मुख्य मार्ग पर जलभराव से राहगीर बेहाल, हल्की बारिश में ही डूब जाती है अयाना रोड औरैया। स्टेट हाईवे से अयाना कस्बे को जोड़ने वाले प्रमुख डामर मार्ग पर जलभराव की समस्या लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गई है। हल्की बारिश होते ही सड़क पर पानी भर जाता है, जिससे राहगीरों को घुटनों तक पानी में होकर आवागमन करना पड़ रहा है। सड़क पर जलभराव के कारण वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि इस मार्ग पर वर्षों से जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं है। बारिश का पानी सड़क पर जमा हो जाता है और कई-कई घंटों तक निकासी नहीं हो पाती। इसके चलते दुकानों के सामने भी पानी भर जाता है, जिससे व्यापार प्रभावित होता है और ग्राहकों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। दुकानदारों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं कराया गया। यह सड़क अयाना क्षेत्र की जीवनरेखा मानी जाती है। इसी मार्ग से धनुऊपर, कोतेपुर, कैसीपुर, भोतापुर सहित दर्जनों गांवों के लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। इसके अलावा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अयाना, थाना अयाना तथा अन्य सरकारी कार्यालयों तक पहुंचने के लिए भी यही सबसे सुगम और प्रमुख मार्ग है। जलभराव के कारण मरीजों, स्कूली बच्चों, कर्मचारियों और ग्रामीणों को रोजाना कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क पर जलनिकासी की प्रभावी व्यवस्था कराई जाए और नालियों की सफाई कराकर बरसात के पानी की निकासी सुनिश्चित की जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया तो बरसात के दौरान किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों ने शीघ्र कार्रवाई कर इस महत्वपूर्ण मार्ग को जलभराव से मुक्त कराने की मांग उठाई है।
मुख्य मार्ग पर जलभराव से राहगीर बेहाल, हल्की बारिश में ही डूब जाती है अयाना रोड औरैया। स्टेट हाईवे से अयाना कस्बे को जोड़ने वाले प्रमुख डामर मार्ग पर जलभराव की समस्या लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गई है। हल्की बारिश होते ही सड़क पर पानी भर जाता है, जिससे राहगीरों को घुटनों तक पानी में होकर आवागमन करना पड़ रहा है। सड़क पर जलभराव के कारण वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि इस मार्ग पर वर्षों से जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं है। बारिश का पानी सड़क पर जमा हो जाता है और कई-कई घंटों तक निकासी नहीं हो पाती। इसके चलते दुकानों के सामने भी पानी भर जाता है, जिससे व्यापार प्रभावित होता है और ग्राहकों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। दुकानदारों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं कराया गया। यह सड़क अयाना क्षेत्र की जीवनरेखा मानी जाती है। इसी मार्ग से धनुऊपर, कोतेपुर, कैसीपुर, भोतापुर सहित दर्जनों गांवों के लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। इसके अलावा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अयाना, थाना अयाना तथा अन्य सरकारी कार्यालयों तक पहुंचने के लिए भी यही सबसे सुगम और प्रमुख मार्ग है। जलभराव के कारण मरीजों, स्कूली बच्चों, कर्मचारियों और ग्रामीणों को रोजाना कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क पर जलनिकासी की प्रभावी व्यवस्था कराई जाए और नालियों की सफाई कराकर बरसात के पानी की निकासी सुनिश्चित की जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया तो बरसात के दौरान किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों ने शीघ्र कार्रवाई कर इस महत्वपूर्ण मार्ग को जलभराव से मुक्त कराने की मांग उठाई है।
- मुख्य मार्ग पर जलभराव से राहगीर बेहाल, हल्की बारिश में ही डूब जाती है अयाना रोड औरैया। स्टेट हाईवे से अयाना कस्बे को जोड़ने वाले प्रमुख डामर मार्ग पर जलभराव की समस्या लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गई है। हल्की बारिश होते ही सड़क पर पानी भर जाता है, जिससे राहगीरों को घुटनों तक पानी में होकर आवागमन करना पड़ रहा है। सड़क पर जलभराव के कारण वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि इस मार्ग पर वर्षों से जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं है। बारिश का पानी सड़क पर जमा हो जाता है और कई-कई घंटों तक निकासी नहीं हो पाती। इसके चलते दुकानों के सामने भी पानी भर जाता है, जिससे व्यापार प्रभावित होता है और ग्राहकों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। दुकानदारों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान अब तक नहीं कराया गया। यह सड़क अयाना क्षेत्र की जीवनरेखा मानी जाती है। इसी मार्ग से धनुऊपर, कोतेपुर, कैसीपुर, भोतापुर सहित दर्जनों गांवों के लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। इसके अलावा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अयाना, थाना अयाना तथा अन्य सरकारी कार्यालयों तक पहुंचने के लिए भी यही सबसे सुगम और प्रमुख मार्ग है। जलभराव के कारण मरीजों, स्कूली बच्चों, कर्मचारियों और ग्रामीणों को रोजाना कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क पर जलनिकासी की प्रभावी व्यवस्था कराई जाए और नालियों की सफाई कराकर बरसात के पानी की निकासी सुनिश्चित की जाए। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया तो बरसात के दौरान किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों ने शीघ्र कार्रवाई कर इस महत्वपूर्ण मार्ग को जलभराव से मुक्त कराने की मांग उठाई है।1
- यमुना तट मार्ग पर स्थित क्षतिग्रस्त पिंडदान स्थल का हो रहा हैं जीणोंद्धार यमुना तट मार्ग पर स्थित क्षतिग्रस्त पिंडदान स्थल का हो रहा हैं जीणोंद्धार पिंडदान चौकी पर लगा ग्रेनाइट पत्थर *पिंडदान स्थल का फर्श हुआ गड्ढा मुक्त समाजसेवी संगठन एक विचित्र पहल सेवा समिति, औरैया द्वारा आज दिनांक 4 अगस्त 2026 दिन मंगलवार को यमुना तट मार्ग पर स्थित क्षतिग्रस्त पिंडदान स्थल पर जीणोंद्धार प्रारंभ हो गया हैं जिसके अंतर्गत दिवंगत व्यक्ति हेतु पिंडदान चौकी पर ग्रेनाइट पत्थर लगाया गया हैं, तथा परिसर का फर्श भी दोबारा बनाया गया है जिससे दिवंगत व्यक्ति की पिंडदान क्रिया करने में परिवारीजनों को सहूलियत मिलेगी। समिति संस्था के अध्यक्ष राजीव पोरवाल रानू ने बताया कि पिंडदान स्थल काफी क्षतिग्रस्त हो गया था, समिति के संस्थापक आनन्द नाथ गुप्ता एडवोकेट ने बताया कि पिंडदान स्थल के आसपास कई गड्ढे हो गए थे, जिससे अप्रिय घटना होने की संभावना थी, व दिवंगत व्यक्ति के पार्थिव शरीर को रखने वाली चौकी भी क्षतिग्रस्त हो गयी थी, जनहित व अति आवश्यक सेवा को दृष्टिगत रखते हुए समिति द्वारा पिंडदान स्थल पर जीणोंद्धार कराया गया, जिससे अंत्येष्टि में गए हुए लोगों को पिंडदान स्थल पर दिवंगत व्यक्ति की पिंडदान क्रिया करने में सुविधा मिलेगी। पर्यावरण प्रहरी मनीष पुरवार (हीरु) ने बताया कि 10 दिन पूर्व पिंडदान स्थल पर छाया हेतु ट्री गार्ड सहित छायादार पौधों का पौधारोपण किया गया था, जिससे अंत्येष्टि में गए हुए लोगों को ग्रीष्म ऋतु की कड़ी धूप में पेड़ों की छाया से काफी राहत मिलेगी, पौधों की उनकी सुरक्षा व देखरेख समिति के सदस्यों द्वारा प्रतिदिन की जा रही हैं, संस्थापक ने बताया कि प्रतिदिन शहर व ग्रामीण क्षेत्रों के लगभग 10 दिवंगत लोगों की आत्मा की शांति हेतु पिंडदान स्थल पर पिंडदान क्रिया की जाती हैं, जबकि दिवंगत व्यक्तियों के साथ पिंडदान स्थल पर प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता हैं। उन्होंने बताया कि *"देखी जमाने की यारी, सबको जाना वारी-वारी"* जीणोंद्धार कार्यक्रम में समाजसेवी देवी दास अग्रवाल,पर्यावरण प्रहरी मनीष पुरवार (हीरु) डॉ. शिवकुमार सोनी, विनोद कुमार पोरवाल, अनिल कुमार सोनी, सचिन कुमार पोरवाल, संजय अग्रवाल, बैंक से सेवानिवृत तेज बहादुर वर्मा, राकेश गुप्ता, संतोष कुशवाहा, अध्यक्ष राजीव पोरवाल (रानू), संस्थापक आनन्द नाथ गुप्ता एडवोकेट, आदि लोगों का सराहनीय योगदान रहा।3
- आश्रम में बछिया के साथ आपत्तिजनक हरकत का आरोप, महंत की शिकायत से मचा हड़कंप पुलिस ने मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को शांतिभंग में भेजा, गंभीर आरोपों की जांच शुरू औरैया। अयाना थाना क्षेत्र के कुआगांव स्थित सिद्ध शनि आश्रम में एक युवक पर बछिया के साथ कथित रूप से आपत्तिजनक हरकत करने का आरोप लगने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीणों की भीड़ आश्रम पहुंच गई और लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त हो गया। पुलिस ने महंत की तहरीर के आधार पर मारपीट का मुकदमा दर्ज करते हुए आरोपी का शांतिभंग की आशंका में चालान कर दिया है। वहीं गोवंश के साथ कुकर्म के लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है। आश्रम के महंत दिग्विजय गिरी ने बताया कि वह पिछले करीब दस वर्षों से सिद्ध शनि आश्रम में रह रहे हैं। आश्रम में एक गाय और दो बछियों की देखभाल भी वह स्वयं करते हैं। उनके अनुसार रविवार को तिवरलालपुर निवासी रामकेबल तिवारी आश्रम पहुंचा और गोवंशों को चराने के लिए ले जाने की बात कही। महंत ने उसकी बात स्वीकार नहीं की। महंत का आरोप है कि कुछ देर बाद जब वह गोवंशों को देखने पहुंचे तो एक बछिया वहां नहीं मिली। तलाश करने पर उन्होंने आरोपी को बछिया के साथ आपत्तिजनक अवस्था में देखा। महंत का कहना है कि विरोध करने पर आरोपी ने उनके साथ मारपीट की। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा फैल गई और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी गई। सोमवार को महंत ने अयाना थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ तहरीर दी। थाना प्रभारी जयप्रकाश पाल ने बताया कि महंत की ओर से मारपीट की तहरीर दी गई थी, जिसके आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी रामकेबल तिवारी का शांतिभंग की आशंका में चालान कर एडीएम न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस का कहना है कि गोवंश के साथ कुकर्म के आरोप अत्यंत गंभीर हैं। इन आरोपों की जांच की जा रही है। जांच के दौरान यदि आरोपों की पुष्टि होती है और साक्ष्य मिलते हैं तो नियमानुसार संबंधित धाराओं में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि मामले के प्रत्येक पहलू की निष्पक्ष जांच की जा रही है।4
- औरैया,थाना सहायल पुलिस टीम द्वारा 02 नफर अंतर्जनपदीय मोटर साइकिल चोरों को 05 अदद मोटर साइकिल सहित किया गया गिरफ्तार औरैया जिले में,कार्यवाही, अपर पुलिस महानिदेशक कानपुर जोन, कानपुर व पुलिस उपमहानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र, कानपुर द्वारा अपराध एवं अपराधियो पर नियंत्रण हेतु चलाये जा रहे अभियान के क्रम में पुलिस अधीक्षक औरैया के निर्देशन में व अपर पुलिस अधीक्षक औरैया व क्षेत्राधिकारी नगर के कुशल पर्यवेक्षण में थाना सहायल पुलिस टीम द्वारा 02 नफर अंतर्जनपदीय मोटर साइकिल चोरों 1.प्रान्सू पुत्र अमरेश सिंह 2.लालू पुत्र अमर सिंह को चोरी की हुई 05 अदद मोटर साइकिल सहित किया गया गिरफ्तार । घटना का संक्षिप्त विवरण- थाना सहायल पुलिस टीम संदिग्ध व्यक्ति/वाहन चेकिंग के दौरान थाना क्षेत्रान्तर्गत मामूर होकर ग्राम थुलपिया चौराहा पर चेकिंग कर रहे थे । तभी मुखबिर द्वारा सूचना दी गयी कि 02 व्यक्ति चोरी की मोटरसाइकिल लेकर ग्राम भैंसोडी से इधर आ रहे है । प्राप्त सूचना पर थाना सहायल पुलिस टीम द्वारा 02 अलग-अलग मोटर साइकिल पर सवार व्यक्तियों को घेरघार कर पकड लिया । तथा मोटरसाइकिलों को चेक किया गया तो मोटर साइकिल चोरी की होना पता चला । व्यक्तियों से कडाई से पूछताछ की गयी तो उन्होने 03 अन्य मोटरसाइकिल की चोरी करने के सम्बन्ध में बताया जिन्हें उन्होने ग्राम भेंसोडी में छिपा रखा था । जिन्हे अभियुक्तगण की निशानदेही पर बरामद किया गया । पूछताछ एवं बरामदगी के आधार पर थाना सहायल पर अभियोग पंजीकृत कर अन्य विधिक कार्यवाही प्रचलित है । नोट- अभियुक्तगण से बरामद मोटर साइकिल UP83BB8655 के सम्बन्ध में थाना जसराना जनपद फिरोजाबाद में मु0अ0सं0-273/2026 धारा 303(2) बीएनएस व मोटर साइकिल UP80GQ1944 के सम्बन्ध में थाना एत्मादपुर जनपद आगरा में अभियोग मु0अ0सं0 452/24 धारा 303(2) बीएनएस तथा मोटर साइकिल UP82AU0982 के सम्बन्ध में थाना कोतवाली नगर जनपद एटा पर अभियोग मु0अ0सं0 71/26 धारा 303(2) बीएनएस पंजीकृत है तथा शेष 02 मोटर साइकिलों के सम्बन्ध में जानकारी की जा रही है । पूछताछ का विवरण- अभियुक्तगण द्वारा बताया गया कि वे विभिन्न जगहों से मोटर साइकिलें चोरी करते थे । तथा मोटर साइकिलों की पहचान छिपाने के लिये उनकी नम्बर प्लेट हटा देते थे या फर्जी नम्बर प्लेट लगा देते थे । जिन्हे वे सस्ते दामों पर बेचकर पैसा कमाते थे । गिरफ्तार अभियुक्तगण विवरण- 1.प्रान्सू पुत्र अमरेश सिंह निवासी ग्राम भैंसोडी थाना सहायल जनपद औरैया । 2.लालू पुत्र अमर सिंह कुशवाह निवासी ग्राम भैंसोडी थाना सहायल जनपद औरैया । *अनावरित अभियोग-* 1.मु0अ0सं0 273/2026 धारा 303(2) बीएनएस थाना जसराना जनपद फिरोजाबाद 2.मु0अ0सं0 452/24 धारा 303(2) बीएनएस थाना एत्मादपुर जनपद आगरा 3.मु0अ0सं0 71/26 धारा 303(2) बीएनएस थाना कोतवाली नगर जनपद एटा *पंजीकृत अभियोग-* 1.मु0अ0सं0 122/26 धारा 317(2)/336(2) बीएनएस थाना सहायल जनपद औरैया । *आपराधिक इतिहास-* आपराधिक इतिहास की जानकारी की जा रही है । *बरामदगी-* 05 अदद मोटर साइकिल *गिरफ्तारी करने वाली टीम-* 1.थाना प्रभारी श्री रमेश सिंह थाना सहायल मय हमराह । 2.उ0नि0 शकील अहमद थाना सहायल जनपद औरैया मय हमराह ।1