बदायूं जनपद के विकास खंड इस्लामनगर स्थित ग्राम समदनगर के एक विद्यालय की जर्जर भवन स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। विद्यालय के एक कक्ष के लिंटर में इतनी मोटी दरार पड़ चुकी है कि उससे बाहर की रोशनी तक अंदर दिखाई दे रही है। ऐसे खतरनाक हालात में बच्चे और शिक्षक जान जोखिम में डालकर शिक्षण कार्य करने को मजबूर हैं। स्थानीय स्तर पर दावा किया जा रहा है कि ग्राम प्रधान और प्रधानाध्यापक ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को इस स्थिति से अवगत करा दिया है, और इस पूरे मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते भवन की जांच कर आवश्यक कार्रवाई नहीं की गई और कोई अप्रिय घटना हुई, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे हैं, या बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल भवन की जांच और कार्रवाई करेंगे।
बदायूं जनपद के विकास खंड इस्लामनगर स्थित ग्राम समदनगर के एक विद्यालय की जर्जर भवन स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। विद्यालय के एक कक्ष के लिंटर में इतनी मोटी दरार पड़ चुकी है कि उससे बाहर की रोशनी तक अंदर दिखाई दे रही है। ऐसे खतरनाक हालात में बच्चे और शिक्षक जान जोखिम में डालकर शिक्षण कार्य करने को मजबूर हैं। स्थानीय स्तर पर दावा किया जा रहा है कि ग्राम प्रधान और प्रधानाध्यापक ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को इस स्थिति से अवगत करा दिया है, और इस पूरे मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते भवन की जांच कर आवश्यक कार्रवाई नहीं की गई और कोई अप्रिय घटना हुई, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे हैं, या बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल भवन की जांच और कार्रवाई करेंगे।
- बदायूं जनपद के विकास खंड इस्लामनगर स्थित ग्राम समदनगर के एक विद्यालय की जर्जर भवन स्थिति को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। विद्यालय के एक कक्ष के लिंटर में इतनी मोटी दरार पड़ चुकी है कि उससे बाहर की रोशनी तक अंदर दिखाई दे रही है। ऐसे खतरनाक हालात में बच्चे और शिक्षक जान जोखिम में डालकर शिक्षण कार्य करने को मजबूर हैं। स्थानीय स्तर पर दावा किया जा रहा है कि ग्राम प्रधान और प्रधानाध्यापक ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को इस स्थिति से अवगत करा दिया है, और इस पूरे मामले का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते भवन की जांच कर आवश्यक कार्रवाई नहीं की गई और कोई अप्रिय घटना हुई, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि क्या जिम्मेदार अधिकारी किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहे हैं, या बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल भवन की जांच और कार्रवाई करेंगे।1
- उत्तर प्रदेश के बदायूं स्थित बिसौली में दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर हुए पुलिस लाठीचार्ज और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को हिरासत में लिए जाने के विरोध में सपा कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। अनुसूचित जाति आयोग भारत सरकार के पूर्व प्रदेश कॉर्डिनेटर सतीश प्रेमी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने कोतवाली के समीप प्रेमी जी के कैंप कार्यालय पर एकत्रित होकर तहसील परिसर तक पैदल विरोध मार्च निकाला। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं के हाथों में नीट परीक्षार्थियों की समस्याओं और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग से जुड़ी तख्तियां थीं। तहसील परिसर में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए सतीश प्रेमी ने आरोप लगाया कि छात्रों का समर्थन करने पहुंचे अखिलेश यादव को हिरासत में लेकर सरकार ने लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन किया है। उन्होंने जौहर यूनिवर्सिटी पर हुई कार्रवाई को शिक्षा विरोधी बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की और केंद्र सरकार पर छात्रों के मुद्दों की अनदेखी करने तथा तानाशाहीपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग की। सपा कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार सुरेंद्र कुमार को सौंपा। इसके अलावा क्षेत्र में खाद की समस्या पर आक्रोश व्यक्त करते हुए उपजिलाधिकारी को संबोधित एक अन्य ज्ञापन भी तहसीलदार को दिया गया, जिसमें सतीश प्रेमी ने तीन दिन के भीतर मांग के अनुसार खाद की आपूर्ति पूरी न होने पर दोबारा धरने की चेतावनी दी है। इस प्रदर्शन में राजेश कुमारी यादव, तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एड. अल्ताफ हुसैन, पूर्व जिला पंचायत सदस्य गजराज सिंह, काजी शाहनवाज खान, मशहूद खां हमदम, कल्यान सिंह यादव, एड. राजीव यादव और शकुन प्रेमी समेत कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।1
- बदायूं के मालवीय आवास गृह में 23 जुलाई को भारतीय किसान यूनियन चढूनी ने एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया। पंचायत को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष सतीश साहू ने कहा कि जिले में लंबे समय से बिना मान्यता के अवैध रूप से भारी संख्या में स्कूल चल रहे हैं। वहीं सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है, जहां 100 बच्चों पर केवल दो ही शिक्षक तैनात हैं। प्रदर्शन के बाद सिटी मजिस्ट्रेट को सात सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया। इसके साथ ही अमरोहा के जिलाध्यक्ष की टीम के साथ भाकियू चढूनी ने बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) कार्यालय का घेराव कर 7 सूत्रीय मांग पत्र दिया। संगठन ने निजी स्कूलों की मनमानी और लूट पर कड़ा आक्रोश जताया। कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों से हर साल एडमिशन फीस, कॉपी-किताब, ड्रेस, ट्यूशन, बिल्डिंग किराया, बिजली और पंखे के नाम पर मनमाने पैसे वसूले जा रहे हैं। भाकियू चढूनी ने सवाल उठाया कि जब बच्चा उसी स्कूल में पढ़ रहा है तो हर साल एडमिशन फीस क्यों ली जाती है। मांग की गई कि सभी स्कूलों में एक समान एनसीईआरटी (NCERT) की किताबें लागू की जाएं। इसी प्रदर्शन के दौरान इस्लामनगर क्षेत्र के सूंधव अगरास में पदस्थ सहायक अध्यापक लोकेश कुमार ने मिड-डे मील (एमडीएम) मद में गबन और बकाया भुगतान न होने की गंभीर समस्या रखी। उन्होंने बताया कि बीईओ (BEO) के आदेश पर 1 मार्च 2024 को कार्यभार संभालने के बाद 1 अप्रैल 2024 से 31 जनवरी 2026 तक एमडीएम का संचालन किया। प्रधान द्वारा द्वेष भावना के चलते एमडीएम की ₹4,88,000 से अधिक की लागत राशि उन्हें नहीं मिली है। शिक्षक ने अपनी सैलरी, गोल्ड लोन और उधार लेकर एमडीएम का संचालन किया, जिससे उन पर भारी कर्ज हो गया है। बिना किसी सहयोग के ग्राम प्रधान को एमडीएम से ₹2,00,000 का चेक दिए जाने पर भी सवाल उठाए गए और आरोप लगाया गया कि बीईओ शिक्षकों का साथ नहीं दे रहे हैं। पीड़ित शिक्षक ने कहा है कि यदि उनके साथ कोई भी अप्रिय घटना होती है तो इसके जिम्मेदार ग्राम प्रधान दिवाकर शर्मा, रामवीर सिंह राणा और उनके साथी होंगे। इस मामले में जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। मौके पर यार्वेंद्र यादव, अमनदीप, सोनू यादव, विवेक कुमार, अंकुर सिद्धू, पीतम सिंह, अरशद खान, इरशाद खान, अनावर, शराफत खान, महेंद्र पाल, नूरुद्दीन, सर्वेश, शरीफ अब्बासी और भगवानदास समेत कई लोग उपस्थित रहे।3
- गृह मंत्री अमित शाह कुर्ता-धोती पहनकर सहज और स्वाभाविक अंदाज़ में मुस्कुराते हुए संसद पहुंचे। उनके इस पारंपरिक भारतीय परिधान और सादगीपूर्ण व्यक्तित्व ने सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।1
- जंतर-मंतर पर मोदी जी के पहुँचते ही भारी तादाद में लोगों की भीड़ जमा हो गई है। उनके आते ही कुछ लोगों ने मोदी जी को लेकर गाली देनी शुरू कर दी है। जंतर-मंतर पर बनी इस स्थिति के बीच अब आगे क्या होगा, इसे लेकर हलचल तेज हो गई है और आगे बढ़ने का आह्वान किया जा रहा है।2
- बदायूं के थाना दातागंज क्षेत्र में पुलिस और बदमाश के बीच हुई मुठभेड़ के बाद 25 हजार रुपये का इनामी अजय गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस पर हुई फायरिंग के बाद की गई जवाबी कार्रवाई में इनामी बदमाश के पैर में गोली लगी। इस मुठभेड़ के दौरान बदमाशों की गोली लगने से आरक्षी राहुल गौतम भी घायल हो गए हैं। पुलिस ने मौके से अवैध असलहा, एटीएम कार्ड और नगदी बरामद की है।1
- Post by Neeraj Mariya1