झारखंड की राजधानी रांची के एक निजी अस्पताल, राज हॉस्पिटल, पर एक परिवार ने इलाज के दौरान 17 लाख रुपये की भारी और संदिग्ध बिल की वसूली तथा मरीज की कथित मौत को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। परिवार ने बताया कि इलाज के नाम पर उन्हें ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ा, जिसने उन्हें गहरे दुख और सवालों के बीच छोड़ दिया है। इस मामले में परिवार प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से निष्पक्ष जाँच की पुरज़ोर माँग कर रहा है। उनकी अपील है कि यदि किसी मरीज या उसके परिजनों से अनावश्यक शुल्क लिया गया है, तो पूरी पारदर्शिता के साथ इसकी जाँच होनी चाहिए और दोषियों पर उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। परिवार का मानना है कि स्वास्थ्य सेवा का मूल उद्देश्य लोगों की जान बचाना है, न कि उनकी मजबूरी का अनुचित लाभ उठाना। उन्होंने सभी से इस मामले की निष्पक्ष जाँच की माँग में आवाज़ उठाने का आग्रह किया है, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी पीड़ा का सामना न करना पड़े और उन्हें #न्याय_चाहिए।
झारखंड की राजधानी रांची के एक निजी अस्पताल, राज हॉस्पिटल, पर एक परिवार ने इलाज के दौरान 17 लाख रुपये की भारी और संदिग्ध बिल की वसूली तथा मरीज की कथित मौत को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। परिवार ने बताया कि इलाज के नाम पर उन्हें ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ा, जिसने उन्हें गहरे दुख और सवालों के बीच छोड़ दिया है। इस मामले में परिवार प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से निष्पक्ष जाँच की पुरज़ोर माँग कर रहा है। उनकी अपील है कि यदि किसी मरीज या उसके परिजनों से अनावश्यक शुल्क लिया गया है, तो पूरी पारदर्शिता के साथ इसकी जाँच होनी चाहिए और दोषियों पर उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। परिवार का मानना है कि स्वास्थ्य सेवा का मूल उद्देश्य लोगों की जान बचाना है, न कि उनकी मजबूरी का अनुचित लाभ उठाना। उन्होंने सभी से इस मामले की निष्पक्ष जाँच की माँग में आवाज़ उठाने का आग्रह किया है, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी पीड़ा का सामना न करना पड़े और उन्हें #न्याय_चाहिए।
- झारखंड के चौपारण स्थित सियारकोनी की ओर जाते समय एक बेहद चौंकाने वाला नज़ारा सामने आया। इस दृश्य ने यह गंभीर सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या इसी तरह से पर्यावरण को दूषित किया जा रहा है।1
- झारखंड की राजधानी रांची के एक निजी अस्पताल, राज हॉस्पिटल, पर एक परिवार ने इलाज के दौरान 17 लाख रुपये की भारी और संदिग्ध बिल की वसूली तथा मरीज की कथित मौत को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। परिवार ने बताया कि इलाज के नाम पर उन्हें ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ा, जिसने उन्हें गहरे दुख और सवालों के बीच छोड़ दिया है। इस मामले में परिवार प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से निष्पक्ष जाँच की पुरज़ोर माँग कर रहा है। उनकी अपील है कि यदि किसी मरीज या उसके परिजनों से अनावश्यक शुल्क लिया गया है, तो पूरी पारदर्शिता के साथ इसकी जाँच होनी चाहिए और दोषियों पर उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। परिवार का मानना है कि स्वास्थ्य सेवा का मूल उद्देश्य लोगों की जान बचाना है, न कि उनकी मजबूरी का अनुचित लाभ उठाना। उन्होंने सभी से इस मामले की निष्पक्ष जाँच की माँग में आवाज़ उठाने का आग्रह किया है, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी पीड़ा का सामना न करना पड़े और उन्हें #न्याय_चाहिए।1
- राँची के राज हॉस्पिटल में इलाज संबंधी एक मौजूदा विवाद के बीच, मीडिया के प्रवेश को लेकर एक नया घटनाक्रम सामने आया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि जब वे मीडिया कर्मियों के साथ अस्पताल के अंदर जाने का प्रयास कर रहे थे, तब सुरक्षा कर्मियों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया। मौके पर मौजूद मीडिया कर्मियों के साथ भी कथित तौर पर बदसलूकी किए जाने का आरोप लगाया गया है। यह घटनाक्रम घटनास्थल की स्थिति और संबंधित पक्षों द्वारा लगाए गए आरोपों पर आधारित है। जारी जानकारी में यह भी बताया गया है कि अस्पताल प्रबंधन या सुरक्षा एजेंसी का आधिकारिक पक्ष उपलब्ध होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा। इसका उद्देश्य जनहित में निष्पक्ष और तथ्यात्मक जानकारी साझा करना है।1
- रांची पुलिस ने एक प्रेम प्रसंग में हत्या की साजिश का पर्दाफाश करते हुए त्वरित कार्रवाई की है। माण्डर थाना क्षेत्र में हुई बम फेंकने की घटना, जिसे सुतरी बम कांड के नाम से भी जाना जाता है, का उद्भेदन मात्र छह घंटे के भीतर कर लिया गया। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित कुल चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जिससे पूरी साजिश का खुलासा हो सका।1
- बुढ़मू थाना परिसर में बुधवार, 1 जुलाई को वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर थाना प्रभारी नवीन शर्मा के नेतृत्व में एक जन शिकायत कोषांग का आयोजन किया गया। इस कोषांग का मुख्य उद्देश्य आम जनता की सुविधा सुनिश्चित करना और उनकी विभिन्न समस्याओं का समाधान उपलब्ध कराना था। इस दौरान, आम लोगों ने अपनी शिकायतें थाना प्रभारी नवीन शर्मा के समक्ष प्रस्तुत कीं, जिनका तत्काल और प्रभावी ढंग से निपटारा किया गया। थाना प्रभारी नवीन शर्मा ने घोषणा की कि इस प्रकार के जन शिकायत समाधान कार्यक्रम भविष्य में भी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में समय-समय पर आयोजित किए जाएंगे। इन आयोजनों की जानकारी जनता तक न्यूज़ और सोशल मीडिया सहित विभिन्न माध्यमों से पहले ही पहुंचाई जाएगी। उन्होंने जनता से इन कार्यक्रमों में आकर अपने आवेदन देने का आग्रह किया, यह सुनिश्चित करते हुए कि सभी आवेदनों का समाधान तत्काल किया जाएगा। शर्मा ने जोर देकर कहा कि 'आपकी समस्या हमारी प्राथमिकता है' और आश्वस्त किया कि शिकायतों को न केवल ध्यानपूर्वक सुना जाएगा, बल्कि उनकी त्वरित और निष्पक्ष जांच कर समयबद्ध तरीके से समस्याओं का समाधान भी किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, कानून व्यवस्था और सुरक्षा से संबंधित सुझाव भी आमंत्रित किए गए हैं। जनता अपनी शिकायतें दर्ज कराने के लिए कई विकल्पों का उपयोग कर सकती है। वे सीधे थाना परिसर में आकर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकते हैं, या फिर फोन कॉल एवं व्हाट्सप्प नंबर 9431706190 के माध्यम से भी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा, थाना परिसर में स्थापित शिकायत पेटीका में आवेदन डालकर भी शिकायत दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध है।1
- पीएम किसान योजना की किस्त के भुगतान के लिए एक बेहद अनोखा EKYC किया गया है। जानकारी के अनुसार, इस प्रक्रिया में पहले जो तस्वीर इस्तेमाल की गई थी, वह कुछ और थी, लेकिन जब सत्यापन का समय आया तो तस्वीर पूरी तरह से बदल गई और कुछ और ही सामने आई। इस मामले में ऐसा 'जुगाड़' लगाया गया कि जिसने भी इसके बारे में सुना, वह हैरान रह गया।1
- झारखंड में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने एक शक्ति प्रदर्शन का आयोजन किया, जिसमें पार्टी के कई मंत्री, विधायक और सांसद शामिल हुए। यह आयोजन रांची के पतरातू डैम/पतरातू घाटी क्षेत्र में हुआ, और इसमें संजय यादव तथा जयप्रकाश नारायण यादव जैसे प्रमुख नेता उपस्थित रहे। इस दौरान, राजद नेताओं ने मौजूदा सरकार और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर जमकर निशाना साधा।1
- सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में झारखंड के खनिज संसाधनों और रोजगार के अवसरों के उपयोग को लेकर सवाल उठाया गया है। पोस्ट में सीधा सवाल किया गया है कि आखिर क्यों झारखंड के खनिज और संबंधित रोजगार के अवसर गुजरात में जा रहे हैं। यह पोस्ट इस स्थिति के पीछे के कारणों पर स्पष्टीकरण की मांग कर रही है।1