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जयपुर जिले के बस्सी क्षेत्र में कानोता के हीरावाला गांव स्थित ग्रीन सिटी कॉलोनी की सड़क सालों से इसी तरह बदहाल पड़ी हुई है। इतने सालों बाद भी इस मार्ग की कोई सुध नहीं ली गई है और यह जस की तस पड़ी है। अब लोग निराश होकर यही सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इस सड़क की हालत कब तक सुधरेगी।
Indian News
जयपुर जिले के बस्सी क्षेत्र में कानोता के हीरावाला गांव स्थित ग्रीन सिटी कॉलोनी की सड़क सालों से इसी तरह बदहाल पड़ी हुई है। इतने सालों बाद भी इस मार्ग की कोई सुध नहीं ली गई है और यह जस की तस पड़ी है। अब लोग निराश होकर यही सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इस सड़क की हालत कब तक सुधरेगी।
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- गुप्त नवरात्र के पावन अवसर पर आज नागौर के गोठ मांगलोद में स्थित मां दधिमथी का भरपूर आशीर्वाद प्राप्त हुआ। इस शुभ और भक्तिमय मौके पर माता रानी से सभी का कल्याण करने और सबका भला करने की प्रार्थना की गई है। जय माता दी।1
- राजस्थान के जयपुर में आयोजित एक प्रदर्शन के दौरान CJP कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर सरकार से जल्द कार्रवाई करने की मांग की है। इस प्रदर्शन के दौरान मौके पर पुलिस बल तैनात रहा और सुरक्षा व्यवस्था को काफी कड़ा रखा गया। CJP कार्यकर्ताओं का यह प्रदर्शन पूरी तरह से शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।1
- राजस्थान सरकार के निर्देशानुसार दौसा जिले में ग्रामीण सेवा शिविर-2026 की निरंतरता में 21 जुलाई से 31 अगस्त, 2026 तक फॉलो-अप शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य आम जनता से प्राप्त प्रकरणों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करना और विभिन्न सरकारी विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचाना है। जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी बिरदी चंद गंगवाल ने बताया कि ये फॉलो-अप शिविर मुख्य अभियान की तर्ज पर ही भारत निर्माण सेवा केंद्र, पंचायत भवन और विद्यालयों में आयोजित होंगे। शिविरों में संबंधित विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहकर लोगों की समस्याओं का समाधान करेंगे और इसका कैलेंडर संबंधित उपखंड अधिकारियों द्वारा जारी कर दिया गया है। इस अभियान के पहले दिन यानी 21 जुलाई को जिले की 13 ग्राम पंचायतों में ग्रामीण सेवा शिविर आयोजित किए जाएंगे। इनमें दौसा पंचायत समिति की खुरी कलां, बांदीकुई की सोडाला, बसवा की गुढ़ा आशिकपुरा, सिकराय की राणोली व पाडली, महवा की पलानहेड़ा, मंडावर की हिंगोटा, लालसोट की श्रीमा व दौलतपुरा, नांगल राजावतान की कालाखाड़, रामगढ़ पचवारा की गोपालपुरा, लवाण की खानवास तथा सैंथल पंचायत समिति की सिंगडोली ग्राम पंचायत मुख्यालय शामिल हैं। ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ जिले के शहरी निकायों में भी 21 जुलाई से 31 अगस्त तक नगर परिषद और नगर पालिका कार्यालयों में फॉलो-अप शिविर लगाए जाएंगे। इन शहरी शिविरों के माध्यम से नगर निकाय क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों की समस्याओं की सुनवाई की जाएगी और उनका समय पर निस्तारण करते हुए पात्र लोगों को कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जाएगा।1
- राजस्थान में पंचायत शिक्षक विद्यालय सहायक संघ की संभाग स्तरीय जनचेतना यात्रा के चौथे चरण के तहत जोधपुर में एक विशाल रैली आयोजित की गई। संभाग अध्यक्ष एवं प्रदेश उपाध्यक्ष सांवल सिंह राठौड़ के नेतृत्व और प्रदेश नेतृत्व नरेंद्र चौधरी, खेमंत गिठाला तथा एडवोकेट रामजीत पटेल के सानिध्य में महावीर उद्यान से नई सड़क तक करीब 5 किलोमीटर लंबी रैली निकाली गई। इस रैली में प्रदेशभर से पहुंचे हजारों पंचायत शिक्षक विद्यालय सहायकों ने पूरे उत्साह के साथ हिस्सा लिया और बड़ा शक्ति प्रदर्शन किया। इससे पहले उदयपुर, बीकानेर और भरतपुर में इस यात्रा के तीन चरण आयोजित हो चुके हैं। रैली को संबोधित करते हुए नरेंद्र चौधरी ने ऐलान किया कि अगली संभाग स्तरीय जनचेतना रैली कोटा में आयोजित होगी और इसके बाद सभी साथी विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान जयपुर कूच के लिए तैयार रहें। वहीं, एडवोकेट रामजीत पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि जोधपुर की यह ऐतिहासिक रैली इस बात का प्रमाण है कि पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा 1 लाख 10 हजार संविदाकर्मियों के स्थायीकरण का दावा पूरी तरह भ्रामक था। उन्होंने साफ किया कि संविदाकर्मियों को एक संविदा व्यवस्था से दूसरी संविदा व्यवस्था में डाल देना स्थायीकरण नहीं कहलाता।1
- दौसा जिले के कुण्डल उपखंड क्षेत्र के ग्राम काली पहाड़ी में पहाड़ी पर स्थित माता वैष्णो देवी धाम पर 22वें पाटोउत्सव का भव्य शुभारंभ किया गया। इस पाटोउत्सव की शुरुआत एक विशाल कलश यात्रा के साथ हुई। इस भव्य कलश यात्रा में हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने बड़े ही उत्साह, श्रद्धा और भक्ति के साथ भाग लिया और पूरा क्षेत्र माता जी के जयकारों से गूंज उठा। इस कलश यात्रा को मुख्य अतिथि दौसा प्रधान प्रहलाद नारायण रोहडा, कुंडल भाजपा मंडल अध्यक्ष रामप्रसाद गुर्जर, सरपंच कंचन देवी, सोहनदास महाराज और देवदास महाराज ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह यात्रा पंचमुखी हनुमान मंदिर पुरोहिताकाबास से रवाना हुई और नगर परिक्रमा करते हुए आत्मानंद महाराज व बालाजी महाराज से होती हुई मां वैष्णो देवी मंदिर पहुंची। इस दौरान पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बना रहा। श्रद्धालुओं की गहरी आस्था के बीच ध्वज पूजन के साथ शुरू हुई इस कलश व शोभा यात्रा में हजारों महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। यात्रा के वैष्णो माता मंदिर पहुंचने पर सोहन दास महाराज के नेतृत्व में सभी श्रद्धालुओं को प्रसादी का वितरण किया गया। इस अवसर पर मोतीलाल शर्मा, राकेश मीणा, गिर्राज मीणा, रामसहाय पटेल, रमला पटेल, रिंकू मीणा, कजोड़ मीणा, कैलाश चंद मीणा, जगदीश प्रसाद गवारिया, दीपक शर्मा, जगदीश प्रसाद शर्मा, लाटुर चंद मीणा, सरवन मीणा, कल्याण सहाय मीना सहित हजारों की संख्या में ग्रामीण और श्रद्धालु उपस्थित रहे।2
- राजस्थान सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में त्वरित राहत पहुंचाने और लोक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ गांव-ढाणी तक पहुंचाने के उद्देश्य से 21 जुलाई से 31 अगस्त, 2026 तक प्रदेशभर में फॉलो-अप शिविर आयोजित किए जाएंगे। यह आयोजन 12 जून से 15 जुलाई तक सफलता से संपन्न हुए 'ग्रामीण सेवा शिविर-2026' के क्रम में किया जा रहा है। प्रमुख शासन सचिव (राजस्व) श्री टी. रविकांत द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, इन फॉलो-अप शिविरों में राजस्व, पंचायती राज, कृषि, ऊर्जा, चिकित्सा, शिक्षा, सामाजिक न्याय, महिला एवं बाल विकास और जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी समेत शासन के 22 प्रमुख विभाग शामिल होकर विभिन्न प्रकरणों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करेंगे। जनहित में नियमों का सरलीकरण करते हुए अब भूमि आवंटन सलाहकार समिति की बैठक जिला या तहसील मुख्यालय के बजाय संबंधित ग्राम पंचायत मुख्यालय पर ही आयोजित की जाएगी। इसके साथ ही, भूमि आवंटन के लिए आवेदन आमंत्रित करने की उद्घोषणा अवधि को भी 15 दिन से घटाकर केवल 7 दिन कर दिया गया है ताकि मामलों का निपटारा तेजी से हो सके। मुख्य अभियान के दौरान हस्तांतरित की गई शक्तियां इन फॉलो-अप शिविरों में भी जारी रहेंगी। आबादी विस्तार के लिए आरक्षित सरकारी भूमि को स्थानीय निकायों के अधीन करने के लिए राज्य सरकार की शक्तियां जिला कलेक्टर को और आबादी विस्तार हेतु भूमि आरक्षित करने की शक्तियां शिविर प्रभारी को सौंपी गई हैं। इसके अलावा, अन्य खातेदार की जोत से भूमिगत पाइपलाइन बिछाने, नया मार्ग खोलने या चौड़ा करने और सार्वजनिक प्रयोजन के लिए भूमि आवंटन जैसे कार्यों के लिए उपखंड अधिकारी की शक्तियां शिविर प्रभारी (भारतीय प्रशासनिक सेवा/राजस्थान प्रशासनिक सेवा) को दी गई हैं। वहीं, नामान्तरकरण, सीमा ज्ञान और सरकारी या चारागाह भूमि से अतिक्रमण हटाने की ग्राम पंचायत की शक्तियां शिविर में नियुक्त तहसीलदार और नायब तहसीलदार को हस्तांतरित की गई हैं। प्रमुख शासन सचिव ने निर्देश दिए हैं कि सभी संभागीय आयुक्त, जिला कलेक्टर्स और संबंधित अधिकारी इन शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार कर अधिक से अधिक ग्रामीणों को लाभान्वित करना सुनिश्चित करें। शिविरों में सभी लाभार्थियों के नाम और मोबाइल नंबर दर्ज करना अनिवार्य होगा। अभियान की सफलता की कहानियों और कार्यों का संकलन कर जिला स्तर पर एक पुस्तक का प्रकाशन किया जाएगा। इसके साथ ही, शिविरों में रास्ते और अतिक्रमण से जुड़े मामलों का प्राथमिकता से निस्तारण किया जाएगा और आमजन से मिले उपयोगी सुझावों का परीक्षण कर उन्हें लागू करने की कार्यवाही की जाएगी।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं के बीच उस समय भारी तनाव पैदा हो गया, जब आंदोलन के दौरान पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किए जाने का दावा किया गया। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही तस्वीरों और वीडियो में कई प्रदर्शनकारी युवाओं को जमीन पर गिरते और पुलिस की कार्रवाई से खुद को बचाने की कोशिश करते हुए देखा जा सकता है। प्रदर्शन में शामिल युवाओं का आरोप है कि वे अपनी मांगों को बेहद शांतिपूर्ण तरीके से उठा रहे थे, लेकिन इसके बावजूद उन पर बल प्रयोग किया गया। इस घटना के बाद से प्रदर्शनकारियों में गहरा आक्रोश व्याप्त है और वे इस पूरी कार्रवाई की निष्पक्ष जांच कराने की मांग कर रहे हैं। हालांकि, पुलिस की ओर से इस मामले को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक बयान या कार्रवाई के मुख्य कारणों की जानकारी सामने आना बाकी है। यह पूरी घटना युवाओं के आक्रोश, उनके संघर्ष और लोकतांत्रिक अधिकारों पर खड़े होते सवालों की गंभीर कहानी बयां करती है।1