खगड़िया/चौथम संवाददाता: गौतम कुमार चौरसिया बिहार के खगड़िया जिले के चौथम प्रखंड मुख्यालय में सामाजिक सुरक्षा कोषांग की ओर से दिव्यांगजनों को यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड उपलब्ध कराने के उद्देश्य से दो दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन किया गया। स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से आयोजित यह शिविर सोमवार को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक संचालित हुआ, जिसका दूसरा दिन मंगलवार को भी जारी रहा। शिविर में प्रखंड के विभिन्न पंचायतों से पहुंचे दिव्यांगजनों का विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चिकित्सीय जांच के आधार पर पात्र लाभार्थियों का यूडीआईडी कार्ड बनाने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस दौरान दिव्यांगजनों को आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध कराई गई, ताकि उन्हें भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। स्वास्थ्य जांच टीम में ऑर्थो विशेषज्ञ डॉ. आशीष कश्यप, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मोहम्मद अखलाक अख्तर, मनोचिकित्सक डॉ. अमित कुमार तथा दिव्यांग कोषांग के कर्मी सुमित कुमार शामिल रहे। सभी विशेषज्ञों ने दिव्यांगजनों की श्रेणी के अनुसार चिकित्सीय परीक्षण कर आवश्यक प्रमाणन की प्रक्रिया पूरी की। मंगलवार को भी बड़ी संख्या में दिव्यांगजन शिविर में पहुंचे, जहां दर्जनों लाभार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर यूडीआईडी कार्ड निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। शिविर के दौरान चिकित्सकों और कर्मियों ने लाभार्थियों की समस्याओं को सुनते हुए आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। चौथम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि सामाजिक सुरक्षा कोषांग के निर्देशानुसार आयोजित इस दो दिवसीय शिविर का उद्देश्य अधिक से अधिक दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि यूडीआईडी पोर्टल पर लंबित आवेदनों के निष्पादन के लिए भी प्रखंड स्तर पर चिकित्सीय जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है, जिससे आवेदकों को जल्द से जल्द कार्ड उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने बताया कि शिविर के सफल संचालन में चौथम सीएचसी प्रबंधक अमर कुमार सहित स्वास्थ्य विभाग एवं प्रखंड के अन्य कर्मी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं। प्रशासन ने अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजनों से ऐसे शिविरों का लाभ उठाकर यूडीआईडी कार्ड बनवाने की अपील की है, ताकि वे केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ आसानी से प्राप्त कर सकें।
खगड़िया/चौथम संवाददाता: गौतम कुमार चौरसिया बिहार के खगड़िया जिले के चौथम प्रखंड मुख्यालय में सामाजिक सुरक्षा कोषांग की ओर से दिव्यांगजनों को यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड उपलब्ध कराने के उद्देश्य से दो दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन किया गया। स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से आयोजित यह शिविर सोमवार को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक संचालित हुआ, जिसका दूसरा दिन मंगलवार को भी जारी रहा। शिविर में प्रखंड के विभिन्न पंचायतों से पहुंचे दिव्यांगजनों का विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चिकित्सीय जांच के आधार पर पात्र लाभार्थियों का यूडीआईडी कार्ड बनाने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस दौरान दिव्यांगजनों को आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध कराई गई, ताकि उन्हें भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। स्वास्थ्य जांच टीम में ऑर्थो विशेषज्ञ डॉ. आशीष कश्यप, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मोहम्मद अखलाक अख्तर, मनोचिकित्सक डॉ. अमित कुमार तथा दिव्यांग कोषांग के कर्मी सुमित कुमार शामिल रहे। सभी विशेषज्ञों ने दिव्यांगजनों की श्रेणी के अनुसार चिकित्सीय परीक्षण कर आवश्यक प्रमाणन की प्रक्रिया पूरी की। मंगलवार को भी बड़ी संख्या में दिव्यांगजन शिविर में पहुंचे, जहां दर्जनों लाभार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर यूडीआईडी कार्ड निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। शिविर के दौरान चिकित्सकों और कर्मियों ने लाभार्थियों की समस्याओं को सुनते हुए आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। चौथम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि सामाजिक सुरक्षा कोषांग के निर्देशानुसार आयोजित इस दो दिवसीय शिविर का उद्देश्य अधिक से अधिक दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि यूडीआईडी पोर्टल पर लंबित आवेदनों के निष्पादन के लिए भी प्रखंड स्तर पर चिकित्सीय जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है, जिससे आवेदकों को जल्द से जल्द कार्ड उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने बताया कि शिविर के सफल संचालन में चौथम सीएचसी प्रबंधक अमर कुमार सहित स्वास्थ्य विभाग एवं प्रखंड के अन्य कर्मी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं। प्रशासन ने अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजनों से ऐसे शिविरों का लाभ उठाकर यूडीआईडी कार्ड बनवाने की अपील की है, ताकि वे केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ आसानी से प्राप्त कर सकें।
- बिहार के मुंगेर जिले में डकरा नदी में एक 60 वर्षीय वृद्ध के डूबने की घटना सामने आई है। यह हादसा नदी पार करने के दौरान हुआ। SDRF की टीम वृद्ध की खोजबीन में जुट गई है। घटना के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।1
- बिहार के सहरसा जिले के सौर बाजार प्रखंड क्षेत्र में इन दिनों सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में जनवितरण प्रणाली का एक डीलर अनाज की कालाबाजारी करते हुए दिख रहा है। बताया जा रहा है कि यह डीलर रोता खेम पंचायत के जवाहर साह हैं, जो अशोक साह नामक एक व्यापारी को अनाज बेच रहे हैं। इस वायरल वीडियो के बाद स्थानीय प्रशासन की जांच पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। सौर बाजार प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी से इस मामले में संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया, जिससे कई उलझनें पैदा हो गई हैं। जनवितरण प्रणाली के डीलरों द्वारा कम अनाज देने की शिकायतें अक्सर आती रहती हैं, लेकिन प्रशासन द्वारा ठोस कार्रवाई नहीं की जाती, जिससे डीलरों का मनोबल ऊंचा रहता है। कई लोग यह भी शिकायत करते हैं कि कुछ डीलर अंगूठा लगाने के बाद भी अनाज नहीं देते। विभाग द्वारा समय-समय पर जांच की जाए तो काफी हद तक सुधार हो सकता है, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। वायरल वीडियो ने एक बार फिर जनवितरण प्रणाली में सुधार की मांग को जोर पकड़ दिया है। स्थानीय प्रशासन से उम्मीद की जा रही है कि वह इस मामले की गंभीरता से जांच कर उचित कार्रवाई करेगा।1
- बिहार के मुंगेर में श्रावणी मेले की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। रविवार को प्रमंडलीय आयुक्त प्रेम सिंह मीणा, डीआईजी राकेश कुमार, डीएम निखिल धनराज और एसपी सैयद इमरान मसूद ने कमराय स्थित कच्ची कांवरिया पथ का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने कांवरियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए किए गए इंतजामों का जायजा लिया। डीएम निखिल धनराज ने बताया कि कांवरियों की सुविधा के लिए पूरे मार्ग पर सात टेंट सिटी बनाई गई हैं। इन टेंट सिटी में ठहरने, विश्राम और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी। मुंगेर सीमा पर एक गुफानुमा आकर्षक प्रवेश द्वार बनाया गया है और रात में त्रिशूल-डमरू के आकार की विशेष लाइटें लगाई गई हैं। एसपी सैयद इमरान मसूद ने बताया कि 26 किमी लंबे कांवरिया पथ पर 13 पुलिस आउटपोस्ट 24 घंटे तीन शिफ्ट में काम करेंगे। पुलिस मुख्यालय से चार कंपनी अतिरिक्त बल के अलावा अन्य जिलों से भी जवान बुलाए गए हैं। इसके अलावा क्यूआरटी, सीसीटीवी, कंट्रोल रूम, हेड काउंट कैमरे और घुड़सवार दस्ता तैनात रहेगा। यातायात व्यवस्था की निगरानी ट्रैफिक डीएसपी करेंगे।1
- बिहार के मुंगेर जिले के तेतिया बंबर प्रखंड के इटवा गांव में एक 12 वर्षीय बच्ची की रहस्यमय मौत ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। इस घटना ने ग्रामीणों को सदमे में डाल दिया है और अब यह सवाल उठ रहा है कि क्या यह आत्महत्या है या कोई साजिश? बच्ची का शव गांव के ही एक स्थान पर पाया गया। शव की स्थिति और आसपास के हालातों को देखकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ लोग इसे आत्महत्या मान रहे हैं, जबकि अन्य इसे एक सुनियोजित साजिश का नतीजा बता रहे हैं। स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारीयों का कहना है कि वे हर एंगल से जांच करेंगे और जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा। ग्रामीणों में इस घटना को लेकर काफी आक्रोश है और वे मांग कर रहे हैं कि दोषियों को जल्द से जल्द पकड़ा जाए और उन्हें सख्त सजा दी जाए। इस घटना के बाद से गांव में तनाव का माहौल है और लोग डरे हुए हैं।1
- खगड़िया/चौथम संवाददाता: गौतम कुमार चौरसिया बिहार के खगड़िया जिले के चौथम प्रखंड मुख्यालय में सामाजिक सुरक्षा कोषांग की ओर से दिव्यांगजनों को यूनिक डिसएबिलिटी आईडी (यूडीआईडी) कार्ड उपलब्ध कराने के उद्देश्य से दो दिवसीय विशेष शिविर का आयोजन किया गया। स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से आयोजित यह शिविर सोमवार को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक संचालित हुआ, जिसका दूसरा दिन मंगलवार को भी जारी रहा। शिविर में प्रखंड के विभिन्न पंचायतों से पहुंचे दिव्यांगजनों का विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। चिकित्सीय जांच के आधार पर पात्र लाभार्थियों का यूडीआईडी कार्ड बनाने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस दौरान दिव्यांगजनों को आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध कराई गई, ताकि उन्हें भविष्य में सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। स्वास्थ्य जांच टीम में ऑर्थो विशेषज्ञ डॉ. आशीष कश्यप, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मोहम्मद अखलाक अख्तर, मनोचिकित्सक डॉ. अमित कुमार तथा दिव्यांग कोषांग के कर्मी सुमित कुमार शामिल रहे। सभी विशेषज्ञों ने दिव्यांगजनों की श्रेणी के अनुसार चिकित्सीय परीक्षण कर आवश्यक प्रमाणन की प्रक्रिया पूरी की। मंगलवार को भी बड़ी संख्या में दिव्यांगजन शिविर में पहुंचे, जहां दर्जनों लाभार्थियों का स्वास्थ्य परीक्षण कर यूडीआईडी कार्ड निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। शिविर के दौरान चिकित्सकों और कर्मियों ने लाभार्थियों की समस्याओं को सुनते हुए आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। चौथम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि सामाजिक सुरक्षा कोषांग के निर्देशानुसार आयोजित इस दो दिवसीय शिविर का उद्देश्य अधिक से अधिक दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि यूडीआईडी पोर्टल पर लंबित आवेदनों के निष्पादन के लिए भी प्रखंड स्तर पर चिकित्सीय जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है, जिससे आवेदकों को जल्द से जल्द कार्ड उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने बताया कि शिविर के सफल संचालन में चौथम सीएचसी प्रबंधक अमर कुमार सहित स्वास्थ्य विभाग एवं प्रखंड के अन्य कर्मी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं। प्रशासन ने अधिक से अधिक पात्र दिव्यांगजनों से ऐसे शिविरों का लाभ उठाकर यूडीआईडी कार्ड बनवाने की अपील की है, ताकि वे केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ आसानी से प्राप्त कर सकें।1
- बिहार के मुंगेर में गौ हत्या पर रोक लगाने और गाय को राष्ट्रीय माता का दर्जा देने की मांग को लेकर एक पैदल मार्च निकाला गया। इस मार्च में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। मार्च का नेतृत्व स्थानीय सामाजिक संगठनों ने किया। मार्च के दौरान, गाय की सुरक्षा और गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की गई। मार्च में शामिल लोगों ने नारे लगाए और गाय की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की। इस मार्च का उद्देश्य लोगों में जागरूकता फैलाना और सरकार पर दबाव बनाना है कि वह गौ हत्या पर सख्त कानून बनाए।1
- बिहार के भागलपुर में छात्र आंदोलन के दौरान हुई हिंसा और पथराव की घटना के बाद जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। इस मामले को लेकर जिलाधिकारी अलंकृता पांडे और वरीय पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव ने संयुक्त प्रेस वार्ता कर कार्रवाई की जानकारी दी। एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने बताया कि घटना में शामिल 20 लोगों को अब तक डिटेन किया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस वीडियो फुटेज और सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग के आधार पर सभी उपद्रवियों की पहचान कर रही है। जो भी व्यक्ति इस घटना में शामिल पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कानून के सामने सभी बराबर हैं और चाहे कोई कितना भी प्रभावशाली व्यक्ति क्यों न हो, यदि उसकी संलिप्तता सामने आती है तो उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। जिलाधिकारी अलंकृता पांडे ने कहा कि घटना में शामिल असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पथराव और उपद्रव के दौरान सरकारी वाहनों समेत सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया है। ऐसे में नुकसान की भरपाई दोषियों से कराई जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर कुर्की की कार्रवाई भी की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।4