खैरागढ़ न्यायालय ने आर्म्स एक्ट के एक मामले में आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने उसे दो वर्ष के सश्रम कारावास के साथ 200 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह जानकारी सोमवार, 22 जून को दोपहर 1 बजे मिली। पुलिस के अनुसार, आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को 5 जनवरी, 2026 को धरमपुरा क्षेत्र में धारदार बटनदार चाकू लेकर लोगों को डराने-धमकाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से करीब 9.5 इंच लंबा बटनदार चाकू बरामद किया गया। इस मामले में थाना खैरागढ़ में आर्म्स एक्ट की धाराओं 25 और 27 के तहत अपराध दर्ज किया गया था। प्रकरण की विवेचना सब इंस्पेक्टर कोमल मिंज ने की थी, जबकि अभियोजन अधिकारी देवेन्द्र ध्रुव ने न्यायालय में अभियोजन पक्ष रखा। विवेचना के बाद न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों और अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के आधार पर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, खैरागढ़ ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए यह सजा सुनाई।
खैरागढ़ न्यायालय ने आर्म्स एक्ट के एक मामले में आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने उसे दो वर्ष के सश्रम कारावास के साथ 200 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह जानकारी सोमवार, 22 जून को दोपहर 1 बजे मिली। पुलिस के अनुसार, आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को 5 जनवरी, 2026 को धरमपुरा क्षेत्र में धारदार बटनदार चाकू लेकर लोगों को डराने-धमकाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से करीब 9.5 इंच लंबा बटनदार चाकू बरामद किया गया। इस मामले में थाना खैरागढ़ में आर्म्स एक्ट की धाराओं 25 और 27 के तहत अपराध दर्ज किया गया था। प्रकरण की विवेचना सब इंस्पेक्टर कोमल मिंज ने की थी, जबकि अभियोजन अधिकारी देवेन्द्र ध्रुव ने न्यायालय में अभियोजन पक्ष रखा। विवेचना के बाद न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों और अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के आधार पर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, खैरागढ़ ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए यह सजा सुनाई।
- खैरागढ़ न्यायालय ने आर्म्स एक्ट के एक मामले में आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने उसे दो वर्ष के सश्रम कारावास के साथ 200 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह जानकारी सोमवार, 22 जून को दोपहर 1 बजे मिली। पुलिस के अनुसार, आरोपी धनेश्वर उर्फ दादू मानिकपुरी को 5 जनवरी, 2026 को धरमपुरा क्षेत्र में धारदार बटनदार चाकू लेकर लोगों को डराने-धमकाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से करीब 9.5 इंच लंबा बटनदार चाकू बरामद किया गया। इस मामले में थाना खैरागढ़ में आर्म्स एक्ट की धाराओं 25 और 27 के तहत अपराध दर्ज किया गया था। प्रकरण की विवेचना सब इंस्पेक्टर कोमल मिंज ने की थी, जबकि अभियोजन अधिकारी देवेन्द्र ध्रुव ने न्यायालय में अभियोजन पक्ष रखा। विवेचना के बाद न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों और अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी के आधार पर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, खैरागढ़ ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए यह सजा सुनाई।1
- बिलासपुर में एक युवती द्वारा अपने पूर्व प्रेमी को फंसाने और बदनाम करने के लिए एक 'फिल्मी साजिश' रचने का खुलासा हुआ है। पुलिस के अनुसार, युवती ने अपने पूर्व प्रेमी के नाम पर एक फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाई थी। इसी फर्जी आईडी का इस्तेमाल करके उसने खुद को अश्लील और धमकी भरे संदेश भेजे थे। इन संदेशों के आधार पर युवती ने पुलिस में शिकायत भी दर्ज कराई थी। हालांकि, साइबर सेल द्वारा की गई तकनीकी और डिजिटल जांच के दौरान यह पूरा मामला सामने आ गया। जांच में पता चला कि फर्जी आईडी बनाकर संदेश भेजने और शिकायत दर्ज कराने के पीछे खुद वही युवती थी, जबकि उसके पूर्व प्रेमी की इसमें कोई भूमिका नहीं थी। पुलिस ने इस मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी युवती को गिरफ्तार कर लिया। उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया है। इस घटना को सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल और फर्जी पहचान बनाकर किसी को फंसाने की कोशिश का एक बड़ा उदाहरण माना जा रहा है। युवती ने खुद ही पूरी पटकथा लिखी, खुद ही अभिनय किया, और अंततः जांच में खुद ही पकड़ी गई।1
- मुख्यमंत्री के दौरे से पहले छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में विरोध प्रदर्शन किया गया, जिसके दौरान कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया गया। ये प्रदर्शनकारी स्टेट स्कूल मैदान को बचाने की मांग कर रहे थे, और अपनी मांग के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया।1
- दुर्ग पुलिस ने भिलाई स्टील प्लांट से करोड़ों का स्क्रैप चोरी करने वाले गिरोह पर शिकंजा कसते हुए कार्रवाई जारी रखी है। मुख्य आरोपी समेत तीन आरोपियों को पुलिस रिमांड खत्म होने के बाद 22 जून 2026 को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इन आरोपियों के बैंक लॉकरों से 50 लाख रुपये के सोने-चांदी के गहने और 3 करोड़ रुपये की प्रॉपर्टी के कागजात जब्त किए गए हैं। यह पूरा मामला 26 मई 2026 को तब सामने आया, जब खुर्सीपार पुलिस को मुखबिर से हथखोज स्थित ए.के. ट्रेडर्स में फ्लू डस्ट की आड़ में BSP से चोरी का लोहा ट्रकों में लादे जाने की सूचना मिली थी। पुलिस ने मौके पर छापा मारकर लगभग 250 टन लोहे की प्लेट, बीम और कटिंग जब्त की, जिसकी अनुमानित कीमत 90 लाख रुपये है। लोडिंग और परिवहन में इस्तेमाल किए गए हाईवा, ट्रक और मशीनों को मिलाकर कुल 3.22 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई थी। इस मामले का मास्टरमाइंड संजय सिंह पहले फरार चल रहा था, जिसे दुर्ग पुलिस की स्पेशल टीम ने उत्तर प्रदेश के देवरिया से गिरफ्तार किया था। 16 जून को गिरफ्तारी के बाद उसे 7 दिन की रिमांड पर लिया गया था। पूछताछ के दौरान अमित शर्मा उर्फ कैलाश शर्मा और आकाश कुमार सिंह के नाम सामने आए, जिन्हें बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपियों ने चोरी के स्क्रैप से मिले पैसों को प्रॉपर्टी और गहनों में निवेश किया था। मुख्य आरोपी संजय सिंह के बैंक लॉकर से 50 लाख के आभूषण और 3 करोड़ की अचल संपत्ति के दस्तावेज बरामद हुए हैं, जबकि आरोपी आकाश कुमार सिंह से भी प्रॉपर्टी के कागजात मिले हैं। पुलिस इन सभी संपत्तियों को कुर्क करने की कार्रवाई करेगी। आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने के लिए स्क्रैप ले जाने वाले ट्रकों पर फर्जी नंबर प्लेटें भी लगा रखी थीं, जिन्हें जब्त कर लिया गया है। पुलिस ने खुर्सीपार गेट से SMS-3 तक घटनास्थल का रिक्रिएशन कराकर महत्वपूर्ण सबूत भी जुटाए हैं। इस मामले में पहले 9 आरोपी जेल भेजे जा चुके थे, और अब इन तीन और गिरफ्तारियों के साथ कुल गिरफ्तार आरोपियों की संख्या 12 हो गई है। गिरफ्तार आरोपियों में संजय सिंह (48), अमित शर्मा उर्फ कैलाश शर्मा (45) और आकाश कुमार सिंह (29) शामिल हैं। दुर्ग पुलिस ने आम लोगों और उद्योगों से अपील की है कि अगर उन्हें स्क्रैप या औद्योगिक सामग्री की कोई भी अवैध खरीद-बिक्री दिखती है, तो वे तुरंत पुलिस को सूचना दें, क्योंकि ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस पूरी कार्रवाई में थाना खुर्सीपार, ACCU दुर्ग और विवेचना टीम की अहम भूमिका रही।4
- छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ गुटखा खरीदने के लिए पाँच रुपए न देने पर एक बेटे ने अपनी माँ को पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया। यह घटना थाना डभरा क्षेत्र के भेड़िकोना गाँव की है। आरोपी लखन माली (25 वर्ष) ने 14 जून की रात 7 से 8 बजे के बीच अपनी माँ तिहारिन बाई से विमल गुटखा के लिए पाँच रुपए माँगे थे। जब माँ तिहारिन बाई ने रुपए न होने की बात कहकर मना किया, तो आरोपी बेटे लखन माली ने उनसे विवाद करना शुरू कर दिया। विवाद इतना बढ़ा कि लखन ने पहले अपनी माँ के साथ हाथ-मुक्कों से मारपीट की, और फिर गुस्से में आकर पत्थर से उनके सिर पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। घटना के बाद आरोपी की पत्नी ने गंभीर रूप से घायल अपनी सास को अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस की टीम मौके पर पहुँची और घेराबंदी कर आरोपी लखन माली को पकड़ लिया। कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी ने माँ से गुटखा के लिए पाँच रुपए माँगने और रुपए न मिलने पर गुस्से में पत्थर से हमला कर हत्या करने की बात कबूल कर ली। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है और मामले में आगे की जाँच कार्रवाई की जा रही है।1
- अजयगढ़ वीडियो वायरल ज्यादा से ज्यादा वीडियो वायरल करने वाली2
- मध्य प्रदेश के विदिशा स्थित गर्ल्स कॉलेज परीक्षा केंद्र पर आयोजित हुई री-NEET परीक्षा में कड़े नियमों और तकनीकी कारणों के चलते तीन छात्राएं परीक्षा देने से वंचित रह गईं। स्नेहा दुबे, रागिनी विश्वकर्मा और अक्षत श्रीवास्तव नामक इन छात्राओं का साल भर का अथक परिश्रम महज कुछ मिनटों की देरी और इन सख्त प्रावधानों की भेंट चढ़ गया। इस बेहद भावुक और परेशान कर देने वाली घटना से व्यथित छात्राओं और उनके परिजनों का परीक्षा केंद्र के बाहर रो-रोकर बुरा हाल था।1
- लांजी तहसील के ग्राम केराटोला में लांजी-सालेटेकरी मुख्य मार्ग पर नाले के समीप एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर फिसल गई। यह दुर्घटना रविवार, 21 जून को शाम लगभग 8:00 बजे हुई, जब मोटरसाइकिल पर सवार तीन लोग लांजी से देवरबेली की ओर जा रहे थे। इस हादसे में मोटरसाइकिल चालक छत्तीसगढ़ निवासी डिलेश्वर मेरावी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तत्काल सिविल अस्पताल लांजी में भर्ती कराया गया। अस्पताल में चिकित्सा टीम ने उनका उपचार प्रारंभ कर दिया है। उनके साथी गुलाबचंद मेरावी (19 वर्ष) को हल्की चोटें आईं, जबकि तीसरे साथी प्रताप परते को किसी प्रकार की कोई चोट नहीं लगी।1