पाली जिले के भांगेसर रोड पर हिन्दू सेवा मंडल के सामने स्थित भालेलाव लिंक रोड पर जगह-जगह पानी की पाइपलाइन फटने से आम लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है। सड़क के बीचो-बीच पाइपलाइनें फटने के कारण स्थानीय घरों में पानी नहीं आ रहा है, जिससे मोहल्ले के निवासियों को पानी की गंभीर किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। मोहल्ले के निवासी श्रवण सिंह और तरुण शर्मा ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में 181 राजस्थान संपर्क पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी और एल एंड टी के ठेकेदारों को भी सूचित किया था। हालांकि, जलदाय विभाग की घोर अनदेखी के चलते इस समस्या का समाधान नहीं हो पाया है, और आमजन को पानी के लिए लगातार तरसना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे कलेक्टर को ज्ञापन सौंपेंगे और धरना प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी स्थिति उत्पन्न होने पर इसकी पूरी जिम्मेदारी केवल सरकारी प्रशासन की होगी।
पाली जिले के भांगेसर रोड पर हिन्दू सेवा मंडल के सामने स्थित भालेलाव लिंक रोड पर जगह-जगह पानी की पाइपलाइन फटने से आम लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है। सड़क के बीचो-बीच पाइपलाइनें फटने के कारण स्थानीय घरों में पानी नहीं आ रहा है, जिससे मोहल्ले के निवासियों को पानी की गंभीर किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। मोहल्ले के निवासी श्रवण सिंह और तरुण शर्मा ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में 181 राजस्थान संपर्क पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई
थी और एल एंड टी के ठेकेदारों को भी सूचित किया था। हालांकि, जलदाय विभाग की घोर अनदेखी के चलते इस समस्या का समाधान नहीं हो पाया है, और आमजन को पानी के लिए लगातार तरसना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे कलेक्टर को ज्ञापन सौंपेंगे और धरना प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी स्थिति उत्पन्न होने पर इसकी पूरी जिम्मेदारी केवल सरकारी प्रशासन की होगी।
- ग्राम बर में घरों तक पहुंच रही दूषित पेयजल सप्लाई को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने बताया है कि नल कनेक्शनों में लगातार गंदा और दूषित पानी आ रहा है, जो पीने योग्य नहीं है। भीषण गर्मी के बीच इस समस्या ने लोगों की परेशानियां और बढ़ा दी हैं। ग्रामीणों के अनुसार, दूषित पानी के कारण बीमारियों का खतरा बढ़ गया है, जिससे कई परिवारों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। लोगों ने यह भी बताया कि गांव के कई घरों में नल कनेक्शन सीधे पानी के होद (टैंक) से जुड़े हुए हैं। ऐसे में सप्लाई हो रहा गंदा पानी होद में भरे साफ पानी को भी दूषित कर रहा है, जिससे पूरे परिवार के लिए पेयजल संकट गहरा गया है। ग्रामीणों ने इस गंभीर समस्या की जानकारी जलदाय विभाग के अधिकारियों को भी दी है, लेकिन अब तक समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है। गांववासियों ने जल्द से जल्द स्वच्छ पेयजल सप्लाई सुनिश्चित करने और दूषित पानी की इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।1
- पाली जिले के सोजत बर के निकट देवडूंगरी में आयोजित गुर्जर महापंचायत में एक महत्वपूर्ण फैसला लिया गया है। इस निर्णय के परिणामस्वरूप, राजस्थान के 5 जिलों में गुर्जर समाज ने सामाजिक कुरीतियों और फिजूलखर्ची पर अंकुश लगाने के लिए सख्त नियम लागू किए हैं।1
- भीलवाड़ा में एक मंदिर के बाहर जानवर की खाल मिलने के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया। इस घटना के विरोध में आक्रोशित लोगों ने चक्काजाम कर दिया, जिसके बाद स्थिति को संभालने के लिए पुलिस जाप्ता तैनात किया गया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की सहायता से दो युवकों, लोकेश खटीक और हेमंत कोली, की पहचान की और उन्हें हिरासत में ले लिया है। बताया गया है कि लोकेश खटीक जानवरों की खालों के खरीदने और बेचने का व्यवसाय करता है।1
- राजस्थान के पीसांगन क्षेत्र के फतेहपुरा गांव में एक विशालकाय कोबरा सांप खेत की तारबंदी पर फन फैलाए बैठा मिला, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है। यह घटना 14 मई को सुबह करीब 7 बजे हुई, जब फतेहपुरा गांव निवासी किसान महेंद्र जाट अपने खेत में पानी देने जा रहे थे। खेत की मेड़ पर पहुंचने पर उनकी नजर तारबंदी पर पड़ी, जहां लगभग 10 फीट लंबा एक कोबरा सांप लोहे के तारों पर लिपटा हुआ था और अपना फन पूरी तरह फैलाए स्थिर बैठा था। महेंद्र जाट ने बताया कि पहले उन्हें लगा कि तार पर कोई काला कपड़ा फंसा है, लेकिन पास जाकर देखने पर पता चला कि यह फन फैलाए बैठा एक विशालकाय सांप है। उन्होंने तुरंत अपने मोबाइल से इसका वीडियो बना लिया। महेंद्र द्वारा यह वीडियो गांव के व्हाट्सएप ग्रुप में साझा करने के बाद यह तेजी से वायरल हो गया। वीडियो में सांप तारबंदी के बीच वाले तार पर कुंडली मारे हुए दिख रहा है, जिसका फन सीधा ऊपर की ओर उठा हुआ है। वन्यजीव विशेषज्ञों ने इसे भारतीय कोबरा बताया है। उनके अनुसार, गर्मी बढ़ने पर सांप अक्सर ठंडी जगहों या ऊंचाई पर चले जाते हैं। तारबंदी पर चढ़ने का कारण शिकार की तलाश या धूप सेंकना हो सकता है। फन फैलाना सांपों का रक्षात्मक व्यवहार होता है, जो वे खतरा महसूस होने पर करते हैं। महेंद्र जाट ने सांप को परेशान नहीं किया और न ही कोई शोर मचाया। कुछ देर बाद सांप स्वयं ही तार से उतरकर खेतों की ओर चला गया। ग्रामीणों का कहना है कि बरसात का मौसम शुरू होने से पहले सांपों का निकलना सामान्य है, और उन्होंने खेतों में काम करते समय लाठी साथ रखने तथा जूते पहनने की सलाह दी है।2
- नागौर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए, 30 लाख रुपये की कीमत का डोडा पोस्त जब्त किया है।1
- गुलाबपुरा कस्बे में सकल जैन समाज द्वारा एक अहिंसा रैली का आयोजन किया गया। यह रैली उपखंड कार्यालय तक निकाली गई, जहाँ समाज के सदस्यों ने अपना ज्ञापन सौंपा।1
- आज मुंबई में टीवी 24 न्यूज़ पर गायक-अभिनेता कृष्णा वीर गुर्जर का एक सनसनीखेज साक्षात्कार प्रसारित किया गया। यह साक्षात्कार हिंदू लोक देवता विष्णु के अवतार भगवान श्री देव नारायण जी से संबंधित था। इस साक्षात्कार को सुनकर मीडिया के लोग दंग रह गए।1
- राजस्थान के आसींद विधानसभा क्षेत्र के गुलाबपुरा कस्बे में समस्त जैन समाज के लोगों ने एक अहिंसा रैली निकालकर अपनी आवाज बुलंद की। यह रैली विहारत पूज्य आर्यिका माता जी के अत्यंत दुखद असामयिक निधन की घटना के कड़े विरोध में आयोजित की गई थी। सकल जैन समाज ने गुलाबपुरा उपखंड कार्यालय पहुंचकर उपखंड अधिकारी दिव्य राज सिंह को देश के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राजस्थान के मुख्यमंत्री और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से समाज ने संयम, करुणा और अहिंसा का संदेश देने वाले तथा पैदल विहार करने वाले संतों के साथ लगातार बढ़ती दुर्घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की। उनकी प्रमुख मांगों में शामिल था कि पूज्य आर्यिका माता जी के साथ हुई दुर्घटना को केवल एक सामान्य हादसा न माना जाए और इसकी SIT या न्यायिक जांच करवाई जाए। इसके साथ ही, जैन समाज ने एक राष्ट्रीय संत सुरक्षा नीति बनाने की मांग भी की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। उन्होंने यह भी मांग रखी कि संतों के विरुद्ध होने वाले अपराधों को विशेष संवेदनशील श्रेणी में रखा जाए, जिससे उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।1
- वंदे गंगाजल संरक्षण जल अभियान 2026 को लेकर एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई, जिसमें राजस्थान धरोहर प्राधिकरण के अध्यक्ष ओंकार लखावत और जिला प्रभारी सचिव हिमांशु गुप्ता ने पत्रकारों को संबोधित किया। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट (एडीएम) ब्रह्मलाल जाट, तहसीलदार हनुत सिंह रावत और मुख्य तकनीकी अधिकारी (सीटीओ) सतीश सोनी भी उपस्थित थे। ओंकार लखावत ने इस अभियान के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इसका मुख्य लक्ष्य राजस्थान में अधिक से अधिक जल संरक्षण करना है। उन्होंने जानकारी दी कि यह महत्वपूर्ण अभियान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की देखरेख में चलाया जा रहा है, जिनकी मंशा प्रदेश को हरा-भरा बनाना है। लखावत ने आशा व्यक्त की कि राजस्थान के हरा-भरा होने से राज्य में अच्छी वर्षा होने की उम्मीद है। अभियान की सफलता के लिए समाज की सक्रिय भागीदारी को अत्यंत आवश्यक बताया गया।2