शर्मा ने बिजली विभाग के हेल्पलाइन नंबर 1912 पर इन जर्जर खंभों का विवरण प्रदान किया है, जिसके बाद उन्हें 12 घंटे में मदद की उम्मीद का आश्वासन मिला है। कॉलोनीवासियों का आरोप है कि कई बिजली के खंभे नीचे से पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं और किसी भी समय गिर सकते हैं, जिससे एक बड़ी दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इन खंभों पर बिजली के तारों के अलावा जियो नेटवर्क की केबल, डिश टीवी के तार और घरों के निजी तार भी बड़ी संख्या में लगाए गए हैं। अत्यधिक भार और वर्षों पुरानी स्थिति के कारण खंभों की हालत बेहद खराब हो चुकी
है। कुछ खंभे तो घरों की बाउंड्री तक झुक चुके हैं, जिससे आसपास रहने वाले परिवारों में भय का माहौल बना हुआ है। कॉलोनीवासियों का कहना है कि वर्तमान में तेज आंधी और बारिश का मौसम चल रहा है, ऐसे में यदि कोई खंभा अचानक गिर जाता है तो जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता है। लोगों ने यह भी बताया कि बिजली विभाग के कर्मचारी और तार लगाने वाली एजेंसियां व उनके कर्मचारी इस गंभीर समस्या की ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने बिजली विभाग के अधिकारियों से तत्काल क्षेत्र का निरीक्षण कर जर्जर खंभों को बदलवाने और अतिरिक्त तारों को व्यवस्थित कराने की मांग की है, ताकि किसी संभावित हादसे से पहले लोगों को राहत मिल सके। क्षेत्रवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कभी भी बड़ी दुर्घटना घट सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
- गोरखपुर शहर के पादरी बाजार स्थित मानस विहार कॉलोनी, लेन नंबर 7 शिव मंदिर भगत पुरवा रोड पर लगे लोहे के बिजली के खंभे इन दिनों स्थानीय लोगों के लिए चिंता और डर का कारण बने हुए हैं। मीडिया प्रभारी गोरखपुर विकास कुमार शर्मा ने बिजली विभाग के हेल्पलाइन नंबर 1912 पर इन जर्जर खंभों का विवरण प्रदान किया है, जिसके बाद उन्हें 12 घंटे में मदद की उम्मीद का आश्वासन मिला है। कॉलोनीवासियों का आरोप है कि कई बिजली के खंभे नीचे से पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं और किसी भी समय गिर सकते हैं, जिससे एक बड़ी दुर्घटना होने की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इन खंभों पर बिजली के तारों के अलावा जियो नेटवर्क की केबल, डिश टीवी के तार और घरों के निजी तार भी बड़ी संख्या में लगाए गए हैं। अत्यधिक भार और वर्षों पुरानी स्थिति के कारण खंभों की हालत बेहद खराब हो चुकी है। कुछ खंभे तो घरों की बाउंड्री तक झुक चुके हैं, जिससे आसपास रहने वाले परिवारों में भय का माहौल बना हुआ है। कॉलोनीवासियों का कहना है कि वर्तमान में तेज आंधी और बारिश का मौसम चल रहा है, ऐसे में यदि कोई खंभा अचानक गिर जाता है तो जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता है। लोगों ने यह भी बताया कि बिजली विभाग के कर्मचारी और तार लगाने वाली एजेंसियां व उनके कर्मचारी इस गंभीर समस्या की ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। स्थानीय निवासियों ने बिजली विभाग के अधिकारियों से तत्काल क्षेत्र का निरीक्षण कर जर्जर खंभों को बदलवाने और अतिरिक्त तारों को व्यवस्थित कराने की मांग की है, ताकि किसी संभावित हादसे से पहले लोगों को राहत मिल सके। क्षेत्रवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कभी भी बड़ी दुर्घटना घट सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।2
- प्रचंड गर्मी के कारण पिछले कई महीनों से पादरी बाजार के निकट स्थित कॉलोनी के निवासी लो वोल्टेज की समस्या से बुरी तरह परेशान हैं। निवासियों का कहना है कि एक कमजोर बिजली ट्रांसफार्मर के कारण यह समस्या लगातार बनी हुई है। अधिकारियों से बार-बार शिकायत करने के बावजूद भी उनकी समस्या का कोई हल नहीं निकला। अंततः, बड़ी संख्या में कॉलोनी वासियों ने विद्युत विभाग के मुख्य केंद्र पहुंचकर अपना विरोध दर्ज कराया और चेतावनी देते हुए अपने प्रदर्शन को स्थगित किया।1
- गोरखपुर में एक युवक की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। वह मछली पकड़ने गया था, लेकिन गहरे पानी में डूबने के कारण उसकी जान चली गई। घटना के लगभग 12 घंटे बाद उसका शव बरामद किया गया, जिससे परिवार में कोहराम मच गया है।1
- पूर्वांचल प्रभारी दिलीप किसान जी ने 'हरिद्वार चलो अभियान' के तहत जिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा। इस दौरान जिला अध्यक्ष इंद्रेश कुमार, मंडल उपाध्यक्ष विनय कुमार गिरी सहित अन्य किसान भाई उपस्थित थे।1
- संतकबीरनगर से प्राप्त जानकारी के अनुसार, विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा मौजूदा बिजली संकट के दौरान आम जनता से बिजली संरक्षण और अनावश्यक बिजली खर्च से बचने की अपील का स्वागत किया है। समिति ने मुख्यमंत्री के इस संदेश को समयानुकूल और अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए प्रदेश के सभी उपभोक्ताओं से संयमित बिजली उपयोग का आग्रह किया है, ताकि भीषण गर्मी के इस दौर में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके। संघर्ष समिति के पदाधिकारी भास्कर पांडेय ने स्पष्ट किया कि बिजली कर्मियों की पहली प्राथमिकता हमेशा आम जनता को गुणवत्तापूर्ण और निर्बाध विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराना रही है, जिसके लिए प्रदेश भर के बिजली कर्मी भीषण गर्मी और भारी कार्यभार के बीच दिन-रात काम कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने मुख्यमंत्री से तत्काल हस्तक्षेप की मांग करते हुए कहा कि निजीकरण के विरोध में शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे बिजली कर्मियों पर की गई सभी उत्पीड़नात्मक और अनुशासनात्मक कार्यवाहियां वापस ली जाएं। इसके अतिरिक्त, मार्च 2023 के आंदोलन के बाद ऊर्जा मंत्री और संघर्ष समिति के बीच हुए समझौते के अनुरूप हटाए गए अल्प वेतनभोगी संविदा कर्मियों को तुरंत काम पर वापस रखा जाए। समिति के पदाधिकारी दिलीप सिंह ने बताया कि राजधानी लखनऊ समेत प्रदेश के कई जिलों में “वर्टिकल रिस्ट्रक्चरिंग” के नाम पर फैलाई गई अव्यवस्था से विद्युत व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। बड़ी संख्या में संविदा कर्मियों को हटाए जाने के कारण फॉल्ट सुधार कार्यों में गंभीर कठिनाइयां आ रही हैं, और बिजली कर्मियों की भारी कमी के बावजूद कर्मचारी लगातार काम कर रहे हैं, जिससे कई कर्मचारी हादसों में अपनी जान भी गंवा चुके हैं। इन चुनौतियों के बावजूद, बिजली कर्मियों के अथक परिश्रम से प्रदेश ने विद्युत आपूर्ति के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। 24 मई 2026 की रात 10:29 बजे प्रदेश में 31,824 मेगावाट विद्युत आपूर्ति कर एक नया रिकॉर्ड बनाया गया। इसी प्रकार, 22 मई 2026 को 669 मिलियन यूनिट और 24 मई 2026 को 664 मिलियन यूनिट बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करके पिछले वर्ष का रिकॉर्ड भी पीछे छोड़ दिया गया। संघर्ष समिति के पदाधिकारी सूरज प्रजापति ने आशा व्यक्त की है कि मुख्यमंत्री बिजली कर्मियों की समस्याओं और उनके अमूल्य योगदान को गंभीरता से लेते हुए सभी उत्पीड़नात्मक कार्यवाहियां समाप्त करने तथा कर्मचारियों को विश्वास में लेकर प्रदेश की विद्युत व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने हेतु आवश्यक निर्देश देंगे। इस दौरान, संतकबीरनगर में कार्यकारी सहायक दिलीप सिंह, अमरनाथ यादव, वीरेंद्र मौर्य, अशोक कुमार, भास्कर पांडेय, रितेश कुमार, सूरज प्रजापति, संजय यादव, हरिप्रसाद, ओमप्रकाश राय, ओंकार चौरसिया, विजय कुमार, रंजन कुमार सहित बड़ी संख्या में विद्युत कर्मी विरोध प्रदर्शन में मौजूद रहे।1
- संतकबीरनगर में आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। “सुरक्षा आपकी, संकल्प हमारा” के नारे के साथ, पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार सिंह ने पुलिस बल के साथ थाना बखिरा क्षेत्र के कस्बा बखिरा में सघन पैदल मार्च किया। इस दौरान, अपर पुलिस अधीक्षक ने बाजार के व्यापारियों, संभ्रांत नागरिकों और आमजन से सीधा संवाद स्थापित किया, उन्हें सुरक्षा का आश्वासन दिया और नियमों का पालन करने की अपील की। उन्होंने स्थानीय मौलवी, इमाम और अन्य गणमान्य लोगों के साथ सौहार्दपूर्ण बातचीत कर आगामी त्योहारों को भाईचारे और शांति के साथ मनाने का संदेश दिया। पदयात्रा के दौरान, ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को विशेष रूप से सतर्कता के साथ अपनी जिम्मेदारियां निभाने और असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी मेहदावल श्री सर्वदवन सिंह और प्रभारी निरीक्षक बखिरा श्री अरविंद कुमार शर्मा सहित अन्य पुलिस बल भी उपस्थित रहा। संतकबीरनगर पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे त्योहारों के दौरान शांति और सौहार्द बनाए रखें, किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें, और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल स्थानीय पुलिस को दें।1
- दिनांक 25-05-2026 को की गई एक शिकायत पर शासन-प्रशासन ने तत्काल संज्ञान लिया, जिसके बाद मात्र चार घंटे के भीतर ही टूटे हुए पुलिया और नहर के क्षतिग्रस्त भाग में मिट्टी का बेहतर ढंग से भराव कर दिया गया। इस त्वरित कार्रवाई के परिणामस्वरूप, आज 26-05-2026 को नहर में पानी का बहाव पूरी क्षमता से जारी है। प्रशासन की इस तत्परता को देखकर जनता में खुशी की लहर दौड़ गई है, और वे प्रशासन के अधिकारियों की जमकर तारीफ कर रहे हैं। शासन-प्रशासन द्वारा दिखाई गई यह तत्परता वास्तव में प्रशंसनीय है।1
- अपने दोस्तों के बुलावे पर एक वाटर पार्क में नहाने गए 16 वर्षीय अंश की निर्मम हत्या कर दी गई। जानकारी के अनुसार, अंश को उसके दोस्त घर से बुलाकर वाटर पार्क ले गए थे, जहाँ उसकी हत्या कर शव को एक नदी में फेंक दिया गया। यह कदम घटना को कोई और रंग देने के मकसद से उठाया गया था। इस जघन्य वारदात के बाद, अंश की मां ममता की कराह के साथ अपने बेटे के लिए न्याय की उम्मीद पाले हुए है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी, मोदी और सांसद रवि किशन से न्याय की गुहार लगाई है।1